एक्सप्लोरर

राम मंदिर के निमंत्रण पत्र के किट में क्या है?

22 जनवरी को रामलला का प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम होना है. जिसके लिए एक खास तरह का निमंत्रण पत्र बनाया गया है. जो 6000 से भी अधिक खास मेहमानों को भेजा गया है. जानिए क्या खास है इस निमंत्रण पत्र के अंदर.

Ram Mandir: दशकों के बाद अयोध्या में बनने जा रहे राम मंदिर के लिए दुनिया भर के तमाम श्रद्धालुओं के मन में बहुत उत्साह है. 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम होना है. जिसके लिए दोपहर 12:30 बजे का वक्त तय किया गया है. रामलला के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के लिए श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने इसके लिए कई प्रमुख लोगों को आमंत्रित किया है.

प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के लिए एक खास तरह का निमंत्रण पत्र बनाया गया है. जो देश के 6000 से भी अधिक खास मेहमानों को भेजा गया है. जिसमें 4000 संत और 2200 अन्य लोग हैं. इसक साथ ही छह दर्शनों के शंकराचार्य और 150 के करीब साधु-संत भी इस कार्यक्रम का हिस्सा होंगे. रामलला के प्राण प्रतिष्ठा के लिए दिए जा रहे निमंत्रण पत्र में क्या-क्या चीज हैं. खास आइए जानते हैं. 

निमंत्रण पत्र के किट में हैं ये चीजें

राम मंदिर के लिए जो निमंत्रण कार्ड भेजा जा रहा है उसके कवर पर लिखा है अनादिक निमंत्रण, श्रीराम धाम अयोध्या. इस निमंत्रण पत्र के अंदर कुछ चीजें भेंट के तौर पर रखी गई है. निमंत्रण पत्र में श्री राम जन्मभूमि मंदिर की तस्वीर वाला कार्ड है जिस पर श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र का लोगो लगा हुआ है. इसके साथ ही इसमें एक पीला अक्षत भी रखा हुआ है. कार्यक्रम के दिन जो लोग वहां आएंगे उनके पास और क्यूआर कोड और कैसे पार्किंग एरिया तक पहुंचा जाए इसकी जानकारी है.

इसके साथ ही एक छोटी पुस्तक भी है जिसके अंदर साल 1528 से लेकर 1984 तक राम जन्मभूमि आंदोलन से जुड़े हुए सभी 20 लोगों का पूरा ब्यौरा है. जिसमें देवराहा बाबा से लेकर के अशोक सिंघल तक का नाम दर्ज है. वही निमंत्रण पत्र में एक जानकारी वाला कार्ड भी रखा गया है जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संघ के प्रमुख मोहन भागवत यूपी की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास का भी नाम है.  

यह भी पढे़ं: राम कहानी: 14 साल के वनवास में सबसे ज्यादा किस शहर में रुके थे भगवान राम, सीता और लक्ष्मण?

 

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

सफेद शर्ट ही क्यों पहनते हैं पायलट, क्या है इसके पीछे की वजह?
सफेद शर्ट ही क्यों पहनते हैं पायलट, क्या है इसके पीछे की वजह?
अमेरिका के इन सेक्टरों में विदेशियों का दबदबा, जानें कहां-कितने भारतीय?
अमेरिका के इन सेक्टरों में विदेशियों का दबदबा, जानें कहां-कितने भारतीय?
फ्लाइट में कब फट जाता है पावर बैंक, जानें क्यों होता है ऐसा?
फ्लाइट में कब फट जाता है पावर बैंक, जानें क्यों होता है ऐसा?
साल 2100 में कैसे खत्म हो जाएगी दुनिया, AI के अलावा कौन बनेगा खतरा?
साल 2100 में कैसे खत्म हो जाएगी दुनिया, AI के अलावा कौन बनेगा खतरा?

वीडियोज

सगाई के बाद... किडनैपिंग का प्लान !
विपक्षी मार्च..'शिव बारात' या 'अराजक जमात'?
Gyanesh Kumar के खिलाफ Rahul Gandhi अब क्या करेंगे?
CEC पर बवाल...अब सुप्रीम कोर्ट ही करेगा समाधान?
Gyanesh Kumar के खिलाफ Rahul Gandhi का 'तांडव'!

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'भारत पर यकीन, दोनों के संबंध...', PM मोदी-ट्रंप का नाम लेकर क्या बोले सर्जियो गोर?
'भारत पर यकीन, दोनों के संबंध...', PM मोदी-ट्रंप का नाम लेकर क्या बोले सर्जियो गोर?
शिवा शर्मा मर्डर: हर साल बदल जाता था नंबर, दोस्त की मदद से नेपाल भागी आरोपी श्रद्धा
शिवा शर्मा मर्डर: हर साल बदल जाता था नंबर, दोस्त की मदद से नेपाल भागी आरोपी श्रद्धा
एक महल से दूसरे महल क्यों भागे फिर रहे सऊदी क्राउन प्रिंस? खालिद एयरपोर्ट बंद
एक महल से दूसरे महल क्यों भागे फिर रहे सऊदी क्राउन प्रिंस? खालिद एयरपोर्ट बंद
जब शूटिंग करते-करते कार से कहीं और चले गए किशोर कुमार, घर में लगा रखी थी खोपड़ी और हड्डियां
जब शूटिंग करते-करते कहीं और चले गए किशोर कुमार, घर में लगा रखी थी खोपड़ी और हड्डियां
जमानत पर रिहा होकर जड़ा शतक, मैदान पर निकले आंसू; अभिषेक पोरेल ने सुनाई जेल की कहानी
जमानत पर रिहा होकर जड़ा शतक, मैदान पर निकले आंसू; अभिषेक पोरेल ने सुनाई जेल की कहानी
'INDIA की कोई पार्टी नहीं मांग रही CJI का इस्तीफा', ममता बनर्जी की सांसद सागरिका घोष की सफाई
'INDIA की कोई पार्टी नहीं मांग रही CJI का इस्तीफा', ममता बनर्जी की सांसद सागरिका घोष की सफाई
दिल्ली में बदला हुआ है मौसम का मिजाज, साफ हुई हवा, जानें आज का मौसम
दिल्ली में बदला हुआ है मौसम का मिजाज, साफ हुई हवा, जानें आज का मौसम
गांधी परिवार की संपत्तियों पर रोक लगाने से HC का इनकार, ED को नहीं मिली राहत
गांधी परिवार की संपत्तियों पर रोक लगाने से HC का इनकार, ED को नहीं मिली राहत
Embed widget