झारखंड के मंत्री बोले- 'पहले शरीयत, फिर संविधान', किरेन रिजिजू ने लगा दी क्लास; जानें क्या कहा
झारखंड के मंत्री हफीजुल हसन अंसारी ने कहा कि उनके लिए शरीयत संविधान से बड़ा है. जिसके बाद सियासी माहौल गरमा गया है, BJP ने इसे लोकतंत्र और संविधान का अपमान बताया है और INDIA Alliance पर हमला बोला है.

Jharkhand Minister Hafizul Hassan Remarks: झारखंड सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री हफीजुल हसन अंसारी के एक बयान ने देश की राजनीति में भूचाल ला दिया है. उन्होंने कहा कि शरीयत उनके लिए संविधान से बड़ा है. इस बयान के बाद केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने तीखी प्रतिक्रिया दी और INDIA गठबंधन पर सीधा हमला बोला.
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, "संवैधानिक पद पर आसीन कोई भी व्यक्ति शपथ पर होता है. उसे धर्म और समुदाय को संविधान से ऊपर नहीं रखना चाहिए. इंडी एलायंस ने संविधान और बाबासाहेब डॉ. बीआर अंबेडकर का कभी सम्मान नहीं किया, सिवाय इसके कि संविधान की प्रति को अपने पास रखकर उसके प्रति नकली सम्मान प्रदर्शित किया".
बीजेपी का INDIA गठबंधन पर हमला
दरअसल, इन दिनों वक्फ कानून को लेकर कई राज्यों में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जैसे इलाकों में तो हिंसा भी देखी गई है. ऐसे माहौल में झारखंड में मंत्री का ये बयान और ज्यादा विवादित हो गया है. BJP के कई नेताओं ने अंसारी की आलोचना की और कहा कि INDIA गठबंधन कट्टर मानसिकता से भरा हुआ है.
‘यह इस्लामिक एजेंडा है’
झारखंड BJP नेताओं ने भी अंसारी के बयान को संविधान का अपमान बताया है. प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा, "जो लोग वोट के समय गरीबों की बातें करते हैं, वे अब इस्लामिक एजेंडा चला रहे हैं. यह झारखंड की संस्कृति और आदिवासी अस्मिता के लिए खतरा है."
'संविधान सबसे ऊपर'
केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने कहा कि अंसारी का बयान लोकतंत्र के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है. उन्होंने कहा, "संविधान सबसे ऊपर है. इससे बड़ा कोई कानून नहीं हो सकता. बाबासाहेब आंबेडकर की जयंती पर ऐसा बयान देना शर्मनाक है."
हफीजुल हसन का बयान
मंत्री हफीजुल हसन ने कहा था कि शरीयत मेरे लिए बड़ा है. हम मुसलमान कुरान सीने में और संविधान हाथ में लेकर चलते हैं. पहले शरीयत को मानेंगे, फिर संविधान को. मेरा इस्लाम यही कहता है. अब देखना दिलचस्प होगा कि हेमंत सरकार अपने मंत्री के इस बयान पर क्या कार्रवाई करती है.
Source: IOCL






















