सम्राट सरकार बेचेगी शराब? मांझी के बाद BJP से बड़ा बयान
Bihar Liquor Prohibition: मंत्री लखेंद्र पासवान ने कहा कि शराबबंदी के बाद भी शराब सभी थाना क्षेत्रों में मिल रही है तो इसे प्रशासनिक चूक के तौर पर देखा जाना चाहिए. शहर और गांव में शराब कैसे मिल रही?

बिहार में 10 साल से शराबबंदी कानून लागू है, बीच-बीच में इस पर राजनीति भी होती रहती है. हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के संरक्षक जीतन राम मांझी आए दिन शराबबंदी पर बयानबाजी करते रहते हैं. हाल ही में कहा है कि गुजरात मॉडल की तरह बिहार में शराबबंदी कानून को लागू किया जाना चाहिए. अब मांझी को बीजेपी का समर्थन मिला है.
मंगलवार (11 अगस्त, 2026) को बीजेपी के नेता और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री लखेंद्र पासवान ने कहा कि जीतन राम मांझी की बात ध्यान पर देने की जरूरत है.
लखेंद्र पासवान ने कहा कि शराबबंदी का हम सबने समर्थन किया था, हर पार्टी के लोगों ने समर्थन किया था, जीतन राम मांझी ने भी समर्थन किया था, लेकिन कहीं कोई ताड़ी पी लेता है तो यह नेचुरल चीज है. शराबबंदी के बाद भी शराब सभी थाना क्षेत्रों में मिल रही है तो इसे प्रशासनिक चूक के तौर पर देखा जाना चाहिए. शहर और गांव में शराब कैसे मिल रही है? लखेंद्र पासवान ने अधिकारियों पर भी कार्रवाई करने की मांग की.
उन्होंने आगे कहा, "जीतन राम मांझी सीनियर लीडर हैं और गार्जियन के तौर पर हैं… उनके सुझाव का पालन सरकार कर रही है. अगर अच्छे सुझाव हैं तो देते रहना चाहिए. यही काम मांझी जी कर रहे हैं."
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सम्राट चौधरी के वायरल वीडियो पर दी सफाई
बीते सोमवार (10 अगस्त, 2026) को तिरंगा यात्रा के दौरान एक वीडियो सामने आया था जिसमें सम्राट चौधरी खैनी की तरह कुछ मुंह में डाल रहे थे. यह वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ. इस पर लखेंद्र पासवान ने सफाई दी. उनके अनुसार मुख्यमंत्री ने दवा खाई थी.
लखेंद्र पासवान ने अपने हाथ में एक दवा को दिखाते हुए कहा, "ये कंठिका दवा है… ये आवाज या गर्दन में खिचखिच होती है तो खाते हैं. ये कंठिका दवा गले को ठीक रखने के लिए खाते हैं."
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