एक्सप्लोरर

क्या होती हैं पिंक, ब्लू, व्हाइट और ग्रे कॉलर जॉब? यहां समझिए इनका मतलब

क्या आपने कभी कॉलर जॉब के बारे में सुना है? हर तरह के काम को विभिन्न कलर की कॉलर जॉब में डिवाइड किया गया है. आइए जानते हैं कि किस जॉब को किस कलर के साथ जोड़ा गया है.

Collar Workers: क्या अपने कभी सुना है कि कोई शख्स ब्लू कॉलर जॉब करता है... या किसी ने कहा हो कि मैं व्हाइट कॉलर जॉब करता हूं. अगर हां तो क्या आपको इसका मतलब पता है? आपको पता होना चाहिए कि यह कॉलर जॉब का सिलसिला सिर्फ ब्लू या व्हाइट कलर तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें ग्रीन, पिंक और ग्रे आदि भी शामिल हैं. दरअसल, विभिन्न सेक्टर्स में जॉब करने वालों को विभिन्न कॉलर कैटेगरी में रखा गया है. आइए जानते हैं कि किस जॉब को किस कलर के साथ जोड़ा जाता है.

ब्लू-कॉलर जॉब

इसमें वे वर्कर्स आते हैं, जो दिहाड़ी पर काम करते हैं. ऐसे वर्कर्स शारीरिक श्रम करते हैं; जैसे :- वेल्डर, मैकेनिक, इलेक्ट्रीशियन, माइनिंग, किसान, मिस्त्री आदि. ब्लू कॉलर वर्कर्स को लेबर भी कहा जाता है. आप नोटिस करेंगे कि ज्यादातर ब्लू कॉलर वर्कर्स को ब्लू कॉलर वाली शर्ट पहनाई जाती है.

व्हाइट-कॉलर जॉब

इसमें वे लोग आते हैं, जो ऑफिस में बैठकर काम करते हैं. इस कैटेगरी में स्किल्ड प्रोफेशनल काम करते हैं. व्हाइट कॉलर जॉब करने वालों को हर महीने सैलरी मिलती है. इस कैटेगरी में अधिकतर लोग सूट और टाई वाले होते हैं, जिनकी जिनके शर्ट की कॉलर व्हाइट होती है. इस कैटेगरी में आने वाले लोगों को शारीरिक तौर पर मेहनत नहीं करनी पड़ती है. इनमें 9-5 वाले जॉब्स करने वाले लोग शामिल हैं.

गोल्ड-कॉलर जॉब

इस कैटेगरी में ज्यादा कुशल लोग आते हैं. ऐसे लोग जो किसी कंपनी को चलाने के लिए मुख्य भूमिका निभाते हैं. इसके अलावा, इन लोगों की डिमांड काफी होती है; जैसे कि पायलट, वकील, डॉक्टर, वैज्ञानिक आदि.

ओपन कॉलर जॉब

इस कैटेगरी में ऐसे वर्कर्स आते हैं, जो वर्क फ्रॉम होम करते हैं. ये लोग ऑफिस नहीं जाते हैं, बल्कि अपने घर से ही किसी के लिए काम करते हैं. लॉकडाउन के बाद, इस तरह की जॉब में काफी बढ़ोत्तरी हुई है. 

ग्रे-कॉलर जॉब

इस कैटेगरी में वे लोग आते हैं,  जिन्हें व्हाइट या ब्लू कॉलर जॉब में शामिल नहीं किया जाता है. दरअसल, इसमें अधिकतर रिटायरमेंट के बाद काम करने वाले वर्कर्स आते हैं. सिक्योरिटी गार्ड की जॉब इसी कैटेगरी में आती है. 

ग्रीन-कॉलर जॉब

इस कैटेगरी में ऐसे वर्कर्स आते हैं, जो सोलर पैनल, ग्रीन पीस और दूसरे एनर्जी सोर्स से जुड़ा काम करते हैं. 

पिंक-कॉलर जॉब

इस कैटेगरी में लाइब्रेरियन और रिसेप्शनिस्ट जैसी जॉब्स आती हैं. इन जॉब के लिए अक्सर महिलाओं को हायर किया जाता है. इसके अलावा, इन जॉब के लिए सैलरी भी काफी कम होती है. 

यह भी पढ़ें -  ये उल्कापिंड नहीं एलियन टेक्नोलॉजी है, जानिए वैज्ञानिक ऐसा क्यों कह रहे हैं?

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

अगर डिटेन कर ले पुलिस तो किन बातों का रखें ख्याल?
अगर डिटेन कर ले पुलिस तो किन बातों का रखें ख्याल?
कहां चल रहा कैप्टन मच्छार का इलाज, कौन उठा रहा इसका खर्च?
कहां चल रहा कैप्टन मच्छार का इलाज, कौन उठा रहा इसका खर्च?
परमाणु हमले में भी क्यों नहीं मरते कॉकरोच, कैसे रहते हैं जिंदा?
परमाणु हमले में भी क्यों नहीं मरते कॉकरोच, कैसे रहते हैं जिंदा?
बिना इजाजत प्रदर्शन करने पर क्या CJP पर चल सकता है मुकदमा, जानें नियम?
बिना इजाजत प्रदर्शन करने पर क्या CJP पर चल सकता है मुकदमा, जानें नियम?

वीडियोज

CJP का 'चलो दिल्ली' मार्च...पूरी तरह फ्लॉप!
फसल तबाह...कौन देगा सहारा? महाराष्ट्र से राजस्थान...परेशान किसान
'वोट चोरी' पर सियासत...हल है हिरासत!
सख्ती का असर...'जंतर-मंतर 2.0' बेअसर!
SIR पर लड़ाई...मीर जाफर तक कैसे आई? बड़ा विश्लेषण

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
मणिपुर में फिर भड़की हिंसा, 5 की मौत; 10 घर-20 दुकानों को किया आग के हवाले
मणिपुर में फिर भड़की हिंसा, 5 की मौत; 10 घर-20 दुकानों को किया आग के हवाले
जंतर-मंतर का प्रोटेस्ट सफल रहा? प्रशांत किशोर का बड़ा बयान
जंतर-मंतर का प्रोटेस्ट सफल रहा? प्रशांत किशोर का बड़ा बयान
रणजी ट्रॉफी में कुल कितनी टीमें हिस्सा लेती हैं? इस बार क्या है नया; जानें A टू Z डिटेल्स
रणजी ट्रॉफी में कुल कितनी टीमें हिस्सा लेती हैं? इस बार क्या है नया; जानें A टू Z डिटेल्स
'एक बार तो जेल जाना है...', मुंबई प्रोटेस्ट में एक्टर इमरान खान हुए डिटेन, साथ में दिखीं गर्लफ्रेंड
'एक बार तो जेल जाना है...', मुंबई प्रोटेस्ट में एक्टर इमरान खान हुए डिटेन, साथ में दिखीं गर्लफ्रेंड
CJP का चौंकाने वाला दावा, '10 घंटे हो गए, कहां हैं अभिजीत दीपके?'
CJP का चौंकाने वाला दावा, '10 घंटे हो गए, कहां हैं अभिजीत दीपके?'
'संदेह नहीं सबूत', चुनाव आयोग के बचाव में उतरे 124 नौकरशाह, लिखा ओपन लेटर
'संदेह नहीं सबूत', चुनाव आयोग के बचाव में उतरे 124 नौकरशाह, लिखा ओपन लेटर
धमाके से दहला सऊदी का रियाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट, दो दिन पहले अटैक में 3 की हुई थी मौत
धमाके से दहला सऊदी का रियाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट, दो दिन पहले अटैक में 3 की हुई थी मौत
दुनिया के टॉप 25 बिजनेस स्कूल में भारत के 4 संस्थान, इन कॉलेजों ने बनाई जगह
दुनिया के टॉप 25 बिजनेस स्कूल में भारत के 4 संस्थान, इन कॉलेजों ने बनाई जगह
Embed widget