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स्मार्टफोन में क्यों नहीं आती रिमूवेबल बैटरी, कंपनियों ने क्यों किया यह बदलाव?

जब यह बदलाव लोगों को पसंद नहीं आया, लेकिन धीरे-धीरे यह नया स्टैंडर्ड बन गया. ऐसे में सवाल ये है कि आखिर ऐसा बदलाव क्यों हुआ,क्या कंपनियों ने मजबूरी में ऐसा किया या इसके पीछे कंज्यूमर की मांग थी.

आज हम जिस स्मार्टफोन को हाथ में लेते हैं. स्लिम, स्टाइलिश, हल्का और दमदार. वह कुछ साल पहले तक बिल्कुल ऐसा नहीं था. 2010 से पहले तक लगभग हर मोबाइल फोन में पीछे की तरफ एक प्लास्टिक कवर होता था, जिसे हटाकर आप आसानी से बैटरी निकाल सकते थे. एक बैटरी निकालो, दूसरी लगा लो और फोन तुरंत चालू. लेकिन आज के समय में लगभग हर स्मार्टफोन सील्ड बॉडी और नॉन-रिमूवेबल बैटरी के साथ आता है.

एक दौर ऐसा था जब यह बदलाव लोगों को पसंद नहीं आया, लेकिन धीरे-धीरे यह नया स्टैंडर्ड बन गया. ऐसे में सवाल ये है कि आखिर ऐसा बदलाव क्यों हुआ,क्या कंपनियों ने मजबूरी में ऐसा किया या इसके पीछे कंज्यूमर की मांग थी और सबसे जरूरी क्या इससे हमें फायदा हुआ या नुकसान. तो आइए जानते हैं कि स्मार्टफोन में क्यों रिमूवेबल बैटरी नहीं आती है और कंपनियों ने यह बदलाव क्यों किया. 

कंपनियों ने रिमूवेबल बैटरी क्यों हटाई?

बैटरी स्मार्टफोन का सबसे सेंसिटिव और जरूरी हिस्सा होती है. इसके अंदर एक पतली सी लेयर यानी इलेक्ट्रोलाइट होती है जो एनर्जी स्टोर करती है. अगर यह लेयर फट जाए या इलेक्ट्रोड आपस में टच कर जाएं, तो बैटरी गर्म हो सकती है, फूल सकती है या सबसे खराब स्थिति में आग भी लग सकती है. रिमूवेबल बैटरी को सुरक्षित रखने के लिए उसे मोटे प्लास्टिक केस में बंद करना पड़ता था. ये फोन को भारी और मोटा बनाता था. लेकिन जब लोगों ने हल्के और स्लिम फोन की मांग की, तो कंपनियों ने समाधान निकाला बैटरी को फोन के अंदर ही सील कर दो, फोन की बॉडी ही उसकी सुरक्षा कर लेगी. 

स्मार्टफोन में क्यों रिमूवेबल बैटरी नहीं आती है

पहले फोन साधारण बैटरी पर चलते थे, इसलिए लोग स्पेयर बैटरी रखते थे. लेकिन आज की बैटरियां  लिथियम-आयन और लिथियम-पॉलीमर  ज्यादा पावरफुल और लंबे समय तक चलने वाली हैं. इससे एक बार चार्ज करने पर फोन घंटों चल जाता है, फास्ट चार्जिंग से 30–60 मिनट में बैटरी लगभग फुल और अब दिन में बैटरी बदलने की जरूरत नहीं है. जब जरूरत ही खत्म हो गई, तो कंपनियों ने रिमूवेबल बैटरी देना बंद कर दिया. 

आज के फोन ज्यादा महंगे हैं. पतले हैं, दोनों तरफ ग्लास होता है, पानी और धूल से बचाने के लिए IP रेटिंग देते हैं. अगर फोन में रिमूवेबल बैटरी होती तो बैक कवर हटाने योग्य होता, पानी और धूल अंदर जाती और फोन उतना मजबूत नहीं बन पाता है. सील्ड बॉडी ने फोन की ड्यूरेबिलिटी बढ़ा दी, मगर रिमूवेबल बैटरी चली गई. 

चोरी रोकने के लिए फोन को ट्रैक रखना आसान

आज लगभग हर स्मार्टफोन में Find My Device जैसा फीचर होता है, जो फोन स्विच ऑफ होने पर भी लोकेशन ट्रैक कर सकता है. लेकिन अगर बैटरी निकालना आसान हो, तो चोर 2 सेकंड में बैटरी निकालकर फोन ऑफ कर देगा और ट्रैकिंग बेकार हो जाएगी. सील्ड बैटरी का मतलब है कि बैटरी निकालना आसान नहीं है. इससे फोन ट्रैक करना और सुरक्षित रखना आसान हो गया. 

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