एक्सप्लोरर

इंटेल ने 15 हजार कर्मचारियों को एक साथ निकाला, जानें क्या है टर्मिनेट करने को लेकर नियम?

कंपनी की लागत कम करने के लिए छंटनी करना अब आम हो चुका है.इस बार इंटेल कंपनी ने लागत कम करने का हवाला देते हुए 15 हजार कर्मचारियों को निकाल रहा है.जानिए टर्मिनेट करने पर कर्मचारियों को क्या मिलता है.

प्राइवेट कंपनियों में कंपनी की लागत कम करने के लिए नौकरी से निकालना एक आम बात हो चुकी है. इंटेल कंपनी ने भी लागत कम करने के लिए अपने यहां से करीब 15 हजार कर्मचारियों को एक साथ निकाल रहा है. जी हां, अब सवाल ये है कि किसी भी कंपनी में टर्मिनेट करने को लेकर क्या नियम होते हैं. क्या टर्मिनेट करने पर कर्मचारी को 1 से 2 महीने का अतिरिक्त पैसा दिया जाता है. 

इंटेल कंपनी

इंटेल कंपनी अपनी लागत कम करने के लिए बड़े स्तर पर छटनी कर रही है. बता दें कि इंटेल के सीईओ पैट गेल्सिंगर ने कर्मचारियों को बताया कि कंपनी पैसे बचाने और लागत कम करने के लिए नौकरियों में कटौती कर रही है. सभी कर्मचारियों को भेजे गए ज्ञापन में पैट गेल्सिंगर ने बताया कि कंपनी 2025 तक 10 बिलियन डॉलर की बचत करने की योजना बना रही है. इसके कारण कुल कर्मचारियों में से 15 फीसदी की कटौती यानी 15 हजार लोगों की छंटनी की जा रही है. इंटेल अगले सप्ताह योग्य कर्मचारियों के लिए एक एडवांस रिटायरमेंट पेशकश की घोषणा करेगा. आसान भाषा में इसे स्वैच्छिक प्रस्थान के लिए एक आवेदन कार्यक्रम पेश करेगा.

क्यों हो रहा छंटनी?

इंटेल के सीईओ ने कहा कि मेरे लिए यह दुखद खबर है. मुझे पता है कि इसे पढ़ना आपके लिए और भी मुश्किल होगा. इंटेल के लिए यह एक अविश्वसनीय रूप से कठिन दिन है क्योंकि हम अपनी कंपनी के इतिहास में कुछ सबसे महत्वपूर्ण बदलाव कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि इंटेल की लागत बहुत अधिक है, मार्जिन बहुत कम है. कर्मचारियों को समझाते हुए पैट जेल्सिंगर ने कहा कि इन निर्णयों ने मुझे मेरे मूल में चुनौती दी है. 

पैट ने कहा कि यह मेरे करियर में किया गया सबसे कठिन काम है. उन्होंने कहा कि मेरा आपसे वादा है कि हम आने वाले हफ्तों और महीनों में ईमानदारी, पारदर्शिता और सम्मान की संस्कृति को प्राथमिकता देंगे. उन्होंने आगे कहा कि मेरा मानना है कि हम इन बदलावों को कैसे लागू करते हैं, यह भी उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि बदलाव खुद हैं, और हम इस पूरी प्रक्रिया में इंटेल के मूल्यों का पालन करेंगे.

टर्मिनेट करने को लेकर क्या हैं नियम?

किसी भी कर्मचारी को जॉब से टर्मिनेट करने पर कर्मचारी को सभी बकाया अमाउंट देना होता है. नियम के मुताबिक कर्मचारी को 30 से 90 दिन की सैलरी देनी होती है. इसके अलावा Gratuity Act 1972 के मामले में कम से कम 5 साल की सर्विस पूरी करने वाले कर्मचारी को Gratuity का भुगतान करना होता है. यह नियम उन सभी प्रतिष्ठानों पर लागू होता है, जिनमें 10 या उससे ज्यादा कर्मचारी काम कर रहे हैं. इसके अलावा अगर कंपनी किसी कारण से छंटनी करती है, उस दौरान छंटनी मुआवजा दिया जाता है. कंपनी के छंटनी करने के दौरान 90 दिन की सैलरी देने का प्रावधान है.

ये भी पढ़ें: ट्रेन की पटरी पर यूट्यूबर ने रखे साबुन, पत्थर और सिलेंडर... जानें ऐसा करने पर क्या मिल सकती है सजा

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Burj Khalifa Insurance: ईरान के हमले में अगर तबाह हो गया बुर्ज खलीफा तो कौन देगा इसका मुआवजा, जान लें नियम
ईरान के हमले में अगर तबाह हो गया बुर्ज खलीफा तो कौन देगा इसका मुआवजा, जान लें नियम
Voting Rights Prisoners: इस देश में कैदी भी दे सकते हैं वोट, जानें क्यों है ऐसा कानून
इस देश में कैदी भी दे सकते हैं वोट, जानें क्यों है ऐसा कानून
World War Criteria: कम से कम कितने देशों में छिड़ जाए जंग तब माना जाएगा वर्ल्ड वॉर, मिडिल ईस्ट में ईरानी हमलों के बीच उठा सवाल?
कम से कम कितने देशों में छिड़ जाए जंग तब माना जाएगा वर्ल्ड वॉर, मिडिल ईस्ट में ईरानी हमलों के बीच उठा सवाल?
Israel-America Iran War: ईरान ने अब तक कितनी जंग लड़ी, इसमें कितने जीते-कितने हारे?
ईरान ने अब तक कितनी जंग लड़ी, इसमें कितने जीते-कितने हारे?

वीडियोज

Khamnei Death: Trump को खुली धमकी..खामेनेई की मौत से गुस्से में ईरान | Iran Israel War | Khamenei
Iran Israel War: खामेनेई की मौत से भड़का ईरान, सड़कों पर तांडव! | Khamenai Death | War News
महाविनाश की सबसे बड़ी 'सनसनी' !
Israel Iran War: विश्व तनाव चरम पर, ईरान-इज़राइल संघर्ष और मिसाइल हमलों की चेतावनी | Netanyahu
Sandeep Chaudhary: Khamenei को ट्रेस कर रहा था America..खुला राज! | Iran Israel War | Trump

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
दुबई में अमेरिका का कोई मिलिट्री बेस नहीं तो फिर ईरान ने वहां क्यों दागीं मिसाइलें? सामने आई ये वजह
दुबई में अमेरिका का कोई मिलिट्री बेस नहीं तो फिर ईरान ने वहां क्यों दागीं मिसाइलें? सामने आई ये वजह
ईशान किशन vs अभिषेक शर्मा, टीम इंडिया के लिए ओपनिंग की रेस में कौन आगे? आंकड़े जानकर हैरान हो जाएंगे
ईशान किशन vs अभिषेक शर्मा, टीम इंडिया के लिए ओपनिंग की रेस में कौन आगे? आंकड़े जानकर हैरान हो जाएंगे
कश्मीर के सभी जिलों में प्रतिबंध होंगे लागू, ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की शहादत के बाद फैसला
कश्मीर के सभी जिलों में प्रतिबंध होंगे लागू, ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की शहादत के बाद फैसला
खामेनेई की हत्या के बाद ईरान ने जामकरान मस्जिद पर फहराया लाल झंडा, जानें क्या है इसका मतलब?
खामेनेई की हत्या के बाद ईरान ने जामकरान मस्जिद पर फहराया लाल झंडा, जानें क्या है इसका मतलब?
'बॉर्डर 2' का 38वें दिन भी जारी है धमाल, सनी देओल की फिल्म ने अब तक किया है इतना कलेक्शन
'बॉर्डर 2' का 38वें दिन भी जारी है धमाल, सनी देओल की फिल्म ने अब तक किया है इतना कलेक्शन
'भारत पहले कभी इतना कमजोर...', खामेनेई की मौत पर कांग्रेस का पहला रिएक्शन, जानें क्या कहा?
'भारत पहले कभी इतना कमजोर...', खामेनेई की मौत पर कांग्रेस का पहला रिएक्शन, जानें क्या कहा?
बाराबंकी में आई विदेशी बारात, विलायती मेहमानों ने यूपी की गलियों में जमकर लगाए ठुमके, वीडियो वायरल
बाराबंकी में आई विदेशी बारात, विलायती मेहमानों ने यूपी की गलियों में जमकर लगाए ठुमके, वीडियो वायरल
Voting Rights Prisoners: इस देश में कैदी भी दे सकते हैं वोट, जानें क्यों है ऐसा कानून
इस देश में कैदी भी दे सकते हैं वोट, जानें क्यों है ऐसा कानून
Embed widget