भारत के अलावा कितने देशों की आर्मी करती है राफेल का इस्तेमाल, जानिए कितने का आता है एक फाइटर जेट?
Countries Are Operating Rafale: राफेल को दुनिया का दूसरा सबसे महंगा फाइटर जेट कहा जाता है. इसकी खूबी भी इतनी है कि राफेल को फ्रांस और भारत समेत दुनिया के कई देश इस्तेमाल करते हैं.

हाल ही में पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ ने दावा किया कि तनाव के दौरान चार राफेल समेत छह फाइटर जेट्स को पाकिस्तानी सेना ने मार गिराया. लेकिन सीडीएस चौहान ने इस दावे को खारिज कर दिया है. चीफ डिफेंस ऑफिसर अनिल चौहान ने पाकिस्तान के साथ तनाव के दौरान फाइटर जेट्स को नुकसान होने की बात तो कबूली है, लेकिन राफेल समेत छह फाइटर जेट्स मार गिराने के दावे को एकदम गलत बताया है. भारत तो दुश्मन के खिलाफ राफेल का इस्तेमाल करता ही है, साथ ही साथ और भी देश हैं दुनिया में जो कि राफेल के दीवाने हैं, चलिए उनके बारे में जानते हैं.
कौन से देश राफेल को कर रहे ऑपरेट
वर्तमान में फ्रांस और भारत के अलावा राफेल को ऑपरेट करने वाले देशों में मिस्र, कतर, संयुक्त अरब अमीरात, इंडोनेशिया और ग्रीस शामिल हैं. इसके अलावा फ्रांसीसी नौसेना भी राफेल के नेवल वेरिएंट का इस्तेमाल कर रही है. राफेल को मिले विदेशी ऑर्डर की बात करें तो इसे पहला विदेशी ऑर्डर मिस्र ने दिया था. मिस्र ने नवंबर 2014 में फ्रांस के साथ राफेल विमान की खरीद के लिए बात शुरू की थी. 16 फरवरी 2015 को मिस्र ने आधिकारिक तौर पर फ्रांस को 24 राफेल विमानों का ऑर्डर दिया था. मिस्र के बाद कतर ने खरीदा था राफेल.
क्यों राफेल की दीवानी हुई दुनिया
फ्रांस की वायुसेना में शामिल होने के बाद राफेल ने अफगानिस्तान, सीरिया और लीबिया में कई सफल हवाई हमलों को अंजाम दिया था. तभी पूरी दुनिया ने राफेल की काबिलियत देखी थी. इसके बाद 19 मार्च 2011 को फ्रांसीसी राफेल ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 1973 के समर्थन में ऑपरेशन हरमटन के दौरान लीबिया पर टोही उड़ान और स्ट्राइक मिशन का आगाज किया था. राफेल ने इस दौरान रनवे पर खड़े वायुसेना के जी-2/गैलेब लाइट अटैक/ ट्रेनर विमान को खत्म कर दिया. इसके अलावा इसने लीबियाई सेना के कई एयर डिफेंस सिस्टम को भी खत्म कर दिया. बाकी विमानों की तरह इसको किसी भी अर्ली वॉर्निंग एयरक्राफ्ट की जरूरत नहीं पड़ी थी. इन्हीं सब वजहों से दुनिया राफेल की दीवानी हो गई.
राफेल की कीमत
राफेल को दुनिया का दूसरा सबसे महंगा एयरक्राफ्ट माना जाता है. फ्रांस के अलावा इसे भारत और मिस्र जैसे देश भी इस्तेमाल करते हैं. एक राफेल की कीमत 135 मिलियन डॉलर है. भारत ने हाल ही में फ्रांस के साथ 26 राफेल मरीन विमानों की डील पक्की की है. दोनों देशों के बीच यह डील 63,000 करोड़ रुपये में साइन हुई है.
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Source: IOCL





















