एक्सप्लोरर

कौन सा बाबा किस अखाड़े से है, कैसे चलता है पता- क्या इनका भी होता है कोई आईडी कार्ड?

Mahakumbh 2025 Akhada Baba Identification: महाकुंभ में आए हैं हजारों बाबा. कौन सा बाबा किस अखाड़े से है? कैसे तय होता है यह. क्या इसके लिए जारी किया जाता है कोई प्रमाण पत्र या आईडी कार्ड?

Mahakumbh 2025 Akhada Baba Identification: महाकुंभ में आए हैं हजारों बाबा. कौन सा बाबा किस अखाड़े से है? कैसे तय होता है यह. क्या इसके लिए जारी किया जाता है कोई प्रमाण पत्र या आईडी कार्ड?

प्रयागराज में महाकुंभ का आयोजन हो रहा है. करोड़ों की संख्या में श्रद्धालु महाकुंभ में पवित्र स्नान करने पहुंच रहे हैं. महाकुंभ में देश के तमाम अखाड़े से साधु बाबा आ चुके हैं. कोई किसी अखाड़े का है तो कोई किसी अखाड़े का.

1/6
लेकिन कौन सा बाबा किस अखाड़े का है. इस बात का पता कैसे चलता है. क्या अखाड़े की ओर से बाबाओं को कोई आईडी कार्ड जारी किया जाता है. जिससे यह साबित हो सके यह उस अखाड़े के हैं. चलिए आपको बताते हैं.
लेकिन कौन सा बाबा किस अखाड़े का है. इस बात का पता कैसे चलता है. क्या अखाड़े की ओर से बाबाओं को कोई आईडी कार्ड जारी किया जाता है. जिससे यह साबित हो सके यह उस अखाड़े के हैं. चलिए आपको बताते हैं.
2/6
दरअसल अखाड़े के साधु, संतों और बाबा को पहचानने के लिए एक खास प्रक्रिया होती है. इसके लिए उन्हें एक तरह का आईडी कार्ड या फिर प्रमाण पत्र भी दिया जाता है. जो अखाड़े से उनके जुड़े होने का प्रमाण होता है.
दरअसल अखाड़े के साधु, संतों और बाबा को पहचानने के लिए एक खास प्रक्रिया होती है. इसके लिए उन्हें एक तरह का आईडी कार्ड या फिर प्रमाण पत्र भी दिया जाता है. जो अखाड़े से उनके जुड़े होने का प्रमाण होता है.
3/6
भारत में कुल 13 प्रमुख अखाड़े हैं. इनमें बात की जाए तो शैव अखाड़े, वैष्णव अखाड़े और निर्गुण या उदासीन अखाड़े आते हैं. शैव अखाड़े, जो साधु भगवान शिव को उपासक होते हैं. वैष्णव अखाड़े के साधु विष्णु भगवान के उपासक होते हैं. निर्गुण या उदासीन अखाड़े के साधु वह होते हैं जो किसी एक देवता की पूजा नहीं करते.
भारत में कुल 13 प्रमुख अखाड़े हैं. इनमें बात की जाए तो शैव अखाड़े, वैष्णव अखाड़े और निर्गुण या उदासीन अखाड़े आते हैं. शैव अखाड़े, जो साधु भगवान शिव को उपासक होते हैं. वैष्णव अखाड़े के साधु विष्णु भगवान के उपासक होते हैं. निर्गुण या उदासीन अखाड़े के साधु वह होते हैं जो किसी एक देवता की पूजा नहीं करते.
4/6
बता दें इन सभी अखाड़ों के पास अपने सभी साधु संतों की एक सूची होती है और उनका रिकॉर्ड होता है. जब कोई साधु किसी अखाड़े में शामिल होता है. तो उसे दीक्षा प्रक्रिया पूरी करनी होती है और इसी के आधार पर उसे अखाड़े में शामिल किया जाता है. उसके बाद साधु को अखाड़े का पहचान पत्र और प्रमाण पत्र भी दिया जाता है.
बता दें इन सभी अखाड़ों के पास अपने सभी साधु संतों की एक सूची होती है और उनका रिकॉर्ड होता है. जब कोई साधु किसी अखाड़े में शामिल होता है. तो उसे दीक्षा प्रक्रिया पूरी करनी होती है और इसी के आधार पर उसे अखाड़े में शामिल किया जाता है. उसके बाद साधु को अखाड़े का पहचान पत्र और प्रमाण पत्र भी दिया जाता है.
5/6
इसमें साधु का धार्मिक नाम. उनके गुरु का नाम और अखाड़े का नाम दर्ज होता है. बता दें इन सभी अखाड़ों के अपने-अपने नियम और कायदे साधुओं को मनाने होते हैं. इनकी निगरानी महामंडलेश्वर करते हैं. जो अखाड़े के प्रमुख संत होते हैं.
इसमें साधु का धार्मिक नाम. उनके गुरु का नाम और अखाड़े का नाम दर्ज होता है. बता दें इन सभी अखाड़ों के अपने-अपने नियम और कायदे साधुओं को मनाने होते हैं. इनकी निगरानी महामंडलेश्वर करते हैं. जो अखाड़े के प्रमुख संत होते हैं.
6/6
महाकुंभ या फिर किसी बड़े धार्मिक आयोजम में कोई फर्जी बाबा बनकर किसी अखाड़े में शामिल न हो जाए. इसलिए भी अखाड़े में आईडी कार्ड वैधता साबित करने के महत्वपूर्ण दस्तावेज होता है. इसके आधार पर कई सुविधाएं भी मिलती हैं.
महाकुंभ या फिर किसी बड़े धार्मिक आयोजम में कोई फर्जी बाबा बनकर किसी अखाड़े में शामिल न हो जाए. इसलिए भी अखाड़े में आईडी कार्ड वैधता साबित करने के महत्वपूर्ण दस्तावेज होता है. इसके आधार पर कई सुविधाएं भी मिलती हैं.

जनरल नॉलेज फोटो गैलरी

Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Independence Day 2026: आजादी के समय भारत की आबादी कितनी थी, तब से कितना हुआ इजाफा?
आजादी के समय भारत की आबादी कितनी थी, तब से कितना हुआ इजाफा?
ब्रिटिश सरकार से अपना कर्ज कैसे वापस ले सकता है रुठिया परिवार? जानें तरीका
ब्रिटिश सरकार से अपना कर्ज कैसे वापस ले सकता है रुठिया परिवार? जानें तरीका
क्या दूसरे देश के पीएम भारतीय नेताओं पर दर्ज करा सकते हैं केस? जानें नियम
क्या दूसरे देश के पीएम भारतीय नेताओं पर दर्ज करा सकते हैं केस? जानें नियम
Suhaag Raat Tradition: कहां से शुरू हुआ फर्स्ट नाइट का चलन, किसने मनाई थी पहली सुहागरात
कहां से शुरू हुआ फर्स्ट नाइट का चलन, किसने मनाई थी पहली सुहागरात

वीडियोज

The Traitors India Season 2 में बड़ा खेल, 3 एपिसोड में 4 कंटेस्टेंट्स हुए बाहर
Pawan Singh की शादी पर Radhe Maa का बड़ा Prediction, 45 की उम्र में मिलेगी Loving Wife!
Ramayana के VFX Trolls पर Ranbir Kapoor का जवाब, बोले- लोग CG Critics बन गए हैं
Pati Brahmachari:😍Isha-Suraj के बीच दिखी केमिस्ट्री, पर इस खुशी के पीछे का राज क्या?  #sbs
Bollywood News: संजू-सलमान की जोड़ी! फिल्म में सलमान खान और संजय दत्त का धमाकेदार स्पेशल एक्शन कैमियो देखने को मिलेगा (13.08.26)

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
क्या बीजेपी और अकाली दल में गठबंधन तय है? 3 घटनाक्रम से समझें
क्या बीजेपी और अकाली दल में गठबंधन तय है? 3 घटनाक्रम से समझें
'चच्चू को संभालिए, नहीं तो सत्ता में नहीं आने देंगे', योगी के मंत्री की अखिलेश यादव को नसीहत 
'चच्चू को संभालिए, नहीं तो सत्ता में नहीं आने देंगे', योगी के मंत्री की अखिलेश यादव को नसीहत 
DC Box Office: इस तमिल फिल्म ने एक हफ्ते में चुपचाप लूट लिया बॉक्स ऑफिस, इतना तगड़ा रिकॉर्ड भी बना डाला
इस तमिल फिल्म ने एक हफ्ते में चुपचाप लूट लिया बॉक्स ऑफिस, इतना तगड़ा रिकॉर्ड भी बना डाला
युवराज समेत कितने बल्लेबाजों ने इंटरनेशनल क्रिकेट में लगाए हैं 6 छक्के?
युवराज समेत कितने बल्लेबाजों ने इंटरनेशनल क्रिकेट में लगाए हैं 6 छक्के?
बैरियरलेस टोल पर संभलकर चलें, FASTag की ये गलती पड़ेगी भारी
बैरियरलेस टोल पर संभलकर चलें, FASTag की ये गलती पड़ेगी भारी
श्रीलंका में भारत की धाक और पाकिस्तान में...! Pew रिसर्च में खुलासा
श्रीलंका में भारत की धाक और पाकिस्तान में...! Pew रिसर्च में खुलासा
बिहार: कुएं में गैस से पिता-पुत्र समेत 4 की मौत, मोटर ठीक करने के दौरान हादसा
बिहार: कुएं में गैस से पिता-पुत्र समेत 4 की मौत, मोटर ठीक करने के दौरान हादसा
Instagram ने 10 साल बाद बदला अपना लोगो! जानें क्या-क्या हुआ बदलाव
Instagram ने 10 साल बाद बदला अपना लोगो! जानें क्या-क्या हुआ बदलाव
Embed widget