एक्सप्लोरर

Islamic Banking: जब इस्लाम में हराम है ब्याज लेना तो मुस्लिम देशों में कैसे जिंदा रहता है बैंकिंग सिस्टम? यहां जानिए

Islamic Banking: इस्लाम में ब्याज देना या फिर लेना दोनों की ही मनाही है. आइए जानते हैं फिर मुस्लिम बहुत देशों में बैंकिंग सिस्टम कैसे चलाते हैं.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • इस्लामिक बैंकिंग ब्याज मुक्त, व्यापार और मुनाफा बांटने वाला वित्तीय मॉडल।
  • मुराबहा में बैंक वस्तु खरीदकर ग्राहक को मुनाफा जोड़कर बेचता।
  • मुदारबाह, मुशारका में लाभ-हानि साझा कर व्यापार होता है।
  • इजाश (लीजिंग) और सुकुक से संपत्ति आधारित आय प्राप्त होती।

Islamic Banking: इस्लाम में ब्याज लेना या फिर देना हराम माना जाता है. इस रोक के बावजूद कई मुस्लिम बहुल देशों में बैंकिंग सिस्टम इस्लामिक बैंकिंग के जरिए काम करते हैं. यह एक ऐसा फाइनेंशियल मॉडल है जो ब्याज के बजाय व्यापार, संपत्ति के मालिकाना हक और बंटवारे पर आधारित है. जहां कई देशों में पारंपरिक और इस्लामिक दोनों तरह के बैंक एक साथ काम करते हैं वहीं कुछ देश सिर्फ शरिया के बैंकिंग सिस्टम को भी अपनाते हैं.

इस्लामिक बैंकिंग व्यापार और मुनाफे के बंटवारे पर आधारित है 

पारंपरिक बैंकिंग के उलट इस्लामिक बैंकिंग लोन पर ब्याज वसूलकर पैसा नहीं कमाती. इसके बजाय बैंक बिजनेस ट्रांजैक्शन, इन्वेस्टमेंट, लीजिंग व्यवस्था और पार्टनरशिप के जरिए कमाई करते हैं. इसमें बैंक और ग्राहक के बीच मुनाफा और जोखिम दोनों बांटे जाते हैं. 

क्या है मुराबहा?

इस्लामिक बैंकिंग के सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले तरीकों में से एक है मुराबहा. इसे कॉस्ट प्लस प्रॉफिट मॉडल भी कहा जाता है. घर या फिर गाड़ी खरीदने के लिए ग्राहक को कैश देने के बजाय बैंक पहले खुद उस संपत्ति खरीदता है. इसके बाद बैंक उस संपत्ति को ग्राहक को एक तय कीमत पर देता है जिसमें उसका मुनाफा मार्जिन भी शामिल होता है. ग्राहक यह रकम किश्तों में चुकाता है. इससे बैंक की कमाई ब्याज के बजाय व्यापार से होने वाला मुनाफा बन जाती है.

क्या है मुदारबाह?

इस मॉडल के तहत बैंक इन्वेस्टमेंट के लिए पूंजी देता है और ग्राहक अपनी विशेषज्ञता और मेहनत से बिजनेस चलाता है. अगर बिजनेस में मुनाफा होता है तो उसे पहले से तय अनुपात के मुताबिक दोनों पक्षों में बांट दिया जाता है और अगर बिजनेस को फाइनेंशियल नुकसान होता है तो उसे पूंजी देने वाला पक्ष उठाता है. 

मुशारका 

इसमें बैंक और ग्राहक दोनों किसी बिजनेस या फिर प्रोजेक्ट में पैसा लगाते हैं. क्योंकि दोनों पक्ष पूंजी लगाते हैं इस वजह से वे इसमें शामिल जोखिम भी बांटते हैं . मुनाफे का बंटवारा आपसी सहमति से तय अनुपात के मुताबिक किया जाता है और नुकसानों को हर पक्ष के इन्वेस्टमेंट के अनुपात में बांट दिया जाता है.

यह भी पढ़ेंः किस उम्र तक के लोगों को लगाए जा सकते हैं 7 साल के बच्चे के अंग? समझें पूरा प्रोसेस

इजाश में लीजिंग के जरिए कमाई 

एक और आमतौर पर इस्तेमाल होने वाला सिस्टम इजाश है. यह लीजिंग व्यवस्था की तरह ही काम करता है. बैंक मशीनरी, गाड़ी ऑफिस एयरक्राफ्ट जैसी कोई भी संपत्ति खरीदता है और उसे एक तय समय के लिए ग्राहक को लीज पर दे देता है. ग्राहक उसका किराया देता है और यह किराए की आय बैंक के लिए ब्याज के बजाय कमाई का जरिया बन जाती है.

सुकुक

इस्लामिक फाइनेंस में इस मॉडल का काफी ज्यादा इस्तेमाल किया जाता है. इन्हें अक्सर इस्लामिक बॉन्ड कहा जाता है. आम बॉन्ड के उलट जो निश्चित ब्याज देते हैं, सुकुक किसी ठोस संपत्ति में मालिकाना हक को दर्शाते हैं. निवेशकों को ब्याज के भुगतान के बजाय उस संपत्ति से होने वाले मुनाफे या फिर किराये की इनकम से रिटर्न मिलता है.

यह भी पढ़ेंः मुगल काल में कैसे होते थे शॉपिंग मॉल, सारे सामान खरीदने के लिए किन शहरों में लगते थे बड़े बाजार?

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

यूरोप में ही क्यों बढ़ रहा गर्मी का कहर, जानें किस महाद्वीप पर कितनी ज्यादा गर्मी?
यूरोप में ही क्यों बढ़ रहा गर्मी का कहर, जानें किस महाद्वीप पर कितनी ज्यादा गर्मी?
नितिन नवीन की नई टीम में सबसे कम पढ़ा-लिखा कौन, किसके पास सबसे बड़ी डिग्री?
नितिन नवीन की नई टीम में सबसे कम पढ़ा-लिखा कौन, किसके पास सबसे बड़ी डिग्री?
क्या तिरंगे के अलावा किसी और को सैल्यूट नहीं कर सकते पीएम-सीएम? जानें नियम
क्या तिरंगे के अलावा किसी और को सैल्यूट नहीं कर सकते पीएम-सीएम? जानें नियम
विदेश में बसने के लिए यह है दुनिया में सबसे अच्छी जगह, जानें रहने का खर्च
विदेश में बसने के लिए यह है दुनिया में सबसे अच्छी जगह, जानें रहने का खर्च
Advertisement

वीडियोज

ChatGPT Viral Video: AI का कमाल! भीड़ में खोई चप्पल, ChatGPT ने ऐसे ढूंढ निकाली, वीडियो चौंका देगा!
Himanshi Khurana का बड़ा खुलासा, Asim Riaz संग रिश्ते में लगा था भगवान को धोखा देने का डर
Lalit Modi ने ठुकराई Bigg Boss 20 में एंट्री की खबर, Salman Khan के शो पर दिया बड़ा बयान
Shah Rukh Khan, Ajay Devgn और Tiger Shroff को Vimal Elaichi Ad पर Maharashtra FDA का नोटिस
Sansani: कैमरे में कैद मर्डर की LIVE पिक्चर
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
संगठन में वापसी पर स्मृति ईरानी का पहला रिएक्शन, 'मेरे जैसे कार्यकर्ता का...'
संगठन में वापसी पर स्मृति ईरानी का पहला रिएक्शन, 'मेरे जैसे कार्यकर्ता का...'
BJP की टीम से बाहर होने पर संजय मयूख बोले, 'संगठन की यह...'
BJP की टीम से बाहर होने पर संजय मयूख बोले, 'संगठन की यह...'
कौन हैं Sonal Dinusha? भारत के खिलाफ पहले टेस्ट में शतक जड़ लूटी महफिल
कौन हैं Sonal Dinusha? भारत के खिलाफ पहले टेस्ट में शतक जड़ लूटी महफिल
गोविंदा ने पटाया के क्लब में किया डांस, यूजर्स बोले- क्या दिन आ गए
गोविंदा ने पटाया के क्लब में किया डांस, यूजर्स बोले- क्या दिन आ गए
लखीसराय से उज्जैन तक, सावन के तीसरे सोमवार पर हादसों का कहर
लखीसराय से उज्जैन तक, सावन के तीसरे सोमवार पर हादसों का कहर
क्या ईरान पर परमाणु हथियारों से हमला करेंगे ट्रंप? कांग्रेसवुमन के दावे से हड़कंप
क्या ईरान पर परमाणु हथियारों से हमला करेंगे ट्रंप? कांग्रेसवुमन के दावे से हड़कंप
एक्सप्रेसवे पर दौड़ता रहा घोड़ा, पीछे भागी NHAI टीम- वीडियो वायरल
एक्सप्रेसवे पर दौड़ता रहा घोड़ा, पीछे भागी NHAI टीम- वीडियो वायरल
Bhawana Kanth: IAF की भावना कंठ बनीं पहली महिला फाइटर कॉम्बैट लीडर, कितनी मिलेगी सैलरी?
IAF की भावना कंठ बनीं पहली महिला फाइटर कॉम्बैट लीडर, कितनी मिलेगी सैलरी?
Embed widget