यूपी: होमगार्ड भर्ती की दौड़ में 4 की मौत, अभ्यर्थियों की फिटनेस पर उठे सवाल
उत्तर प्रदेश के होमगार्ड भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा में चार दिनों के भीतर चार अभ्यर्थियों की मौत ने सभी को चौंका दिया है. इस मामले के बाद से अभ्यर्थियों की फिटनेस को लेकर अब सवाल उठ रहे हैं.

उत्तर प्रदेश में होमगार्ड पदों पर भर्ती के लिए शुरू हुई शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) के दौरान चार दिनों में चार अभ्यर्थियों की मौत हो गई. इसमें अकेले मेरठ में दो लोगों की मौत हुई है, जबकि लखनऊ और मुरादाबाद में एक-एक अभ्यर्थियों ने दम तोड़ा है.
मौत का कारण अभ्यर्थियों की दौड़ने के दौरान तबीयत खराब होना बताई जा रही है. वहीं, दूसरी तरफ डॉक्टर का कहना है कि कम से कम 1 महीने पहले से दौड़ की तैयारी करना चाहिए ताकि शारीरिक क्षमता बढ़ सके.
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दौड़ के दौरान बिगड़ी तबियत
सरकार होमगार्ड भर्ती के लिए लखनऊ सहित कई जिलों के केंद्रों पर शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) करवा रही है. इस दौरान मंगलवार (15 सितंबर) को मेरठ के कैलाश प्रकाश स्पोर्ट्स स्टेडियम में अंकुज मलिक की और लखनऊ में रिजर्व पुलिस लाइन में योगेंद्र कुमार की तबियत बिगड़ने के बाद मौत हो गई थी. बुधवार को मेरठ में तरुण कुमार की दौड़ के दौरान तबीयत खराब हुई, जिसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती करवाया गया जहां उसकी मौत हो गई. ऐसे ही मुरादाबाद में शिवम यादव 50-70 मीटर पहले अचानक गश खाकर गिर पड़े. उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया.
फिटनेस पर सवाल
दौड़ के दौरान जो अभ्यर्थी इसमें शामिल हो रहे है उनकी फिटनेस पर कई सवाल खड़े हो रहे है. चार मौतों के अलावा कई अभ्यर्थियों की मौके पर तबीयत भी बिगड़ गई. मेरठ में पहले दिन 11 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ी थी जिन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया गया था.
28 मीनट में पूरा करना होता है 4.8 का सर्किल
होमगार्ड भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा में हर एक अभ्यर्थी को 4.8 किलोमीटर के सर्कल को दौड़कर पूरा करना होता है. इसके लिए उन्हें 28 मिनट का समय दिया जाता है. यानी कि अभ्यर्थियों को स्टेडियम के 12 चक्कर लगाने होते हैं. ऐसे में अभ्यर्थियों की मौत ने फिटनेस पर भी सवाल उठा दिए हैं.
डॉक्टर बोले एक महीने पहले से शुरू करे अभ्यास
लखनऊ के बलरामपुर अस्पताल के मेडिकल सुपरीटेंडेंट प्रवीण श्रीवास्तव ने बताया कि किसी भी फिजिकल टेस्ट से पहले अभ्यर्थियों को कम से कम 1 महीने पहले से अभ्यास शुरू कर देना चाहिए. बिना अभ्यास के इतनी लंबी दौड़ करना भी अभ्यर्थियों की तबीयत खराब होना का एक कारण हो सकता है. उन्होंने बताया कि अभ्यर्थी खाली पेट बिल्कुल भी दौड़ में शामिल न हो. दौड़ से पहले पर्याप्त मात्रा में पानी और इलेक्ट्रोलाइट लेना चाहिए.
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