Space Explosion: अंतरिक्ष में अगर बम फोड़ा जाए तो कितनी तेज होगी आवाज, जानें क्या कहता है विज्ञान
Space Explosion: अंतरिक्ष में जब बम फटता है तो वह पृथ्वी की तुलना में काफी अलग प्रतिक्रिया करता है. आइए जानते हैं कि उस धमाके की आवाज कितनी तेज होती है.

- अंतरिक्ष में ध्वनि तरंगों को ले जाने के लिए माध्यम नहीं होता।
- धमाके से निकलने वाली ऊर्जा शॉक वेव नहीं बनाती, केवल रोशनी।
- बिना वातावरण के, गामा किरणें जैसी खतरनाक रेडिएशन फैलती हैं।
- अंतरिक्ष धमाके गोल आग के गोले जैसे दिखते हैं, रंगीन रोशनी।
Space Explosion: यह किसी साइंस फिक्शन फिल्म के सीन जैसा लग सकता है कि जब अंतरिक्ष में एक जबरदस्त धमाका होता है तो चारों तरफ सन्नाटा छा जाता है. लेकिन असलियत इससे कुछ उलट नहीं है. दरअसल अंतरिक्ष में अगर कोई बम फोड़ा जाए तो आपको उसकी आवाज बिल्कुल भी सुनाई नहीं देगी. चारों तरफ सन्नाटा ही पसरा रहेगा. आइए जानते हैं क्या है इसके पीछे की वजह.
क्यों नहीं आएगी कोई आवाज?
दरअसल आवाज एक मैकेनिकल तरंग होती है. इसे एक जगह से दूसरी जगह जाने के लिए हवा, पानी या फिर किसी ठोस चीज की जरूरत होती है. अंतरिक्ष के खालीपन में इन कंपन को आगे ले जाने के लिए कोई भी मॉलिक्यूल नहीं होते. इसलिए भले ही कोई जबरदस्त धमाका हो उस धमाके की आवाज आपके कानों तक पहुंचाने के लिए वहां कुछ भी नहीं होता. यही वजह है कि चारों तरफ सन्नाटा ही रहता है, भले ही धमाका कितने ही बड़ा क्यों ना हो.
बिना किसी आवाज के धमाका
अंतरिक्ष में बम फटने पर भी काफी ज्यादा ऊर्जा निकलती है. बस फर्क इस बात में है कि वह ऊर्जा किस तरह से काम करती है. पृथ्वी पर धमाके हवा को दबाकर शॉक वेव पैदा करते हैं. यही शॉक वेव हमें सुनाई देती हैं. अंतरिक्ष में हवा न होने की वजह से कोई शॉक वेव नहीं बनती. इसलिए धमाका देखने में काफी जबरदस्त लगता है लेकिन उसमें से कोई आवाज नहीं निकलती.
खतरनाक रेडिएशन
आवाज न होने के बावजूद भी यह धमाका काफी ज्यादा नुकसान पैदा करता है. अंतरिक्ष में होने वाले धमाके से तेज रोशनी के साथ-साथ गामा किरणें जैसी ज्यादा ऊर्जा वाली रेडिएशन निकलती हैं. इन्हें सोखने के लिए वहां कोई वातावरण नहीं होता. इस वजह से यह किरणें काफी दूर तक जा सकती हैं.
एकदम गोल आग का गोला
पृथ्वी पर गुरुत्वाकर्षण और वायुमंडलीय दबाव की वजह से धमाकों से मशरूम जैसे बादल बनते हैं. लेकिन अंतरिक्ष में चीजें काफी अलग दिखती हैं. धमाका सभी दिशाओं में एक समान रूप से फैलता है और चमकता हुआ एक आग का गोला बन जाता है.
दिलचस्प बात यह है कि ऐसे धमाकों से आसमान में कुछ काफी शानदार नजारे देखने को मिल सकते हैं. धमाके के दौरान निकलने वाले चार्जड कण पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र के साथ मिलकर आसमान में रंग बिरंगी रोशनी पैदा करते हैं. यह प्राकृतिक ऑरोरा जैसी ही होती है. लेकिन काफी ज्यादा खतरनाक भी.
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Source: IOCL




























