एक्सप्लोरर

ऑल ऑथर्स

अंकुर अग्निहोत्री (Ankur Agnihotri) Astrology & Religion Content Writer अंकुर अग्निहोत्री ABP Live के Astro & Religion सेक्शन से जुड़े डिजिटल पत्रकार हैं, जो दैनिक राशिफल, व्रत-त्योहार, ग्रह-गोचर और ज्योतिषीय विषयों पर सरल, तथ्य-आधारित और उपयोगी लेखन करते हैं. उनका कंटेंट विशेष रूप से उन पाठकों के लिए तैयार होता है जो ज्योतिष और धर्म को आसान भाषा में समझना चाहते हैं. अंकुर पिछले 2+ वर्षों से ABP Live (abplive.com) में सक्रिय रूप से कार्यरत हैं और ज्योतिष, अंक शास्त्र, वास्तु शास्त्र, शकुन अपशकुन शास्त्र, हस्तरेखा, स्वप्न शास्त्र, चाइनीच ज्योतिष आदि पर आर्टिकल्स प्रकाशित करते हैं. उनका काम हाई-फ्रीक्वेंसी कंटेंट प्रोडक्शन, ट्रेंड-आधारित स्टोरी चयन और यूजर-इंटेंट आधारित लेखन पर केंद्रित है, जिससे उनके लेख लगातार अच्छा डिजिटल एंगेजमेंट प्राप्त करते हैं. इसके अतिरिक्त अंकुर अग्निहोत्री निम्नलिखित विषयों पर भी लेखन करते हैं: दैनिक और साप्ताहिक राशिफल ग्रह-गोचर और ज्योतिषीय प्रभाव व्रत-त्योहार और धार्मिक तिथियां वे अपने लेखों में जानकारी प्रस्तुत करते समय, पंचांग आधारित तिथि, नक्षत्र और योग का संदर्भ लेते हैं. सामान्य ज्योतिषीय सिद्धांतों (ग्रह-स्थिति, गोचर प्रभाव) का उपयोग करते हैं और पारंपरिक धार्मिक मान्यताओं और प्रचलित स्रोतों के आधार पर जानकारी देते हैं. अंकुर ABP Live जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म के साथ जुड़े हैं और Astro सेक्शन में नियमित रूप से कंटेंट प्रकाशित करते हैं. उनके लेख धार्मिक मान्यताओं, पारंपरिक ज्योतिषीय सिद्धांतों और सामान्य स्रोतों पर आधारित होते हैं. वे किसी भी प्रकार के निश्चित या गारंटीड परिणाम का दावा नहीं करते और पाठकों को जानकारी को मार्गदर्शन के रूप में लेने की सलाह देते हैं. इन्होने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से पत्रकारिता की पढ़ाई की है. अंकुर का फोकस ज्योतिष और धर्म को सरल, व्यावहारिक और समझने योग्य रूप में प्रस्तुत करना है, ताकि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर यह जानकारी हर वर्ग के पाठकों तक पहुंच सके. Personal Interests की बात करें तो अंकुर को अंक शास्त्र, वैदिक ज्योतिष, वास्तु और स्वप्न शास्त्र में रुचि. साथ ही साहित्य और फिल्में देखने का शौक है.
अखिलेश आनंद टीवी न्यूज़ इंडस्ट्री से पिछले लगभग दो दशक से जुड़े हैं. वर्तमान में वो एबीपी न्यूज़ के सीनियर एंकर हैं. अखिलेश एबीपी न्यूज पर रात 8 बजे प्रसारित होने वाले शो द इनसाइड स्टोरी के होस्ट हैं साथ ही वो रात 10 बजे टेलीकास्ट होने वाले बेहद मशहूर शो घंटी बजाओ की भी एंकरिंग करते हैं. अखिलेश आनंद राजनीतिक खबरों की ग्राउंड जीरो से रिपोर्टिंग में माहिर हैं. वो एबीपी न्यूज के फ्लैगशिप शो कौन बनेगा मुख्यमंत्री से लेकर कौन बनेगा प्रधानमंत्री शो के दर्जनों शो होस्ट कर चुके हैं. अखिलेश आउटलुक मैगजीन समेत नवभारत टाईम्स हिंदुस्तान और दैनिक जागरण के लिए स्वतंत्र लेखन कर चुके हैं. अखिलेश आनंद ने दिल्ली यूनिवर्सिटी के बेहद प्रतिष्ठित कॉलेज हिंदू कॉलेज से ग्रेजुएशन किया है और वो मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट हैं. अखिलेश को साल 2022 का इंडियन टेलीविजन एकेडमी अवॉर्ड मिल चुका है और कहानी लेखन के लिए दिल्ली हिंदी अकादमी भी उन्हें पुरस्कृत कर चुका है.

अजय बाचलू संवाददाता, एबीपी न्यूज़

सक्रिय पत्रकारिता में अजीत कुमार लगभग 10 वर्षों से कार्यरत हैं. वर्ष 2016 में दैनिक जागरण समाचार-पत्र से इन्होंने ट्रेनी सब-एडिटर के रूप में अपनी पारी की शुरुआत पटना से की. देश के कई बड़े मीडिया संस्थानों में इन्होंने अपनी सेवाएं दी हैं, जिनमें दैनिक जागरण, ईटीवी भारत, दैनिक भास्कर आदि शामिल हैं.वर्तमान में इनका कार्यक्षेत्र बिहार है और ये एबीपी लाइव में 'चीफ कॉपी एडिटर' के पद पर कार्यरत हैं. एबीपी डिजिटल के बिहार सेक्शन को लीड करते हैं. बिहार की खबरों पर इनकी पैनी नजर रहती है चाहे वह राजनीतिक घटनाक्रम से जुड़ी हुई खबरें हों या फिर अपराध या अन्य सामाजिक सरोकार की. खबरों को एंगल देने में और हेडिंग बनाने में महारथ हासिल है.सही समय पर निष्पक्ष रूप से कई समाचार इनके प्रकाशित हो चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव स्टोरीज भी शामिल हैं. पत्रकारिता में इन्होंने स्नातक के साथ परास्नातक तक की पढ़ाई की है. इनसे ajeetk@abpnetwork.com पर संपर्क किया जा सकता है.
अणिमा शुक्ला | डिजिटल पत्रकार (इंटर्न), ABP Live धर्म-एस्ट्रो सेक्शन अणिमा शुक्ला एक उभरती हुई डिजिटल पत्रकार और वीडियो स्टोरीटेलर हैं, जो वर्तमान में ABP Live के धर्म और एस्ट्रो सेक्शन में इंटर्न के रूप में कार्यरत हैं. उन्होंने AAFT, नोएडा से BAJMC और AIMC, दिल्ली से TV & Radio Journalism (TVRJ) में पत्रकारिता की शिक्षा प्राप्त की है, जिसने उनके कंटेंट को व्यावहारिक, तकनीकी रूप से मजबूत और ऑडियंस-फोकस्ड बनाया है. अणिमा की विशेष रुचि अंक शास्त्र (Numerology), वास्तु शास्त्र, वैदिक ज्योतिष और हस्तरेखा विज्ञान (Palmistry) जैसे विषयों में है. वे इन पारंपरिक ज्ञान प्रणालियों को सरल और स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करती हैं, ताकि डिजिटल ऑडियंस, खासतौर पर Gen-Z, उन्हें आसानी से समझ सके और अपने जीवन में लागू कर सके. एक वीडियो स्टोरीटेलर के रूप में, अणिमा जटिल विषयों को विजुअल फॉर्मेट (short videos, reels, explainers) के माध्यम से आकर्षक और समझने योग्य बनाती हैं. उनका फोकस सिर्फ जानकारी देना नहीं, बल्कि उसे जिम्मेदारी और स्पष्टता के साथ प्रस्तुत करना है, ताकि दर्शकों को भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट मिल सके. ABP Live के साथ अपने कार्यकाल के दौरान, वे लगातार अपने कंटेंट को Google Discover-friendly, audience-centric और credibility-driven बनाने पर काम कर रही हैं, जिससे पारंपरिक विषयों को आधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया जा सके.
अदिति अरोरा लोकप्रिय टीवी न्यूज़ शो सास, बहु और साज़िश की एंकर हैं. अदिति अरोरा के पास 22 वर्षो से अधिक का टीवी न्यूज़ रिपोर्टिंग और एंकरिंग का अनुभव है. वे पिछले करीब 19 वर्षो से टीवी मनोरंजन की दुनिया की ख़बरो से दर्शकों को बेहद दिलचस्प अंदाज़ से रू-ब-रू करा रही हैं. अदिति अरोरा ने दिल्ली के प्रतिष्ठित जीज़ेस एंड मेरी कॉलेज से अंग्रेज़ी में ग्रेजुएशन किया. फिर मुंबई के सोफाया कॉलेज से अदिति ने पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा किया और हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय से एम. ए. की डिग्री हासिल की. अदिति ने आज तक न्यूज़ चैनल से अपने करियर की शरूआत की. सुबह आजतक, मेट्रो आजतक, सिनेमा आज तक की एकंरिग और ऑस्कर फिल्म फैस्टिवेल, कान फिल्म फैस्टिवेल, आईफा की न केवल रिपोर्टिंग और एंकरिंग की. आज तक के बाद 2002 में अदिति ने स्टार न्यूज़ में बतौर एंकर काम शुरू किया और स्टार सवेरा, सिटी सिक्सटी, मेरा गांव, मेरा देश और सास, बहु और साज़िश की एंकरिंग शुरु की. सास, बहु और साज़िश को अदिति और एबीपी न्यूज़ की टीम ने 19 वर्षो से लगातार सबसे लोकप्रिय शो के रूप में पहचान दिलाई. अदिति अरोरा एक सफल भरतनाट्यम और ओडीसी नृत्यांगना भी हैं.। 14 वर्ष की अल्पायु में अदिति ने अरंगेतरम (मंच प्रवेश) किया और अब भारत की इस कला को भावी पीढ़ियों तक ले जाने के यज्ञ में भाग ले रही हैं. अदिति इस समय एबीपी न्यूज़ में बतौर एडिटर टीवी एंटरटेनमेंट काम कर रहीं है. अदिति को बेस्ट एंकर (हिंदी) के लिए एनटी अवार्ड से सम्मानित किया गया है.            
अब्दुल वाहिद आज़ाद अब्दुल वाहिद आज़ाद इस वक़्त abp न्यूज़ में बतौर एडिटर (एबीपी लाइव- हिंदी) अपनी सेवाएं दे रहे हैं. आज़ाद abp न्यूज़ के डिजिटल विंग में बीते 15 साल से हिंदी वेबसाइट की जिम्मेदारी संभाले रहे हैं. इससे पहले वे बीबीसी उर्दू और हिंदी में अपनी सेवाएं दे चुके हैं और साढ़े तीन साल तक उनका जुड़ाव बीबीसी से रहा. इस दौरान उन्होंने रिपोर्टिंग से लेकर खबरों के संपादन के काम को बखू़बी अंजाम दिया. अब्दुल वाहिद आज़ाद ने अपनी पत्रकारिता की शुरुआत हिंदुस्तान एक्सप्रेस अखबार में बतौर कॉरेस्पोंडेंट की. पांच महीने की इस छोटी सी पारी में उन्हें बीजेपी और कांग्रेस पार्टी की बीट दी गई थी. बाजापता तौर पर पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्होंने जामिया मिल्लिया इस्लामिया (केंद्रीय विश्वविद्यालय) के हिंदी विभाग से मास मीडिया में स्नातक और देश के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान MCRC से कनवर्जेंट जर्नलिज्म का कोर्स किया. आज़ाद राजनीति, चुनाव, समाज, मुस्लिम, भेदभाव, उत्पीड़न जैसे संजीदा मसलों के हल में रुचि रखते हैं और इन मुद्दों पर लगातार लिखते रहते हैं. अंतरराष्ट्रीय राजनीति और कूटनीति पर भी उनकी पैनी नज़र है.
अभिषेक कुमार वर्तमान में ABP न्यूज़ में चीफ कॉपी एडिटर के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अभिषेक यहां चैनल के डिजिटल विंग में काम कर रहे हैं. इन्होंने अपनी पत्रकारिता की शुरूआत आजतक न्यूज़ चैनल से बतौर इंटर्न की. इसके बाद इंडिया न्यूज़ में कार्यरत हुए और बीते करीब 9 सालों से एबीपी न्यूज़ को अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अभिषेक यहां बिजनेस सेक्शन की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. कई राज्यों के चुनाव, लोकसभा चुनाव और केंद्रीय बजट के दौरान अलग-अलग सीरीज में खबरें लिखते रहे हैं. अभिषेक ने अपनी पत्रकारिता की पढ़ाई दिल्ली के भारतीय जन संचार संस्थान (IIMC) से की है. यहां अभिषेक ने टीवी और रेडियो पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है. अभिषेक राजनीति, चुनाव, समाज, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और अर्थव्यवस्था जैसे मुद्दों पर लगातार लिखते रहे हैं. अपनी प्रोफेशनल लाइफ से इतर अभिषेक ट्रैवल और स्ट्रीट फोटोग्राफी का शोक भी रखते हैं.
अमित भाटिया 15 साल से भी ज्यादा वक्त से मीडिया में काम कर रहे हैं. एबीपी न्यूज डिजिटल में एंटरटेनमेंट वीडियो को लीड करते हैं. बॉलीवुड के बड़े सितारों के साथ इंटरव्यू करते हैं. साथ ही फिल्मों के रिव्यू भी देते हैं. इनका शो बॉलीवुड किस्से भी काफी पॉपुलर है. टीवी में भी इनका एंटरटेनमेंट और प्रोग्रामिंग के शोज में लंबा अनुभव रहा है. दिल्ली यूनिवर्सिटी के किरोड़ीमल कॉलेज से पढ़ाई करने के बाद भारतीय विद्या भवन से जर्नलिज्म का कोर्स किया. साल 2007 में उन्होंने स्टार न्यूज से करियर की शुरुआत की थी. करीब 3 साल टीवी टुडे नेटवर्क में भी काम कर चुके हैं. पढ़ने और घूमने के शौकीन हैं. नए लोगों से मिलना जुलना, नई नई जगहें देखना पसंद है. सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव हैं. अपनी पोस्ट्स और वीडियो के जरिए लोगों से जुड़े रहते हैं.

अमित भाटिया Editor, Entertainment LIVE

अवधेश कुमार मिश्र की पत्रकारिता 2009 में पोस्ट प्रोडक्शन एसिस्टेंट के तौर पर दूरदर्शन से शुरू हुई. जनवरी 2010 से साधना न्यूज़ में रिपोर्टर के तौर पर अवधेश ने मेनस्ट्रीम न्यूज़ मीडिया में एंट्री ली करियर के नए पायदान पर पहुंचने लगे. रिपोर्टिंग और स्टिंग ऑपरेशन्स के बाद अवधेश मिश्रा ने साधना न्यूज़ उत्तर प्रदेश उत्तराखण्ड में एंकरिंग शुरु की. साधना न्यूज़ के बाद न्यूज़ 24 और ज़ी मीडिया में अवधेश ने कार्य किया. जी मध्यप्रदेश छत्तीसगढ और जी उत्तर प्रदेश उत्तराखण्ड में अवधेश ने अपने 7 साल के दौर में हर विधा पर काम किया. एंकरिंग के साथ ही साथ अवधेश की रिपोर्टिंग सराही भी गई और कई बार चर्चा का विषय बनी. बीते 5 साल से अवधेश एबीपी नेटवर्क में एंकर कम प्रोड्यूसर के तौर पर कार्यरत हैं. Abp गंगा में 'उत्तर मांगे प्रदेश ' नाम का टॉप रेटिंग डिबेट शो किया। बीते 2 वर्ष से अवधेश ABP News में एंकरिंग और रिपोर्टिंग कर रहें हैं. 2010 के बाद से अवधेश ने सभी महाकुम्भ कवर किये हैं. अवधेश कुमार मिश्र संस्कृत और मॉस कम्युनिकेश से एम.ए किया है साथ ही साथ वो बीएड और एमएड के भी डिग्रीधारक हैं. अवधेश मूल रूप से प्रयागराज के रहने वाले हैं.

आचार्य पवन त्रिपाठी कोषाध्यक्ष , श्री सिद्धिविनायक मंदिर , मुंबई

आचार्य लवभूषण (Acharya Lavbhushan) एक विश्व प्रसिद्ध सेलिब्रिटी ज्योतिषी, वास्तु विशेषज्ञ और व्यावसायिक सलाहकार (Business Coach) हैं. इन्हें वैदिक ज्योतिष, अंक ज्योतिष और वास्तु शास्त्र के क्षेत्र में उनके गहन ज्ञान और सटीक समाधानों के लिए जाना जाता है. 'वास्तु विश्वकर्मा अवार्ड' से सम्मानित आचार्य लवभूषण ने अब तक 10,000 से अधिक अंतरराष्ट्रीय क्लाइंट्स, मशहूर हस्तियों और कॉर्पोरेट दिग्गजों को सफल मार्गदर्शन प्रदान किया है. वे 'How to Become Rich with Astrology' के प्रसिद्ध लेखक और एक प्रभावशाली TEDx वक्ता भी हैं. ज्योतिष को व्यक्तिगत विकास और व्यावसायिक सफलता का आधुनिक टूल बनाने के उनके मिशन ने उन्हें वैश्विक स्तर पर एक विश्वसनीय नाम बनाया है. आचार्य लवभूषण का दृष्टिकोण आध्यात्मिक गहराई और व्यावहारिक समस्या-समाधान का एक अनूठा संगम है.
भारतीय सेना के अनुभवी और सम्मानित अधिकारी रहे हैं, जिनके पास 36 वर्षों से अधिक का व्यापक सैन्य अनुभव है. अपने लंबे करियर में उन्होंने कई महत्वपूर्ण सैन्य अभियानों, रणनीतिक योजनाओं और बड़े स्तर के सैन्य संचालन का नेतृत्व किया. भारतीय सेना द्वारा संचालित लगभग सभी प्रमुख ऑपरेशनों में उनकी सक्रिय भूमिका रही है. उन्होंने टेरिटोरियल आर्मी का नेतृत्व करते हुए पर्यावरण एवं वन मंत्रालय, तेल एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय और रेल मंत्रालय सहित कई सरकारी विभागों के साथ समन्वय स्थापित किया. सेना में विभिन्न प्रतिष्ठित स्टाफ नियुक्तियों पर रहते हुए उन्होंने प्रशासन, रणनीति निर्माण और बहुआयामी जिम्मेदारियों का सफल संचालन किया.

ए.के. सिवाच रिटा. मेजर जनरल (YSM, VSM- पूर्व प्रमुख, टेरिटोरियल आर्मी)

एके जैन पूर्व पुलिस महानिदेक, उत्तर प्रदेश

पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर जोधपुर के निदेशक 'डॉक्टर अनीष व्यास' देश के जाने-माने प्रतिष्ठित ज्योतिषाचार्य हैं. पाल बालाजी के भक्त के रूप में इन्हें जाना जाता है. वैदिक ज्योतिष पर इनका कार्य सराहनीय है. इनकी भविष्यवाणियां काफी सटीक होती हैं. इनके लेख विभिन्न मंचों पर प्रकाशित होते रहते हैं, इन्हें भविष्यफल और दैनिक राशिफल बताने में महारत प्राप्त है. इन्हें हस्तरेखा और वास्तु विशेषज्ञ के रूप में भी जाना जाता है. देश के अलावा विदेशों में भी उनके काफी संख्या में फॉलोअर्स है. सोशल मीडिया पर भी यह एक्टिव रहते हैं.  इनकी अब तक 497 से अधिक भविष्यवाणियां सच साबित हो चुकी हैं.डॉक्टर अनीष व्यास को बचपन से ही कर्मकांड और ज्योतिष की शिक्षा-दीक्षा विरासत में प्राप्त हुई. एम.ए. पत्रकारिता में गोल्ड मेडल प्राप्त कर पीएचडी की उपाधि हासिल कर चुके हैं. डॉ. अनीष व्यास के ज्योतिष विषय पर आधारित लेख देश के प्रमुख समाचार पत्रों में नियमित रूप से प्रकाशित होते हैं. इसके साथ ही विभिन्न न्यूज चैनल में लाईव शो में प्रतिभाग करते रहते हैं.
ज्योतिषाचार्य निखिल कुमार, हिमाचल प्रदेश निवासी, पिछले 15 वर्षों से अधिक समय से वैदिक ज्योतिष, होरा शास्त्र, और मेदिनी ज्योतिष में निषुण हैं. इन्होंने अपने गहन अनुभव और अध्ययन के बल पर हजारों लोगों की कुंडलियों का सफलतापूर्वक विश्लेषण किया है और राजनीति, देश-विदेश, से जुड़े विषयों पर अनेक सटीक भविष्यवाणियां कर ख्याति प्राप्त की है. हाल ही में पाकिस्तान पर संभावित हमले को लेकर इनकी की गई भविष्यवाणी सच साबित हुई, जिससे इनकी प्रामाणिकता और दूरदर्शिता को व्यापक मान्यता मिली. ज्योतिषाचार्य निखिल कुमार का उद्देश्य केवल भविष्य बताना नहीं, बल्कि लोगों की जीवनशैली को ज्योतिषीय दृष्टिकोण से संतुलित, सकारात्मक और प्रभावशाली बनाना है. ये परंपरागत शास्त्रों की जड़ों से जुड़े रहकर आधुनिक संदर्भों में समाधान प्रस्तुत करते हैं. लेखन, अध्ययन और संगीत के प्रति इनका गहरा रुझान है, जो इन्हें एक संवेदनशील और व्यापक दृष्टिकोण वाला ज्योतिषाचार्य बनाता है. ये निरंतर अपने लेखों, परामर्शों और अध्यात्मिक ज्ञान के माध्यम से जनमानस को जागरूक और सशक्त बना रहे हैं.
भारतीय कानून जगत में मशहूर एडवोकेट कमलेश कुमार मिश्रा की कहानी बेहद प्रेरणादायक है. वह बिहार के मधुबनी में पट्टीटोल नाम के छोटे से गांव से ताल्लुक रखते हैं. साथ ही, अब दिल्ली हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के बड़े-बड़े केस लड़ते हैं. साल 2013 के दौरान दिल्ली यूनिवर्सिटी में लॉ की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने LL.M भी किया. वह संविधान, बिजनेस, फैमिली और ह्यूमन राइट्स जैसे मुश्किल कानूनी मामलों के माहिर हैं. क्लाइंट्स की बात करें तो इनमें बड़े-बड़े कॉर्पोरेट, सरकार और आम आदमी सब शामिल हैं. अदालत ने खुद कई बार उनकी तारीफ की है.  कमलेश दिल्ली हाई कोर्ट बार असोसिएशन के सदस्य हैं. वह दिल्ली हाई कोर्ट लीगल सर्विसेज कमेटी के पैनल में काम करते हैं और दिल्ली में अपनी लॉ फर्म कॉर्पस ज्यूरिस इंडिया के फाउंडर हैं. पांच से ज्यादा भाषाएं बोलने में माहिर कमलेश की पढ़ाई-लिखाई अहमदाबाद, जालंधर और दीमापुर के केंद्रीय विद्यालय में हुई.  दरअसल, आर्मी फैमिली से ताल्लुक होने के कारण वह कई शहरों में रहे और जालंधर के लायलपुर खालसा कॉलेज से ग्रैजुएशन किया. देश के कई हिस्सों में घूमने की वजह से सबकी बात समझते हैं और अपनी मैथिली संस्कृति से भी गहरा लगाव रखते हैं.  कमलेश कुमार मिश्रा सिर्फ कामयाब वकील नहीं, बल्कि दमदार, समझदार और हर तरह से बेहतरीन इंसान भी हैं.
कविता गाडरी बीते कुछ साल से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता की दुनिया से जुड़ी हुई है. राजस्थान के जयपुर से ताल्लुक रखने वाली कविता ने अपनी पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय भोपाल से न्यू मीडिया टेक्नोलॉजी में मास्टर्स और अपेक्स यूनिवर्सिटी जयपुर से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में की है. पत्रकारिता में अपना सफर उन्होंने राजस्थान पत्रिका से शुरू किया जहां उन्होंने नेशनल एडिशन और सप्लीमेंट्स जैसे करियर की उड़ान और शी न्यूज के लिए बाय लाइन स्टोरी लिखी. इसी दौरान उन्हें हेलो डॉक्टर शो पर काम करने का मौका मिला. जिसने उन्हें न्यूज़ प्रोडक्शन के लिए नए अनुभव दिए.  इसके बाद उन्होंने एबीपी नेटवर्क नोएडा का रुख किया. यहां बतौर कंटेंट राइटर उन्होंने लाइफस्टाइल, करंट अफेयर्स और ट्रेडिंग विषयों पर स्टोरीज लिखी. साथ ही वह कंटेंट मैनेजमेंट सिस्टम और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी लगातार सक्रिय रही. कविता गाडरी हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में दक्ष हैं. न्यूज़ राइटिंग रिसर्च बेस्ड स्टोरीटेलिंग और मल्टीमीडिया कंटेंट क्रिएशन उनकी खासियत है. वर्तमान में वह एबीपी लाइव से जुड़ी है जहां विभिन्न विषयों पर ऐसी स्‍टोरीज लिखती है जो पाठकों को नई जानकारी देती है और उनके रोजमर्रा के जीवन से सीधे जुड़ती है.
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में छोटा-सा गांव है तिलबिहता, जहां 22 साल की कहकशां परवीन रहती हैं. पढ़ाई की शौक कहकशां अपने सपने पूरे करने के लिए लगातार मेहनत कर रही हैं. 25 मार्च 2003 के दिन तिलबिहता गांव में अपनी जिंदगी का सफर शुरू करने वाली कहकशां के पिता मोहम्मद जिकरुल्लाह बिजनेसमैन हैं तो मां नजदा खातून हाउसवाइफ हैं. भाई आमिर आजम, बहन उजमा परवीन, जेबा परवीन, सदफ परवीन और दरख्शां परवीन को वह अपनी ताकत मानती हैं. वहीं, उनकी सबसे अच्छी दोस्त सान्या कुमारी हैं.  तिलबिहता के ओरेकल पब्लिश स्कूल से स्कूलिंग करने के बाद कहकशां ने हरदी के आरकेएसपी अकैडमी हाई स्कूल से मैट्रिक किया तो जैतपुर स्थित एसआरपीएस कॉलेज से इंटर पास किया. मुजफ्फरपुर के लंगट सिंह कॉलेज से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन (BMC) करने वाली कहकशां को अब अपने फाइनल रिजल्ट का इंतजार है.  कहकशां की जिंदगी में पढ़ाई के साथ-साथ कई शौक हैं, जो उनकी दिनचर्या को रोचक बनाते हैं. अपने आसपास की खूबसूरत चीजों को कैमरे में कैद करने में माहिर कहकशां को खबरें पढ़ना और पेंटिंग बनाना बेहद पसंद है. इसके अलावा वह खाना बनाना, नमाज पढ़ना, रील्स देखना, गाना सुनना और कॉमेडी वीडियो देखना भी पसंद करती हैं.  फिल्म संजू का 'कर हर मैदान फतेह' गाना हर मुश्किल वक्त में उन्हें हिम्मत देता है तो आमिर खान, शाहरुख खान और ऐश्वर्या राय बच्चन उनके पसंदीदा सेलेब्स हैं. वहीं, फिल्म चक दे इंडिया से उन्हें कुछ कर दिखाने की प्रेरणा मिलती है. एमएस धोनी, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर उनके फेवरेट क्रिकेटर्स हैं. वहीं, सुबह का वक्त और सर्दी का मौसम उन्हें बेहद पसंद है. कहकशां फोटोग्राफी के जरिए लोगों की कहानियां बयां करना चाहती हैं, जिसके लिए वह लगातार मेहनत कर रही हैं.
क़मरजहां एबीपी न्यूज़ में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रही हैं और वर्तमान में ऑटोमोबाइल सेक्शन में कार्यरत हैं. इन्हें पत्रकारिता जगत में 4 साल का अनुभव है और पिछले 3.5 सालों से ABP Live.com का हिस्सा हैं. क़मरजहां नेशनल, टेक्नोलॉजी, एंटरटेनमेंट, राजनीति, चुनाव और अलग-अलग राज्यों से जुड़े सेक्शन में काम कर चुकी हैं. कौन-सी स्टोरीज ऑडियंस को अच्छे से कनेक्ट कर पाएंगी, इस हुनर से बखूबी वाकिफ हैं. ट्रेंड्स के साथ ही इन्हें SEO की जानकारी भी है. क़मरजहां ने अपनी पत्रकारिता की पढ़ाई Jamia Millia Islamia से पूरी की है. इन्होंने ग्रेजुएशन (B.A Mass Media) और मास्टर्स (M.A Mass Media) की डिग्री सर्वोच्च अंक प्राप्त करते हुए हासिल की है. 
खबर कोई भी हो... कैसी भी हो... उसकी नब्ज पकड़ना और पाठकों को उनके मन की बात समझाना कुमार सम्भव जैन की काबिलियत है. मुहब्बत की नगरी आगरा से मैंने पत्रकारिता की दुनिया में पहला कदम रखा, जो अदब के शहर लखनऊ में परवान चढ़ा. आगरा में अकिंचन भारत नाम के छोटे से अखबार में पत्रकारिता का पाठ पढ़ा तो लखनऊ में अमर उजाला ने खबरों से खेलना सिखाया.  2010 में कारवां देश के आखिरी छोर यानी राजस्थान के श्रीगंगानगर पहुंचा तो दैनिक भास्कर ने मेरी मेहनत में जुनून का तड़का लगा दिया. यहां करीब डेढ़ साल बिताने के बाद दिल्ली ने अपने दिल में जगह दी और नवभारत टाइम्स में नौकरी दिला दी. एनबीटी में गुजरे सात साल ने हर उस क्षेत्र में महारत दिलाई, जिसका सपना छोटे-से शहर से निकला हर लड़का देखता है. साल 2018 था और डिजिटल ने अपना रंग जमाना शुरू कर दिया था तो मैंने भी हवा के रुख पकड़ लिया और भोपाल में दैनिक भास्कर पहुंच गया.  झीलों के शहर की खूबसूरती ने दिल और दिमाग पर काबू तो किया, लेकिन जरूरतों ने वापस दिल्ली ला पटका और जनसत्ता में काफी कुछ सीखा. यह पहला ऐसा पड़ाव था, जिसकी आदत धारा के विपरीत चलना थी. इसके बाद अमर उजाला नोएडा में करीब तीन साल गुजारे और अब एबीपी न्यूज में बतौर फीचर एडिटर लोगों के दुख-दर्द और तकलीफ का इलाज ढूंढता हूं. करीब 18 साल के इस सफर में पत्रकारिता की दुनिया के हर कोने को खंगाला, चाहे वह रिपोर्टिंग हो या डेस्क... प्रिंटिंग हो या मैनेजमेंट...  काम की बात तो बहुत हो चुकी अब अपने बारे में भी चंद बातें बयां कर देता हूं. मिजाज से मस्तमौला तो काम में दबंग दिखना मेरी पहचान है. घूमने-फिरने का शौकीन हूं तो कभी भी आवारा हवा के झोंके की तरह कहीं न कहीं निकल जाता हूं. पढ़ना-लिखना भी बेहद पसंद है और यारों के साथ वक्त बिताना ही मेरा पैशन है. 

कैप्टेन प्रभान्शु कुमार श्रीवास्तव यूपी कैडर के सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी

गणेश ठाकुर संवाददाता

गिरिजांश गोपालन को मीडिया इंडस्ट्री में चार साल से ज्यादा का अनुभव है. फिलहाल वह डिजिटल में सक्रिय हैं, लेकिन इनके पास प्रिंट मीडिया में भी काम करने का तजुर्बा है. दिल्ली विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद गिरिजांश ने नवभारत टाइम्स अखबार से पत्रकारिता की शुरुआत की. उन्हें घूमना बेहद पसंद है. पहाड़ों पर चढ़ना, कैंपिंग-हाइकिंग करना और नई जगहों को एक्सप्लोर करना उनकी हॉबी में शुमार है। यही कारण है कि वह तीन साल से पहाड़ों में ज्यादा वक्त बिता रहे हैं. अपने अनुभव और दुनियाभर की खूबसूरत जगहों को अपने लेखन-फोटो के जरिए सोशल मीडिया के रास्ते लोगों तक पहुंचाते हैं.
पत्रकारिता की दुनिया में जब बात पढ़ाई-लिखाई, लाइफस्टाइल, फीचर या न्यूज की आती है, तो चन्द्रिल कुलश्रेष्ठ का नाम सहज ही सामने आता है. जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त कर चुके चन्द्रिल बीते पांच वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय हैं और इस दौरान इन्होंने पत्रकारिता के कई रंग देखे हैं - खबरों की तह तक जाना, आम लोगों की जिंदगी से जुड़ी बातें सामने लाना और क्राइम से जुड़ी कहानियों को तथ्यात्मक ढंग से पेश करना उनकी खासियत बन चुकी है. चन्द्रिल न सिर्फ रिपोर्टिंग में निपुण हैं, बल्कि कंटेंट राइटिंग, स्टोरी कंसेप्टिंग और फीचर प्रजेंटेशन में भी उनका अंदाज बेहद खास है. खबरों की दुनिया में जहां अक्सर रफ्तार और सनसनी का बोलबाला होता है, वहीं चन्द्रिल की कलम तथ्यों के साथ संतुलन और संवेदनशीलता बनाए रखते हुए काम करती है. वह मानते हैं कि पत्रकारिता का असली उद्देश्य जनता को सही और सटीक जानकारी देना है, न कि महज ध्यान खींचना. यही वजह है कि उनके द्वारा लिखी गई स्टोरीज ना सिर्फ पढ़ने में रोचक होती हैं, बल्कि विश्वसनीयता के मानक पर भी खरी उतरती हैं. इन दिनों चन्द्रिल ABP Live से जुड़कर कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर काम कर रहे हैं. चाहे बात सरकारी नौकरियों की अपडेट्स की हो, स्कूली शिक्षा में हो रहे बदलावों की या फिर खेती-किसानी से जुड़े जमीनी मुद्दों की हर विषय पर उनकी पकड़ गहरी और प्रस्तुतिकरण सहज होता है. वह खबर को महज सूचना नहीं, बल्कि एक अनुभव की तरह पेश करने में यकीन रखते हैं, ताकि पाठक उससे खुद को जोड़ सके. क्राइम रिपोर्टिंग में भी चन्द्रिल की शैली अलग है. वह किसी भी केस को सिर्फ घटनाओं के सिलसिले के रूप में नहीं दिखाते, बल्कि उसके पीछे छिपे सामाजिक, मनोवैज्ञानिक और कानूनी पहलुओं को भी उजागर करने की कोशिश करते हैं.
ज़ाहिद अहमद इस वक्त ABP न्यूज़ में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. टेलीविजन और डिजिटल जर्नलिज्म की दुनिया में उन्हें 8 साल से ज्यादा का तजुर्बा है. इससे पहले वे 3 बड़े मीडिया संस्थानों में भी अहम जिम्मेदारियां निभा चुके हैं. वे ओरिजिनल सेक्शन की एक्सप्लेनर टीम में सीनियर सब एडिटर रहे. ज़ाहिद आउटपुट डेस्क, बुलेटिन प्रोड्यूसिंग और बॉलीवुड सेक्शन को बतौर असिस्टेंट प्रोड्यूसर लीड भी कर चुके हैं. देश-विदेश, सियासत, कारोबार, एजुकेशन, एंटरटेनमेंट, चुनाव और समाजी मुद्दों पर उनकी गहरी पकड़ है. आसान लहजे में असरदार और भरोसेमंद एक्सप्लेनर पेश करना उनकी पहचान है.

ज़ाहिद अहमद सीनियर कॉपी एडिटर

जागृति सोनी बरसले (Jagriti Soni Bursle) धर्म, ज्योतिष और भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं पर शोध आधारित लेखन करने वाली डिजिटल पत्रकार जागृति सोनी बर्सले धर्म, ज्योतिष, वास्तु और भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं से जुड़े विषयों की अनुभवी डिजिटल पत्रकार और लेखिका हैं. उन्हें डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 10 वर्षों का अनुभव है. वर्तमान में वह ABP Live (Abplive.com) में बतौर कंसल्टेंट कार्यरत हैं, जहां वह व्रत-त्योहार जैसे नवरात्रि, करवा चौथ, दिवाली, होली, एकादशी, प्रदोष व्रत, हरियाली तीज आदि, धार्मिक मान्यताओं, ज्योतिषीय घटनाओं, शुभ मुहूर्त, वास्तु और फेंगशुई, पंचांग जैसे विषयों पर शोध आधारित और प्रमाणिक लेख लिखती हैं. विशेषज्ञता (Expertise) जागृति सोनी बर्सले विशेष रूप से इन विषयों पर लेखन करती हैं: व्रत-त्योहार और भारतीय धार्मिक परंपराएं वैदिक ज्योतिष और ग्रह-नक्षत्र आधारित घटनाएं शुभ मुहूर्त और धार्मिक विधि-विधान वास्तु शास्त्र और फेंगशुई आध्यात्मिक मान्यताएं और सांस्कृतिक परंपराएं उनके लेखों में धार्मिक विषयों को केवल आस्था के दृष्टिकोण से नहीं बल्कि शास्त्रीय स्रोतों और प्रमाणिक ग्रंथों के आधार पर प्रस्तुत किया जाता है. शिक्षा और पृष्ठभूमि जागृति सोनी बर्सले ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से की है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत दैनिक भास्कर डॉट कॉम से की, जहां डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने धर्म, समाज और संस्कृति से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर लेख लिखे. डिजिटल मीडिया में काम करते हुए उन्होंने टेक्स्ट और वीडियो दोनों फॉर्मेट में काम किया है और वीडियो सेक्शन में सीनियर प्रोड्यूसर के रूप में भी लंबे समय तक योगदान दिया है. इस अनुभव ने उन्हें आधुनिक डिजिटल पत्रकारिता के विभिन्न फॉर्मेट को समझने और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करने की क्षमता दी है. शास्त्रीय अध्ययन और शोध जागृति सोनी बर्सले की विशेष रुचि धर्म और ज्योतिष के शास्त्रीय अध्ययन में है. उन्हें प्राचीन धार्मिक ग्रंथों जैसे: धर्म सिंधु मुहूर्त चिंतामणि का अच्छा ज्ञान है. इन ग्रंथों के आधार पर वह व्रत-त्योहार, पूजा-विधि, ज्योतिषीय घटनाओं और मुहूर्त से जुड़े विषयों को सरल, प्रमाणिक और शोधपरक तरीके से पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं. योगदान जागृति सोनी बर्सले एक फ्रीलांस लेखक के रूप में भी कई मंचों पर आध्यात्म, भारतीय संस्कृति और ज्योतिष से जुड़े विषयों पर लेख लिख चुकी हैं. उनका उद्देश्य धार्मिक और आध्यात्मिक विषयों को सरल भाषा में विश्वसनीय जानकारी के साथ प्रस्तुत करना है, ताकि पाठक इन विषयों को समझ सकें और सही जानकारी प्राप्त कर सकें. व्यक्तिगत रुचियां अध्यात्म और भारतीय परंपराओं के अध्ययन के प्रति उनकी गहरी रुचि है. खाली समय में उन्हें आध्यात्मिक और ज्ञानवर्धक पुस्तकें पढ़ना पसंद है. यह अध्ययन उनके लेखन को और अधिक गहन, तथ्यपूर्ण और संदर्भ आधारित बनाता है.
शर्मिष्ठा (Astro Sharmistha) एक लोकप्रिय भारतीय ज्योतिष और वास्तु सलाहकार हैं. उनका एक यूट्यूब चैनल और एक्स अकाउंट भी है जहां वे अपने ज्योतिषीय ज्ञान और वास्तु टिप्स साझा करती हैं. उनके यूट्यूब चैनल पर 12 लाख से अधिक सब्सक्राइबर्स हैं. इन्होंने के ज्योतिषीय ज्ञान और वास्तु टिप्स बहुत लोकप्रिय हैं, और वे अपने दर्शकों को जीवन के विभिन्न पहलुओं में मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए जाने जाते हैं. वे अपनी पोस्ट में दैनिक जीवन के लिए उपयोगी टिप्स भी साझा करती हैं. शर्मिष्ठा ने एरोनॉटिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने के बाद भारतीय विद्या भवन, मुंबई से ज्योतिर्विद की उपाधि प्राप्त की. शर्मिष्ठा एक अनुभवी और शोध-आधारित वैदिक एस्ट्रोलॉजर हैं, जो पिछले 15 वर्षों से ज्योतिष के गूढ़ रहस्यों को समझने और सटीक भविष्यवाणियां देने का कार्य कर रही हैं. उन्होंने न केवल विवाह, करियर, स्वास्थ्य और आर्थिक स्थिति में सफलता पूर्वक मार्गदर्शन किया है, बल्कि कई राष्ट्रीय और वैश्विक घटनाओं की भी सटीक भविष्यवाणी की है, जो समय के साथ सच साबित हुई हैं. उनकी भविष्यवाणियां सोशल मीडिया में लोकप्रिय हो चुकी है. शर्मिष्ठा की ज्योतिषीय शैली प्राचीन ग्रंथों जैसे बृहत्पाराशर होरा शास्त्र, जैमिनी सूत्र, और बृहत जातक पर आधारित है, लेकिन वे इसे आधुनिक मनोविज्ञान और तर्कपूर्ण विश्लेषण के साथ जोड़ती हैं. 
ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा विगत 15 वर्षों से वैदिक ज्योतिष, पारिवारिक समस्याओं और वैवाहिक जीवन की जटिलताओं पर गहन कार्य कर रहे हैं. इस लंबे अनुभवकाल में आपने हजारों लोगों को जीवन के निर्णायक मोड़ों पर ज्योतिषीय और मनोवैज्ञानिक मार्गदर्शन प्रदान किया है. आपकी ख्याति एक ऐसे विद्वान के रूप में है जो केवल ग्रहों की गणना नहीं करते, बल्कि व्यक्ति की मानसिकता, सामाजिक परिस्थिति और पारिवारिक पृष्ठभूमि को भी कुंडली के साथ जोड़कर समाधान प्रस्तुत करते हैं. आपने M.A. (आचार्य) की उपाधि ज्योतिष शास्त्र में प्राप्त की, और वर्तमान में आप "A Study on Philandery and Problems in Marriage" विषय पर पीएच.डी. कर रहे हैं. यह शोध विषय आधुनिक समाज की उस गहरी समस्या को केंद्र में रखता है, जो विवाहों के विघटन, चरित्र दोष (Philandery), और मानसिक-सामाजिक तनाव से जुड़ी है. संजीत कुमार मिश्रा विवाह, संतान, प्रेम संबंध, पारिवारिक कलह, तथा करियर से जुड़े जटिल मामलों का समाधान वैदिक और व्यवहारिक दोनों दृष्टियों से करते हैं. लेखन, शोध और व्याख्यान के माध्यम से आप ज्योतिष को जन-जागरूकता और आत्मनिर्माण का माध्यम बना रहे हैं.    
कारगिल युद्ध के अनुभवी योद्धा मेजर जनरल (डॉ.) अशोक कुमार वीएसएम (सेवानिवृत्त) भारतीय सेना में 37 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव रखने वाले प्रतिष्ठित रक्षा विशेषज्ञ, रणनीतिकार और प्रशासक हैं. मेजर जनरल अशोक कुमार (सेवानिवृत्त) 1999 के संघर्ष के दौरान कारगिल ब्रिगेड के ब्रिगेड मेजर थे. उन्होंने 50,000 से अधिक कर्मियों वाले संगठनों का सफल नेतृत्व किया है और रणनीति निर्माण, नीति निर्धारण, बजट प्रबंधन तथा बहु-विभागीय टीमों के संचालन में विशेष दक्षता हासिल की है.  पूर्वी थिएटर कमांड में प्रिंसिपल स्टाफ ऑफिसर के रूप में उन्होंने सक्रिय अभियानों में तैनात 1.5 लाख सैनिकों से जुड़े महत्वपूर्ण दायित्व निभाए. रक्षा मंत्रालय के तहत ECHS के प्रबंध निदेशक के रूप में उन्होंने भारत और नेपाल के लगभग 55 लाख पूर्व सैनिकों एवं उनके आश्रितों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं का नेतृत्व किया. एनसीसी पंजाब समूह के कमांडर रहते हुए उनके नेतृत्व में निदेशालय को लगातार दो वर्षों तक प्रधानमंत्री बैनर सम्मान मिला. वे एक प्रखर लेखक, वक्ता और राष्ट्रीय सुरक्षा मामलों के गहन विश्लेषक भी हैं.

डॉ. अशोक कुमार रिटा. मेजर जनरल (VSM)

डॉ. उलूपी बोराह सेंटर फॉर जॉइंट वॉरफेयर स्टडीज (CENJOWS) में एक 'डिस्टिंग्विश्ड फेलो' (Distinguished Fellow) हैं. CENJOWS भारतीय रक्षा मंत्रालय के अधीन तीनों सेनाओं (थल, जल और नभ) के संयुक्त रणनीतिक मामलों पर काम करने वाला एक शीर्ष थिंक-टैंक है. उन्होंने भारत के इस प्रतिष्ठित संस्थान से अपनी शिक्षा पूरी की है, जो अपनी उत्कृष्ट अंतरराष्ट्रीय शोध संस्कृति के लिए जाना जाता है. जापान के इस प्रमुख विश्वविद्यालय से जुड़ने के कारण उन्हें पूर्वी एशिया की राजनीति और सुरक्षा का जमीनी व व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ है. उनकी वर्तमान भू-राजनीति में सबसे संवेदनशील और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण इस क्षेत्र की हलचलों पर उनकी गहरी पकड़ है, साथ ही, क्वाड (QUAD) के संदर्भ में और चीन के बढ़ते प्रभाव के बीच जापान की रक्षा रणनीतियों का आकलन उनका मुख्य क्षेत्र है. समुद्री व्यापार मार्गों की सुरक्षा और वैश्विक नौसैनिक संतुलन पर उनका विशेष ध्यान रहता है. आज के दौर में सेमीकंडक्टर केवल एक तकनीकी पुर्जा नहीं, बल्कि एक बड़ा भू-राजनीतिक हथियार बन चुका है. डॉ. बोराह तकनीक और राष्ट्रीय सुरक्षा के इसी अंतर्संबंध (Tech-Geopolitics) पर विशेषज्ञता रखती हैं.

डॉ. उलूपी बोराह सीनियर फेलो, सेंटर फॉर जॉइंट वॉरफेयर स्टडीज

डॉ. वर्तिका नन्दा भारत की स्थापित जेल सुधारक, मीडिया शिक्षक और लेखिका हैं. वे अपराध और जेल पर नए प्रयोगों के लिए जानी जाती हैं. तिनका तिनका भारतीय जेलों पर वर्तिका की एक अनूठी श्रृंखला. उनकी स्थापित तिनका तिनका फाउंडेशन ने देश की जेलों पर पहले और इकलौते पॉडकास्ट-तिनका तिनका जेल रेडियो की शुरुआत की. जिला जेल, आगरा, हरियाणा और उत्तराखंड की जेलों में रेडियो लाने का श्रेय उन्हीं को जाता है. उन्होंने भारत की जेलों में पत्रकारिता की नींव रखी है. तिनका तिनका बंदियों को सकारात्मक पत्रकारिता के गुर सिखाता है. 2014 में भारत के राष्ट्रपति से स्‍त्री शक्ति पुरस्‍कार से सम्मानित. 2018 में सुप्रीम कोर्ट की एक बेंच ने जेलों पर उनकी सलाहें शामिल कीं. जेलों का उनका काम दो बार लिम्का बुक ऑफ़ रिकॉर्ड्स में शामिल हुआ. जेलों पर तीन किताबों की लेखिका. तिनका तिनका मध्य प्रदेश भारतीय जेलों पर अब तक की इकलौती कॉफी टेबल बुक है जबकि तिनका तिनका तिहाड़ ने इस साल 10 साल पूरे किए हैं.  वर्तिका नन्दा जालंधर दूरदर्शन में एशिया की सबसे छोटी एंकर बनीं. वे जी टीवी, एनडीटीवी, IIMC लोकसभा टीवी और सहारा टीवी से जुड़ी रहीं. वे लोकसभा टीवी की पहली एक्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर बनीं. वे भारतीय टेलीविजन की उन गिनी-चुनी महिला पत्रकारों में से हैं जो अपराध पत्रकारिता से जुड़ीं और इस बीट की प्रमुख भी बनीं. वर्तमान में दिल्ली विश्वविद्यालय के लेडी श्रीराम कॉलेज के पत्रकारिता विभाग की प्रमुख.

डॉ. वर्तिका नन्दा जेल सुधारक, मीडिया शिक्षक और लेखिका

दरख्शां मुमताज उन आवाज़ों में से एक हैं, जो एंटरटेनमेंट की दुनिया को न सिर्फ सुनती हैं, बल्कि उसे समझती हैं और दर्शकों तक असरदार तरीके से पहुंचाती भी हैं. ABP न्यूज़ की एंटरटेनमेंट डेस्क पर एक पत्रकार के तौर पर ये सिनेमा की चमक-दमक से आगे जाकर उसकी गहराइयों में झांकती हैं. खासतौर पर बॉक्स ऑफिस ट्रेंड्स और फ़िल्म इंडस्ट्री की पर्सेप्शन बिल्डिंग में उनकी गहरी पकड़ है. जामिया मिल्लिया इस्लामिया से ग्रेजुएशन और फिर पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद इन्होंने मीडिया को सिर्फ एक प्रोफेशन नहीं, बल्कि अपना पैशन बना लिया. कैमरा उनकी ताक़त है और कॉन्फिडेंस उनकी पहचान. इनका मानना है कि मेहनत कभी ट्रेंड से बाहर नहीं जाती, और ये हर दिन इसी सोच के साथ काम करती हैं. ये हिंदी में लिखती हैं, लेकिन अंग्रेज़ी, उर्दू और भोजपुरी भाषा पर भी अच्छी पकड़ रखती हैं.
मेरा नाम दीपक सिंह रावत, उत्तराखंड के पौडी ज़िले से आता हूं. एबीपी न्यूज़ के साथ वरिष्ठ संवाददाता के तौर पर जुड़ा हूँ. पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 साल का अनुभव है.  एबीपी न्यूज़ से पहले न्यूज़ 18 इंडिया और न्यूज़ नेशन चैनल से भी जुड़ चुका हूँ. भारतीय विधा भवन से रेडियो एवं टीवी जर्नलिज़्म में डिप्लोमा किया है. अपने 10 साल के काम के दौरान दिल्ली की सभी राजनीतिक पार्टियों से जुड़ी खबरें की है. दो लोकसभा चुनाव और दिल्ली के तीन विधानसभा चुनाव कवर कर चुका हूँ.  फ़िलहाल मुख्य तौर पर दिल्ली सरकार और आम आदमी पार्टी कवर कर रहा हूं. उत्तराखंड में 2021 में आयी आपदा के दौरान भी रिपोर्टिंग का विशेष अनुभव रहा. इसके अलावा पर्यावरण से जुड़ी खबरों पर विशेष रुचि रहती है, पर्यावरण के क्षेत्र में की गयी ‘गंगा- गोमुख‘ से जुडी एक स्टोरी के लिये साल 2019 का ‘young professional of the year’ ENBA अवार्ड मिल चुका है.
नितीश कुमार उपाध्याय वर्तमान में एबीपी न्यूज़ में बतौर Associate Producer कार्यरत हैं और लगभग चार वर्षों से संस्थान से जुड़े हुए हैं. इस समय वे डिजिटल असाइनमेंट टीम को लीड कर रहे हैं. हाइपरलोकल कंटेंट आइडिएशन, ऑडियंस इंगेजमेंट स्ट्रैटेजी, वायरल वीडियो, ब्रेकिंग न्यूज़ के साथ चुनाव और राजनीतिक मुद्दों पर ध्यान रखते हैं. चुनावी अवधि के दौरान, एबीपी न्यूज़ के लिए विशेष "पत्रकारों का एग्जिट पोल" प्रोजेक्ट की जिम्मेदारी भी इनके पास रहती है. समय-समय पर ABPLIVE के लिए एंकरिंग और रिपोर्टिंग की भूमिका में भी नजर आते हैं. नितीश ने एपीजे इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन दिल्ली (AIMC) से मास कम्युनिकेशन में 2021 में पीजी डिप्लोमा की डिग्री ली है. साथ में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), फैक्ट चेक और डिजिटल मीडिया को लेकर कई वर्कशॉप किए हैं. संपर्क के लिए मेल आईडी- nitishu@abpnetwork.com, एक्स हैंडल- @nitishupadhyay_
निधि पाल को पत्रकारिता में छह साल का तजुर्बा है. लखनऊ से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत भी नवाबों के शहर से की थी. लखनऊ में करीब एक साल तक लिखने की कला सीखने के बाद ये हैदराबाद के ईटीवी भारत संस्थान में पहुंचीं, जहां पर दो साल से ज्यादा वक्त तक काम करने के बाद नोएडा के अमर उजाला संस्थान में आ गईं. यहां पर मनोरंजन बीट पर खबरों की खिलाड़ी बनीं. खुद भी फिल्मों की शौकीन होने की वजह से ये अपने पाठकों को नई कहानियों से रूबरू कराती थीं. अमर उजाला के साथ जुड़े होने के दौरान इनको एक्सचेंज फॉर मीडिया द्वारा 40 अंडर 40 अवॉर्ड भी मिल चुका है. अमर उजाला के बाद इन्होंने ज्वाइन किया न्यूज 24. न्यूज 24 में अपना दमखम दिखाने के बाद अब ये एबीपी न्यूज से जुड़ी हुई हैं. यहां पर वे जीके के सेक्शन में नित नई और हैरान करने वाली जानकारी देते हुए खबरें लिखती हैं. इनको न्यूज, मनोरंजन और जीके की खबरें लिखने का अनुभव है. न्यूज में डेली अपडेट रहने की वजह से ये जीके के लिए अगल एंगल्स की खोज करती हैं और अपने पाठकों को उससे रूबरू कराती हैं. खबरों में रंग भरने के साथ-साथ निधि को किताबें पढ़ना, घूमना, पेंटिंग और अलग-अलग तरह का खाना बनाना बहुत पसंद है. जब ये कीबोर्ड पर उंगलियां नहीं चला रही होती हैं, तब ज्यादातर समय अपने शौक पूरे करने में ही बिताती हैं. निधि सोशल मीडिया पर भी अपडेट रहती हैं और हर दिन कुछ नया सीखने, जानने की कोशिश में लगी रहती हैं.

निधि पाल Content Writer

बिहार के पूर्वी चम्पारण जिले के फेनहारा गांव की रहने वाली निशात अंजुम उन तमाम युवाओं की तरह है, जो छोटे शहरों और गांवों से निकलकर बड़े सपने देखते हैं और उन्हें पूरा करना चाहते हैं. 25 मई 2005 के दिन इस दुनिया में अपना पहला कदम रखने वाली निशात के पिता अब्दुल वाजिद बिजनेसमैन हैं और गांव में ही मेडिकल हॉल चलाते हैं. मां शाहेदा खातून हाउसवाइफ हैं. तीन भाइयों अब्दुल बासित, अब्दुल अली, अब्दुल गनी और दो बहनों माहेरुख अंजुम व आतिया अंजुम को निशात अपनी ताकत मानती हैं.  फेनहारा के ब्रिलिएंट पब्लिक स्कूल से 8वीं तक की पढ़ाई करने के बाद निशात ने 2020 में हाजी फरजंद हाई स्कूल फेनहारा से मैट्रिक किया तो 2022 में भगवान सिंह कॉलेज मधुबन से इंटरमीडिएट किया. सिर्फ पढ़ाई-लिखाई ही नहीं, बल्कि टेक्नोलॉजी की दुनिया में भी निशात का मन रमता है. 2022 ही उन्होंने कौशल विभाग फेनहारा से कंप्यूटर कोर्स किया. फिलहाल, लंगट सिंह कॉलेज मुजफ्फरपुर से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन कर रही हैं, जिसका फाइनल रिजल्ट जल्द आने वाला है. निशात अपनी पढ़ाई जारी रखना चाहती हैं और जिंदगी में कुछ बड़ा करने का मकसद रखती हैं.  पढ़ाई की शौकीन निशात अपनी जिंदगी में रंग भरने के लिए भी तमाम काम करती हैं. युवा होने के बावजूद ईश्वर से जुड़ाव रखती हैं और रोजाना नमाज पढ़ती हैं. खबरों की दुनिया में बने रहना उन्हें अच्छा लगता है. यही वजह है कि वह रोजाना अखबार, न्यूज वेबसाइट्स और टीवी चैनलों से देश-दुनिया की जानकारी हासिल करती हैं. इसके अलावा उन्हें रील्स देखना, गाने सुनना और खाना बनाना बेहद पसंद है.  निशात की सबसे अच्छी दोस्त सादिया सिद्दिकी हैं, जिनके साथ वह अपने सुख-दुख बांटती हैं. फेवरेट क्रिकेटर्स की बात हो तो निशात की लिस्ट में विराट कोहली, ऋषभ पंत और अभिषेक शर्मा का नाम लिखा है. वहीं, प्रियंका चोपड़ा और अक्षय कुमार उन्हें काफी पसंद हैं. अगर फिल्म की बात करें तो तारे जमीं पर उन्हें इमोशनली छूती है.
नीलेश ओझा पिछले पांच साल से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उनकी लेखन शैली में तथ्यों की सटीकता और इंसानी नजरिए की गहराई दोनों साथ-साथ चलती हैं.पत्रकारिता उनके लिए महज़ खबरें इकट्ठा करने या तेजी से लिखने का काम नहीं है. वह मानते हैं कि हर स्टोरी के पीछे एक सोच होनी चाहिए.   कुछ ऐसा जो पाठक को सिर्फ जानकारी न दे बल्कि सोचने के लिए भी मजबूर करे. यही वजह है कि उनकी स्टोरीज़ में भाषा साफ़ होती है.लिखने-पढ़ने का शौक बचपन से रहा है. स्कूल की नोटबुक से शुरू हुआ यह सफर धीरे-धीरे पेशेवर लेखन और पत्रकारिता तक पहुंचा. आज भी उनके लिए लेखन सिर्फ पेशा नहीं है यह खुद को समझने और दुनिया से संवाद करने का ज़रिया है. पत्रकारिता के अलावा वह साहित्य और समकालीन शायरी से भी गहराई से जुड़े हुए हैं. कभी भीड़ में तो कभी अकेले में ख्यालों को शायरी की शक्ल देते रहते हैं. उनका मानना है कि पत्रकारिता का काम सिर्फ घटनाएं गिनाना नहीं है. बल्कि पाठक को उस तस्वीर के उन हिस्सों तक ले जाना है. जो अक्सर नजरों से छूट जाते हैं. उन्होंने स्पोर्ट्सविकी, क्रिकेट एडिक्टर, इनशॉर्ट्स और जी हिंदुस्तान जैसे प्रमुख प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है.

नीलेश ओझा Content Writer

नेहा सिंह बीते 6 साल से डिजिटल मीडिया की दुनिया से जुड़ी हैं. उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जनपद से ताल्लुक रखती हैं. इलाहाबाद विश्वविद्यालय से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद हैदराबाद स्थित ईटीवी भारत से साल 2019 में अपने करियर की शुरुआत की. यहां पर दो साल तक बतौर कंटेट एडिटर के पद पर काम किया इस दौरान उन्हें एंकरिंग का भी मौका मिला जिसमें उन्होंने बेहतरीन काम किया. फिर देश की राजधानी दिल्ली का रुख किया, यहां प्रतिष्ठित चैनलों में काम कर कलम को धार दी. पहले इंडिया अहेड के साथ जुड़ीं और कंटेंट के साथ-साथ वीडियो सेक्शन में काम किया.  इसके बाद नेहा ने मेनस्ट्रीम चैनल जी न्यूज में मल्टीमीडिया प्रोड्यूसर के पद पर अपनी सेवाएं दीं. जी न्यूज में रहते हुए नेशनल और इंटरनेशनल मुद्दों पर एक्सप्लेनर वीडियो क्रिएट किए. इसी बीच प्रयागराज महाकुंभ के दौरान कुलवृक्ष संस्थान से जुड़कर महाकुंभ भी कवर किया, साधु-संतों का इंटरव्यू किया. लोगों से बातचीत करके उनके कुंभ के अनुभव और समस्याओं को जाना. वर्तमान में नेहा एबीपी लाइव में कार्यरत हैं, जहां पर नॉलेज सेक्शन में ऐसी खबरों को एक्सप्लेन करती हैं, जिनके बारे में आम पाठक को रुचि होती है.

नेहा सिंह Content Writer

पंडित सुरेश श्रीमाली न केवल भारत, बल्कि विश्व स्तर पर एक ख्यातिप्राप्त ज्योतिषाचार्य, न्यूमरोलॉजी विशेषज्ञ, और मोटिवेशनल स्पीकर के रूप में जाने जाते हैं. राजस्थान के जोधपुर से संबंध रखने वाले पं. श्रीमाली जी को ज्योतिषीय परंपरा विरासत में मिली है. इनके पूज्य पिता स्व. पं. राधाकृष्ण श्रीमाली, स्वयं एक महान ज्योतिषविद और 250+ पुस्तकों के लेखक थे. पं. सुरेश श्रीमाली को 32 वर्षों से अधिक का ज्योतिषीय अनुभव है और वे वैदिक ज्योतिष, अंक ज्योतिष, वास्तु शास्त्र, पिरामिड शास्त्र और फेंग शुई जैसे अनेक विधाओं में दक्ष हैं. उनकी भविष्यवाणियां सटीक, व्यावहारिक और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से युक्त होती हैं, जो उन्हें आम जनमानस से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक विशेष पहचान दिलाती हैं. अब तक 52 से अधिक देशों में अपनी उपस्थिति दर्ज करा चुके पं. श्रीमाली ने ऑस्ट्रेलिया, जापान, अफ्रीका, अमेरिका, कनाडा सहित विश्व के कई प्रमुख देशों में व्यक्तिगत परामर्श, सेमिनार और लाइव ज्योतिषीय सत्र आयोजित किए हैं. ये न केवल भारतीय समुदाय, बल्कि विदेशी नागरिकों में भी अत्यंत लोकप्रिय हैं. मीडिया व सोशल मीडिया प्रभाव:इनका लोकप्रिय टीवी शो "ग्रहों का खेल" लाखों दर्शकों द्वारा देखा जाता है. इसके साथ ही, वे सोशल मीडिया पर भी अत्यंत सक्रिय हैं, YouTube पर 1.9 मिलियन से अधिक सब्सक्राइबर्स, Instagram और Facebook पर लाखों फॉलोअर्स, जहां वे दैनिक राशिफल, मासिक भविष्यफल, रेमेडी टिप्स और आध्यात्मिक मार्गदर्शन नियमित रूप से साझा करते हैं. पंडित सुरेश श्रीमाली को 32 वर्षों का ज्योतिषीय अनुभव है.  52 से अधिक देशों में सेवाएं देने का भी अनुभव है. दैनिक राशिफल और कुंडली विश्लेषण में इन्हें महारत प्राप्त है.  आध्यात्मिक व प्रेरक वक्ता के रूप में भी इनकी वैश्विक पहचान है. आधुनिक वैज्ञानिक सोच के साथ पारंपरिक ज्योतिष का संगम इनके ज्ञान में दिखाई देता है.
पल्लवी कुमारी (Pallawi Kumari) धर्म-ज्योतिष विशेषज्ञ | डिजिटल मीडिया पत्रकार | कंटेंट स्ट्रैटेजिस्टपल्लवी कुमारी एक कुशल डिजिटल पत्रकार और कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें मीडिया उद्योग में 7 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. भारतीय जन संचार संस्थान (IIMC, नई दिल्ली) की पूर्व छात्रा पल्लवी, जटिल धार्मिक और ज्योतिषीय विषयों को शोध-आधारित, सरल और प्रभावी भाषा में प्रस्तुत करने में विशेषज्ञता रखती हैं. वर्तमान में ABP News के साथ एक कंटेंट राइटर के रूप में जुड़ीं पल्लवी, डिजिटल प्लेटफॉर्म पर विश्वसनीय और मूल्यवान सामग्री तैयार करने के लिए जानी जाती हैं. मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise)पल्लवी की लेखन शैली पारंपरिक ज्ञान और आधुनिक डिजिटल आवश्यकताओं का एक बेहतरीन मिश्रण है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता के क्षेत्र निम्नलिखित हैं: ज्योतिष एवं खगोल विज्ञान: वैदिक ज्योतिष, ग्रह-गोचर और जीवन पर इनके प्रभाव का गहन विश्लेषण. वास्तु एवं अंकशास्त्र: घर-परिवार में सकारात्मक ऊर्जा के लिए व्यवहारिक वास्तु उपाय और अंकगणितीय प्रभाव. धर्म एवं संस्कृति: भारतीय व्रत-त्योहारों का महत्व, धार्मिक परंपराएं और पौराणिक संदर्भों की व्याख्या. अध्यात्म एवं लाइफस्टाइल: जीवन प्रबंधन, मानसिक शांति और समकालीन जीवनशैली के साथ आध्यात्मिकता का तालमेल. डिजिटल कंटेंट: SEO-फ्रेंडली राइटिंग, एक्सप्लेनर कंटेंट और फीचर स्टोरी टेलिंग. पेशेवर सफर (Professional Journey)अपने सात वर्षों के करियर में, पल्लवी ने देश के प्रमुख मीडिया संस्थानों में अपनी लेखनी का लोहा मनवाया है: ABP News: (वर्तमान) कंटेंट राइटर - धर्म, ज्योतिष और समसामयिक विषयों पर विस्तृत कवरेज. Hindustan, India News & Live India: न्यूज़ राइटिंग, फीचर स्टोरीज़ और डिजिटल मीडिया के विभिन्न पहलुओं में महत्वपूर्ण अनुभव. इनके लेखन की विशेषतापल्लवी के लेख पाठकों के बीच अपनी प्रमाणिकता के लिए जाने जाते हैं. उनकी लेखन शैली की मुख्य विशेषताएं हैं: शोध-आधारित दृष्टिकोण: शास्त्रीय ग्रंथों और विश्वसनीय स्रोतों का गहराई से अध्ययन. सरल और स्पष्ट: कठिन विषयों को भी आम पाठक के लिए आसानी से समझने योग्य बनाना. SEO ऑप्टिमाइज्ड: डिजिटल पाठकों की पसंद और सर्च इंजन की आवश्यकताओं के अनुसार लेखन. पाठक-केंद्रित: जानकारी को केवल सूचनात्मक नहीं, बल्कि व्यावहारिक जीवन में उपयोगी बनाना. मेरा उद्देश्य पारंपरिक ज्ञान और आधुनिक जीवन के बीच एक पुल बनना है, ताकि पाठक प्रामाणिक जानकारी को सरलता से अपने जीवन में उतार सकें."
प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखते हैं. अपने लंबे पत्रकारिता कार्यकाल में उन्होंने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाईं. वर्तमान में वे ABP न्यूज़ से जुड़े रहे हैं और झांसी से सक्रिय पत्रकारिता करते रहे हैं. बुंदेलखंड क्षेत्र की जमीनी समस्याओं, जनहित के मुद्दों और प्रशासनिक जवाबदेही से जुड़ी पत्रकारिता उनकी विशेष पहचान रही है. उन्होंने अपने करियर में राजनीति, अपराध, विकास और भ्रष्टाचार से संबंधित अनेक प्रभावशाली और तथ्यपरक खबरें सामने लाईं, जिनका समाज और प्रशासन पर प्रत्यक्ष असर पड़ा.
प्रतीक्षा राणावत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 12 वर्षों का अनुभव है. इन्होंने भोपाल स्थित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मल्टीमीडिया (B.Sc - Multimedia) में ग्रेजुएशन किया है और इसके बाद जन संचार (Mass Communication) में पोस्ट ग्रेजुएशन भी किया है. अपने करियर की शुरुआत इन्होंने न्यूज़ एंकर के रूप में की, लेकिन समय के साथ लेखन में भी अपनी मजबूत पहचान बनाई. वर्तमान में प्रतीक्षा बिजनेस और यूटिलिटी विषयों के लिए लेखन करती हैं. इसके अलावा इन्होंने लंबे समय तक एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर भी लिखा है. लिखने के साथ- साथ ही इन्हें ट्रैवलिंग, नई चीज़ों को एक्सप्लोर करना और किताबें पढ़ने का भी शौक है

प्रतीक्षा राणावत कॉपी एडिटर

प्रांजुल श्रीवास्तव एबीपी न्यूज में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. फिलहाल फीचर डेस्क पर काम कर रहे प्रांजुल को पत्रकारिता में 9 साल तजुर्बा है. खबरों के साइड एंगल से लेकर पॉलिटिकल खबरें और एक्सप्लेनर पर उनकी पकड़ बेहतरीन है. लखनऊ के बाबा साहब भीम राव आंबेडकर विश्वविद्यालय से पत्रकारिता का 'क, ख, ग़' सीखने के बाद उन्होंने कई शहरों में रहकर रिपोर्टिंग की बारीकियों को समझा और अब मीडिया के डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़े हुए हैं. प्रांजुल का मानना है कि पाठक को बासी खबरों और बासी न्यूज एंगल से एलर्जी होती है, इसलिए जब तक उसे ताजातरीन खबरें और रोचक एंगल की खुराक न मिले, वह संतुष्ट नहीं होता. इसलिए हर खबर में नवाचार बेहद जरूरी है. प्रांजुल श्रीवास्तव काम में परफेक्शन पर भरोसा रखते हैं. उनका मानना है कि पत्रकारिता सिर्फ सूचनाओं को पहुंचाने का काम नहीं है, यह भी जरूरी है कि पाठक तक सही और सटीक खबर पहुंचे. इसलिए वह अपने हर टास्क को जिम्मेदारी के साथ शुरू और खत्म करते हैं.  अलग अलग संस्थानों में काम कर चुके प्रांजुल को खाली समय में किताबें पढ़ने, कविताएं लिखने, घूमने और कुकिंग का भी शौक है. जब वह दफ्तर में नहीं होते तो वह किसी खूबसूरत लोकेशन पर किताबों और चाय के प्याले के साथ आपसे टकरा सकते हैं.
फियाज उल मुस्तफा उत्तर प्रदेश के रामपुर से ताल्लुक रखते हैं. उन्होंने जामिया मिल्लिया इस्लामिया, नई दिल्ली से पीजी टीवी जर्नलिज्म किया है, जबकि रोहिलखंड विश्वविद्यालय, बरेली से राजनीति विज्ञान में स्नातक की डिग्री प्राप्त की है. फियाज उल मुस्तफा को राजनीतिक और एंटरटेनमेंट बीट्स पर काम करने का अनुभव है. वर्तमान में वे एबीपी न्यूज की डिजिटल टीम का हिस्सा हैं, जहां वे देश के विभिन्न राज्यों से जुड़ी अपराध और राजनीतिक खबरें लिखते और एडिट करते हैं. इस दौरान उन्हें रिपोर्टिंग, कॉपी एडिटिंग और न्यूजरूम ऑपरेशन्स का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हो रहा है. वे खबरों को सरल, साफ और तथ्य के साथ लोगों तक पहुंचाने में विश्वास रखते हैं. रामपुर के छोटे से गांव से निकलकर फियाज ने अपनी अलग खास पहचान बनाई है, वह न्यूज रूम में अपनी शानदार छवि को लेकर हमेशा चर्चा में रहते हैं.
मनोज कुमार (मुकुल) इस वक्त abp न्यूज में बतौर एक्जक्यूटिव प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. मनोज abp न्यूज के संपादकीय विभाग में बीते 17 सालों से जुड़े हैं. abp न्यूज पर 'कौन बनेगा मुख्यमंत्री' से लेकर 'कौन बनेगा प्रधानमंत्री' जैसे हिट शो मनोज के नेतृत्व में सफल रहे हैं. चुनाव मतलब abp न्यूज के लिए पर्दे के पीछे से काम करने वाले प्रमुख चेहरों में से इनका नाम लिया जाता है. पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखने से पहले इन्होंने देश के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान भारतीय जन संचार संस्थान (IIMC) के हिंदी विभाग से मास मीडिया में PG डिप्लोमा का कोर्स किया है. मनोज बिहार की राजनीति पर लगातार लिखते रहे हैं. उत्तर भारत खासकर हिंदी क्षेत्र की राजनीति पर अच्छी पकड़ रखते हैं. साल 2015, 2020 के बिहार चुनाव, 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान मनोज के लिखे लेख काफी चर्चित रहे हैं. 2020 के बिहार चुनाव नतीजों का इनका अनुमान सटीक रहा था. मनोज राजनीति, चुनाव विश्लेषण, समाज, ग्रामीण समस्या जैसे संजीदा मसलों के हल में रूचि रखते हैं और इन मुद्दों पर लगातार लिखते रहते हैं.
मयंक प्रताप सिंह एक वरिष्ठ पत्रकार और डिजिटल न्यूज़ प्रोफेशनल हैं, जिनके पास इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में 18 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उन्होंने देश के प्रमुख मीडिया संगठनों के साथ काम करते हुए ब्रेकिंग न्यूज़, पॉलिटिकल कवरेज, ग्राउंड रिपोर्टिंग और डिजिटल कंटेंट स्ट्रेटेजी के क्षेत्र में मजबूत पहचान बनाई है. अपने करियर की शुरुआत से ही मयंक ने न्यूज़रूम की बदलती जरूरतों के अनुरूप टीवी और डिजिटल प्लेटफॉर्म दोनों पर कंटेंट डेवलपमेंट और न्यूज़ मैनेजमेंट में विशेषज्ञता हासिल की. उन्होंने इंडिया टुडे ग्रुप में लंबे समय तक कार्य करते हुए राष्ट्रीय स्तर की प्रमुख खबरों, विशेष श्रृंखलाओं और डिजिटल न्यूज़ पैकेजिंग पर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. इसके बाद उन्होंने GNT (Good News Today) में इनपुट लीड के रूप में कार्य करते हुए न्यूज़रूम ऑपरेशन, स्टोरी प्लानिंग, रिपोर्टर कोऑर्डिनेशन और कंटेंट क्वालिटी कंट्रोल की जिम्मेदारियाँ संभालीं. ज़ी न्यूज़ में रहते हुए उन्होंने मल्टी-प्लेटफॉर्म न्यूज़ प्रोडक्शन, डिजिटल एंगल स्टोरीज़ और स्पेशल प्रोजेक्ट्स पर काम किया. IBN7 (वर्तमान News18 India) में इनपुट टीम का हिस्सा रहते हुए मयंक ने पॉलिटिकल, सोशल और नेशनल इश्यूज़ पर कई महत्वपूर्ण कवरेज को लीड किया. वर्तमान में मयंक सिंह ABP News में न्यूज़ एडिटर के रूप में कार्यरत हैं, जहाँ वे डिजिटल न्यूज़ वेबसाइट के लिए कंटेंट स्ट्रेटेजी, ब्रेकिंग न्यूज़ मैनेजमेंट, एक्सप्लेनेर और इन-डेप्थ वेब कॉपीज़ पर विशेष ध्यान देते हैं. वे SEO-फ्रेंडली न्यूज़ लेखन, डेटा-ड्रिवन स्टोरीज़, ग्राउंड-आधारित रिपोर्टिंग और रियल-टाइम डिजिटल पब्लिशिंग में दक्ष हैं. मयंक की पत्रकारिता का फोकस राजनीति, चुनाव, सामाजिक मुद्दे, पब्लिक पॉलिसी और ग्राउंड रियलिटी आधारित रिपोर्टिंग रहा है. वे न्यूज़रूम में स्पीड, एक्युरेसी और एनालिटिकल अप्रोच के लिए जाने जाते हैं. उनका उद्देश्य डिजिटल युग में पाठकों को विश्वसनीय, तथ्यपरक और प्रभावशाली पत्रकारिता उपलब्ध कराना है.
मीनू झा पिछले 8 साल से हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े मुद्दों पर लिख रही हैं. उन्होंने ग्वालियर के जीवाजी यूनिवर्सिटी से इकनॉमिक्स में एमए और भारतीय विद्या भवन से जर्नलिज़्म की पढ़ाई की है. लिखना उनके लिए सिर्फ एक प्रोफेशन नहीं, बल्कि दिल की बात कहने का तरीका है. उन्हें घूमना, पढ़ना और पेंटिंग करना बहुत पसंद है। हर नई जगह, हर नई किताब और हर रंग उनके लेखों में कहीं न कहीं झलकते हैं. इसके साथ ही स्टोरी की स्ट्रैटेजी से टारगेट हासिल करना है, यही हुनर उनकी असल ताकत है. Digital Skills  डिजिटल युग की मांग को समझते हुए इन्होंने ने SEO और डेटा एनालिटिक्स में अलग-अलग ट्रेनिंग और कोर्स के जरिए अपनी दक्षता को एक नई ऊंचाई दी है. इतना ही नहीं स्वास्थ्य से जुड़ी तस्वीरों की बेहतरीन समझ रखने वाली मीनू Canva जैसे डिज़ाइन टूल्स में एक्सपर्ट हैं, जो उन्हें विज़ुअल कंटेंट प्लानिंग और सोशल मीडिया ऑप्टिमाइजेशन में एक बेहतरीन लीडर के तौर पर उभारता है.

मीनू झा Content Writer

मेघा प्रसाद सीनियर एडिटर (पॉलिटिकल अफेयर्स)

.

मोहन यादव मुख्यमंत्री, मध्य प्रदेश

मोहम्मद मोईन को पत्रकारिता का करीब तीन दशक का अनुभव है. वह प्रिंट - इलेक्ट्रानिक और डिजिटल तीनों ही माध्यमों में सालों तक काम कर चुके हैं. ABP नेटवर्क से वह पिछले करीब 18 सालों, स्टार न्यूज़ के समय से ही जुड़े हुए हैं. राजनीति - धर्म और लीगल टापिक के साथ सम सामयिक विषयों के एक्सपर्ट हैं. पत्रकार होने के साथ ही राजनीतिक विश्लेषक, एक्सपर्ट पैनलिस्ट, आलोचक और टिप्पणीकार भी हैं. इनकी चुनावी भविष्यवाणी ज्यादातर मौकों पर सटीक साबित हुई है. 8 लोकसभा चुनाव और कई विधानसभा चुनाव कवर कर चुके हैं. 7 कुंभ और महाकुंभ की कवरेज कर अपनी अलग पहचान बनाई है. यह अपनी बेबाक- निष्पक्ष और तथ्यपरक पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं. मोहम्मद मोईन ने चार विषयों पत्रकारिता एवं जनसंचार, राजनीति विज्ञान, हिंदी और मध्यकालीन व आधुनिक इतिहास विषयों में मास्टर डिग्री यानी स्नातकोत्तर किया हुआ है. लॉ ग्रेजुएट भी हैं. देश के कई राज्यों में काम करने का अनुभव रखते हैं. देश की तमाम नामचीन हस्तियों का इंटरव्यू ले चुके हैं और कई चर्चित घटनाओं को कवर चुके हैं. 
एबीपी न्यूज से जुड़े मोहित राज दुबे एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो देश की राजनीति, संसद और जमीनी स्तर की रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने लखनऊ विश्वविद्यालय से बीकॉम और पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन में पीजी डिप्लोमा किया है. इसके बाद दिल्ली के Aurobindo Institute of Mass Communication से जर्नलिज्म में पीजी डिप्लोमा तथा Guru Jambheshwar University से एमए इन मास कम्युनिकेशन पूरा किया है. वे प्रेस क्लब ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष निर्वाचित हुए. वे राजनीति से लेकर संसद की रिपोर्टिंग करते हैं. उनके व्यापक रिपोर्टिंग अनुभव में शामिल है: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव (2007, 2013, 2017, 2022), लोकसभा चुनाव (2009, 2014, 2019, 2024), देश के कई राज्यों के विधानसभा चुनावों की जमीनी कवरेज, 2013 उत्तराखंड बाढ़ की एक्सक्लूसिव ग्राउंड रिपोर्ट, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गुजरात से दिल्ली आगमन की कवरेज और कोविड-19 महामारी के दौरान लगातार रिपोर्टिंग. राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा और न्याय यात्रा की विस्तृत कवरेज भी किया है. उनकी पत्रकारिता का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, 2024 के चुनाव नतीजों के बाद 10 जनवरी को राहुल गांधी का एकमात्र इंटरव्यू लेना.
रजनी उपाध्याय बीते करीब छह वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखने वाली रजनी ने आगरा विश्वविद्यालय से पोस्ट ग्रेजुएशन किया है. बचपन से ही पढ़ने-लिखने में गहरी रुचि थी और यही रुचि उन्हें मीडिया की दुनिया तक ले आई. अपने छह साल के पत्रकारिता सफर में रजनी ने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम किया. उन्होंने न्यूज, एंटरटेनमेंट और एजुकेशन जैसे प्रमुख वर्टिकल्स में अपनी पहचान बनाई. हर विषय में गहराई से उतरना और तथ्यों के साथ-साथ भावनाओं को भी समझना, उनकी पत्रकारिता की खासियत रही है. उनके लिए पत्रकारिता सिर्फ खबरें लिखना नहीं, बल्कि समाज की धड़कन को शब्दों में ढालने की एक कला है. रजनी का मानना है कि एक अच्छी स्टोरी सिर्फ हेडलाइन नहीं बनाती, बल्कि पाठकों के दिलों को छूती है. वर्तमान में वे एबीपी लाइव में कार्यरत हैं, जहां वे एजुकेशन और एग्रीकल्चर जैसे अहम सेक्टर्स को कवर कर रही हैं. दोनों ही क्षेत्र समाज की बुनियादी जरूरतों से जुड़े हैं और रजनी इन्हें बेहद संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ संभालती हैं. खाली समय में रजनी को संगीत सुनना और किताबें पढ़ना पसंद है. ये न केवल उन्हें मानसिक सुकून देते हैं, बल्कि उनकी रचनात्मकता को भी ऊर्जा प्रदान करते हैं.
रत्नाकर पाण्डेय एक डायनामिक मीडिया प्रोफेशनल हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 10 साल से ज़्यादा का अनुभव है. वे खबरों को साफ, सटीक और असरदार तरीके से पेश करने में माहिर हैं. नेशनल और इंटरनेशनल मुद्दों के साथ-साथ उन्हें स्पोर्ट्स की गहरी समझ है. वे खेल से जुड़ी खबरें और एनालिसिस को आसान और दिलचस्प भाषा में लिखते हैं, जिससे पाठक सीधे जुड़ाव महसूस करते हैं. मीडिया के अलावा रत्नाकर पाण्डेय एक सिंगर और म्यूजिक कंपोज़र भी हैं. शब्दों और संगीत दोनों पर उनकी अच्छी पकड़ है, जो उनकी सोच और क्रिएटिविटी को अलग पहचान देती है. यही वजह है कि उनकी लेखनी में जानकारी के साथ-साथ एक खास फ्लो और फील भी नजर आता है.
राजेश कुमार पत्रकारिता जगत में पिछले करीब 14 सालों से ज्यादा वक्त से अपना योगदान दे रहे हैं. राष्ट्रीय और सामाजिक मुद्दों से लेकर अपराध जगत तक, हर मुद्दे पर वह स्टोरी लिखते आए हैं. इसके साथ ही, किसी खबरों पर किस तरह अलग-अलग आइडियाज के साथ स्टोरी की जाए, इसके लिए वह अपने सहयोगियों का लगातार मार्गदर्शन करते रहे हैं. इनकी अंतर्राष्ट्रीय जगत की खबरों पर खास नज़र रहती है, जबकि भारत की राजनीति में ये गहरी रुचि रखते हैं. इन्हें क्रिकेट खेलना काफी पसंद और खाली वक्त में पसंद की फिल्में भी खूब देखते हैं. पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर ऑफ ब्रॉडकास्ट जर्नलिज्म किया है. राजनीति, चुनाव, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और अर्थव्यवस्था जैसे मुद्दों पर राजेश कुमार लगातार लिखते आ रहे हैं.
राहुल महाजन का पत्रकारिता का सफर पिछले 25 साल से निरंतर जारी है. इस दौरान उन्होंने जनसत्ता, ज़ी टीवी, आज तक, स्टार टीवी, न्यूज़ 24, राज्यसभा टेलिविज़न और दूरदर्शन जैसे देश के सबसे सम्मानित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया. स्टार न्यूज़ और न्यूज़ 24 को खड़ा करने और मुकाम दिलाने में उनकी बेहद खास भूमिका रही. उन्होंने केद्र की राजनीतिक घटनाओं पर लगातार एक दशक से भी ज़्यादा समय तक रिपोटिंग की. खासतौर से उन्हें केंद्रीय राजनीति, संसदीय घटनाक्रम, बीजेपी और संघ परिवार की रिपोर्टिंग में महारत हासिल है. जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद और पाकिस्तान-भारत रिश्तों पर उन्हें कश्मीर घाटी और पाकिस्तान से रिपोर्टिंग का लंबा अनुभव रहा है. राहुल महाजन स्टार टीवी में वरिष्ठ संपादक और न्यूज़ 24 में वरिष्ठ कार्यकारी संपादक के पद पर काम कर चुके हैं. देश की टीवी पत्रकारिता में शिखर तक पंहुचने के बावजूद राहुल कहते हैं कि उन्हे सबसे ज़्यादा  संतुष्टि पत्रकारिता सीख रहे युवाओं से बातचीत और उन्हें पत्रकारिता के बारे में समझाने में मिलती है. राहुल महाजन को टीवी चैनलों को खुद शुरू करने और उन्हे सफल बनाने का भी लंबा अनुभव है. उन्होने न्यूज़ 24, ई-24, दर्शन 24, भास्कर टीवी, ए 1 टीवी राजस्थान जैसे टीवी चैनलों को शुरु किया है. वे देश के सबसे बड़े टीवी संस्थान प्रसार भारती के साथ संपादकीय सलाहकार के पद पर भी रहें हैं. राहुल महाजन हिमाचल प्रदेश से संबध रखते हैं और हिमाचल प्रदेश विश्वविद्धालय से उन्होंने पत्रकारिता में स्नातकोत्तर किया है. दूरदर्शन के आने वाले नए चैनलों और नई योजनाओं की संपादकीय और व्यवसायिक सफलता के लिए प्रसार भारती को तीन साल तक सलाह देने के बाद राहुल महाजन देश की सबसे सर्वोच्च संस्था यानी संसद से जुड़े और राज्यसभा टीवी के प्रधान संपादक बने. राज्यसभा टीवी के संपादक रहते हुए उन्होने राज्यसभा टीवी को एक अलग पहचान दी, जहां यूपीएससी की परिक्षा देने वाले और प्रतियोगी परिक्षा में बैठने वाले छात्रों के लिए राज्यसभा टीवी सबसे पसंदीदा चैनल बन गया. राज्यसभा टीवी से एक बार फिर राहुल महाजन ने दूरदर्शन का रुख किया और उन्हें प्रसार भारती में दूरदर्शन के हेड कंटेंट ऑपरेशंस की जिम्मेदारी दी गई, जहां वे 3 साल रहे और पिछड़ चुके दूरदर्शन के चैनलों के कंटेंट को बेहतर बनाया हैं.
राहुल सांकृत्यायन, abp live में बतौर डिप्टी न्यूज़ एडिटर कार्यरत हैं और स्टेट्स टीम का नेतृत्व कर रहे हैं. राहुल राजनीति, शासन-प्रशासन और समकालीन विषयों की खबरों की कवरेज और खबरों एवं घटनाक्रमों के संपादकीय समन्वय की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. पत्रकारिता के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव रखने वाले राहुल ने अपने करियर की शुरुआत में राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और फीचर डेस्क पर भी काम किया है. उनकी विशेष रुचि राजनीतिक खबरों, अपराध से जुड़े मामलों और राज्यों की समकालीन राजनीतिक गतिविधियों की कवरेज में रही है. राहुल इससे पहले न्यूज़18 हिन्दी, वनइंडिया हिन्दी और अमर उजाला जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर काम कर चुके हैं, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज और स्टेट्स कवरेज में महत्वपूर्ण अनुभव हासिल किया. अपने पत्रकारिता करियर के दौरान राहुल ने कई महत्वपूर्ण घटनाओं और बड़े आयोजनों की कवरेज की है, जिनमें कर्नाटक विधानसभा चुनाव 2018, लोकसभा चुनाव 2024 ऑपरेशन सिंदूर और महाकुंभ 2025 जैसे प्रमुख घटनाक्रम शामिल हैं. राहुल ने देश के प्रतिष्ठित पत्रकारिता संस्थान भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), नई दिल्ली से हिन्दी पत्रकारिता में शिक्षा प्राप्त की है. उन्होंने इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय के आनुषंगिक महाविद्यालय ईश्वर शरण डिग्री कॉलेज, प्रयागराज से बी.कॉम किया है. इसके अलावा राहुल ने केंद्रीय विद्यालय बस्ती से हाईस्कूल और सरस्वती विद्या मंदिर रामबाग, बस्ती से इंटरमीडिएट की पढ़ाई की. आगे चलकर गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार से दूरस्थ शिक्षा कार्यक्रम के तहत पत्रकारिता में परास्नातक भी किया. खबरों के अलावा साहित्य और वैचारिक लेखन में भी राहुल की गहरी रुचि है. राहुल हिंदी साहित्य के प्रमुख रचनाकारों जैसे राहुल सांकृत्यायन, यशपाल, मुंशी प्रेमचंद, हजारी प्रसाद द्विवेदी और सर्वेश्वर दयाल सक्सेना के लेखन को विशेष रूप से पढ़ना पसंद करते हैं. इसके साथ ही ओम प्रकाश वाल्मिकी, महादेवी वर्मा, अष्टभुजा शुक्ल, विनोद शुक्ल, दुष्यंत कुमार, रामनाथ सिंह, अदम गोंडवी, राही मासूम रजा, गोपाल दास नीरज की रचनाओं में भी उनकी दिलचस्पी है. खबरों के लिए राहुल से rahulsa@abpnetwork.com पर संपर्क किया जा सकता है. 
लगभग 27 वर्षों के अनुभव के साथ राहुल सिंह जनपद के स्वतंत्र एवं मान्यता प्राप्त पत्रकार के रूप में एक मजबूत पहचान रखते हैं. अपने करियर की शुरुआत उन्होंने प्रतिष्ठित इलेक्ट्रॉनिक मीडिया संस्थान से की, जहां से उन्हें पत्रकारिता के व्यावहारिक पहलुओं की गहरी समझ मिली. राष्ट्रीय स्तर पर वर्ष 2004 से स्टार न्यूज़ (वर्तमान में एबीपी न्यूज़) के साथ जुड़कर अपनी पहचान को और व्यापक बनाया. साथ ही एबीपी गंगा एवं एबीपी नेटवर्क के लिए भी उन्होंने उल्लेखनीय कार्य किया. स्वास्थ्य क्षेत्र में जनहित के कार्यों से जुड़े रहते हुए उन्होंने बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन के सहयोग से कार्य करने वाली संस्था के साथ लगभग दो वर्षों तक जिला समन्वयक के रूप में योगदान दिया, जहां उन्होंने सरकार की स्वास्थ्य योजनाओं को मजबूती देने में अहम भूमिका निभाई.उनकी ग्राउंड रिपोर्टिंग न केवल सटीक होती है, बल्कि समाज के हर वर्ग की आवाज को प्रभावी ढंग से सामने लाने का कार्य करती है.
पवन रेखा एक अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में ABP News में एंटरटेनमेंट एडिटर हैं. वे पिछले 11 वर्षों से ABPLive.com का हिस्सा हैं. जिनकी कलम मनोरंजन के साथ-साथ राजनीति, चुनाव, सामाजिक सरोकार और महिला अधिकार जैसे मुद्दों पर बिना रुके, बिना झुके रवां दवां है. मनोरंजन पत्रकारिता में उनका अनुभव सिर्फ़ रिपोर्टिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि वे लंबे समय से फिल्मों की समीक्षा (Film Reviews) भी कर रही हैं. Content Strategy ABP Live की एंटरटेनमेंट कलस्टर की पूरी कंटेंट स्ट्रैटजी, कवरेज प्लानिंग और टारगेट एग्जीक्यूशन की ज़िम्मेदारी पवन रेखा की है. इवेंट्स की कवरेज कैसे करनी है, किन ट्रेंड्स को फॉलो किया जाएगा और कौन सी स्टोरीज़ डिजिटल ऑडियंस को सबसे ज़्यादा कनेक्ट करेगी. टीम में काम का बंटवारा कैसे होगा और किस स्ट्रैटेजी से टारगेट हासिल करना है. यही हुनर उनकी असल ताकत है. Celebrity Interviews रेखा ने दिव्या दत्ता,  वरुण ग्रोवर, विद्युत जामवाल, सुधीर बाबू, फाजिलपुरिया, स्वानंद किरकिरे, कौसर मुनीर और फारुक कबीर जैसे दिग्गजों के एक्सक्लूसिव इंटरव्यू किए हैं.   Digital Skills  डिजिटल युग की मांग को समझते हुए पवन रेखा ने SEO, G4 ट्रेनिंग, AI आधारित कंटेंट वर्कफ्लो और डेटा एनालिटिक्स में अलग-अलग ट्रेनिंग और कोर्स के जरिए अपनी दक्षता को एक नई ऊंचाई दी है. रंग और तस्वीरों की बेहतरीन समझ रखने वाली रेखा Canva जैसे डिज़ाइन टूल्स में एक्सपर्ट हैं, जो उन्हें विज़ुअल कंटेंट प्लानिंग और सोशल मीडिया ऑप्टिमाइजेशन में एक बेहतरीन लीडर के तौर पर उभारता है. Expertise उनका जुड़ाव थिएटर और सिनेमा से बहुत पुराना है, वे सिर्फ़ ट्रेंड्स नहीं, ओटीटी की कंटेंट गहराई, कहानियों के प्लॉट और इसके सांस्कृतिक प्रभावों को समझती हैं और उन्हें बेहतरीन अंदाज़ से प्रस्तुत करने की कला रखती हैं. Professional Degree पवन रेखा ने बायोलॉजी में स्नातक और पत्रकारिता में MA Mass Communication किया है. साइंस की पढ़ाई ने उन्हें जहां वैज्ञानिक तथ्यों, किस्से और फैक्ट की समझ दी, वहीं पत्रतकारिता के क्षेत्र में ऊंच शिक्षा ने इस फील्ड की बारिकियों से रू-ब-रू कराया.  Publication पवन रेखा की लेखनी को ‘योजना’, ‘जनसत्ता’ जैसे मंचों पर जगह मिलती रही, जो उनके लेखन की गहराई को दर्शाता है. 'मेरा काम सिर्फ़ लिखना नहीं, समझाना भी है- और कभी-कभी, महसूस कराना भी' Social Media Instagram- https://www.instagram.com/rekhatripathii/ X- https://x.com/ Facebook - https://www.facebook.com/rekhatiwarip
वंशिका शर्मा को मीडिया इंडस्ट्री में 3 साल से ज़्यादा का अनुभव है और वह इस समय ABP लाइव के साथ काम कर रही हैं. उन्होंने ABP की English वेबसाइट के लिए भी काम किया है और नोएडा से ‘सास बहु और साज़िश’ के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को संभाला और लीड किया, जहाँ एंटरटेनमेंट से जुड़ा कंटेंट सीधे दर्शकों तक पहुँचाया. फिलहाल वह एंटरटेनमेंट बीट देख रही हैं, जहाँ वह बॉलीवुड और टीवी कलाकारों के साथ-साथ सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स के अच्छी तरह से प्लान किए गए, मज़ेदार और जानकारी से भरपूर इंटरव्यू करती हैं. उनका तरीका ऐसा रहता है कि बातचीत दिलचस्प भी हो और दर्शकों को कुछ नया जानने को भी मिले. पढ़ने और घूमने की शौकीन हैं और नई जगहें एक्सप्लोर करना उन्हें पसंद है. नए लोगों से मिलना-जुलना और उनकी कहानियाँ जानना उन्हें खास तौर पर आकर्षित करता है. सोशल मीडिया पर वह काफी एक्टिव रहती हैं और अपनी पोस्ट्स, इंटरव्यू और कंटेंट के ज़रिए लोगों से जुड़े रहना पसंद करती हैं. वंशिका इम्पैक्टफुल एंटरटेनमेंट जर्नलिज़्म की राह पर आगे बढ़ रही हैं और उनका मानना है कि मनोरंजन की खबरें भी जिम्मेदारी और समझदारी के साथ दिखाई जानी चाहिए. 
वीरेश पाण्डेय इस समय  ABP Ganga में Associate Editor के पद पर काम कर रहे हैं. वीरेश ने लखनऊ यूनिवर्सिटी से MA और जामिया विश्वविद्यालय दिल्ली से मास कम्यूनिकेशन Tv जर्नलिज्म में किया हुआ है. वीरेश कुमार पाण्डेय ने अपने पत्रकारिता जीवन की शुरुआत साल 2004 में की थी. पत्रकारिता की शुरुआत करके साल 2016 तक दिल्ली में एक Producer से लेकर वरिष्ठ संवाददाता तक का सफ़र तय किया. जिसमें देश की संसद के दोनों सदनों राज्यसभा- लोकसभा को कवर करने का अवसर प्राप्त हुआ. साल 2016 में Bureau Chief बनकर लखनऊ आ गये. उसके बाद साल 2019 फ़रवरी में लोकसभा चुनाव से पहले ABP Network के साथ यूपी Bureau Chief पद के दायित्व के साथ जुड़ गये तब से अब तक ये सफ़र आज तक जारी है.
'शिवी बाजपेई' ने हिंदी पत्रकारिता की पढ़ाई की है. इनको धर्म और आध्यात्म लेखन में विशेष रुचि हैं. इन्होनें टैरो, लव राशिफल, अंक ज्योतिष, धर्म, वास्तु शास्त्र आदि विषय का अध्ययन किया. वर्तमान समय में एबीपी लाइव के एस्ट्रो/धर्म सेक्शन के लिए बतौर इंटर्न लेखन कार्य कर रही हैं. इनका मकसद धर्म और ज्योतिष के गूढ़ सिद्धांतों को आसान तरीके से लोगों तक पहुंचाना है, जिससे उनका जीवन आसान बन सके. धर्म और अध्यात्म से जुड़े विषय पर लिखना पढ़ना इन्हें अच्छा लगता है. फुरसत के समय में संगीत सुनना पसंद है. फिल्में देखना भी पसंद है. लेकिन खाली समय में ये ज्योतिष की बारीकियों को जानना अच्छा लगता है.
शेख इंजमाम उल हक हजरत शेख इंजमाम को पत्रकारिता में 2 साल से ज्यादा का अनुभव है. भारत की शाही संस्कृति और गौरवशाली इतिहास के गवाह राजस्थान से उनका संबंध है. भारत की शिक्षा नगरी के तौर पर मशहूर कोटा उनकी कर्मभूमि है, जहां हर साल हजारों युवक बड़े-बड़े सपने लेकर, आईआईटी–जेईई और नीट की तैयारी के लिए इस शहर को अपना बसेरा बनाते हैं, लेकिन इंजमाम को इस शहर का ये माहौल रास नहीं आया और उन्होंने डॉक्टर, इंजीनियर बनने के बजाए पत्रकार बनने का फैसला किया. हालांकि, कोटा से 72 किमी दूर एक छोटे से गांव सीसवाली में जन्म लेने वाले इंजमाम ने इंटरमीडियट तक की पढ़ाई इसी शहर से की. बचपन से हिंदी में रुचि और लगाव उन्हें पत्रकारिता के लिए दिल्ली खींच लाया. जहां उन्होंने पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री ली. उन्होंने जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी साहित्य में MA और एम.फिल. की डिग्री भी हासिल की. इंडिया न्यूज़ और विकिपीडिया के लिए कार्य करने के बाद इंजमाम एबीपी लाइव से बतौर ट्रेनी जुड़े और अब प्रमोट होकर बतौर कॉपी एडिटर अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं. शेख इंजमाम का हिंदी और उर्दू से खासा लगाव है और दोनों भाषाओं में शौकिया शायरी भी करते हैं. उन्होंने कई कविताएं रची हैं और अनेक साहित्यिक लेखों का सृजन किया है. साहित्य की एक अन्य विधा व्यंग्य भी उनका पसंदीदा विषय है. ट्रेंडिंग और राजनीति उनकी पसंदीदा बीट है. राजनीतिक खबरों पर पैनी नजर की वजह से वो रोजाना के ट्रेंड और सोशल मीडिया पर पनपने वाले विचारों की बखूबी समझ रखते हैं. शेख इंजमाम को घूमना पसंद है और उन्होंने भारत के कई शहरों और देहात का सफर किया है और वहां के रीति रिवाज, रहन सहन और सामाजिक ताने बाने को खूब समझते हैं. इंजमाम को फिल्में देखने और गाने सुनने का भी शौक है. अमरीश पुरी और सलमान खान को वह अपने पसंदीदा अभिनेताओं में शुमार करते हैं. सूफी और क्लासिकल म्यूजिक भी उन्हें रुहानी सुकून देता है. उन्हें फिल्मी अभिनेताओं, कलाकारों और नेताओं के इंटरव्यू देखने का भी शौक है. भाषा पर मजबूत पकड़ और लेखन की विभिन्न शैली में गहरी समझ रखने की वजह से वो खूबसूरत अंदाज़ में बड़ी आसानी से खबरों को पेश करने में सफल रहते हैं.

श्रीप्रकाश सिंह, प्रोफेसर कुलपति, हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय, गढ़वाल उत्तराखंड

जर्नलिज्म की दुनिया में करीब 15 साल बिता चुकीं सोनम की अपनी अलग पहचान है. वह खुद ट्रैवल की शौकीन हैं और यही वजह है कि अपने पाठकों को नई-नई जगहों से रूबरू कराने का माद्दा रखती हैं. लाइफस्टाइल और हेल्थ जैसी बीट्स में उन्होंने अपनी लेखनी से न केवल रीडर्स का ध्यान खींचा है, बल्कि अपनी विश्वसनीय जगह भी कायम की है. उनकी लेखन शैली में गहराई, संवेदनशीलता और प्रामाणिकता का अनूठा कॉम्बिनेशन नजर आता है, जिससे रीडर्स को नई-नई जानकारी मिलती हैं.  लखनऊ यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म में ग्रैजुएशन रहने वाली सोनम ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत भी नवाबों के इसी शहर से की. अमर उजाला में उन्होंने बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद दैनिक जागरण के आईनेक्स्ट में भी उन्होंने काफी वक्त तक काम किया. फिलहाल, वह एबीपी लाइव वेबसाइट में लाइफस्टाइल डेस्क पर बतौर कंटेंट राइटर काम कर रही हैं. ट्रैवल उनका इंटरेस्ट  एरिया है, जिसके चलते वह न केवल लोकप्रिय टूरिस्ट प्लेसेज के अनछुए पहलुओं से रीडर्स को रूबरू कराती हैं, बल्कि ऑफबीट डेस्टिनेशन्स के बारे में भी जानकारी देती हैं. हेल्थ बीट पर उनके लेख वैज्ञानिक तथ्यों और सामान्य पाठकों की समझ के बीच बैलेंस बनाते हैं. सोशल मीडिया पर भी सोनम काफी एक्टिव रहती हैं और अपने आर्टिकल और ट्रैवल एक्सपीरियंस शेयर करती रहती हैं.

सोनम Content Writer

सौरभ मिश्रा प्रयागराज के निवासी हैं. वह पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. अपने करियर की शुरुआत सौरभ ने 2020 में इंडिया अहेड से की, इसके बाद रिपब्लिक भारत में 2 महीने कार्य किया. सौरभ, वर्ष 2023 से अप्रैल 2025 तक मैं हिंदी खबर में एसोसिएट रिपोर्टर रहे. इन्होंने कई बड़े स्तरीय इवेंट और जन-सरोकार की खबरें कवर किए हैं. निष्पक्ष और तथ्य आधारित रिपोर्टिंग इनकी प्राथमिकता है.सौरभ ने पत्रकारिता जगत में पूरी ईमानदारी और मेहनत से काम किया है उन्हें हर दिन कुछ नया सीखना, लोगों से संवाद करना और समाज से जुड़े मुद्दों पर काम करना पसंद है. सौरभ ने स्नातक की पढ़ाई कानपुर यूनिवर्सिटी से की है और वर्तमान में भी पत्रकारिता से जुड़े हैं.

स्नेहा Senior Copy Editor

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की. अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.   लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.
हर्षिका मिश्रा, एस्ट्रोलॉजर हर्षिका मिश्रा ABP Live में ‘ज्योतिष और धर्म’ बीट को कवर करने वाली एक डिजिटल पत्रकार हैं. ज्योतिष शास्त्र में 3 वर्षों के अनुभव के साथ, वे पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक संदर्भ में समझाने और पाठकों तक सटीक एवं संतुलित जानकारी पहुंचाने पर काम करती हैं. नई दिल्ली स्थित AIMC से ‘टेलीविजन और रेडियो प्रोडक्शन’ में पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद, हर्षिका ने मीडिया जगत में अपनी एक विशिष्ट और प्रगतिशील पहचान बनाई है. पिछले एक वर्ष में उन्होंने ज्योतिष और धर्म से जुड़े विषयों पर निरंतर कार्य करते हुए एक स्पष्ट, सरल और भरोसेमंद लेखन शैली विकसित की है. हर्षिका का कार्य पारंपरिक ज्योतिष को आज के समय की जरूरतों से जोड़ना है. वे वैदिक ज्योतिष, अंक ज्योतिष (Numerology), वास्तु शास्त्र और शकुन शास्त्र जैसे विषयों को केवल भविष्यवाणी तक सीमित नहीं रखतीं, बल्कि उन्हें Gen-Z की सोच, करियर से जुड़े निर्णयों और रिलेशनशिप की समझ के साथ एकीकृत करती हैं. उनका फोकस जटिल ज्योतिषीय अवधारणाओं को सरल, व्यावहारिक और उपयोगी रूप में प्रस्तुत करने पर रहता है. वे मानती हैं कि ज्योतिष का उद्देश्य भय फैलाना नहीं, बल्कि व्यक्ति को सही समय (Timing) की समझ देकर बेहतर और संतुलित निर्णय लेने में सक्षम बनाना है. अपनी स्क्रिप्ट लेखन और वीडियो प्रोडक्शन की समझ के जरिए वे ग्रहों के गोचर और धार्मिक विश्लेषणों को एक ‘प्रैक्टिकल गाइड’ के रूप में प्रस्तुत करती हैं, जिससे पाठक उन्हें अपने जीवन में उतार सकें. उनका लेखन श्रीमद्भगवद्गीता के कर्म सिद्धांत से प्रेरित है, जो जीवन में संतुलन और जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़ने का संदेश देता है. ज्योतिष और पत्रकारिता के अलावा, हर्षिका की रुचि संगीत, साहित्य और यात्राओं में है, जो उनके दृष्टिकोण को गहराई और विविधता प्रदान करती हैं. हर्षिका का उद्देश्य ज्योतिष को अंधविश्वास के दायरे से बाहर निकालकर एक समझदारीपूर्ण, व्यावहारिक और जीवनोपयोगी मार्गदर्शक के रूप में स्थापित करना है.
हृदेश कुमार सिंह, Senior Vedic Astrologer | Astro Media Editor | Digital Strategy Leader "ज्योतिष केवल भविष्य बताने की विद्या नहीं, बल्कि समय को समझने की कला है." हृदेश कुमार सिंह लंबे समय से ज्योतिष, धर्म, अध्यात्म और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वे उन चुनिंदा लोगों में माने जाते हैं जिन्होंने पारंपरिक ज्योतिष को आज की बदलती दुनिया, डिजिटल संस्कृति और नई पीढ़ी की सोच से जोड़ने का प्रयास किया है. उनके लिए ज्योतिष केवल ग्रहों की गणना नहीं, बल्कि मानव व्यवहार, सही समय और जीवन के निर्णयों को समझने का माध्यम है. वर्तमान में वे ABP Live में Astro, Religion और Dharma LIVE से जुड़े कंटेंट और डिजिटल रणनीति का नेतृत्व कर रहे हैं. यहां उनका फोकस ज्योतिष और धर्म को ऐसे रूप में प्रस्तुत करना है, जो आज के पाठकों और दर्शकों की जिंदगी से सीधे जुड़ सके. यही कारण है कि उनके लेखन और विश्लेषण में केवल पारंपरिक बातें नहीं, बल्कि करियर, रिश्ते, मानसिक तनाव, सामाजिक बदलाव, तकनीक और बदलती जीवनशैली जैसे विषय भी दिखाई देते हैं. उन्होंने Indian Institute of Mass Communication (IIMC), New Delhi से पत्रकारिता और IIMT University Meerut से ज्योतिष शास्त्र व वास्तु शास्त्र की पढ़ाई की है और Astrosage व Astrotalk जैसे प्लेटफॉर्म्स के साथ भी काम किया है. मीडिया, ऑडियंस बिहेवियर, डिजिटल पब्लिशिंग और कंटेंट रणनीति की समझ ने उनके काम को अलग पहचान दी है. हृदेश कुमार सिंह के कई ज्योतिषीय और सामाजिक विश्लेषण समय-समय पर चर्चा में रहे हैं. राजनीति, शेयर बाजार, मनोरंजन जगत, AI और बदलते सामाजिक माहौल जैसे विषयों पर उनके आकलनों ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया है. उनके विश्लेषण वैदिक गणना, गोचर, मेदिनी ज्योतिष और समाज की बदलती मानसिकता की समझ पर आधारित होते हैं. वे वैदिक ज्योतिष, होरा शास्त्र, संहिता, मेदिनी ज्योतिष, अंक ज्योतिष और वास्तु शास्त्र जैसे विषयों पर अध्ययन और लेखन करते रहे हैं. करियर, विवाह, व्यापार, शिक्षा और जीवन के महत्वपूर्ण फैसलों से जुड़े विषयों पर वे पारंपरिक ज्योतिष को आधुनिक जीवन की वास्तविक परिस्थितियों से जोड़कर देखने का प्रयास करते हैं. डिजिटल दौर में ज्योतिष को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए उन्होंने 'Gen-Z Horoscope' जैसे कॉन्सेप्ट पर भी काम किया, जिसमें राशिफल को केवल भाग्य या डर से जोड़कर नहीं, बल्कि career pressure, relationship confusion, emotional wellbeing और real-life decision making जैसी बातों से जोड़ा गया. उनका मानना है कि आज के समय में सबसे बड़ी चुनौती जानकारी की कमी नहीं, बल्कि सही समझ की कमी है. वे ज्योतिष को ऐसा माध्यम मानते हैं, जो व्यक्ति को डराने के बजाय उसे बेहतर निर्णय लेने और खुद को समझने में मदद कर सकता है. श्रीमद्भगवद्गीता के कर्म सिद्धांत, भगवान बुद्ध के संतुलन के विचार, सूफी चिंतन और आधुनिक मनोविज्ञान से प्रभावित उनकी सोच उनके लेखन में भी दिखाई देती है. यही वजह है कि उनका काम केवल भविष्यवाणी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि लोगों को सोचने और अपने जीवन को नए नजरिए से देखने के लिए प्रेरित करता है. ज्योतिष और मीडिया के अलावा उन्हें सिनेमा, संगीत, साहित्य, राजनीति, बाजार, पर्यावरण, ग्रामीण जीवन और यात्राओं में विशेष रुचि है. इन अनुभवों का असर उनके विषय चयन और लेखन शैली में साफ दिखाई देता है.
वर्षा का मीडिया के क्षेत्र में लगभग चार सालों का अनुभव है. वो e24, अमर उजाला, इंडिया न्यूज़ जैसे संस्थानों में बतौर एंकर काम कर चुकी हैं. फिलहाल वो एक साल से अधिक समय से ABP Live के साथ बतौर एंकर/प्रोड्यूसर जुड़ी हुई हैं. वर्षा ने  ABP Live के एक बड़े एंटरटेनमेंट वर्टीकल जिसका नाम Entertainment Live है, उसके लिए कई बड़े स्टार जैसे अजय देवगन, रकुल प्रीत, तापसी पन्नू, मिलिंद सोमन, राजकुमार राव, हनी सिंह जैसे सितारों की इंटरव्यू लिया है. उनका ऋतिक रोशन और सैफ अली खान के साथ का इंटरव्यू काफी चर्चाओं में रहा. वर्षा को घूमने का और गिटार बजाने का भी बेहद शौक है. आप वर्षा से ट्विटर पर @journovarsha, इंस्टाग्राम पर Vjarsha Rai और फेसबुक पर Varsha Rai पर जुड़ सकते हैं.

अंकित कौशिक संवाददाता

अनिल कुमार रिपोर्टर

अम्मार रिजवी रिपोर्टर

ऋषि गुप्ता रिपोर्टर

कृष्णा पोरवाल रिपोर्टर

निधि श्री संवाददाता

पंकज प्रजापति रिपोर्टर

प्रदीप कुमार रिपोर्टर

मोहित पारीक चीफ सब एडिटर

रवि शंकर दुबे रिपोर्टर

रविकांत Special Correspondent

राजीव पंडित संवाददाता

रोहित गुप्ता स्ट्रिंगर

रौनक पटेल ABP गुजराती

विकास धीमान स्ट्रिंगर

शक्ति सिंह रिपोर्टर

संजीत शाही रिपोर्टर

सरफराज खान रिपोर्टर

फोटो गैलरी

वीडियोज

Heat Wave Alert:बेजुबानों पर गर्मी का कहर,  जू का मेगा कूलिंग प्लान! | Summer
Heat Wave Alert:बेजुबानों पर गर्मी का कहर, जू का मेगा कूलिंग प्लान! | Summer
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

Other Authors

Advertisement
25°C
New Delhi
Rain: 100mm
Humidity: 97%
Wind: WNW 47km/h
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

हिंदू-मुस्लिम नहीं, अमीरी-गरीबी के मुद्दे पर होगी असली लड़ाई', कांग्रेस बैठक में बोले राहुल गांधी
हिंदू-मुस्लिम नहीं, अमीरी-गरीबी के मुद्दे पर होगी असली लड़ाई', कांग्रेस बैठक में बोले राहुल गांधी
उत्तराखंड में 19 IAS और 10 PCS अधिकारियों के तबादले, आशीष चौहान बने देहरादून के नए DM
उत्तराखंड में 19 IAS और 10 PCS अधिकारियों के तबादले, आशीष चौहान बने देहरादून के नए DM
प्लेऑफ से पहले RCB को लगा बड़ा झटका, खूंखार बल्लेबाज चोटिल होकर लौटा अपने देश
प्लेऑफ से पहले RCB को लगा बड़ा झटका, खूंखार बल्लेबाज चोटिल होकर लौटा अपने देश
Saturday BO: तीसरे दिन 40 करोड़ के पार पहुंची 'दृश्यम 3', 'करुप्पू' भी नहीं पीछे, जानें सेटरडे को फिल्मों की कमाई
तीसरे दिन 40 करोड़ के पार पहुंची 'दृश्यम 3', 'करुप्पू' भी नहीं पीछे, जानें सेटरडे को फिल्मों की कमाई
Advertisement

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
हिंदू-मुस्लिम नहीं, अमीरी-गरीबी के मुद्दे पर होगी असली लड़ाई', कांग्रेस बैठक में बोले राहुल गांधी
हिंदू-मुस्लिम नहीं, अमीरी-गरीबी के मुद्दे पर होगी असली लड़ाई', कांग्रेस बैठक में बोले राहुल गांधी
उत्तराखंड में 19 IAS और 10 PCS अधिकारियों के तबादले, आशीष चौहान बने देहरादून के नए DM
उत्तराखंड में 19 IAS और 10 PCS अधिकारियों के तबादले, आशीष चौहान बने देहरादून के नए DM
प्लेऑफ से पहले RCB को लगा बड़ा झटका, खूंखार बल्लेबाज चोटिल होकर लौटा अपने देश
प्लेऑफ से पहले RCB को लगा बड़ा झटका, खूंखार बल्लेबाज चोटिल होकर लौटा अपने देश
Saturday BO: तीसरे दिन 40 करोड़ के पार पहुंची 'दृश्यम 3', 'करुप्पू' भी नहीं पीछे, जानें सेटरडे को फिल्मों की कमाई
तीसरे दिन 40 करोड़ के पार पहुंची 'दृश्यम 3', 'करुप्पू' भी नहीं पीछे, जानें सेटरडे को फिल्मों की कमाई
Delhi Gymkhana Club: दिल्ली के जिमखाना क्लब को 5 जून तक खाली करने का आदेश, सरकार ने क्यों लिया ये फैसला?
दिल्ली के जिमखाना क्लब को 5 जून तक खाली करने का आदेश, सरकार ने क्यों लिया ये फैसला?
हैदराबाद में पेट्रोल की कीमत सबसे ज्यादा और दिल्ली में सबसे कम, जानें हर राज्य में क्यों अलग है रेट
हैदराबाद में पेट्रोल की कीमत सबसे ज्यादा और दिल्ली में सबसे कम, जानें हर राज्य में क्यों अलग है रेट
जिद और जल्दबाजी से मची चीख पुकार! क्रॉसिंग पर ट्रक से टकराई ट्रेन, VIDEO देख कांप जाएंगे
जिद और जल्दबाजी से मची चीख पुकार! क्रॉसिंग पर ट्रक से टकराई ट्रेन, VIDEO देख कांप जाएंगे
CBSE Fake Notice: CBSE ने वायरल नोटिस को बताया फर्जी, 12वीं स्कैन कॉपी और री-चेकिंग प्रक्रिया जारी
CBSE ने वायरल नोटिस को बताया फर्जी, 12वीं स्कैन कॉपी और री-चेकिंग प्रक्रिया जारी
Embed widget