एक्सप्लोरर

पश्चिम बंगाल की किन सीटों पर 50 पर्सेंट से ज्यादा मुस्लिम आबादी, वहां BJP ने कितनी सीटें जीतीं?

बंगाल चुनाव 2026 में बीजेपी ने मुस्लिम बहुल जिलों जैसे मुर्शिदाबाद, मालदा और उत्तर दिनाजपुर की 43 में से 18 सीटें जीतकर इतिहास रचा है. आइए इन सीटों के गणित के बारे में विस्तार से समझ लेते हैं.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • दक्षिण 24 परगना, उत्तर 24 परगना में टीएमसी का दबदबा रहा.

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने न केवल राज्य की सत्ता बदली है, बल्कि उन मिथकों को भी तोड़ दिया है जो दशकों से बंगाल की राजनीति का आधार रहे हैं. सबसे चौंकाने वाला बदलाव उन इलाकों में देखने को मिला है, जिन्हें ममता बनर्जी का अभेद्य किला माना जाता था. मुर्शिदाबाद, मालदा और उत्तर दिनाजपुर जैसे मुस्लिम बहुल जिलों में, जहां अल्पसंख्यक आबादी 50 प्रतिशत से अधिक है, वहां भारतीय जनता पार्टी ने सेंधमारी करते हुए ऐतिहासिक जीत दर्ज की है. इन नतीजों ने साबित कर दिया है कि बंगाल का सियासी समीकरण अब पहले जैसा नहीं रहा और ध्रुवीकरण के साथ-साथ वोटों के बिखराव ने पूरी तस्वीर बदल दी है.

मुर्शिदाबाद में बीजेपी की ऐतिहासिक छलांग

मुर्शिदाबाद जिला, जहां 66 प्रतिशत से अधिक मुस्लिम आबादी है, वहां बीजेपी ने वह कर दिखाया जिसकी उम्मीद राजनीतिक विश्लेषकों को भी नहीं थी. पिछले चुनावों में जहां बीजेपी को यहां महज 2 सीटें मिली थीं, वहीं 2026 के नतीजों में पार्टी ने 8 से 9 सीटों पर जीत हासिल कर सबको दंग कर दिया है. जिले की कुल 22 सीटों में से टीएमसी को 9 सीटें मिली हैं, जबकि बीजेपी ने 8 सीटों पर अपना परचम लहराया है. कांग्रेस और अन्य दलों का वर्चस्व यहां पूरी तरह सिमट गया है, जिससे यह साफ है कि अल्पसंख्यक वोटों का बड़ा हिस्सा इस बार विपक्षी खेमे में गया है.

मालदा और उत्तर दिनाजपुर का नया गणित

अल्पसंख्यक प्रभाव वाले उत्तर दिनाजपुर और मालदा जिलों में भी कड़ा मुकाबला देखने को मिला. उत्तर दिनाजपुर की 9 प्रमुख सीटों में से टीएमसी ने 5 पर जीत दर्ज की, जबकि बीजेपी ने 4 सीटों पर कब्जा किया. वहीं, मालदा में टीएमसी 6 सीटों के साथ मजबूत तो रही, लेकिन बीजेपी ने 3 महत्वपूर्ण सीटें छीनकर अपनी पकड़ मजबूत कर ली. इन तीनों जिलों (मुर्शिदाबाद, मालदा, उत्तर दिनाजपुर) की कुल 43 सीटों में से बीजेपी ने 18 सीटों पर जीत दर्ज की है, जो टीएमसी की 20 सीटों के लगभग बराबर है.

यह भी पढ़ें: West Bengal Biggest Victory: पश्चिम बंगाल में किस नेता को मिली सबसे बड़ी जीत, जानें उन्होंने कितने रिकॉर्ड तोड़े?

जंगीपुर में सत्ता परिवर्तन का बड़ा संदेश

इस चुनाव का सबसे बड़ा उलटफेर जंगीपुर विधानसभा सीट पर देखने को मिला. जंगीपुर, जहां 56 प्रतिशत से अधिक मुस्लिम आबादी है, लंबे समय से टीएमसी का गढ़ रही है. लेकिन 2026 में बीजेपी ने इस सीट को टीएमसी से छीनकर एक बड़ा राजनीतिक संदेश दिया है. विशेषज्ञों का मानना है कि अल्पसंख्यक वोटों के बंटवारे और हिंदू मतों के एकमुश्त ध्रुवीकरण ने बीजेपी के लिए इन कठिन सीटों पर जीत की राह आसान कर दी. यह जीत बीजेपी के लिए केवल एक सीट नहीं, बल्कि एक बड़े रणनीतिक बदलाव की जीत है.

दक्षिण 24 परगना और उत्तर 24 परगना में टीएमसी का दबदबा

हालांकि उत्तर बंगाल और मुर्शिदाबाद में बीजेपी ने बड़ी बढ़त बनाई, लेकिन दक्षिण बंगाल के मुस्लिम बाहुल्य इलाकों में ममता बनर्जी का जादू बरकरार दिखा. दक्षिण 24 परगना की 20 सीटों में से टीएमसी ने 17 सीटों पर कब्जा किया, जबकि बीजेपी, कांग्रेस और एआईएसएफ को मात्र 1-1 सीट से संतोष करना पड़ा. इसी तरह, उत्तर 24 परगना की 11 सीटों में से टीएमसी ने 9 पर शानदार प्रदर्शन किया और बीजेपी को केवल 2 सीटें ही मिल सकीं. इन जिलों में मुस्लिम वोटों का एकमुश्त टीएमसी के पक्ष में जाना बीजेपी के लिए बड़ी चुनौती बना रहा.

बीरभूम और नदिया में कांटे की टक्कर

बीरभूम जिला, जो हिंसा और विवादों के कारण हमेशा सुर्खियों में रहता है, वहां की 10 सीटों पर कांटे की टक्कर देखने को मिली. यहां टीएमसी और बीजेपी ने 5-5 सीटें जीतकर मुकाबला बराबरी पर खत्म किया. इसी तरह नदिया जिले की 6 सीटों पर भी बराबर का मुकाबला रहा, जहां दोनों ही दलों ने 3-3 सीटों पर जीत हासिल की. यह आंकड़े दर्शाते हैं कि जिन इलाकों में अल्पसंख्यक आबादी निर्णायक भूमिका में थी, वहां भी बीजेपी ने टीएमसी को कड़ी टक्कर दी है और वोट बैंक में बड़ी दरार पैदा कर दी है.

बर्धमान में बीजेपी का क्लीन स्वीप जैसा प्रदर्शन

पूर्वी बर्धमान जिला बीजेपी के लिए सबसे बड़ा प्लस पॉइंट बनकर उभरा. यहां की 7 सीटों में से बीजेपी ने 6 सीटों पर एकतरफा जीत दर्ज की, जबकि टीएमसी को मात्र 1 सीट पर ही जीत नसीब हुई. पश्चिम बर्धमान की भी एक प्रमुख सीट पर बीजेपी ने जीत हासिल की. बर्धमान जैसे क्षेत्रों में बीजेपी की यह भारी बढ़त दर्शाती है कि राज्य के औद्योगिक और ग्रामीण बेल्ट में सत्ता विरोधी लहर और विकास के वादों ने अल्पसंख्यक आबादी वाले क्षेत्रों में भी असर दिखाया है.

कोलकाता और हुगली का मिश्रित परिणाम

राजधानी कोलकाता में टीएमसी अपनी साख बचाने में कामयाब रही. कोलकाता उत्तर और दक्षिण की चारों सीटों पर टीएमसी ने अपना परचम लहराया. वहीं हुगली जिले की बात करें, जहां मुस्लिम आबादी 30 प्रतिशत से अधिक है, वहां मुकाबला बराबरी का रहा. जिले की 2 सीटों में से 1 पर टीएमसी और 1 पर बीजेपी ने जीत हासिल की. मेदिनीपुर के इलाकों में भी बीजेपी ने अपनी स्थिति मजबूत की है, जहां पूर्ब मेदिनीपुर की एक और पश्चिम मेदिनीपुर की भी एक सीट बीजेपी के खाते में गई है.

हावड़ा में टीएमसी की पकड़ मजबूत

हावड़ा जिले की 11 विधानसभा सीटों पर टीएमसी का प्रदर्शन काफी बेहतर रहा. यहां ममता बनर्जी की पार्टी ने 8 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि बीजेपी ने 3 सीटों पर अपनी बढ़त बनाई. मुस्लिम बाहुल्य इलाकों में जहां टीएमसी ने अपना पुराना संगठन और जमीनी पकड़ बनाए रखी, वहां उसे अधिक नुकसान नहीं हुआ, लेकिन कुल मिलाकर, 2026 के इन आंकड़ों ने यह साफ कर दिया है कि मुस्लिम बहुल सीटों पर बीजेपी की जीत ने बंगाल की राजनीति को एक नए युग में धकेल दिया है.

यह भी पढ़ें: ममता बनर्जी या बीजेपी के नए विधायक, बंगाल में हो रही हिंसा को रोकने के लिए कौन दे सकता है आदेश?

About the author निधि पाल

निधि पाल को पत्रकारिता में छह साल का तजुर्बा है. लखनऊ से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत भी नवाबों के शहर से की थी. लखनऊ में करीब एक साल तक लिखने की कला सीखने के बाद ये हैदराबाद के ईटीवी भारत संस्थान में पहुंचीं, जहां पर दो साल से ज्यादा वक्त तक काम करने के बाद नोएडा के अमर उजाला संस्थान में आ गईं. यहां पर मनोरंजन बीट पर खबरों की खिलाड़ी बनीं. खुद भी फिल्मों की शौकीन होने की वजह से ये अपने पाठकों को नई कहानियों से रूबरू कराती थीं.

अमर उजाला के साथ जुड़े होने के दौरान इनको एक्सचेंज फॉर मीडिया द्वारा 40 अंडर 40 अवॉर्ड भी मिल चुका है. अमर उजाला के बाद इन्होंने ज्वाइन किया न्यूज 24. न्यूज 24 में अपना दमखम दिखाने के बाद अब ये एबीपी न्यूज से जुड़ी हुई हैं. यहां पर वे जीके के सेक्शन में नित नई और हैरान करने वाली जानकारी देते हुए खबरें लिखती हैं. इनको न्यूज, मनोरंजन और जीके की खबरें लिखने का अनुभव है. न्यूज में डेली अपडेट रहने की वजह से ये जीके के लिए अगल एंगल्स की खोज करती हैं और अपने पाठकों को उससे रूबरू कराती हैं.

खबरों में रंग भरने के साथ-साथ निधि को किताबें पढ़ना, घूमना, पेंटिंग और अलग-अलग तरह का खाना बनाना बहुत पसंद है. जब ये कीबोर्ड पर उंगलियां नहीं चला रही होती हैं, तब ज्यादातर समय अपने शौक पूरे करने में ही बिताती हैं. निधि सोशल मीडिया पर भी अपडेट रहती हैं और हर दिन कुछ नया सीखने, जानने की कोशिश में लगी रहती हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

क्या है अफ्रीका की ग्रेट ग्रीन वॉल, कैसे बन रही और कितनी जरूरी? जानें किन देशों का होगी हिस्सा
क्या है अफ्रीका की ग्रेट ग्रीन वॉल, कैसे बन रही और कितनी जरूरी? जानें किन देशों का होगी हिस्सा
Ayatollah Khamenei: कर्नाटक के इस गांव से था खामेनेई का 40 साल पुराना रिश्ता, जानिए क्या है इसके पीछे की वजह
कर्नाटक के इस गांव से था खामेनेई का 40 साल पुराना रिश्ता, जानिए क्या है इसके पीछे की वजह
Lion Vs Tiger : शेर और टाइगर में कौन है ज्यादा खतरनाक? दोनों में हो लड़ाई तो कौन मारेगा बाजी, जान लीजिए
शेर और टाइगर में कौन है ज्यादा खतरनाक? दोनों में हो लड़ाई तो कौन मारेगा बाजी, जान लीजिए
Toilet Flush Law: रात 10 बजे के बाद टॉयलेट फ्लश किया तो हो जाएगी जेल! जानिए किस देश में है यह अजीबोगरीब कानून
रात 10 बजे के बाद टॉयलेट फ्लश किया तो हो जाएगी जेल! जानिए किस देश में है यह अजीबोगरीब कानून
Advertisement

वीडियोज

Sansani | Crime News | Jaipur Murder Case: सरकारी नौकरी के लिए मां का मर्डर ! | ABP News
Monsoon 2026: बारिश से हाहाकार! सड़कें बनीं दरिया, लोग परेशान | Flood | Heavy Rain Alert | IMD
Chitra Tripathi | Janhit: आसमानी आफत की डरावनी तस्वीरें | Flood | Heavy Rain Alert | IMD Alert
Monsoon 2026: आसमानी आफत का कहर, सड़कों पर समंदर जैसा मंजर | Flood | Heavy Rain Alert | IMD
Amarnath Yatra 2026: अमरनाथ गुफा में शिवलिंग पूरी तरह पिघला | Pahalgam | Jammu and Kashmir
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
LIVE: मानसून का कहर, मुंबई पानी-पानी, दिल्ली-गुरुग्राम में जाम, हिमाचल में बादल फटने से आई बाढ़
LIVE: मानसून का कहर, मुंबई पानी-पानी, दिल्ली-गुरुग्राम में जाम, हिमाचल में बादल फटने से आई बाढ़
दिल्ली में स्कूलों के बाहर बेचा सिगरेट या गुटखा तो खैर नहीं, हाई कोर्ट ने लगाई रोक
दिल्ली में स्कूलों के बाहर बेचा सिगरेट या गुटखा तो खैर नहीं, हाई कोर्ट ने लगाई रोक
IND Vs ZIM T20 Series 2026: IPL 2026 के चार मैच में 0 विकेट, जिम्बाब्वे दौरे के लिए भारतीय टीम में किया गया शामिल, कौन है ये गेंदबाज?
IPL 2026 के चार मैच में 0 विकेट, जिम्बाब्वे दौरे के लिए भारतीय टीम में किया गया शामिल, कौन है ये गेंदबाज?
ईरान पर एयर स्ट्राइक के बीच ट्रंप ने क्यों लिया भारत-पाकिस्तान का नाम, बोले- 'लाखों लोगों की जान...'
ईरान पर एयर स्ट्राइक के बीच ट्रंप ने क्यों लिया भारत-पाकिस्तान का नाम, बोले- 'लाखों लोगों की जान...'
Guru Dutt Birth Anniversary: 'जिंदगी नरक हो गई है...' मुस्लिम एक्ट्रेस के प्यार में पागल थे गुरु दत्त, पत्नी ने छोड़ दिया था घर
'जिंदगी नरक बन गई...' मुस्लिम एक्ट्रेस के प्यार में पागल थे गुरु दत्त, पत्नी ने छोड़ दिया था घर
Explained: PM मोदी के दौरे से भारत को क्या मिला? इंडोनेशिया में प्रम्बानन मंदिर घूमे, ब्रह्मोस और मलक्का समेत कौन से समझौते हुए?
PM मोदी के दौरे से भारत को क्या मिला? इंडोनेशिया में ब्रह्मोस और मलक्का समेत कौन से समझौते हुए?
'कुछ देर पहले ईरान से फोन आया, वे अब...', ताबड़तोड़ हमलों के बीच ट्रंप का चौंकाने वाला दावा
'कुछ देर पहले ईरान से फोन आया, वे अब...', ताबड़तोड़ हमलों के बीच ट्रंप का चौंकाने वाला दावा
Video: 'पैर नकली लेकिन भक्ति सच्ची' कृत्रिम पैरों से महिला ने पूरी की अमरनाथ यात्रा- वीडियो वायरल
'पैर नकली लेकिन भक्ति सच्ची' कृत्रिम पैरों से महिला ने पूरी की अमरनाथ यात्रा- वीडियो वायरल
Embed widget