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आज 18 अगस्त से बुध अस्त, नौकरीपेशा और बिजनेसमैन भूलकर भी न करें ये गलतियां! 32 दिन तक रखें खास ध्यान

Budh Asta 2026: बुध 18 अगस्त से 19 सितंबर तक अस्त रहेंगे. ऐसे में नौकरी, व्यापार में क्या सावधानी रखनी होगी. 32 दिन तक किन मामलों में गलती न करें.

Budh Asta 2026: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जब भी कोई ग्रह सूर्य के बहुत अधिक निकट आ जाता है, तो सूर्य की तेजस्वी किरणों के कारण उस ग्रह की कारकत्व शक्ति कमजोर हो जाती है, 18 अगस्त को बुध अस्त हो रहे हैं. बुध जब अस्त हों तो बुद्धि, वाणी, लेखन, संचार, व्यापार और निर्णय से जुड़े मामलों में सावधानी रखना बेहद जरुरी है, जरा सी चूक भारी पड़ सकती है.

बुध 19 सितंबर को उदय होंगे. एस्ट्रोलॉजर सुरेश श्रीमाली के अनुसार ऐसे में 32 दिन नौकरी और बिजनेस करने वाले बोलने से पहले सोचें, लिखने से पहले पढ़ें और फैसला लेने से पहले जांच करें. इसके अलावा किन चीजों पर सावधानी रखें आइए जानते हैं.

बुध अस्त में किन बातों का विशेष ध्यना रखें 

बिना पढ़े किसी दस्तावेज पर साइन न करें

बुध अस्त के दौरान कॉन्ट्रैक्ट, एग्रीमेंट, टेंडर, ऑफिस लेटर या कानूनी दस्तावेज को जल्दबाजी में स्वीकार करने से बचें. हर शर्त और आंकड़े को दोबारा जांचना बेहतर रहेगा. ज्योतिषीय मान्यता में बुध के कमजोर होने पर लिखित काम और गणना में त्रुटि की आशंका मानी जाती है.

ईमेल और व्हाट्सऐप मैसेज भेजने में जल्दबाजी न करें

ऑफिस में गलत व्यक्ति को ईमेल चला जाना, अटैचमेंट छूट जाना या किसी बात का गलत अर्थ निकलना परेशानी पैदा कर सकता है. ऐसे में कोई भी मैसेज या ईमेल भेजने से पहले पहले नाम, पता, फाइल और मैसेज दोबारा चैक करें.

मौखिक बात को अंतिम निर्णय न मानें

बिजनेस में किसी डील, भुगतान या पार्टनरशिप को मौखिक तौर पर नहीं बल्कि लिखित रूप में दर्ज करने के बाद ही फाइनल करें.

जल्दबाजी में बड़ा बिजनेस से जुड़ा फैसला न लें

नया निवेश, बड़े बजट की खरीदी, नई साझेदारी या व्यापार विस्तार से जुड़े फैसलों में जल्दबाजी न करें. बुध अस्त के दौरान ज्योतिषीय दृष्टि से तर्क और निर्णय क्षमता पर अधिक सावधानी रखने की सलाह दी जाती है.

ऑफिस में बहस से बचें

बुध वाणी और संचार से भी संबंधित ग्रह माना जाता है. इसलिए वरिष्ठ अधिकारी, ऑफिस के साथी या क्लाइंट से बातचीत करते समय सोच-समझकर बोलें. छोटी बात को विवाद में बदलने से बचना बेहतर होगा. 

अकाउंट और पैसों का गणित अच्छे से चेक करें

बिजनेस करने वालों को बिल, भुगतान, बैंक ट्रांजेक्शन, टैक्स संबंधी कागजात और हिसाब-किताब अच्छी तरह जांचना चाहिए. खासकर बड़ी रकम के लेन-देन में एक अतिरिक्त वेरिफिकेशन रखें.

नौकरी में बिना समझे नई जिम्मेदारी स्वीकार न करें

नई जिम्मेदारी मिलने पर उत्साह में तुरंत हां कहने की बजाय काम की समयसीमा, जिम्मेदारियां और अपेक्षाएं स्पष्ट कर लें. इससे बाद में गलतफहमी की स्थिति से बचा जा सकता है.

महत्वपूर्ण डेटा और दस्तावेज सुरक्षित रखें

बुध का संबंध सूचना और संचार से जोड़ा जाता है. इसलिए इस दौरान जरूरी फाइल, पासवर्ड, अकाउंट डिटेल, कॉन्ट्रैक्ट और ऑफिस रिकॉर्ड का बैकअप रखना समझदारी होगी.

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Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

जागृति सोनी बरसले (Jagriti Soni Barsaley)

धर्म, ज्योतिष और भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं पर शोध आधारित लेखन करने वाली डिजिटल पत्रकार

जागृति सोनी बर्सले धर्म, ज्योतिष, वास्तु और भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं से जुड़े विषयों की अनुभवी डिजिटल पत्रकार और लेखिका हैं. उन्हें डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 10 वर्षों का अनुभव है. वर्तमान में वह ABP Live (Abplive.com) में बतौर कंसल्टेंट कार्यरत हैं, जहां वह व्रत-त्योहार जैसे नवरात्रि, करवा चौथ, दिवाली, होली, एकादशी, प्रदोष व्रत, हरियाली तीज आदि, रमजान, धार्मिक मान्यताओं, ज्योतिषीय घटनाओं, शुभ मुहूर्त, वास्तु और फेंगशुई, पंचांग जैसे विषयों पर शोध आधारित और प्रमाणिक लेख लिखती हैं.

विशेषज्ञता (Expertise)

जागृति सोनी बर्सले विशेष रूप से इन विषयों पर लेखन करती हैं:

  • व्रत-त्योहार और भारतीय धार्मिक परंपराएं
  • वैदिक ज्योतिष और ग्रह-नक्षत्र आधारित घटनाएं
  • शुभ मुहूर्त और धार्मिक विधि-विधान
  • वास्तु शास्त्र और फेंगशुई
  • आध्यात्मिक मान्यताएं और सांस्कृतिक परंपराएं

उनके लेखों में धार्मिक विषयों को केवल आस्था के दृष्टिकोण से नहीं बल्कि शास्त्रीय स्रोतों और प्रमाणिक ग्रंथों के आधार पर प्रस्तुत किया जाता है.

शिक्षा और पृष्ठभूमि

जागृति सोनी बर्सले ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से की है.

उन्होंने अपने करियर की शुरुआत दैनिक भास्कर डॉट कॉम से की, जहां डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने धर्म, समाज और संस्कृति से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर लेख लिखे.

डिजिटल मीडिया में काम करते हुए उन्होंने टेक्स्ट और वीडियो दोनों फॉर्मेट में काम किया है और वीडियो सेक्शन में सीनियर प्रोड्यूसर के रूप में भी लंबे समय तक योगदान दिया है. इस अनुभव ने उन्हें आधुनिक डिजिटल पत्रकारिता के विभिन्न फॉर्मेट को समझने और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करने की क्षमता दी है.

शास्त्रीय अध्ययन और शोध

जागृति सोनी बर्सले की विशेष रुचि धर्म और ज्योतिष के शास्त्रीय अध्ययन में है.

उन्हें प्राचीन धार्मिक ग्रंथों जैसे:

  • धर्म सिंधु
  • मुहूर्त चिंतामणि
  • शकुन शास्त्र
  • वास्तु

का अच्छा ज्ञान है. इन ग्रंथों के आधार पर वह व्रत-त्योहार, पूजा-विधि, ज्योतिषीय घटनाओं और मुहूर्त से जुड़े विषयों को सरल, प्रमाणिक और शोधपरक तरीके से पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं.

योगदान

जागृति सोनी बर्सले एक फ्रीलांस लेखक के रूप में भी कई मंचों पर आध्यात्म, भारतीय संस्कृति और ज्योतिष से जुड़े विषयों पर लेख लिख चुकी हैं.

उनका उद्देश्य धार्मिक और आध्यात्मिक विषयों को सरल भाषा में विश्वसनीय जानकारी के साथ प्रस्तुत करना है, ताकि पाठक इन विषयों को समझ सकें और सही जानकारी प्राप्त कर सकें.

व्यक्तिगत रुचियां

अध्यात्म और भारतीय परंपराओं के अध्ययन के प्रति उनकी गहरी रुचि है. खाली समय में उन्हें आध्यात्मिक और ज्ञानवर्धक पुस्तकें पढ़ना पसंद है. यह अध्ययन उनके लेखन को और अधिक गहन, तथ्यपूर्ण और संदर्भ आधारित बनाता है.

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