तेजस्वी यादव का सवाल, 'गुजरात के लिए एयरफोर्स NDRF, बिहार के साथ भेदभाव क्यों'?
बिहार बाढ़ को लेकर तेजस्वी यादव ने पीएम मोदी और अमित शाह पर निशाना साधा. उन्होंने गुजरात से तुलना करते हुए आरोप लगाया कि 45 लाख प्रभावित बिहारियों के बावजूद केंद्र पर्याप्त मदद नहीं दे रहा.

आरजेडी नेता और बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार में बाढ़ की स्थिति को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और बिहार के सांसदों पर तीखा हमला बोला है. तेजस्वी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लंबा पोस्ट लिखकर गुजरात और बिहार में बाढ़-बारिश के दौरान केंद्र की प्रतिक्रिया की तुलना की. उन्होंने आरोप लगाया कि गुजरात में बारिश और बाढ़ की स्थिति में केंद्र सरकार तेजी से सक्रिय होती है, जबकि बिहार में बड़ी संख्या में लोगों के प्रभावित होने के बावजूद केंद्र की ओर से पर्याप्त सहायता नहीं मिली.
तेजस्वी ने अपने पोस्ट में दावा किया कि 23 जुलाई को गुजरात में बारिश के दौरान एक व्यक्ति की मौत हुई थी. इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी और गृहमंत्री अमित शाह ने गुजरात के मुख्यमंत्री से कॉन्फ्रेंसिंग की और एयरफोर्स व एनडीआरएफ को अलर्ट मोड पर रहने को कहा गया. तेजस्वी ने कुछ साल पहले गुजरात में आई बाढ़ का भी जिक्र किया और दावा किया कि प्रधानमंत्री ने हवाई सर्वेक्षण किया और 500 करोड़ रुपये का पैकेज दिया था.
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बिहार में 45 लाख लोगों के प्रभावित होने का दावा
तेजस्वी ने दावा किया कि बिहार में बाढ़ के कारण 50 से अधिक लोगों की मौत हुई है, हजारों मवेशी लापता हैं और हजारों करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है. उनके मुताबिक करीब 45 लाख लोग प्रभावित हैं. उन्होंने सवाल उठाया कि इतनी बड़ी आपदा के बावजूद प्रधानमंत्री और गृहमंत्री की ओर से बिहार के लिए पर्याप्त प्रतिक्रिया क्यों नहीं दिखाई दे रही है.
गुजरात के किसी नाला में भी बारिश का पानी बढ़ जाता है तो प्रधानमंत्री वहाँ पहुँच, इसे आपदा घोषित कर गुजरात को हज़ारों करोड़ का पैकेज दे देते है।
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) September 14, 2026
इसी साल 23 जुलाई को गुजरात में बारिश ही हुई थी, बारिश के कारण एक व्यक्ति की मृत्यु हुई। बारिश मतलब बारिश होने पर ही प्रधानमंत्री मोदी… pic.twitter.com/ePv5WvAfz3
‘बिहार के साथ इतना भेदभाव क्यों?’
आरजेडी नेता ने आरोप लगाया कि बिहार को केंद्र से वैसी मदद नहीं मिल रही जैसी गुजरात को मिलती है. उन्होंने ठनका गिरने से होने वाली मौतों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि इसे राष्ट्रीय आपदा की सूची में शामिल नहीं किया गया है. तेजस्वी ने कहा कि आपदा के समय पहले लालू प्रसाद यादव और नीतीश कुमार राजनीतिक मतभेदों के बावजूद बिहार के अधिकार के लिए एकजुट होते थे.
सांसदों और केंद्रीय मंत्रियों पर भी हमला
तेजस्वी ने बिहार के 30 सांसदों और आठ केंद्रीय मंत्रियों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि वे राज्य के हक के लिए आवाज नहीं उठा रहे हैं. उन्होंने कहा कि विपक्ष में रहते हुए वह लगातार केंद्र से विशेष सहायता की मांग कर रहे हैं और प्रधानमंत्री को पत्र भी लिख चुके हैं. तेजस्वी ने कहा कि केंद्र से पैकेज मिलने का फायदा बिहार सरकार को होगा, इसलिए इसे लेकर उनकी मांग में उनका कोई व्यक्तिगत राजनीतिक लाभ नहीं है. उन्होंने बीजेपी पर चुनाव के समय ही बिहारियों को याद करने का आरोप लगाया और कहा कि राजनीति से ऊपर उठकर यह सवाल पूछा जाना चाहिए कि बिहार को पर्याप्त मदद क्यों नहीं मिल रही है.
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