चारधाम यात्रा में रिकॉर्ड श्रद्धालुओं की उम्मीद, रसोई गैस की आपूर्ति बड़ी चुनौती, कैसे होगा समाधान
Char Dham Yatra 2026: यात्रा के दौरान होटलों, ढाबों और होम-स्टे में भारी भीड़ उमड़ती है, जिससे कमर्शियल सिलेंडरों की मांग बढ़ जाती है. पिछले साल जहां रोजाना औसतन 5,500 कमर्शियल सिलेंडर खप रहे थे.

- प्रवासी मजदूरों को आसानी से मिलेगा 'छोटू सिलेंडर'.
उत्तराखंड की विश्वप्रसिद्ध चारधाम यात्रा का आगाज 19 अप्रैल से होने जा रहा है. इस बार यात्रा को लेकर जहां श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है, वहीं शासन-प्रशासन के सामने व्यवस्थाओं को सुचारू रखने की बड़ी चुनौती है. विशेषकर खाद्य आपूर्ति विभाग के लिए यात्रा मार्ग पर रसोई गैस (LPG) की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करना एक बड़ा टास्क बन गया है.
विभागीय आंकड़ों के अनुसार, इस पूरी यात्रा सीजन के दौरान लगभग 1,58,53,225 सिलेंडरों की आवश्यकता होने का अनुमान है. अगर दैनिक खपत की बात करें तो यात्रा मार्ग पर रोजाना 66,000 सिलेंडरों की जरूरत होगी. हालांकि, वर्तमान में खाद्य विभाग के पास उपलब्ध संसाधनों के आधार पर प्रतिदिन केवल 57,248 सिलेंडरों की ही आपूर्ति हो पा रही है. हैरानी की बात यह है कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार विभाग के पास सिलेंडरों की उपलब्धता कम नजर आ रही है. पिछले साल प्रतिदिन 62,910 सिलेंडर आवंटित किए गए थे, जो इस साल के कोटे से कहीं अधिक थे.
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कमर्शियल सिलेंडरों की डिमांड में 10% का इजाफा
यात्रा के दौरान होटलों, ढाबों और होम-स्टे में भारी भीड़ उमड़ती है, जिससे कमर्शियल सिलेंडरों की मांग बढ़ जाती है. पिछले साल जहां रोजाना औसतन 5,500 कमर्शियल सिलेंडर खप रहे थे, वहीं इस वर्ष यह आंकड़ा 6,050 तक पहुंचने का अनुमान है. मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि इस बार बारिश कम होने की संभावना है, जिसके चलते श्रद्धालुओं की संख्या में रिकॉर्ड बढ़ोतरी हो सकती है. इसी संभावना को देखते हुए विभाग ने आपूर्ति में 10% के इजाफे का लक्ष्य रखा है. फिलहाल विभाग 5,000 सिलेंडरों की आपूर्ति कर रहा है, जिसे यात्रा शुरू होने तक शत-प्रतिशत करने की कोशिश की जा रही है.
प्रवासी मजदूरों को मिलेगा 'छोटू सिलेंडर'
यात्रा के सीजन में प्रदेश के बाहर से आने वाले हजारों प्रवासी मजदूरों और कामगारों की सुविधा के लिए भी सरकार ने विशेष इंतजाम किए हैं. खाद्य आयुक्त आनंद स्वरूप ने जानकारी साझा करते हुए बताया कि प्रवासी मजदूरों के लिए अतिरिक्त कोटा आवंटित किया गया है. इन मजदूरों को मात्र आधार कार्ड और एक साधारण आवेदन के जरिए आसानी से 'छोटू सिलेंडर' (5 किलो वाला सिलेंडर) उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि उन्हें खाने-पीने की समस्या न हो.
कमिश्नर खाद्य आनंद स्वरूप ने भरोसा दिलाया है कि विभाग पूरी मुस्तैदी से काम कर रहा है और यात्रा शुरू होने से पहले भंडारण और आपूर्ति के गैप को भर लिया जाएगा, ताकि देश-विदेश से आने वाले तीर्थयात्रियों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो. इसको लेकर एबीपी ने कमिश्नर ,खाद्य आनंद स्वरूप से बात की. उन्होंने बताया कि सारी आपूर्ति सही समय पर हो इसके लिए प्रयास जारी हैं.
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