एक्सप्लोरर

सांप काटने पर सोने क्यों नहीं देते, क्या इससे बच जाती है जान?

Snake Venom: सांप के काटने के बाद पीड़ित को सोने नहीं देना चाहिए. आइए जानते हैं इस दावे के पीछे कितनी सच्चाई है और ऐसा करने के पीछे की क्या वजह है.

Snake Venom: सांप के काटने के बाद पीड़ित को सोने नहीं देना चाहिए. आइए जानते हैं इस दावे के पीछे कितनी सच्चाई है और ऐसा करने के पीछे की क्या वजह है.

Snake Venom: ऐसा कहा जाता है कि सांप के काटने के बाद पीड़ित को सोने नहीं देना चाहिए क्योंकि ऐसा करना घातक हो सकता है. हालांकि जागते रहने से सांप का जहर बेअसर नहीं होता या फिर जीवित रहने की गारंटी नहीं मिलती है. आइए जानते हैं फिर इसके पीछे क्या वजह है किताब के काटने के बाद सोने नहीं दिया जाता.

1/8
कोबरा और क्रेट जैसे सांपों का न्यूरोटॉक्सिक जहर तंत्रिका तंत्र को प्रभावित कर सकता है. इससे पलके झपकना,  कमजोरी और काफी ज्यादा नींद जैसा महसूस हो सकता है. पीड़ित को रेस्पॉन्सिव बनाए रखने से यह पहचानना आसान हो जाता है कि उसकी स्थिति बिगड़ रही है या फिर नहीं.
कोबरा और क्रेट जैसे सांपों का न्यूरोटॉक्सिक जहर तंत्रिका तंत्र को प्रभावित कर सकता है. इससे पलके झपकना, कमजोरी और काफी ज्यादा नींद जैसा महसूस हो सकता है. पीड़ित को रेस्पॉन्सिव बनाए रखने से यह पहचानना आसान हो जाता है कि उसकी स्थिति बिगड़ रही है या फिर नहीं.
2/8
सोते हुए व्यक्ति तब भी सामान्य दिखाई दे सकता है जब जहर चेतना को प्रभावित कर रहा हो. पीड़ित को जगाए रखना और उसके साथ बातचीत करने से देखभाल करने वालों को सामान्य नींद और जहर की वजह से कम हुई चेतना के बीच अंतर करने में मदद मिलती है.
सोते हुए व्यक्ति तब भी सामान्य दिखाई दे सकता है जब जहर चेतना को प्रभावित कर रहा हो. पीड़ित को जगाए रखना और उसके साथ बातचीत करने से देखभाल करने वालों को सामान्य नींद और जहर की वजह से कम हुई चेतना के बीच अंतर करने में मदद मिलती है.
3/8
कुछ न्यूरोटॉक्सिक सांप का जहर सांस लेने के लिए जिम्मेदार मांसपेशियों को कमजोर कर सकता है. एक पीड़ित जो बेहोश हो जाता है वह सांस लेने में मुश्किल की रिपोर्ट करने में असमर्थ हो सकता है. इससे संभावित जीवन घातक आपातकाल की पहचान में देरी हो सकती है.
कुछ न्यूरोटॉक्सिक सांप का जहर सांस लेने के लिए जिम्मेदार मांसपेशियों को कमजोर कर सकता है. एक पीड़ित जो बेहोश हो जाता है वह सांस लेने में मुश्किल की रिपोर्ट करने में असमर्थ हो सकता है. इससे संभावित जीवन घातक आपातकाल की पहचान में देरी हो सकती है.
4/8
पीड़ित से लगातार बात करने से देखभाल करने वालों को सतर्कता और प्रतिक्रिया में बदलाव देखने में मदद मिलती है. प्रतिक्रिया करने में मुश्किल यह संकेत दे सकती है कि जहर तंत्रिका तंत्र को प्रभावित कर रहा है.
पीड़ित से लगातार बात करने से देखभाल करने वालों को सतर्कता और प्रतिक्रिया में बदलाव देखने में मदद मिलती है. प्रतिक्रिया करने में मुश्किल यह संकेत दे सकती है कि जहर तंत्रिका तंत्र को प्रभावित कर रहा है.
5/8
जागते रहने से जहर को फैलने से नहीं रोका जा सकता या फिर उसके प्रभाव को नहीं रोका जा सकता. अगर सांप जहरीला था तो संकेत मिलने पर एंटी वेनम सहित सिर्फ उचित चिकित्सा उपचार ही खतरे का समाधान कर सकता है.
जागते रहने से जहर को फैलने से नहीं रोका जा सकता या फिर उसके प्रभाव को नहीं रोका जा सकता. अगर सांप जहरीला था तो संकेत मिलने पर एंटी वेनम सहित सिर्फ उचित चिकित्सा उपचार ही खतरे का समाधान कर सकता है.
6/8
सांप के काटने के बाद पीड़ित को शांत रहना चाहिए क्योंकि बेवजह की हलचल से रक्त संचार बढ़ सकता है. तत्काल चिकित्सा देखभाल की व्यवस्था करते समय काटे गए अंग को स्थिर रखा जाना चाहिए.
सांप के काटने के बाद पीड़ित को शांत रहना चाहिए क्योंकि बेवजह की हलचल से रक्त संचार बढ़ सकता है. तत्काल चिकित्सा देखभाल की व्यवस्था करते समय काटे गए अंग को स्थिर रखा जाना चाहिए.
7/8
घड़ी, अंगूठी और दूसरे तंग कपड़े या फिर सहायक उपकरण प्रभावित अंग से हटा दिए जाने चाहिए क्योंकि काटने के बाद सूजन बढ़ सकती है. इसके बाद पीड़ित को बिना देर किए अस्पताल ले जाना चाहिए.
घड़ी, अंगूठी और दूसरे तंग कपड़े या फिर सहायक उपकरण प्रभावित अंग से हटा दिए जाने चाहिए क्योंकि काटने के बाद सूजन बढ़ सकती है. इसके बाद पीड़ित को बिना देर किए अस्पताल ले जाना चाहिए.
8/8
काटने वाली जगह को काटा नहीं जाना चाहिए और जहर को कभी भी मुंह से नहीं चूसना चाहिए. घरेलू उपचार पर भी समय बर्बाद नहीं करना चाहिए, तत्काल अस्पताल उपचार प्राथमिकता है.
काटने वाली जगह को काटा नहीं जाना चाहिए और जहर को कभी भी मुंह से नहीं चूसना चाहिए. घरेलू उपचार पर भी समय बर्बाद नहीं करना चाहिए, तत्काल अस्पताल उपचार प्राथमिकता है.

जनरल नॉलेज फोटो गैलरी

Sponsored Links by Taboola
Advertisement
Advertisement
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

क्या सत्ता परिवर्तन के लिए आंदोलन करना संवैधानिक नहीं, 'रिजीम चेंज' पर क्यों नाराज हुआ HC?
क्या सत्ता परिवर्तन के लिए आंदोलन करना संवैधानिक नहीं, 'रिजीम चेंज' पर क्यों नाराज हुआ HC?
दिल्ली की हवा में जहर, क्यों ठंड में सबसे ज्यादा परेशान करता है प्रदूषण?
दिल्ली की हवा में जहर, क्यों ठंड में सबसे ज्यादा परेशान करता है प्रदूषण?
क्या होता है IPO, इसे लॉन्च करने के बाद कंपनी में कौन-से बदलाव आते हैं?
क्या होता है IPO, इसे लॉन्च करने के बाद कंपनी में कौन-से बदलाव आते हैं?
एक किताब छपवाने का क्या है प्रोसेस, इसमें कितना खर्चा?
एक किताब छपवाने का क्या है प्रोसेस, इसमें कितना खर्चा?
Advertisement

वीडियोज

Sansani: दिलकश डांसर का दुश्मन दारोगा !
Regime Change की साजिश, International खुलासा!
आजम परिवार से अखिलेश यादव क्या हुई बात ?
वोट का गड़बड़झाला और विदेशी टूलकिट! विश्लेषकों का सटीक विश्लेषण
रेहान वाड्रा के साथ क्या हुआ?

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
रेहान वाड्रा एग्जीबिशन: बीकानेर हाउस ने जारी किया बयान, 'हमारी नीतियों के खिलाफ थी कुछ तस्वीरें'
रेहान वाड्रा एग्जीबिशन: बीकानेर हाउस ने जारी किया बयान, 'हमारी नीतियों के खिलाफ थी कुछ तस्वीरें'
अखिलेश यादव और आजम खान की जेल में मुलाकात पर BJP बोली- 'ये लोग…'
अखिलेश यादव और आजम खान की जेल में मुलाकात पर BJP बोली- 'ये लोग…'
ODI के 5 सबसे बड़े रन चेज़, श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ 430 रनों के लक्ष्य का किया पीछा
ODI के 5 सबसे बड़े रन चेज़, श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ 430 रनों के लक्ष्य का किया पीछा
Thursday Box office Collection: 'जेलर 2' हुई 334 करोड़ के पार, जानें- 'प्रहार'- 'नई नवेली' का थर्सडे कलेक्शन
'जेलर 2' हुई 334 करोड़ के पार, जानें- 'प्रहार'- 'नई नवेली' का थर्सडे कलेक्शन
अन्नामलाई का बड़ा बयान, कहा-'मुझे कोई राष्ट्रवाद का पाठ न पढ़ाए मैं...'
अन्नामलाई का बड़ा बयान, कहा-'मुझे कोई राष्ट्रवाद का पाठ न पढ़ाए मैं...'
'कांग्रेस के मुश्किल समय में...' सोनिया गांधी की किताब को लेकर आनंद शर्मा का बयान
'कांग्रेस के मुश्किल समय में...' सोनिया गांधी की किताब को लेकर आनंद शर्मा का बयान
'भारत को निशाना बनाना मकसद नहीं', H-1B वीजा नियमों पर बोले मार्को रुबियो
'भारत को निशाना बनाना मकसद नहीं', H-1B वीजा नियमों पर बोले मार्को रुबियो
4 नवंबर को होने वाली बिहार STET परीक्षा टली, अब 21 नवंबर को होगा एग्जाम 
4 नवंबर को होने वाली बिहार STET परीक्षा टली, अब 21 नवंबर को होगा एग्जाम 
Embed widget