बिहार: हड़ताल पर गए जमीन सर्वे करने वाले कर्मियों के खिलाफ बड़ा एक्शन, चेतावनी भी जारी
Bihar News: हड़ताली सभी कर्मियों को तत्काल संबद्ध अंचल कार्यालय में सभी सरकारी कागजातों को जमा करने का निर्देश दिया गया है. हड़ताल पर डटे कर्मचारियों के खिलाफ सेवा-मुक्ति की कार्रवाई भी होगी.

राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने हड़ताल पर गए सर्वे कर्मियों के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है. कुल 10,775 कर्मचारियों के लॉगिन को ब्लॉक कर दिया है. इनमें 446 एएसओ, 656 कानूनगो, 8,759 अमीन और 914 लिपिक शामिल हैं. सोमवार (18 अगस्त, 2025) को यह जानकारी दी गई.
हड़ताली सभी कर्मियों को तत्काल संबद्ध अंचल कार्यालय में सभी सरकारी कागजातों को जमा करने का निर्देश दिया गया है. राजस्व मुख्यालय से सभी जिलों के अपर समाहर्ता (राजस्व) एवं बंदोबस्त अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर उपरोक्त निर्देश दिए गए. सभी जिलों के अधिकारियों से हड़ताल पर रहने वाले कर्मचारियों की अद्यतन सूची तत्काल उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है.
बुधवार से सेवा-मुक्ति की चेतावनी
उधर विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिलों से सूची आने के बाद हड़ताल पर न रहने वाले सर्वे कर्मियों का लॉगिन फिर से सक्रिय कर दिया जाएगा. वहीं हड़ताल पर डटे कर्मचारियों के खिलाफ सेवा-मुक्ति की कार्रवाई बुधवार (20 अगस्त, 2025) से शुरू की जाएगी. अधिकारियों के अनुसार, यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि राजस्व महा-अभियान जैसी जनहितकारी गतिविधियां प्रभावित न हों और रैयतों की समस्याओं का समय पर समाधान सुनिश्चित किया जा सके.
अन्य विभागों से मांगा गया सहयोग
शिक्षा विभाग के टोला सेवकों और तालीमी मरकज से सहयोग मांगा गया है ताकि वे वितरण और आवेदन प्रक्रिया में मदद कर सकें. समाज कल्याण विभाग से आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहयोगियों को जमाबंदी पंजी प्रति के वितरण में स्थानीय परिवारों में बेहतर पहचान के कारण शामिल करने का अनुरोध किया गया है. संबंधित अधिकारियों से आंगनबाड़ी सेविकाओं को नियुक्त कर जमाबंदी वितरण दल के साथ जोड़ने और समन्वय करने को कहा गया है.
बता दें कि राजस्व महाअभियान की शुरुआत 16 अगस्त से हुई है. 20 सितंबर तक यह चलेगा. इस दौरान घर घर में जमाबंदी पंजी की प्रति और आवेदन प्रपत्र पहुंचाया जाना है. इसी के साथ पंचायत स्तर पर दो शिविर लगाकर रैयतों का आवेदन जमा लेना है.
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL























