एक्सप्लोरर

छोटे शहरों में 95% बढ़ीं Tech Jobs, क्या मंगल-राहु बदल रहे रोजगार की तस्वीर?

Tech Jobs in Tier 2 Cities India: छोटे शहरों में Tech Jobs 95% बढ़ी हैं. जानें किन शहरों में बन रहे मौके और भारत की कुंडली में मंगल-राहु की दशा नौकरी बाजार के बारे में क्या संकेत देती है.

Tech Jobs: इंदौर, कोच्चि, अहमदाबाद और कोयंबटूर जैसे शहरों में टेक नौकरियां तेजी से बढ़ी हैं. क्या आने वाले समय में नौकरी के लिए बेंगलुरु, दिल्ली या हैदराबाद जाना जरूरी नहीं रहेगा? भारत की कुंडली में चल रही मंगल-राहु की दशा इस बदलाव के पीछे बड़ा संकेत दे रही है.

अच्छी टेक नौकरी चाहिए तो घर छोड़कर बेंगलुरु या हैदराबाद जाइए, अब तक ज्यादातर युवाओं को यही सलाह मिलती थी. लेकिन नई रिपोर्ट और भारत की कुंडली, दोनों इस पुराने रास्ते में बदलाव का संकेत दे रहे हैं.

टियर-2 और टियर-3 शहरों में टेक नौकरियां एक साल में करीब 95 प्रतिशत बढ़ी हैं. इसी समय भारत की कुंडली में मंगल की महादशा और राहु की अंतर्दशा चल रही है. ज्योतिष में मंगल को मशीन, इंजीनियरिंग और नए निर्माण से जोड़ा जाता है, जबकि राहु तकनीक, इंटरनेट, AI, विदेशी कंपनियों और अचानक होने वाले बदलाव का कारक माना जाता है.

यह भी पढ़ें- सरकार के लिए आसान नहीं सितंबर, क्या फिर बनेगी जुलाई के जंतर-मंतर आंदोलन जैसी स्थिति?

यानी रिपोर्ट में दिखाई दे रहा बदलाव केवल नौकरियों की संख्या तक सीमित नहीं है. यह संकेत हो सकता है कि आने वाले महीनों में देश का टेक जॉब मार्केट बड़े शहरों से निकलकर कई छोटे शहरों में फैलने वाला है.

लेकिन इसमें एक चेतावनी भी छिपी है. नौकरियां बढ़ सकती हैं, पर हर नौकरी स्थायी, ज्यादा वेतन वाली या सुरक्षित हो, यह जरूरी नहीं.

सितंबर की भविष्यवाणी जानने के लिए यहां क्लिक करें-

GDP 7.8% हुई, फिर भी आपकी जेब खाली क्यों? नवंबर के बाद बढ़ सकती है मुश्किल

ईरान युद्ध पर ट्रंप का बड़ा दावा, क्या 9 सितंबर से पहले होगा एक और हमला?

US Iran War: 6 महीने बाद भी क्यों नहीं झुका ईरान?

Nepal Flood 2026: सितंबर में फिर उफन सकती हैं हिमालयी नदियां?

Weather Prediction: सितंबर में फिर बिगड़ेगा मौसम? मंगल-शनि दे रहे भारी बारिश के संकेत

सितंबर में दाल-तेल से दूध तक क्या होगा महंगा? कमजोर मानसून के बीच कुंडली ने बढ़ाई चिंता

21 हजार से 41 हजार हुईं टेक नौकरियां

स्टाफिंग कंपनी Xpheno के आंकड़ों के अनुसार, सितंबर 2025 में टियर-2 और टियर-3 शहरों में करीब 21 हजार सक्रिय टेक नौकरियां थीं. सितंबर 2026 में इनकी संख्या बढ़कर लगभग 41 हजार हो गई. यानी एक साल में करीब 95 प्रतिशत की तेजी.

देश में कुल सक्रिय टेक नौकरियां लगभग 1.17 लाख तक पहुंची हैं. इनमें करीब 90 हजार फुल-टाइम पद बताए गए हैं.

आंकड़ा उत्साहित करता है, लेकिन इसे सही संदर्भ में समझना जरूरी है. 95 प्रतिशत की बढ़ोतरी 21 हजार जैसे छोटे आधार पर हुई है. छोटे शहर अभी भी कुल टेक नौकरियों में महानगरों से पीछे हैं.

फिर भी यह सामान्य बढ़ोतरी नहीं है. कंपनियां अब केवल बेंगलुरु, दिल्ली, मुंबई, पुणे, चेन्नई और हैदराबाद पर निर्भर नहीं रहना चाहतीं. अहमदाबाद, इंदौर, कोच्चि और कोयंबटूर जैसे शहर नए विकल्प बन रहे हैं.

कुंडली में छोटे शहरों तक नौकरी पहुंचने का संकेत कैसे?

भारत की उपलब्ध कुंडली 15 अगस्त 1947, रात 12 बजे और नई दिल्ली के समय पर आधारित है. इसमें वृषभ लग्न है. नौकरी, कामकाज और देश की उत्पादन व्यवस्था का दसवां भाव कुंभ राशि में आता है.

कुंभ को तकनीक, नेटवर्क, बड़े समूह और पुराने ढांचे से अलग व्यवस्था बनाने वाली राशि माना जाता है. इसलिए भारत में तकनीक से चलने वाली नौकरियों का तेजी से बढ़ना इस कुंडली के मूल स्वभाव से मेल खाता है.

दसवें भाव का स्वामी शनि तीसरे भाव में है. मेदिनी ज्योतिष में तीसरा भाव संचार, छोटे रास्तों, पड़ोसी क्षेत्रों, स्थानीय नेटवर्क और कामकाजी कौशल से जुड़ा होता है.

सरल शब्दों में समझें तो नौकरी का केंद्र केवल कुछ बड़े शहरों में बंद नहीं रहेगा. इंटरनेट, बेहतर सड़कें, नए ऑफिस और डिजिटल संपर्क के कारण काम छोटे शहरों तक पहुंच सकता है.

शनि के साथ बुध, सूर्य, चंद्रमा और शुक्र का संबंध इस बदलाव को और खास बनाता है. बुध डेटा, कंप्यूटर, शिक्षा और व्यापार का संकेतक है. शनि बड़े कर्मचारी वर्ग और लंबे समय में तैयार होने वाली व्यवस्था को दिखाता है.

यही योग स्थानीय युवाओं, डिजिटल काम और नए जॉब सेंटर के बढ़ने की संभावना बनाता है.

मंगल-राहु की दशा क्यों बदल सकती है नौकरी का नक्शा?

भारत की कुंडली में 12 सितंबर 2025 से मंगल की महादशा शुरू हुई है. इसके अंदर 9 फरवरी 2026 से 27 फरवरी 2027 तक राहु की अंतर्दशा चलेगी.

मंगल तेज फैसलों, इंजीनियरिंग, मशीन और बुनियादी ढांचे को दिखाता है. राहु नई तकनीक, AI, इंटरनेट, विदेशी निवेश और ऐसी जगहों को आगे ला सकता है, जिन पर पहले ज्यादा ध्यान नहीं दिया गया.

मंगल-राहु का यह समय कंपनियों को तेजी से नए शहरों में जाने के लिए प्रेरित कर सकता है. कम किराया, सस्ता संचालन, स्थानीय कर्मचारी और राज्य सरकारों की सुविधाएं इस बदलाव को जमीन पर आगे बढ़ा सकती हैं.

लेकिन राहु के समय संख्या तेजी से बढ़ती है और तस्वीर उतनी साफ नहीं रहती. इसलिए 95 प्रतिशत बढ़ोतरी देखकर यह मान लेना ठीक नहीं होगा कि छोटे शहरों में हर युवा को तुरंत ऊंचे वेतन वाली नौकरी मिल जाएगी.

नई भर्ती में सपोर्ट, सर्विस डिलीवरी, कॉल सेंटर, डेटा प्रोसेसिंग, साइबर मॉनिटरिंग और ऑपरेशन से जुड़े पद ज्यादा हो सकते हैं. हाई सैलरी वाली रिसर्च, प्रोडक्ट और लीडरशिप भूमिकाएं अभी भी बड़े शहरों में रह सकती हैं.

दशम भाव की कमजोरी क्या चेतावनी दे रही है?

कुंडली की भावबल तालिका में नौकरी से जुड़ा दशम भाव सबसे कमजोर दिखाई देता है. इसका भावबल करीब 4.29 रूप है और बारह भावों में इसका स्थान अंतिम है.

इसका मतलब नौकरी खत्म होना नहीं है. इसका संकेत यह है कि रोजगार की संख्या बढ़ने के बाद भी उसकी गुणवत्ता और स्थिरता बड़ी चुनौती बनी रह सकती है.

किसी शहर में हजारों नौकरियां खुल सकती हैं, लेकिन वेतन कम हो सकता है. कंपनी भर्ती कर सकती है, पर कुछ महीनों बाद प्रोजेक्ट बंद हो सकता है. पद उपलब्ध हो सकता है, लेकिन मांगी गई तकनीकी योग्यता स्थानीय उम्मीदवारों के पास न हो.

यही कारण है कि केवल '95 प्रतिशत वृद्धि' देखकर खुश होने के बजाय यह भी देखना होगा कि कितनी नौकरियां फुल-टाइम हैं, कितनी कॉन्ट्रैक्ट पर हैं और उनमें आगे बढ़ने की कितनी गुंजाइश है.

दशमांश कुंडली में AI और स्किल का संकेत

नौकरी का बारीक अध्ययन करने के लिए दशमांश यानी D10 कुंडली देखी जाती है. भारत के उपलब्ध दशमांश में सूर्य दसवें भाव में है. यह सरकार, बड़ी कंपनियों और राष्ट्रीय स्तर पर दिखाई देने वाले रोजगार बदलाव की भूमिका बढ़ाता है.

बुध पांचवें भाव में है. यह सीखने, डेटा, तकनीकी समझ और नए कौशल की जरूरत बताता है. संकेत साफ है, आने वाले समय में केवल कॉलेज की डिग्री नौकरी दिलाने के लिए पर्याप्त नहीं होगी.

AI, क्लाउड, डेटा एनालिसिस, साइबर सुरक्षा और ऑटोमेशन सीखने वालों को बेहतर मौके मिल सकते हैं.

मंगल और केतु छठे भाव से जुड़े हैं. इससे प्रतियोगिता, नौकरी का दबाव, ऑटोमेशन और अचानक छंटनी का खतरा भी बना रहता है. नई तकनीक कुछ नौकरियां बनाएगी, लेकिन पुराने और दोहराए जाने वाले काम कम भी कर सकती है.

अक्टूबर और नवंबर के बाद क्या बदल सकता है?

15 अगस्त 2026 से शुरू वर्षफल में सिंह लग्न है और मुंथा पांचवें भाव में है. पांचवां भाव शिक्षा, नई सोच, प्रशिक्षण और प्रतिभा से जुड़ा है. इससे स्किल ट्रेनिंग, स्टार्टअप और तकनीक आधारित काम को बढ़ावा मिलने की संभावना बनती है.

9 अक्टूबर से 26 नवंबर 2026 के बीच गुरु का प्रभाव विदेशी कंपनियों, ग्लोबल प्रोजेक्ट और रिमोट वर्क के अवसर बढ़ा सकता है. हालांकि कंपनियां खर्च कम करने के लिए छोटे शहरों का चुनाव करेंगी तो वेतन पर दबाव भी आ सकता है.

26 नवंबर 2026 से 23 जनवरी 2027 के बीच शनि की अवधि कठिन परीक्षा जैसी रह सकती है. इस दौरान कंपनियां नई भर्तियों की समीक्षा कर सकती हैं. कुछ प्रोजेक्ट धीमे पड़ सकते हैं और कॉन्ट्रैक्ट नौकरियों में अस्थिरता दिखाई दे सकती है.

इसलिए फरवरी 2027 तक नौकरी बाजार में तेजी तो रह सकती है, लेकिन उतार-चढ़ाव भी साथ चलेगा.

छोटे शहर में रहते हैं तो अभी क्या करें?

नौकरी आने का इंतजार करने के बजाय अगले तीन से छह महीने अपने कौशल पर लगाएं. AI टूल्स, क्लाउड, डेटा, साइबर सुरक्षा और अंग्रेजी संचार पर पकड़ मजबूत करें.

किसी ऑफर को स्वीकार करने से पहले केवल सैलरी न देखें. कंपनी, कॉन्ट्रैक्ट, काम की भूमिका, प्रशिक्षण और आगे बढ़ने का रास्ता भी जांचें.

भारत की कुंडली मौके छोटे शहरों तक पहुंचने का संकेत दे रही है, लेकिन कमजोर दशम भाव बता रहा है कि मौका और अच्छी नौकरी एक ही बात नहीं हैं.

देश का अगला टेक हब कोई एक शहर नहीं भी हो सकता. संभव है कि इंदौर, कोच्चि, कोयंबटूर, अहमदाबाद और ऐसे कई शहर मिलकर नौकरी का नया नेटवर्क बनाएं.

सवाल अब यह नहीं है कि टेक नौकरियां आपके शहर तक आएंगी या नहीं. असली सवाल यह है, जब वे आएंगी, तब क्या आपके पास वह कौशल होगा जिसकी कंपनियों को तलाश है?

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

हृदेश कुमार सिंह । Hirdesh Kumar Singh 

Senior Vedic Astrologer । Head – Religion & Astrology, ABP Live । Lead – ABP Dharma LIVE

हृदेश कुमार सिंह वरिष्ठ वैदिक ज्योतिषाचार्य और मीडिया पेशेवर हैं. उन्हें ज्योतिष, धर्म और मीडिया के क्षेत्र में 17 साल से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वे ABP Live में Religion & Astrology वर्टिकल का नेतृत्व करते हैं. साथ ही ABP Dharma LIVE की कंटेंट और डिजिटल रणनीति की जिम्मेदारी संभालते हैं.

उनके काम में ज्योतिषीय लेखन, संपादन, वेबसाइट और वीडियो के लिए विषय चयन तथा संपादकीय योजना शामिल है. वे Search, Google Discover और सोशल मीडिया पर पाठकों की रुचि को ध्यान में रखकर धर्म और ज्योतिष की कवरेज तय करते हैं.

पंचांग, राशिफल, ग्रह गोचर, व्रत-त्योहार और धार्मिक परंपराएं उनके लेखन के प्रमुख विषय हैं. वे करियर, विवाह, शिक्षा और व्यापार से जुड़े सवालों पर भी लिखते हैं. राजनीति और सामाजिक घटनाओं पर उनके ज्योतिषीय विश्लेषण वैदिक गणना, गोचर और मेदिनी ज्योतिष पर आधारित होते हैं. इनमें ग्रह स्थितियों को संभावित संकेतों के रूप में प्रस्तुत किया जाता है.

उन्होंने Indian Institute of Mass Communication (IIMC), नई दिल्ली से पत्रकारिता और IIMT University, मेरठ से ज्योतिष शास्त्र एवं वास्तु शास्त्र की शिक्षा ग्रहण की है. वे AstroSage और Astrotalk जैसे प्लेटफॉर्म के साथ भी काम कर चुके हैं. उन्होंने Semrush Academy से 'Content Marketing Essentials for SEO and AI Search with Semrush' सर्टिफिकेशन प्राप्त किया है.

नई पीढ़ी के पाठकों के लिए उन्होंने 'Gen-Z Horoscope' जैसे प्रारूप पर काम किया है. इसमें पढ़ाई, नौकरी, रिश्तों और रोजमर्रा के फैसलों से जुड़े सवालों को राशिफल में जगह दी गई है. उनके लेख धार्मिक परंपराओं से जुड़े उन प्रश्नों पर भी केंद्रित होते हैं, जो बदलती जीवनशैली में सामने आते हैं.

वैदिक ज्योतिष, होरा शास्त्र, संहिता, मेदिनी ज्योतिष, अंक ज्योतिष, शकुन शास्त्र और वास्तु उनके अध्ययन एवं लेखन के विषय हैं. उनका मानना है, 'ज्योतिष केवल भविष्य बताने की विद्या नहीं, बल्कि समय को समझने की कला है.'

ज्योतिष और मीडिया के अलावा उन्हें सिनेमा, संगीत, साहित्य, राजनीति, पर्यावरण, ग्रामीण जीवन और यात्राओं में विशेष रुचि है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

Kal Ka Rashifal 11 October 2026: शारदीय नवरात्र के पहले दिन इन राशियों की खुलेगी किस्मत, धनु को बड़ा पैकेज और सिंह को बंपर मुनाफा!
Kal Ka Rashifal 11 October 2026: शारदीय नवरात्र के पहले दिन इन राशियों की खुलेगी किस्मत, धनु को बड़ा पैकेज और सिंह को बंपर मुनाफा!
Aaj Ka Rashifal 10 October 2026: सर्वपितृ अमावस्या और कन्या राशि में चंद्रमा, आज किन राशियों पर बरसेगी विशेष कृपा?
10 अक्टूबर राशिफल: सर्वपितृ अमावस्या और कन्या राशि में चंद्रमा, आज किन राशियों पर बरसेगी विशेष कृपा?
आज का कन्या राशिफल 10 अक्टूबर 2026: आपकी राशि में चंद्रमा से बढ़ेगी बौद्धिक शक्ति, बड़े प्रोजेक्ट के बनेंगे हेड
आज का कन्या राशिफल 10 अक्टूबर 2026: आपकी राशि में चंद्रमा से बढ़ेगी बौद्धिक शक्ति, बड़े प्रोजेक्ट के बनेंगे हेड
आज का सिंह राशिफल 10 अक्टूबर 2026: दूसरे चंद्रमा से पैतृक धन की प्राप्ति, सुलझेगी ट्रांसपोर्टेशन की समस्या, वर्कप्लेस पर षड्यंत्र से रहें सावधान
आज का सिंह राशिफल 10 अक्टूबर 2026: दूसरे चंद्रमा से पैतृक धन की प्राप्ति, सुलझेगी ट्रांसपोर्टेशन की समस्या, वर्कप्लेस पर षड्यंत्र से रहें सावधान
Advertisement

वीडियोज

वो दरिंदों के जाल में फंस गई थी !
बिना मंजूरी प्रदर्शन से ज्ञानेश का इस्तीफा हो जाएगा?
Delhi में मेट्रो-रेल बंद करने पर SC ने लगाई फटकार
10 अक्टूबर को लेकर दिल्ली में कैसा 'डर' ?
विपक्ष ने राष्ट्रपति मुर्मू को सौंपा ज्ञापन
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
हिरासत में लिए जाने के बाद ममता बनर्जी का बड़ा बयान - 'मैं सोमवार को...'
हिरासत में लिए जाने के बाद ममता बनर्जी का बड़ा बयान - 'मैं सोमवार को...'
'मैं अयोध्या से चुनाव लड़ने को तैयार आप भी...', CM योगी ने कबूल किया अखिलेश का चैलेंज!
'मैं अयोध्या से चुनाव लड़ने को तैयार आप भी...', CM योगी ने कबूल किया अखिलेश का चैलेंज!
'बॉलिंग मशीन ही लगा दो', 250 चेज होने पर भारतीय स्पिनर का बड़ा बयान; जानें क्या कहा
'बॉलिंग मशीन ही लगा दो', 250 चेज होने पर भारतीय स्पिनर का बड़ा बयान; जानें क्या कहा
'INDIA गठबंधन दिल्ली में करेगा बड़ा विरोध प्रदर्शन', CJP प्रोटेस्ट के बीच बोले केसी वेणुगोपाल
'INDIA गठबंधन दिल्ली में करेगा बड़ा विरोध प्रदर्शन', CJP प्रोटेस्ट के बीच बोले केसी वेणुगोपाल
'मरने से कोई फरिश्ता नहीं बन जाता...', तनुश्री दत्ता के सपोर्ट में आई सिंगर ने कही बड़ी बात
'मरने से कोई फरिश्ता नहीं बन जाता...', तनुश्री दत्ता के सपोर्ट में आई सिंगर ने कही बड़ी बात
'मैं नरेंद्र मोदी, RSS से एक दशक से लड़ रहा हूं', राहुल बोले- 'हर चाल से वाकिफ हूं'
'मैं नरेंद्र मोदी, RSS से एक दशक से लड़ रहा हूं', राहुल बोले- 'हर चाल से वाकिफ हूं'
‘इमरजेंसी की बात राहुल न कहें, आपकी दादी की बात दुनिया जानती है’, BJP का हमला
‘इमरजेंसी की बात राहुल न कहें, आपकी दादी की बात दुनिया जानती है’, BJP का हमला
सिर्फ 3 महीने का मौका, यूपी सरकार की नई योजना से चुकता कर लें पुराने टैक्स विवाद
सिर्फ 3 महीने का मौका, यूपी सरकार की नई योजना से चुकता कर लें पुराने टैक्स विवाद
Embed widget