अजमेर से बीमार रिश्तेदार को मिलने दिल्ली आए थे बुजुर्ग दंपती, मालवीय नगर अग्निकांड ने ले ली जान
Delhi Hotel Fire: दिल्ली के मालवीय नगर फ्लोरिस्ट स्टे होटल ग्निकांड में अजमेर के बुजुर्ग दंपत्ति समेत 6 अन्य लोगों की मौत हुई है. दोनों दंपत्ति मैक्स हॉस्पिटल में भर्ती रिश्तेदार को देखने आए थे.

दिल्ली के मालवीय नगर स्थित फ्लोरिस्ट स्टे होटल में हुए भीषण अग्निकांड में अजमेर के एक बुजुर्ग दंपती को भी मौत के मुंह में डाल दिया. हादसे में रिटायर्ड बैंक मैनेजर जवरी लाल और उनकी पत्नी कमला के साथ ही ससुराल पक्ष के 6 अन्य लोगों की भी मौत हुई है. बुजुर्ग दंपति की मौत से अजमेर में मातम पसरा हुआ है. दंपती की बेटी जयपुर से दिल्ली पहुंच चुकी है, जबकि इकलौता बेटा आज अमेरिका से दिल्ली पहुंचेगा.
जानकारी के मुताबिक अजमेर के गुलाबबाड़ी इलाके के रहने वाले जवरी लाल अग्रवाल रिटायर्ड बैंक मैनेजर थे. वह साल 2016 में रिटायर हुए थे. गुलाब बाड़ी में वह पत्नी कमला के साथ अकेले ही रहते थे. शादी के बाद बेटी दीपा जयपुर में रहती थी, जबकि इकलौता बेटा सचिन अमेरिका में सॉफ्टवेयर इंजीनियर है. पिछले कई सालों से वह अपनी पत्नी व बच्चों के साथ अमेरिका में ही रहता है. जवरी लाल अग्रवाल की पत्नी कमला का तीन दिन पहले एक जून को बर्थडे था. जवरी लाल ने उनका जन्मदिन धूमधाम से मनाया था.
मैक्स हॉस्पिटल में भर्ती रिश्तेदार को देखने आए थे पति-पत्नी
जानकारी के मुताबिक जवरी लाल की पत्नी कमला के मायके के एक रिश्तेदार दिल्ली के मैक्स हॉस्पिटल में भर्ती थे. जवरी लाल और कमला उन्हें देखने के लिए 2 जून को दिल्ली गए थे. अस्पताल में उनसे मुलाकात के बाद दोनों मौत वाले होटल में ठहरे थे. यहीं पर पत्नी कमला के मायके के कई अन्य सदस्य भी रुके हुए थे. बुधवार (3 जून) को होटल में लगी आग में जवरी लाल और कमला के साथ ही छह करीबी रिश्तेदार भी मौत के मुंह में समा गए. इनमें कई बच्चे भी है.
USA मे सेटल बड़े बेटे से संपर्क करने का किया गया प्रयास
गुलाबबाड़ी निवासी जवरी लाल अग्रवाल के पड़ोसी राजेंद्र प्रसाद गुप्ता ने बताया कि उन्हें कल दोपहर में घटना की जानकारी मिली. इसके बाद उन्होंने परिवार के बड़े बेटे से संपर्क करने का प्रयास किया, जो USA मे सेटल है और वही काम करता है, लेकिन बात नहीं हो सकी. बाद में वीडियो कॉल पर बहू से बातचीत हुई, जिसने दुखद घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि वह बात करने की स्थिति में नहीं है. कुछ देर बाद परिवार की बेटी से बात हुई, जिसने बताया कि पहले उसकी मां का शव मिला, बाद में पिता का.
राजेंद्र प्रसाद गुप्ता ने बताया कि वे साल 1998 से क्षेत्र में रह रहे हैं, जबकि जवरी लाल अग्रवाल साल 2000 से उनके पड़ोसी हैं. दोनों यूको बैंक में मैनेजर पद पर कार्यरत रहे और 30 जनवरी 2016 को एक साथ रिटायर हुए थे. उन्होंने बताया कि जवरी लाल अग्रवाल धार्मिक प्रवृत्ति के बेहद मिलनसार व्यक्ति हैं.
घटना की सूचना मिलते ही गुलाबबाड़ी क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई. परिजन और पड़ोसी लगातार दिल्ली से आने वाली जानकारी का इंतजार कर रहे हैं, वहीं पूरे इलाके में परिवार के बाकी सदस्यों की कुशलता के लिए प्रार्थनाएं की जा रही हैं.

























