एक्सप्लोरर

Adi Kailash Yatra: आदि कैलाश पर्वत के रहस्य तो सुने होंगे, ऐसे कर सकते हैं रोमांच से भरी यात्रा

आदि कैलाश यात्रा

1/7
Kailash Yatra: भारत में आस्था एक बड़ी भावना है. कई धर्म और उनसे जुड़े अनगिनत धर्मस्थल...जो ना सिर्फ इतिहास को अपने अंदर समेटे हैं बल्कि जिनकी मान्यता लाखों करोड़ों लोगों को जीवन पथ दिखाती है. रहस्यों से भरे कुछ जगहें ऐसी भी हैं जहां जा तो सकते हैं लेकिन ये यात्रा हर किसी के बस की बात नहीं है. ऐसी ही एक रोमांच और चुनौतियों से भरपूर यात्रा है आदि कैलाश पर्वत की. इस यात्रा में चुनौतियां भी हैं, रोमांच भी है और साथ ही बेहद खूबसूरत रास्तों से गुजरने का अनुभव भी. आज आपको आदि कैलाश यात्रा से जुड़ी हर बात बताएंगे ताकि आप जाना चाहें तो अपना सफर आराम से शुरू कर सकें....
Kailash Yatra: भारत में आस्था एक बड़ी भावना है. कई धर्म और उनसे जुड़े अनगिनत धर्मस्थल...जो ना सिर्फ इतिहास को अपने अंदर समेटे हैं बल्कि जिनकी मान्यता लाखों करोड़ों लोगों को जीवन पथ दिखाती है. रहस्यों से भरे कुछ जगहें ऐसी भी हैं जहां जा तो सकते हैं लेकिन ये यात्रा हर किसी के बस की बात नहीं है. ऐसी ही एक रोमांच और चुनौतियों से भरपूर यात्रा है आदि कैलाश पर्वत की. इस यात्रा में चुनौतियां भी हैं, रोमांच भी है और साथ ही बेहद खूबसूरत रास्तों से गुजरने का अनुभव भी. आज आपको आदि कैलाश यात्रा से जुड़ी हर बात बताएंगे ताकि आप जाना चाहें तो अपना सफर आराम से शुरू कर सकें....
2/7
करीब 6 हजार मीटर की ऊंचाई पर मौजूद आदि कैलाश को छोटा कैलाश भी कहा जाता है. उत्तराखंड में मौजूद आदि कैलाश पर्वत तिब्बत के कैलाश मानसरोवर जितना ही खूबसूरत और प्राकृतिक नजारों के बीच मौजूद है. खास बात ये कि अगर कैलाश मानसरोवर जाना है तो यात्रियों को इसी रास्ते से होकर गुजरना होता है.
करीब 6 हजार मीटर की ऊंचाई पर मौजूद आदि कैलाश को छोटा कैलाश भी कहा जाता है. उत्तराखंड में मौजूद आदि कैलाश पर्वत तिब्बत के कैलाश मानसरोवर जितना ही खूबसूरत और प्राकृतिक नजारों के बीच मौजूद है. खास बात ये कि अगर कैलाश मानसरोवर जाना है तो यात्रियों को इसी रास्ते से होकर गुजरना होता है.
3/7
उत्तराखंड के खूबसूरत जिले पिथौरागढ़ के सीमांत इलाके धारचूला से इस यात्रा की शुरुआत होती है. सड़क के रास्ते से आप धारचूला से तवाघाट पहुंचते हैं और यहीं से आदि कैलाश के लिए ट्रैकिंग की शुरुआत हो जाती है. थोड़ा ही सफर करने के बाद आपको नेपाल के अपि पर्वत की झलक दिखने लगती है. इस यात्रा का असली रोमांच शुरू होता है उस वक्त जब आप छियालेख चोटी पर पहुंचते हैं.
उत्तराखंड के खूबसूरत जिले पिथौरागढ़ के सीमांत इलाके धारचूला से इस यात्रा की शुरुआत होती है. सड़क के रास्ते से आप धारचूला से तवाघाट पहुंचते हैं और यहीं से आदि कैलाश के लिए ट्रैकिंग की शुरुआत हो जाती है. थोड़ा ही सफर करने के बाद आपको नेपाल के अपि पर्वत की झलक दिखने लगती है. इस यात्रा का असली रोमांच शुरू होता है उस वक्त जब आप छियालेख चोटी पर पहुंचते हैं.
4/7
यहां की मनमोहक खूबसूरती हर थकान को दूर कर देती है. बर्फ से ढके पहाड़, बुग्याल और रंगों से भरे फूल मन खुश कर देते हैं. इसके बाद अगले पड़ाव के लिए गर्बियांग से गुजरते हुए आप इतिहास की झलकियों से भी रूबरू होते हैं. हालांकि कुछ साल पहले ये छोटा सा गांव लैंडस्लाइड की चपेट में आ गया था लेकिन अभी भी घरों की नक्काशी देखकर आप चौंक जाएंगे.
यहां की मनमोहक खूबसूरती हर थकान को दूर कर देती है. बर्फ से ढके पहाड़, बुग्याल और रंगों से भरे फूल मन खुश कर देते हैं. इसके बाद अगले पड़ाव के लिए गर्बियांग से गुजरते हुए आप इतिहास की झलकियों से भी रूबरू होते हैं. हालांकि कुछ साल पहले ये छोटा सा गांव लैंडस्लाइड की चपेट में आ गया था लेकिन अभी भी घरों की नक्काशी देखकर आप चौंक जाएंगे.
5/7
यहां से नाबी होते हुए यात्री गुंजी पहुंचते हैं. इसके बाद कालापानी नदी के रास्ते यात्री गुजरते हैं और इस दौरान नेपाल के अपि पर्वत को देख मन खुश हो जाता है. जिसके बाद यात्री कुंटी यांक्ति पहुंचते हैं. इस जगह का नाम पांडवों की मां कुंती के नाम पर रखा गया है.
यहां से नाबी होते हुए यात्री गुंजी पहुंचते हैं. इसके बाद कालापानी नदी के रास्ते यात्री गुजरते हैं और इस दौरान नेपाल के अपि पर्वत को देख मन खुश हो जाता है. जिसके बाद यात्री कुंटी यांक्ति पहुंचते हैं. इस जगह का नाम पांडवों की मां कुंती के नाम पर रखा गया है.
6/7
मान्यता है कि स्वर्ग यात्रा के दौरान पांडव अपनी मां के साथ यहां रुके थे. बर्फ से ढके पहाड़ों के बीच बसा ये गांव बेहद खूबसूरत है. करीब चार दिनों की यात्रा करने के बाद जब यात्री छह हजार मीटर की ऊंचाई पर मौजूद आदि कैलाश पर्वत पर पहुंचते हैं तो इसका सम्मोहन हर किसी पर होता ही है. आदि कैलाश के आधार पर स्थित धोती पार्वती झील आपको अलौकिक अनुभव में ले जाती है.
मान्यता है कि स्वर्ग यात्रा के दौरान पांडव अपनी मां के साथ यहां रुके थे. बर्फ से ढके पहाड़ों के बीच बसा ये गांव बेहद खूबसूरत है. करीब चार दिनों की यात्रा करने के बाद जब यात्री छह हजार मीटर की ऊंचाई पर मौजूद आदि कैलाश पर्वत पर पहुंचते हैं तो इसका सम्मोहन हर किसी पर होता ही है. आदि कैलाश के आधार पर स्थित धोती पार्वती झील आपको अलौकिक अनुभव में ले जाती है.
7/7
कैसे और कब जाएं ? - उत्तराखंड में देहरादून या फिर पंतनगर तक आप फ्लाइट या ट्रेन के रास्ते जा सकते हैं. इसके बाद पिथौरागढ़ के धारचूला तक आपको पूरा रास्ता सड़क मार्ग से ही तय करना होगा. वहां से ट्रैकिंग की शुरुआत हो जाती है. सर्दियों और बरसात के मौसम में ये यात्रा संभव नहीं होती. ऐसे में गर्मियों के मौसम में जून से सितंबर तक यात्रा का सबसे उचित समय रहता है.
कैसे और कब जाएं ? - उत्तराखंड में देहरादून या फिर पंतनगर तक आप फ्लाइट या ट्रेन के रास्ते जा सकते हैं. इसके बाद पिथौरागढ़ के धारचूला तक आपको पूरा रास्ता सड़क मार्ग से ही तय करना होगा. वहां से ट्रैकिंग की शुरुआत हो जाती है. सर्दियों और बरसात के मौसम में ये यात्रा संभव नहीं होती. ऐसे में गर्मियों के मौसम में जून से सितंबर तक यात्रा का सबसे उचित समय रहता है.

उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड फोटो गैलरी

Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

दिवाली-छठ को लेकर CM सम्राट ने की हाईलेवल बैठक, दिए गए ये निर्देश
दिवाली-छठ को लेकर CM सम्राट ने की हाईलेवल बैठक, दिए गए ये निर्देश
JSSC CGL परीक्षा रद्द करने का सरकार का फैसला निरस्त, छात्र नेता भड़के
JSSC CGL परीक्षा रद्द करने का सरकार का फैसला निरस्त, छात्र नेता भड़के
पटियाला: कर्मभूमि एक्सप्रेस के डिब्बों में लगी आग, यात्रियों में मचा हड़कंप
पटियाला: कर्मभूमि एक्सप्रेस के डिब्बों में लगी आग, यात्रियों में मचा हड़कंप
CM भजनलाल के आरोपों पर अशोक गहलोत का पलटवार, 56 साल पुरानी दुकान का बताया सच
CM भजनलाल के आरोपों पर अशोक गहलोत का पलटवार, 56 साल पुरानी दुकान का बताया सच

वीडियोज

Chitra Tripathi: यूपी की सियासत में श्रीकृष्ण पर 'महाभारत'!  | UP Election 2027 | Krishna | ABP
UP Elections 2027: यूपी के रण में कृष्ण की एंट्री | CM Yogi | Breaking | Akhilesh Yadav | BJP
US Elections Inside Story: Donald Trump का दबदबा टूटा, बाजार खुशी से झूमा... | Share Market
Sansani: LOVE...शादी...और 'डेथ गेम' !
UP Elections 2027: श्रीकृष्ण पर BJP-SP में Poster War शुरू! चुनाव से पहले गरमाई यूपी की सियासत

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
तरुण तेजपाल की सजा पर रोक लगाने से SC का इनकार, दिवाली के दौरान छूट की मांग भी खारिज
तरुण तेजपाल की सजा पर रोक लगाने से SC का इनकार, दिवाली के दौरान छूट की मांग भी खारिज
JSSC CGL परीक्षा रद्द करने का सरकार का फैसला निरस्त, छात्र नेता भड़के
JSSC CGL परीक्षा रद्द करने का सरकार का फैसला निरस्त, छात्र नेता भड़के
सूर्यकुमार यादव ने परिवार के साथ पीएम मोदी से की मुलाकात, बच्ची का गाना सुन बजाई तालियां
सूर्यकुमार यादव ने परिवार के साथ पीएम मोदी से की मुलाकात, बच्ची का गाना सुन बजाई तालियां
CSK छोड़ने के बाद माइकल हसी नए रोल में आएंगे नजर, मिली सबसे बड़ी जिम्मेदारी
CSK छोड़ने के बाद माइकल हसी नए रोल में आएंगे नजर, मिली सबसे बड़ी जिम्मेदारी
दिवाली से पहले 'रामायण' ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, पहले दिन वर्ल्डवाइड 150 करोड़ के पार हुई कमाई
दिवाली से पहले 'रामायण' ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, पहले दिन वर्ल्डवाइड 150 करोड़ के पार हुई कमाई
लालू यादव सीवान कोर्ट में हुए पेश, किस मामले में मिली जमानत?
लालू यादव सीवान कोर्ट में हुए पेश, किस मामले में मिली जमानत?
चुनाव हारने के बाद भी झुकने को तैयार नहीं ट्रंप, डेमोक्रेट्स से दो-दो हाथ की तैयारी
चुनाव हारने के बाद भी झुकने को तैयार नहीं ट्रंप, डेमोक्रेट्स से दो-दो हाथ की तैयारी
Viral Video: घर पहुंचना जंग से कम नहीं, सामने आए ट्रेनों के ये खतरनाक वीडियो
घर पहुंचना जंग से कम नहीं, सामने आए ट्रेनों के ये खतरनाक वीडियो
Embed widget