एक्सप्लोरर

Eel Fish Farming: पारंपरिक खेती से हटकर नया प्रयोग, बांस के केज में पालें ईल मछली, दोगुनी हो जाएगी कमाई

Eel Fish Farming: चीन में किसान बांस और नायलॉन की जाली से बने तैरते पिंजरों में ईल मछली पालन कर रहे हैं. यह कम लागत और कम जगह में बेहतर मुनाफा देने वाला तरीका माना जा रहा है.

Eel Fish Farming: आजकल किसान सिर्फ पारंपरिक खेती तक ही सीमित नहीं रह गए हैं. वे ऐसे नए तरीके अपना रहे हैं, जिनसे कम जगह और कम लागत में भी अच्छी कमाई हो सके. इसी कड़ी में चीन जैसे देश में किसान अब बांस और नायलॉन की जाली से बने तैरते हुए पिंजरे  में ईल मछली पालने लगे हैं. यह तरीका खासतौर पर तालाबों, नदियों या बहते पानी में अपनाया जाता है, जहां किसान बहुत कम निवेश में मछली पालन शुरू कर सकते हैं. बता दें कि चीन दुनिया में ईल मछली का सबसे बड़ा उत्पादक देश में से एक माना जाता है. यही वजह है कि ईल मछली की मांग जापान और दूसरे देशों में लगातार बनी रहती है, जिससे किसानों को अच्छा मुनाफा मिलता रहता है. आइए जानते हैं इसके बारे में पूरी जानकारी. 

केज कल्चर के क्या हैं फायदे?

पारंपरिक तालाब में मछली पालने की तुलना में केज कल्चर के कई फायदे माने जाते हैं. सबसे पहला फायदा यह है कि इसमें बहुत कम जगह की जरूरत पड़ती है, क्योंकि यह पिंजरा पानी की सतह पर तैरता रहता है और नदी, तालाब  के किसी भी हिस्से में लगाया जा सकता है. इसके साथ ही दूसरा फायदा यह है कि इसमें खर्च भी पारंपरिक तरीकों की तुलना में काफी कम लगता है, क्योंकि बांस और जाली जैसी स्थानीय चीजों से ही पिंजरा तैयार हो जाता है. इसके अलावा, पिंजरे में मछलियां एक तय दायरे में रहती हैं, जिससे उन्हें खाना देना, उनकी सेहत पर नजर रखना और उन्हें बीमारियों से बचाना भी आसान हो जाता है. इसके अलावा पानी लगातार पिंजरे के अंदर-बाहर बहता रहता है, जिससे मछलियों को साफ और ताजा पानी मिलता रहता है और उनकी बढ़त भी तेज होती है. 

यह भी पढ़ेंः Farmers Irrigation Subsidy: बारिश नहीं हुई तो क्या हुआ? बुआई की तैयारी करें किसान, सरकार उठाएगी सिंचाई का खर्च

किसानों को कैसे होगा फायदा?

ईल मछली की सबसे खास बात यह है कि इसकी मांग देश के साथ- साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी हमेशा बनी रहती है, खासकर जापान जैसे देशों में जहां इसे बहुत पसंद किया जाता है. यही वजह है कि इसकी अच्छी कीमत मिलने की संभावना रहती है, जिससे किसानों की कमाई बढ़ सकती है. इसकी सबसे बड़ी खासियत है कि ये कम जगह में ज्यादा उत्पादन और कम खर्च में बेहतर मुनाफा देती है. हालांकि, ईल मछली पालन में कुछ सावधानियां भी जरूरी होती हैं, जैसे पानी की गुणवत्ता का ध्यान रखना, समय पर सही खाना देना और मछलियों को बीमारियों से दूर रखना.  कुल मिलाकर, यह तरीका उन किसानों के लिए एक अच्छा विकल्प बन सकता है जो कम जगह और सीमित संसाधनों में मछली पालन करते हैं और बैहतर मुनाफे कि तलास मे हैं. 

यह भी पढ़ेंः Flowers Farming: बागवानी करने वाले किसानों के लिए अलर्ट, इस मौसम में इन गलतियों की वजह से खराब हो जाती फूलों की फसल

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

Eel Fish Farming: पारंपरिक खेती से हटकर नया प्रयोग, बांस के केज में पालें ईल मछली, दोगुनी हो जाएगी कमाई
पारंपरिक खेती से हटकर नया प्रयोग, बांस के केज में पालें ईल मछली, दोगुनी हो जाएगी कमाई
Bihar Monsoon Session 2026: इस राज्य में अब कृषि भूमि पर खोल सकेंगे उद्योग, सरकार ने हटाई रोक
इस राज्य में अब कृषि भूमि पर खोल सकेंगे उद्योग, सरकार ने हटाई रोक
10 बीघा खेत के लिए कितना गहरा खुदवाना होगा कुंआ? जानिए रोज कितने पानी की पड़ेगी जरूरत
10 बीघा खेत के लिए कितना गहरा खुदवाना होगा कुंआ? जानिए रोज कितने पानी की पड़ेगी जरूरत
1 क्विंटल दूध से कितना निकलता है घी? डेयरी फार्म खोलने से पहले जान लें पूरा हिसाब किताब
1 क्विंटल दूध से कितना निकलता है घी? डेयरी फार्म खोaलने से पहले जान लें पूरा हिसाब किताब
Advertisement

वीडियोज

Ravi Dubey के Lakshman बनने पर भावुक हुईं Sargun Mehta, बोलीं- ‘सालों की मेहनत और तपस्या का फल’
Lock Upp 2 में फिर आमने-सामने होंगी Hina Khan और Shilpa Shinde? पुराने विवाद से मचेगा बड़ा बवाल
कैमरे में कैद मौत की पिक्चर !
DR. Aarambhi: Aarambhi ने खोला सच, Tandon परिवार को सजा दिलाने अड़ी Nayra!
Amitabh Bachchan ने सर्जरी के बाद शेयर किया भावुक हेल्थ अपडेट, बोले- रिकवरी का मुश्किल दौर अब शुरू हुआ
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
सोनम वांगुचक से देर रात हुई मुलाकात, आज CJP नेताओं संग सरकार की बैठक, क्या बन जाएगी बात?
सोनम वांगुचक से देर रात हुई मुलाकात, आज CJP नेताओं संग सरकार की बैठक, क्या बन जाएगी बात?
दिल्ली में लाठीचार्ज पर लोकसभा में गरजे सपा चीफ अखिलेश यादव, सरकार से पूछा- क्या बेटियों के कपड़े फाड़ेंगे?
लाठीचार्ज पर लोकसभा में गरजे अखिलेश, सरकार से पूछा- क्या बेटियों के कपड़े फाड़ेंगे आप?
'ढाई घंटे में शिकायत नहीं लिख पाए...दीपके को अरेस्ट नहीं किया', BJP सांसद बांसुरी स्वराज का CJP पर पलटवार
'ढाई घंटे में शिकायत नहीं लिख पाए...दीपके को अरेस्ट नहीं किया', BJP सांसद बांसुरी स्वराज का CJP पर पलटवार
अब कहां दिखेंगे रोहित शर्मा-विराट कोहली? 2027 वर्ल्ड कप का पूरा रोडमैप तैयार
अब कहां दिखेंगे रोहित शर्मा-विराट कोहली? 2027 वर्ल्ड कप का पूरा रोडमैप तैयार
'मैं गुस्से से खौल रहा हूं', छात्रों पर हुई हिंसा के खिलाफ फूटा नसीरुद्दीन शाह का गुस्सा, बोले- 'कोई जाहिल इस मुल्क की रहनुमाई करे...'
'मैं गुस्से से खौल रहा हूं', छात्रों पर हुई हिंसा के खिलाफ फूटा नसीरुद्दीन शाह का गुस्सा
Explained: वांगचुक और CJP की 'जमीन' पर कांग्रेसी कब्जा! एक्सपर्ट्स से जानें कैसे राहुल के बाद आंदोलन का हुआ 'कांग्रेसीकरण'?
CJP की 'जमीन' पर मारा 'पंजा'! एक्सपर्ट्स से जानें कैसे राहुल के बाद आंदोलन का हुआ कांग्रेसीकरण?
'हम UAPA और NSA के लिए तैयार', CJP के आशुतोष रांका का ऐलान- किसी प्रोटेस्टर के खिलाफ नहीं होने देंगे FIR
'हम UAPA और NSA के लिए तैयार', CJP के आशुतोष रांका का ऐलान- किसी प्रोटेस्टर के खिलाफ नहीं होने देंगे FIR
Helmet Odor in Monsoon: बारिश में हेलमेट से आ रही है बदबू? इस तरीके से करें सफाई, तुरंत दूर होगी गंदी स्मेल
बारिश में हेलमेट से आ रही है बदबू? इस तरीके से करें सफाई, तुरंत दूर होगी गंदी स्मेल
Embed widget