भरत तिवारी के गांव पहुंचे चिराग पासवान, बोले- 'यदि किसी व्यक्ति ने आत्मसमर्पण किया था तो…'
Bharat Tiwari Encounter: चिराग पासवान ने कहा कि कानून को अपने हाथ में लेने का अधिकार पुलिस या प्रशासन के किसी अधिकारी को नहीं है. परिवार जिस स्तर की जांच चाहता है, उस पर गंभीरता से विचार किया जाएगा.

एनकाउंटर में मारे गए भरत तिवारी (Bharat Tiwari) के परिजनों से मिलने का सिलसिला लगातार जारी है. इसी क्रम में शुक्रवार (03 जुलाई, 2026) को केंद्रीय मंत्री एवं लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान (Chirag Paswan) भोजपुर के बिलौटी गांव पहुंचे. उन्होंने भरत तिवारी के पिता काशीनाथ तिवारी सहित अन्य परिजनों से मुलाकात कर शोक संवेदना व्यक्त की. घटना की पूरी जानकारी ली और न्याय दिलाने का भरोसा दिया.
चिराग पासवान के गांव पहुंचते ही सबसे पहले उन्होंने भरत तिवारी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी. उनकी इस यात्रा को इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि एक दिन पहले ही उन्होंने नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी.
मीडिया से बातचीत में चिराग पासवान ने कहा कि यदि किसी व्यक्ति ने आत्मसमर्पण किया था, तो उसे गिरफ्तार कर कानून के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए थी. उन्होंने कहा कि किसी भी स्थिति में कानून को अपने हाथ में लेने का अधिकार पुलिस या प्रशासन के किसी अधिकारी को नहीं है.
'जिन अधिकारियों पर इस घटना में…'
उन्होंने कहा कि जिस तरीके से भरत तिवारी की मौत हुई, वह लोकतांत्रिक व्यवस्था और किसी भी सभ्य समाज में स्वीकार्य नहीं है. जिन अधिकारियों पर इस घटना में भूमिका निभाने के आरोप हैं, उन्हें चिह्नित कर कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए. उन्होंने कहा कि यदि कानून की रक्षा करने वाले ही कानून तोड़ने लगेंगे तो आम जनता का न्याय व्यवस्था से भरोसा उठ जाएगा.
चिराग पासवान ने कहा कि उन्होंने इस पूरे मामले पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी चर्चा की है और बिहार सरकार के शीर्ष नेतृत्व को भी पूरे मामले की जानकारी देंगे. उन्होंने कहा कि परिवार जिस स्तर की जांच चाहता है, उस पर गंभीरता से विचार किया जाएगा. सबसे बड़ी प्राथमिकता पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना है.
यह भी पढ़ें- भरत तिवारी एनकाउंटर का चश्मदीद ने बताई आंखों देखी, सामने आ गई पूरी कहानी! VIDEO
उन्होंने यह भी कहा कि अगर किसी अधिकारी को लगता है कि वह कानून से ऊपर है तो यह गलत सोच है. ऐसे लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में किसी अन्य व्यक्ति के साथ ऐसी घटना दोबारा न हो.
राजेश शर्मा की पोस्टिंग पर जताई नाराजगी
पूर्व एसडीपीओ राजेश शर्मा की नई पोस्टिंग पर भी चिराग पासवान ने नाराजगी जताई. उन्होंने कहा कि जिन अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगे हों, उन्हें पुरस्कृत करने जैसा संदेश नहीं जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि इस मामले में भी सरकार से बात करेंगे और आवश्यक कार्रवाई की मांग करेंगे.
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कानून व्यवस्था पर जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए दोषी अधिकारियों के खिलाफ निष्पक्ष और सख्त कार्रवाई जरूरी है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि भरत तिवारी मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और न्याय सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा.
यह भी पढ़ें- गृह मंत्री अमित शाह से मिले चिराग पासवान, भरत तिवारी के एनकाउंटर पर क्या बात हुई?























