11 महीने की नौकरी करके दिया इस्तीफा और अब 30 दिन का नोटिस, क्या माना जाएगा ग्रैच्युटी का एक साल?
Gratuity Rules: अगर आपने 11 महीने की नौकरी पूरी कर ली है और 30 दिन का नोटिस पीरियड सर्व किया है. तो क्या वह एक साल की सर्विस गिना जाएगा. जान लीजिए नियम.

Gratuity Rules: आजकल नौकरी बदलना आम बात है और कई लोग एक साल पूरा होने से पहले ही नई जगह तलाश लेते हैं. पहले दिक्कत यह थी कि ग्रैच्युटी पाने के लिए कम से कम पांच साल की नौकरी जरूरी थी. लेकिन अब सरकार ने इसमें बड़ा बदलाव कर दिया है. देश में 4 नए लेबर लाॅ लागू किए गए हैं. इनके प्रावधान के मुताबिक ग्रैच्युटी की सीमा पांच साल से घटाकर एक साल कर दी गई है.
इसका मतलब यह है कि अगर किसी ने सिर्फ एक साल की नौकरी भी पूरी की है. तो वह ग्रैच्युटी का हकदार बन सकता है. अब सवाल यह उठता है कि अगर कोई कर्मचारी 11 महीने काम करने के बाद इस्तीफा दे दे और 30 दिन का नोटिस पीरियड पूरा करे. तो क्या उसे एक साल माना जाएगा और क्या वह ग्रैच्युटी का हकदार होगा. चलिए आपको बताते हैं इसकी पूरी जानकारी.
11 महीने और 30 दिन का नोटिस एक साल माना जाएगा?
अब देश में नए 4 लेबर लाॅ होने के बाद ग्रेच्युटी के नियम बदल गए है. जिसमें अब ग्रेच्युटी एक साल बाद मिलेगी. लेकिन अगर किसी ने 11 महीने नौकरी की और 30 दिन तक नोटिस पीरियड सर्व किया. तो क्या यह नौकरी का पूरा एक साल माना जाएगा. तो आपको बता दें नौकरी का टेन्योर सिर्फ ज्वाइनिंग से लेकर आखिरी वर्किंग डे तक गिनी जाती है. नोटिस पीरियड इसमें तभी शामिल माना जाता है. जब वह कंपनी की सर्विस टाइम के तौर पर दर्ज हो. अगर आपने 11 महीने काम किया और उसके बाद 30 दिन का नोटिस पीरियड भी कंपनी की तरफ से वर्किंग टेन्योर में गिना गया.
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तो कुल अवधि 12 महीने यानी एक साल हो सकती है. ऐसे में आप नए नियम के हिसाब से ग्रैच्युटी के दावे के दायरे में आते हैं. लेकिन अगर कंपनी नोटिस को कार्य अवधि में शामिल नहीं करती और उसे सिर्फ फॉर्मलिटी मानती है. तो आपकी अवधि 12 महीने नहीं मानी जाएगी. इसलिए सबसे जरूरी है यह देखना कि कंपनी ने आपके आखिरी कार्य दिवस को किस तारीख तक रिकॉर्ड किया है.
नए नियम के बाद कर्मचारी को क्या फायदा मिलेगा?
सरकार का नया बदलाव उन कर्मचारियों के लिए राहत लेकर आया है जो छोटे समय के लिए काम करते हैं या अक्सर नौकरी बदलते रहते हैं. पहले पांच साल की बाध्यता के कारण लाखों कर्मचारियों को ग्रैच्युटी नहीं मिलती थी. जबकि वह कंपनी की ग्रोथ में वास्तविक योगदान दे चुके होते थे. अब सिर्फ एक साल की नौकरी पर भी ग्रैच्युटी मिल सकती है.
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जिससे शुरुआती स्तर पर काम करने वालों को सीधा फायदा मिलेगा. अगर आपने एक साल पूरा कर लिया है या आपकी सेवा अवधि कंपनी के रिकॉर्ड में एक साल मानी गई है. तो आप ग्रैच्युटी का दावा कर सकते हैं. इसके लिए HR को आवेदन देना होता है और जरूरत पड़ने पर लेबर विभाग में शिकायत भी की जा सकती है.
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