बांका: RBI और ब्रिटिश पुलिस बनकर ठगी करने वाला 'भगोड़ा' 6 साल बाद गिरफ्तार, CBI का एक्शन
Bihar News: सीबीआई ने बांका के रजौन में छापेमारी कर अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी गिरोह के भगोड़े आरोपी अमित कुमार सिंह को गिरफ्तार किया. बता दे कि आरोपी 10 साल पुराने लोन ठगी मामले में वांछित था.

बांका जिले के रजौन प्रखंड में गुरुवार (25 दिसंबर) को सीबीआई की टीम ने स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर एक नामचीन लाइन होटल और विवाह भवन में छापेमारी की. इस बड़ी कार्रवाई में सीबीआई ने एक अंतरराष्ट्रीय साइबर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए अमित कुमार सिंह उर्फ राकेश कुमार नामक एक साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है.
सीबीआई द्वारा गिरफ्तार किया गया यह साइबर अपराधी कोई मामूली ठग नहीं है. यह एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह का शातिर सदस्य बताया जा रहा है. गिरफ्तार आरोपी अमित कुमार सिंह उर्फ राकेश कुमार पिछले 6 सालों से कानून की आंखों में धूल झोंक रहा था.
सीबीआई सूत्रों और दस्तावेजों के मुताबिक, यह गिरफ्तारी 10 साल पुराने एक मामले (RC नंबर 221/2015/E0003) में हुई है. यह केस 23 जनवरी 2015 को सीबीआई की ईओ-III (EO-III) शाखा, नई दिल्ली में दर्ज किया गया था. दरअसल, केरल के त्रिवेंद्रम निवासी आई.वी. सदानंदन ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्हें 'M/s सोफिया विलियम्स लोन फर्म, यूके' के जरिए 5 मिलियन अमेरिकी डॉलर (US $5 Million) का लोन दिलाने का झांसा दिया गया था.
RBI और ब्रिटिश पुलिस अधिकारी बनकर की ठगी
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी अमित कुमार सिंह ने अपने साथी सैयद मेहराज के साथ मिलकर अक्टूबर-नवंबर 2012 में एक गहरी साजिश रची थी. इन लोगों ने पीड़ित को जाली RBI सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉजिट भेजे और खुद को कभी RBI, कभी CBI तो कभी ब्रिटिश पुलिस फोर्स का अधिकारी बताकर डराया और भरोसे में लिया. इस तरह उन्होंने पीड़ित से 3,46,000 रुपए अपने खातों में जमा करवा लिए.
2019 में घोषित हुआ था भगोड़ा
इस मामले में आईपीसी की धारा 120-B, 419, 420 और आईटी एक्ट की धारा 66D के तहत केस दर्ज हुआ था. 30 दिसंबर 2016 को चार्जशीट दायर होने के बावजूद आरोपी कोर्ट में पेश नहीं हुए. अंततः, 16 दिसंबर 2019 को नई दिल्ली की ACMM, RADC कोर्ट ने अमित कुमार सिंह उर्फ राकेश कुमार को धारा 82 Cr.P.C. के तहत 'भगोड़ा' (Proclaimed Offender) घोषित कर दिया था.
होटल से गिरफ्तार भगोड़ा अमित कुमार
इस मामले की पुष्टि करते हुए बांका एसपी उपेंद्र नाथ वर्मा ने बताया कि सीबीआई को भनक लगी थी कि भगोड़ा अमित कुमार सिंह उर्फ राकेश कुमार रजौन के एक होटल में छिपा है. इसके बाद रजौन थानाध्यक्ष चंद्रदीप कुमार एवं उनके पुलिस बलों के सहयोग से उसे गिरफ्तार कर लिया गया, फिलहाल उसे सीबीआई अपने साथ ले गई है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
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