कई जगह हो गई पावर बैंक फटने की घटनाएं, ये संकेत दिखें तो हो जाएं सावधान, यूज करना कर दें बंद
हालिया दिनों में पावर बैंक में आगजनी की कई घटनाएं सामने आ गई हैं. इसके बाद हवाई सफर में पावर बैंक के इस्तेमाल पर रोक लग सकती है.

- फ्लाइट में पावर बैंक से आग लगने की घटनाओं पर लगी रोक।
- पावर बैंक में सूजन, ओवरहीटिंग, असामान्य गंध खतरनाक संकेत।
- खराब होने पर पावर बैंक चार्जिंग रोक देता है, नुकसान हो सकता है।
- लिथियम-आयन बैटरी में खराबी और फ्लाइट के कारण आग का खतरा।
पावर बैंक का इस्तेमाल करना एकदम आसान है और यह किसी भी समय और कहीं भी फोन और दूसरे गैजेट को चार्ज करने के काम आ सकता है. हालांकि, पिछले कुछ दिनों में ऐसी कई घटनाएं हुई हैं, जिनके बाद फ्लाइट में इसके यूज पर प्रतिबंध तक लगाने पर विचार किया जा रहा है. दरअसल, हालिया दिनों में दुनिया के अलग-अलग देशों में फ्लाइट के दौरान पावर बैंक में आग लगने की घटनाएं सामने आई हैं. कुछ दिन पहले दिल्ली में भी इंडिगो की एक फ्लाइट में पावर बैंक ने आग पकड़ ली थी. ऐसे में इसका इस्तेमाल संभलकर करने की जरूरत है.
खराब होने पर नजर आते हैं ये संकेत
पावर बैंक खराब होने पर यह चार्जिंग रोक देता है. खराब पावर बैंक का एक संकेत फोन को चार्ज न करना है. इसके अलावा भी कई ऐसे संकेत हैं, जिनसे पता चल जाता है कि पावर बैंक खराब हो चुका है और अब इसका इस्तेमाल सुरक्षित नहीं है. अगर आपको पावर बैंक में नीचे लिखे संकेतों में से कोई संकेत नजर आता है तो पावर बैंक बदलने की जरूरत है.
- अगर पावर बैंक में स्वेलिंग आ गई है तो इसका इस्तेमाल बंद कर देना चाहिए. पावर बैंक में स्वेलिंग से आग लगने का खतरा बढ़ जाता है.
- अगर फोन या दूसरे डिवाइस चार्ज करते समय पावर बैंक ओवरहीट हो रहा है तो इसे बंद कर दें. किसी अंदरुनी खराबी या शॉर्ट सर्किट के कारण यह ओवरहीट होता है. लगातार ओवरहीट होने पर इसमें धमाका हो सकता है.
- अगर पावर बैंक से असामान्य गंध आ रही है तो इसका यूज बंद कर दें. किसी इंटरनल पार्ट में खराबी या लीक के कारण ऐसी गंध आती है.
- अगर आपके पावर बैंक में क्रैक या कोई दूसरी खराबी नजर आ रही है तो भी इसका इस्तेमाल करना बंद कर दें. ऐसी दिक्कतों के कारण इसका इस्तेमाल सुरक्षित नहीं रहता.
फ्लाइट में क्यों आग पकड़ लेते हैं पावर बैंक?
लिथियम-आयन बैटरी वाले पावर बैंक छोटे पैक में ज्यादा एनर्जी स्टोर रखते हैं. कई बार डिफेक्ट, फिजिकल डैमेज, ओवरचार्जिंग या इंटरनल शॉर्ट सर्किट के कारण बैटरी में होने वाली केमिकल रिएक्शन थर्मल रनवे अवस्था में पहुंच जाती है. इसका मतलब है कि बैटरी गर्म जल्दी होती है, लेकिन ठंडी नहीं हो पाती. ऊपर से एयरक्राफ्ट में प्रेशर में बदलाव, लगातार वाइब्रेशन और हीट जैसे कई कारणों से आग लगने का खतरा बढ़ जाता है.
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Source: IOCL


























