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दिल्ली-काशी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू, PM मोदी बोले- 'ऐहितासिक दिन'

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली और वाराणसी के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की शुरुआत को रेल यात्रियों के लिए ऐतिहासिक दिन बताया है.

दिवाली से पहले उत्तर प्रदेश के रेल यात्रियों को बड़ी सौगात मिलने जा रही है. दिल्ली और वाराणसी के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का उद्घाटन आज यानी 31 अक्टूबर को होगा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस ट्रेन की शुरुआत को दिल्ली और काशी के बीच रेल यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए ऐतिहासिक दिन बताया है. उन्होंने कहा कि इस ट्रेन के शुरू होने से न केवल यात्रियों के समय की बचत होगी, बल्कि उनका सफर भी पहले से बेहतर होगा. आधुनिक सुविधाओं और अत्याधुनिक सुरक्षा प्रणाली से लैस यह देश की दूसरी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन है. एकता दिवस के मौके पर उत्तर प्रदेश को मिलने वाली इस सौगात को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे.

PM मोदी बोले- यात्रियों का सफर होगा बेहतर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की शुरुआत को खास बताया. उन्होंने लिखा, "दिल्ली और काशी के बीच रेल यात्रा करने वालों के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है. काशी-दिल्ली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू होने से समय की बचत के साथ ही उनका अनुभव बेहतर होने वाला है. आधुनिक सुविधाओं और अत्याधुनिक सुरक्षा प्रणाली से सुसज्जित यह देश की दूसरी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन है." इस ट्रेन के शुरू होने से दिल्ली और वाराणसी के बीच रात में सफर करने वाले यात्रियों को आरामदायक यात्रा का विकल्प मिलेगा. ट्रेन में स्लीपर बर्थ की व्यवस्था होने से यात्री रातभर आराम करते हुए अपनी मंजिल तक पहुंच सकेंगे.

PM मोदी बोले  यात्रियों का सफर होगा बेहतर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की शुरुआत को खास बताया. उन्होंने लिखा, "दिल्ली और काशी के बीच रेल यात्रा करने वालों के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है. काशी दिल्ली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू होने से समय की बचत के साथ ही उनका अनुभव बेहतर होने वाला है. आधुनिक सुविधाओं और अत्याधुनिक सुरक्षा प्रणाली से सुसज्जित यह देश की दूसरी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन है." इस ट्रेन के शुरू होने से दिल्ली और वाराणसी के बीच रात में सफर करने वाले यात्रियों को आरामदायक यात्रा का विकल्प मिलेगा. ट्रेन में स्लीपर बर्थ की व्यवस्था होने से यात्री रातभर आराम करते हुए अपनी मंजिल तक पहुंच सकेंगे.

16 एसी कोच और 180 किमी प्रति घंटे की रफ्तार

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है. इसमें कुल 16 वातानुकूलित कोच होंगे. ट्रेन की अधिकतम रफ्तार 180 किलोमीटर प्रति घंटे बताई गई है. यात्रियों की सुरक्षा के लिए इसमें आधुनिक कवच सुरक्षा प्रणाली लगाई गई है. इसके अलावा ट्रेन में ऑटोमैटिक दरवाजे, बायो वैक्यूम टॉयलेट और सीसीटीवी कैमरे जैसी सुविधाएं भी दी गई हैं.

वाराणसी से रात 8:50 बजे चलेगी ट्रेन

दिल्ली और वाराणसी के बीच चलने वाली यह ट्रेन रात में सफर पूरा करेगी. वाराणसी से ट्रेन रात 8:50 बजे रवाना होगी और अगले दिन सुबह 5:55 बजे नई दिल्ली पहुंचेगी. वहीं, नई दिल्ली से यह ट्रेन रात 9:40 बजे चलेगी और अगले दिन सुबह 6:45 बजे वाराणसी पहुंचेगी.इस तरह यात्रियों को रातभर के सफर के बाद सुबह अपने गंतव्य तक पहुंचने की सुविधा मिलेगी.

हफ्ते में छह दिन होगा संचालन, इन स्टेशनों पर रुकेगी

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन सप्ताह में छह दिन चलाई जाएगी. वाराणसी से नई दिल्ली के बीच इसका संचालन शनिवार को नहीं होगा, जबकि नई दिल्ली से वाराणसी के बीच यह ट्रेन शुक्रवार को नहीं चलेगी. रास्ते में ट्रेन प्रयागराज, कानपुर सेंट्रल, अलीगढ़ और गाजियाबाद रेलवे स्टेशनों पर रुकेगी. इससे इन शहरों के यात्रियों को भी दिल्ली और वाराणसी के बीच सफर करने का विकल्प मिलेगा.

तीन श्रेणियों में मिलेंगी 823 यात्रियों को बर्थ

ट्रेन में कुल 16 एसी कोच होंगे और इनमें यात्रियों के लिए तीन श्रेणियों की व्यवस्था की गई है. इसमें एसी फर्स्ट क्लास का एक कोच, एसी सेकंड टियर के चार कोच और एसी थर्ड टियर के 11 कोच होंगे. इन सभी कोच में कुल 823 यात्री सफर कर सकेंगे.

सामने आया था ट्रेन के अंदर का वीडियो

दिल्ली और वाराणसी के बीच चलने वाली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का वीडियो हाल ही में सामने आया था. इसमें ट्रेन के अंदर की सुविधाएं और व्यवस्था दिखाई गई थी. वीडियो में साफ सफाई से लेकर यात्रियों की सुविधा का खास ध्यान रखा गया है. पारंपरिक ट्रेनों के मुकाबले इसका अंदरूनी माहौल और सुविधाएं अलग नजर आती हैं. आधुनिक साज सज्जा और स्लीपर बर्थ के साथ यह ट्रेन यात्रियों को रात के सफर का नया अनुभव देने के उद्देश्य से तैयार की गई है.

 

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