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FASTag का एनुअल पास ले चुके लोगों को भी देनी होगी बढ़ी हुई फीस, जानें नया नियम

Fastag Annual Pass: हाईवे पर सफर करने वालों के लिए FASTag एनुअल पास से जुड़ा नियम बदलने वाला है. अब एनुअल पास के लिए देने पड़ेंगे इतने ज्यादा रुपये. जान लीजिए नई फीस.

Fastag Annual Pass: अगर आप अक्सर हाईवे पर गाड़ी चलाते हैं और टोल से बचने के लिए FASTag का इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके काम की है. सरकार ने प्राइवेट गाड़ी मालिकों के लिए मिलने वाले खास एनुअल पास की कीमत में हल्का इजाफा करने का फैसला किया है. यानी जिन लोगों ने यह पास लिया है या लेने की सोच रहे हैं, उन्हें अब थोड़ा ज्यादा भुगतान करना पड़ सकता है. 

हालांकि राहत की बात यह है कि अगर आप 31 मार्च से पहले पास खरीद लेते हैं या रिन्यू कर लेते हैं. तो आपको पुरानी कीमत पर ही इसका फायदा मिल सकता है. हाईवे पर बार बार सफर करने वालों के लिए यह पास काफी फायदेमंद माना जाता है. क्योंकि इससे हर बार टोल देने की झंझट कम हो जाती है. लेकिन अब नए नियम लागू होने के बाद इसकी कीमत में बदलाव किया जा रहा है. जिसे लेकर कई लोगों के मन में सवाल भी उठ रहे हैं.

कितना बढ़ेगा एनुअल पास का चार्ज?

सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के नियमों के मुताबिक हर साल टोल दरों में बदलाव होता है और उसी फॉर्मूले के आधार पर पास की कीमत भी अपडेट की जाती है. फिलहाल जो FASTag एनुअल पास 3000 रुपये में मिलता है. उसकी कीमत 1 अप्रैल से बढ़ाकर 3075 रुपये कर दी जाएगी. यानी कुल 75 रुपये की बढ़ोतरी की गई है. जो करीब 2.5 प्रतिशत के बराबर है. इस बदलाव से देशभर के लाखों वाहन मालिक प्रभावित होंगे. अनुमान है कि करीब 52 लाख लोग इस बदलाव से प्रभावित होंगे.

ध्यान रखने वाली बातें:

  • अभी की कीमत 3000 रुपये है.
  • 1 अप्रैल से कीमत 3075 रुपये हो जाएगी.
  • यानी कुल 75 रुपये की बढ़ोतरी की गई है.
  • करीब 52 लाख वाहन मालिकों पर इसका असर पड़ेगा.

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कैसे काम करता है FASTag एनुअल पास?

यह एनुअल पास खासतौर पर उन लोगों के लिए बनाया गया है. जो नेशनल हाईवे पर बार बार सफर करते हैं. पिछले साल 15 अगस्त को इसे शुरू किया गया था और तब से यह काफी पाॅपुलर हो गया है. इस में एक बार पेमेंट करने के बाद पास पूरे एक साल या 200 ट्रिप तक वैलिड रहता है. इनमें से जो भी पहले पूरा हो जाए.

इस योजना में दो तरह के ऑप्शन मिलते हैं

  • 3000 रुपये का वार्षिक पास जिसमें एक साल तक हाईवे इस्तेमाल किया जा सकता है.
  • 30000 रुपये का लाइफटाइम पास जिसमें लंबे समय तक टोल से राहत मिलती है.

यह भी पढ़ें: जिनके पास पहले से है LPG कनेक्शन, PNG लेने के बाद क्या उन्हें भी सरेंडर करना पड़ेगा सिलेंडर? क्या है नया नियम

कुछ जरूरी बातें भी ध्यान में रखना जरूरी है

  • यह पास सिर्फ नेशनल हाईवे पर ही मान्य होता है.
  • राज्य सरकार के टोल प्लाजा पर सामान्य शुल्क कटेगा.
  • पास के लिए दिया गया पैसा नॉन रिफंडेबल होता है.

कहां से खरीद सकते हैं यह पास?

इस पास को खरीदना काफी आसान रखा गया है और इसके लिए कहीं जाने की जरूरत नहीं पड़ती. वाहन मालिक इसे घर बैठे मोबाइल से भी खरीद सकते हैं. इसके लिए Rajmarg Yatra App का इस्तेमाल किया जा सकता है. इसके अलावा नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया की आधिकारिक वेबसाइट से भी पास लिया जा सकता है. पेमेंट करने के करीब दो घंटे के भीतर पास एक्टिव हो जाता है और मोबाइल पर कन्फर्मेशन मैसेज भी मिल जाता है.

पास खरीदने के आसान तरीके

  •  राजमार्ग यात्रा ऐप के जरिए ऑनलाइन खरीद सकते हैं.
  • NHAI की वेबसाइट से भी आवेदन किया जा सकता है.
  • पेमेंट के करीब 2 घंटे में पास एक्टिव हो जाता है.
  • मोबाइल पर कन्फर्मेशन मैसेज भी मिल जाता है.

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About the author नीलेश ओझा

नीलेश ओझा पिछले पांच साल से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उनकी लेखन शैली में तथ्यों की सटीकता और इंसानी नजरिए की गहराई दोनों साथ-साथ चलती हैं.पत्रकारिता उनके लिए महज़ खबरें इकट्ठा करने या तेजी से लिखने का काम नहीं है. वह मानते हैं कि हर स्टोरी के पीछे एक सोच होनी चाहिए.  

कुछ ऐसा जो पाठक को सिर्फ जानकारी न दे बल्कि सोचने के लिए भी मजबूर करे. यही वजह है कि उनकी स्टोरीज़ में भाषा साफ़ होती है.लिखने-पढ़ने का शौक बचपन से रहा है. स्कूल की नोटबुक से शुरू हुआ यह सफर धीरे-धीरे पेशेवर लेखन और पत्रकारिता तक पहुंचा. आज भी उनके लिए लेखन सिर्फ पेशा नहीं है यह खुद को समझने और दुनिया से संवाद करने का ज़रिया है.

पत्रकारिता के अलावा वह साहित्य और समकालीन शायरी से भी गहराई से जुड़े हुए हैं. कभी भीड़ में तो कभी अकेले में ख्यालों को शायरी की शक्ल देते रहते हैं. उनका मानना है कि पत्रकारिता का काम सिर्फ घटनाएं गिनाना नहीं है. बल्कि पाठक को उस तस्वीर के उन हिस्सों तक ले जाना है. जो अक्सर नजरों से छूट जाते हैं.

उन्होंने स्पोर्ट्सविकी, क्रिकेट एडिक्टर, इनशॉर्ट्स और जी हिंदुस्तान जैसे प्रमुख प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है.

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