एक्सप्लोरर

Saudi Arabia Grand Mufti: अपने ग्रैंड मुफ्ती को क्या सुविधाएं देता है सऊदी अरब, जानें ये क्या करते हैं काम

Saudi Arabia Grand Mufti: सऊदी अरब में नया ग्रैंड मुफ्ती नियुक्त कर दिया गया है. आइए जानते हैं क्या होता है ग्रैंड मुफ्ती का काम और साथ ही यह भी कि इस पद के साथ क्या-क्या सुविधाएं मिलती हैं.

Saudi Arabia Grand Mufti: सऊदी अरब ने एक बार फिर से एक बड़ी धार्मिक घोषणा की है. किंग सलमान बिन अब्दुलअजीज अल सऊद के शाही फरमान के बाद शेख सालेह अल फौजान को सऊदी अरब का नया ग्रैंड मुफ्ती नियुक्त कर दिया गया है. यह पद सऊदी समाज में सबसे प्रभावशाली पदों में से एक है. आइए जानते हैं कि इस पद के साथ क्या सुविधाएं और शक्तियां आती हैं. 

ग्रैंड मुफ्ती की शक्ति और प्रतिष्ठा 

सऊदी अरब का ग्रैंड मुफ्ती सिर्फ एक धार्मिक नेता नहीं होता, बल्कि वह देश में इस्लामी कानून का सर्वोच्च अधिकारी होता है. इस पद को धार्मिक और कानूनी पदानुक्रम में सबसे ऊपर रखा गया है और शाही परिवार से सीधे जुड़ाव की वजह से इस पद को काफी ज्यादा सम्मान भी दिया गया है. ग्रैंड मुफ्ती देश की प्रमुख धार्मिक आवाज के रूप में काम करता है जो नागरिकों, संस्थाओं और यहां तक कि देश को भी आस्था और कानून के मामले में मार्गदर्शन देता है.

ग्रैंड मुफ्ती को क्या-क्या सुविधाएं और विशेष अधिकार मिलते हैं

हालांकि सऊदी सरकार ग्रैंड मुफ्ती के पद से जुड़े लाभों का सार्वजनिक रूप से खुलासा नहीं करती है और साथ ही इस बात का भी कहीं कोई जिक्र नहीं है कि उनकी सैलरी कितनी होती है लेकिन इसके बावजूद भी कुछ विशेष अधिकार इस भूमिका के महत्व को समझाते हैं.

ग्रैंड मुफ्ती को एक आधिकारिक सरकारी आवास दिया जाता है जो उनके पद के अनुसार और आधिकारिक कर्तव्यों को पूरा करने में मदद करता है. इसी के साथ उन्हें उच्च स्तरीय राज्य सुरक्षा भी दी जाती है. इतना ही नहीं बल्कि उन्हें स्टाफ, परिवहन और आधिकारिक यात्रा में सहायता के साथ-साथ पूर्ण रसद और प्रशासनिक सहायता दी जाती है. इसी के साथ सबसे जरूरी बात यह है कि ग्रैंड मुफ्ती की राजा और क्राउन प्रिंस के साथ-साथ सत्ता के सबसे ऊंचे स्तरों तक सीधी पहुंच होती है. 

ग्रैंड मुफ्ती की जिम्मेदारियां 

ग्रैंड मुफ्ती का प्राथमिक कार्य फतवे जारी करना है. ऐसे फतवे जो व्यक्तिगत व्यवहार से लेकर सरकारी नीतियों तक के मामलों पर इस्लामी कानून की व्याख्या करते हैं. इन फतवों के जरिए नागरिकों और अधिकारियों दोनों को इस्लामी सिद्धांतों का पालन करने में एक मार्गदर्शन मिलता है. इसी के साथ ग्रैंड मुफ्ती सऊदी अरब के सबसे शक्तिशाली धार्मिक निकाय वरिष्ठ विद्वानों की परिषद के अध्यक्ष भी हैं. इसी के साथ वह इस्लामी अनुसंधान और फतवा जारी करने वाली स्थायी समिति का नेतृत्व भी करते हैं.

ग्रैंड मुफ्ती का एक और जरूरी काम होता है शाही नीतियों को धार्मिक वैधता प्रदान करके सऊदी नेतृत्व का समर्थन करना. उनके समर्थन अक्सर जनमत को आकार देने और साथ ही धार्मिक प्रतिष्ठान और राजशाही के बीच सामंजस्य को बनाए रखने मैं मदद करते हैं. इसी के साथ ग्रैंड मुफ्ती अक्सर जनता को धार्मिक मार्गदर्शन देते हैं. वे इस्लामी शिक्षा और जागरूकता को बढ़ावा देने वाले कार्यक्रमों में भाग लेते हैं. हज के दौरान उनके निर्देश काफी ज्यादा प्रभावित होते हैं.

ये भी पढ़ें: गुजरात के इस इलाके के रहने वाले थे एक्टर सतीश शाह, जानें वहां किस जाति के लोग रहते हैं सबसे ज्यादा?

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

भारत में शेख हसीना, क्या पाकिस्तानी नेताओं को भी शरण देती है सरकार?
भारत में शेख हसीना, क्या पाकिस्तानी नेताओं को भी शरण देती है सरकार?
Tahir Hussain Life Imprisonment: ताहिर हुसैन को उम्रकैद, क्या सिर्फ 20 साल में पूरी हो जाती है सजा?
ताहिर हुसैन को उम्रकैद, क्या सिर्फ 20 साल में पूरी हो जाती है सजा?
किसके कहने पर बदलती है खिलाड़ियों की ड्रेस, क्या हैं रंग तय करने के नियम?
किसके कहने पर बदलती है खिलाड़ियों की ड्रेस, क्या हैं रंग तय करने के नियम?
100, 200 या 500 के कितने नोट चलन में, ज्यादा क्यों नहीं छापता RBI?
100, 200 या 500 के कितने नोट चलन में, ज्यादा क्यों नहीं छापता RBI?

वीडियोज

Nia Sharma ने किया Relationship Soft Launch? Sikander Singh संग Photos ने मचाई हलचल
Bollywood News: अभिषेक बच्चन से क्यों टूटी थी करिश्मा कपूर की सगाई? सालों बाद डायरेक्टर के इस बड़े दावे ने मचाया तहलका! (31.07.26)
Sairaab:😱Ishan-Nayanika के रिश्ते पर परिजनों का बवाल, मुश्किल घड़ी में बुरी तरह टूटी Nayanika #sbs
PM Modi Video | Gen-Alpha: Gen-Alpha की आवाज...मोदी हैं तो विकास मुमकिन | NEET Paper Leak
24 घंटे...4 मर्डर...दिल्ली में लगता है डर !

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
BJP प्रवक्ता शहजाद पूनावाला का इस्तीफा, जानिए कांग्रेस से बीजेपी तक का सफर
BJP प्रवक्ता शहजाद पूनावाला का इस्तीफा, जानिए कांग्रेस से बीजेपी तक का सफर
दीपक के लिए क्यों 'जले' BJP के देवेश? पढ़ें Inside स्टोरी
दीपक के लिए क्यों 'जले' BJP के देवेश? पढ़ें Inside स्टोरी
2026 में कितने टेस्ट और खेलेगी टीम इंडिया? WTC फाइनल के लिए कितनी जीत जरूरी
2026 में कितने टेस्ट और खेलेगी टीम इंडिया? WTC फाइनल के लिए कितनी जीत जरूरी
Box office: 4 साल में नहीं आई 1 भी फिल्म, मेकर्स ने लगाया 4500 करोड़ का दांव, बॉक्स ऑफिस पर इतिहास रच पाएंगे यश?
4 साल में नहीं आई 1 भी फिल्म, मेकर्स ने लगाया 4500 करोड़ का दांव, बॉक्स ऑफिस पर इतिहास रच पाएंगे यश?
84,084 करोड़ की 'समुद्र मंथन स्कीम', जानें आज कैबिनेट में क्या लिए गए फैसले
84,084 करोड़ की 'समुद्र मंथन स्कीम', जानें आज कैबिनेट में क्या लिए गए फैसले
PoJK में चुनाव को भारत ने किया खारिज, बर्बरता पर पाकिस्तान को दो टूक
PoJK में चुनाव को भारत ने किया खारिज, बर्बरता पर पाकिस्तान को दो टूक
ताहिर हुसैन को उम्रकैद, IB अफसर अंकित शर्मा मर्डर केस में सजा का ऐलान
ताहिर हुसैन को उम्रकैद, IB अफसर अंकित शर्मा मर्डर केस में सजा का ऐलान
Xप्लेन: भारत के किस समाज में एक से ज्यादा पति या पत्नी की प्रथा! तो कहां गलत सोच रहे आप?
भारत के किस समाज में एक से ज्यादा पति या पत्नी की प्रथा! तो कहां गलत सोच रहे आप?
Embed widget