एक्सप्लोरर

एक साथ कितने हार्ट अटैक झेल सकता है हमारा दिल, कब मुश्किल हो जाता है जान बचाना?

क्या एक व्यक्ति कई बार हार्ट अटैक झेल सकता है? जानिए हार्ट अटैक के कारण, इसके सामान्य लक्षण, दोबारा अटैक का खतरा और कब मरीज की जान बचाना सबसे ज्यादा मुश्किल हो जाता है.

क्या एक व्यक्ति कई बार हार्ट अटैक झेल सकता है? जानिए हार्ट अटैक के कारण, इसके सामान्य लक्षण, दोबारा अटैक का खतरा और कब मरीज की जान बचाना सबसे ज्यादा मुश्किल हो जाता है.

हार्ट अटैक का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के मन में डर बैठ जाता है. इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि कई बार यह बिना ज्यादा चेतावनी दिए अचानक आ जाता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि एक इंसान कितनी बार हार्ट अटैक झेल सकता है? क्या पहली बार हार्ट अटैक आने के बाद भी दिल पहले जैसा काम कर सकता है? और आखिर ऐसा कौन-सा समय होता है जब मरीज की जान बचाना मुश्किल हो जाता है? इन सवालों के जवाब हर किसी को पता होने चाहिए, क्योंकि आजकल कम उम्र के लोग भी हार्ट अटैक का शिकार हो रहे हैं.

1/6
सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि हार्ट अटैक तब आता है जब दिल तक खून पहुंचाने वाली धमनियों में रुकावट आ जाती है. आमतौर पर यह रुकावट कोलेस्ट्रॉल, फैट और दूसरी चीजों के जमा होने से बनती है.  जब खून का बहाव रुक जाता है तो दिल की मांसपेशियों को ऑक्सीजन नहीं मिल पाती और उनका नुकसान शुरू हो जाता है. अगर मय पर इलाज न मिले तो दिल का कुछ हिस्सा हमेशा के लिए कमजोर हो सकता है.
सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि हार्ट अटैक तब आता है जब दिल तक खून पहुंचाने वाली धमनियों में रुकावट आ जाती है. आमतौर पर यह रुकावट कोलेस्ट्रॉल, फैट और दूसरी चीजों के जमा होने से बनती है. जब खून का बहाव रुक जाता है तो दिल की मांसपेशियों को ऑक्सीजन नहीं मिल पाती और उनका नुकसान शुरू हो जाता है. अगर मय पर इलाज न मिले तो दिल का कुछ हिस्सा हमेशा के लिए कमजोर हो सकता है.
2/6
अब बात उस सवाल की, जो सबसे ज्यादा पूछा जाता है कि एक व्यक्ति कितनी बार हार्ट अटैक झेल सकता है.  डॉक्टरों के अनुसार इसका कोई तय जवाब नहीं है.  यह इस बात पर निर्भर करता है कि अटैक कितना गंभीर था, दिल को कितना नुकसान पहुंचा और इलाज कितनी जल्दी मिला. कई लोग एक से ज्यादा हार्ट अटैक के बाद भी सामान्य जीवन जीते हैं.  हालांकि बार-बार हार्ट अटैक आने से दिल की मांसपेशियां कमजोर होती जाती हैं और खतरा बढ़ता जाता है. कुछ स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि पहली और दूसरी बार समय पर इलाज मिल जाए तो मरीज के बचने की संभावना अच्छी रहती है, लेकिन बार-बार होने वाले अटैक दिल की कार्यक्षमता को काफी कम कर सकते हैं.
अब बात उस सवाल की, जो सबसे ज्यादा पूछा जाता है कि एक व्यक्ति कितनी बार हार्ट अटैक झेल सकता है. डॉक्टरों के अनुसार इसका कोई तय जवाब नहीं है. यह इस बात पर निर्भर करता है कि अटैक कितना गंभीर था, दिल को कितना नुकसान पहुंचा और इलाज कितनी जल्दी मिला. कई लोग एक से ज्यादा हार्ट अटैक के बाद भी सामान्य जीवन जीते हैं. हालांकि बार-बार हार्ट अटैक आने से दिल की मांसपेशियां कमजोर होती जाती हैं और खतरा बढ़ता जाता है. कुछ स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि पहली और दूसरी बार समय पर इलाज मिल जाए तो मरीज के बचने की संभावना अच्छी रहती है, लेकिन बार-बार होने वाले अटैक दिल की कार्यक्षमता को काफी कम कर सकते हैं.
3/6
असल खतरा तब बढ़ जाता है जब हार्ट अटैक के बाद मरीज अपनी जीवनशैली नहीं बदलता. जैसे धूम्रपान, हाई ब्लड प्रेशर, बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल, डायबिटीज, मोटापा और शारीरिक गतिविधियों की कमी दोबारा हार्ट अटैक का जोखिम बढ़ा देते हैं. कई बार लोग पहली बार बच जाने के बाद लापरवाह हो जाते हैं, जबकि डॉक्टरों का कहना है कि पहला हार्ट अटैक अक्सर एक चेतावनी की तरह होता है.  अगर इसके बाद भी सावधानी न बरती जाए तो अगला अटैक ज्यादा गंभीर हो सकता है.
असल खतरा तब बढ़ जाता है जब हार्ट अटैक के बाद मरीज अपनी जीवनशैली नहीं बदलता. जैसे धूम्रपान, हाई ब्लड प्रेशर, बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल, डायबिटीज, मोटापा और शारीरिक गतिविधियों की कमी दोबारा हार्ट अटैक का जोखिम बढ़ा देते हैं. कई बार लोग पहली बार बच जाने के बाद लापरवाह हो जाते हैं, जबकि डॉक्टरों का कहना है कि पहला हार्ट अटैक अक्सर एक चेतावनी की तरह होता है. अगर इसके बाद भी सावधानी न बरती जाए तो अगला अटैक ज्यादा गंभीर हो सकता है.
4/6
हार्ट अटैक के कुछ सामान्य लक्षणों को कभी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. जैसे  छाती में दबाव या दर्द, बाएं हाथ में दर्द, गर्दन या जबड़े में खिंचाव, सांस फूलना, ठंडा पसीना आना, अचानक कमजोरी महसूस होना या चक्कर आना इसके प्रमुख संकेत हो सकते हैं.  कई मामलों में महिलाओं, बुजुर्गों और डायबिटीज के मरीजों में लक्षण सामान्य से अलग भी हो सकते हैं. इसलिए शरीर के किसी भी असामान्य संकेत को हल्के में लेना भारी पड़ सकता है.
हार्ट अटैक के कुछ सामान्य लक्षणों को कभी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. जैसे छाती में दबाव या दर्द, बाएं हाथ में दर्द, गर्दन या जबड़े में खिंचाव, सांस फूलना, ठंडा पसीना आना, अचानक कमजोरी महसूस होना या चक्कर आना इसके प्रमुख संकेत हो सकते हैं. कई मामलों में महिलाओं, बुजुर्गों और डायबिटीज के मरीजों में लक्षण सामान्य से अलग भी हो सकते हैं. इसलिए शरीर के किसी भी असामान्य संकेत को हल्के में लेना भारी पड़ सकता है.
5/6
जान बचाना सबसे मुश्किल तब हो जाता है जब हार्ट अटैक के बाद दिल का बड़ा हिस्सा प्रभावित हो जाए या मरीज को तुरंत इलाज न मिले.  यदि दिल की धड़कन अचानक रुक जाए, जिसे कार्डियक अरेस्ट कहा जाता है, तो स्थिति और ज्यादा गंभीर हो जाती है.  ऐसे मामलों में हर मिनट की देरी खतरनाक साबित हो सकती है. विशेषज्ञ मानते हैं कि हार्ट अटैक के शुरुआती घंटों में मिला इलाज दिल को होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम कर सकता है और मरीज की जान बचा सकता है.
जान बचाना सबसे मुश्किल तब हो जाता है जब हार्ट अटैक के बाद दिल का बड़ा हिस्सा प्रभावित हो जाए या मरीज को तुरंत इलाज न मिले. यदि दिल की धड़कन अचानक रुक जाए, जिसे कार्डियक अरेस्ट कहा जाता है, तो स्थिति और ज्यादा गंभीर हो जाती है. ऐसे मामलों में हर मिनट की देरी खतरनाक साबित हो सकती है. विशेषज्ञ मानते हैं कि हार्ट अटैक के शुरुआती घंटों में मिला इलाज दिल को होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम कर सकता है और मरीज की जान बचा सकता है.
6/6
अच्छी बात यह है कि हार्ट अटैक के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है.  इसके लिए रोजाना थोड़ी एक्सरसाइज करें, फल और सब्जियां ज्यादा खाएं, तंबाकू और शराब से दूरी बनाएं, वजन नियंत्रित रखें और नियमित रूप से ब्लड प्रेशर, शुगर और कोलेस्ट्रॉल की जांच कराते रहें.  याद रखिए, हार्ट अटैक हमेशा अचानक नहीं आता, बल्कि इसके पीछे कई सालों की खराब आदतें काम करती हैं.  इसलिए दिल का ख्याल आज से ही रखना शुरू कर दें, क्योंकि स्वस्थ दिल ही लंबी और बेहतर जिंदगी की सबसे बड़ी कुंजी है.
अच्छी बात यह है कि हार्ट अटैक के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है. इसके लिए रोजाना थोड़ी एक्सरसाइज करें, फल और सब्जियां ज्यादा खाएं, तंबाकू और शराब से दूरी बनाएं, वजन नियंत्रित रखें और नियमित रूप से ब्लड प्रेशर, शुगर और कोलेस्ट्रॉल की जांच कराते रहें. याद रखिए, हार्ट अटैक हमेशा अचानक नहीं आता, बल्कि इसके पीछे कई सालों की खराब आदतें काम करती हैं. इसलिए दिल का ख्याल आज से ही रखना शुरू कर दें, क्योंकि स्वस्थ दिल ही लंबी और बेहतर जिंदगी की सबसे बड़ी कुंजी है.

हेल्थ फोटो गैलरी

Sponsored Links by Taboola
Advertisement
Advertisement
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

Ear Care Tips: क्यों बारिश के मौसम में बंद हो जाते हैं कई लोगों के कान, जानिए इससे छुटकारा पाने के घरेलू उपाय
क्यों बारिश के मौसम में बंद हो जाते हैं कई लोगों के कान, जानिए इससे छुटकारा पाने के घरेलू उपाय
Benefits Of Matcha Tea:  ग्रीन-टी का जमाना गया! अब वजन घटाने के लिए सेलिब्रिटीज क्यों पी रहे हैं हरी 'माचा चाय'?
ग्रीन-टी का जमाना गया! अब वजन घटाने के लिए सेलिब्रिटीज क्यों पी रहे हैं हरी 'माचा चाय'?
Gastro Shield Diet:  पेट को कभी बूढ़ा नहीं होने देगी ये नई 'गैस्ट्रो-शील्ड' डाइट, जानें 40 की उम्र के बाद क्यों है जरूरी 
पेट को कभी बूढ़ा नहीं होने देगी ये नई 'गैस्ट्रो-शील्ड' डाइट, जानें 40 की उम्र के बाद क्यों है जरूरी 
How To Dry Wet Shoes: बारिश में गीले जूते सुखाने में न करें ये गलती, नोट करें झटपट ठीक करने का सही तरीका
बारिश में गीले जूते सुखाने में न करें ये गलती, नोट करें झटपट ठीक करने का सही तरीका
Advertisement

वीडियोज

Sansani | Crime News | Jaipur Murder Case: सरकारी नौकरी के लिए मां का मर्डर ! | ABP News
Monsoon 2026: बारिश से हाहाकार! सड़कें बनीं दरिया, लोग परेशान | Flood | Heavy Rain Alert | IMD
Chitra Tripathi | Janhit: आसमानी आफत की डरावनी तस्वीरें  | Flood | Heavy Rain Alert | IMD Alert
Monsoon 2026: आसमानी आफत का कहर, सड़कों पर समंदर जैसा मंजर  | Flood | Heavy Rain Alert | IMD
Amarnath Yatra 2026: अमरनाथ गुफा में शिवलिंग पूरी तरह पिघला | Pahalgam | Jammu and Kashmir

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
TMC विरोध प्रदर्शन में किस बात पर चढ़ा ममता बनर्जी का पारा, अपने ही कार्यकर्ता को मारा तमाचा, देखें VIDEO
TMC विरोध प्रदर्शन में किस बात पर चढ़ा ममता बनर्जी का पारा, अपने ही कार्यकर्ता को मारा तमाचा
खार्ग पर कब्जा, पावर प्लांट पर हमले... ईरान में मचेगी भारी तबाही! ट्रंप ने दे दिया खतरनाक मैसेज, बोले - 'आज रात...'
खार्ग पर कब्जा, पावर प्लांट पर हमले... ईरान में मचेगी भारी तबाही! ट्रंप ने दे दिया खतरनाक मैसेज, बोले - 'आज रात...'
Rohini Building Collapse: रोहिणी में बिल्डिंग मालिक के खिलाफ केस, 1 मजदूर की मौत, आस पास की इमारतें कराई गईं खाली
दिल्ली: रोहिणी में बिल्डिंग मालिक के खिलाफ केस, 1 मजदूर की मौत, आस पास की इमारतें कराई गईं खाली
Dhamaal 4 Advance Booking: अजय देवगन की 'धमाल 4' की एडवांस बुकिंग हुई शुरू, जानें- रिलीज से पहले कितना कर डाला कलेक्शन
'धमाल 4' की एडवांस बुकिंग हुई शुरू, जानें- रिलीज से पहले कितना कर डाला कलेक्शन
टेस्ट क्रिकेट का 23 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा, वेस्टइंडीज ने रचा इतिहास; श्रीलंका से जीती सीरीज
टेस्ट क्रिकेट का 23 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा, वेस्टइंडीज ने रचा इतिहास; श्रीलंका से जीती सीरीज
Explained: भारत में बढ़ने वाले हैं पेट्रोल-गैस के दाम! NATO में ट्रंप ने ईरान से शांति समझौता तोड़ा, आपके पास कितनी मोहलत?
भारत में बढ़ने वाले हैं पेट्रोल-गैस के दाम! NATO में US-ईरान शांति समझौता टूटा, कितनी मोहलत?
धर्म परिवर्तन कर मुस्लिम बनने वालों को मिले आरक्षण, विजय सरकार पहुंची SC, मद्रास HC फैसले को चुनौती
धर्म परिवर्तन कर मुस्लिम बनने वालों को मिले आरक्षण, विजय सरकार पहुंची SC, मद्रास HC फैसले को चुनौती
‘आप मेरा सिर काट दो, लेकिन...’, TMC में फूट के बीच भाजपा में शामिल होने की बात पर भड़कीं महुआ मोइत्रा
‘आप मेरा सिर काट दो, लेकिन...’, TMC में फूट के बीच भाजपा में शामिल होने की बात पर भड़कीं महुआ मोइत्रा
Embed widget