एक्सप्लोरर

Artemis II से कैसे होगी मंगल मिशन की तैयारी, क्या है NASA का पूरा प्लान?

Artemis II Mission: नासा ने आर्टिमिस II मिशन की तैयारी कर ली है. आइए जानते हैं कि इस मिशन से मंगल मिशन की तैयारी कैसे होगी और नासा का पूरा प्लान क्या है.

Artemis II Mission: इंसानी सभ्यता एक बार फिर से धरती के आसपास के इलाके से आगे जाने की तैयारी कर रही है. नासा का आर्टिमिस II अपने आखिरी तैयारी के दौर में पहुंच चुका है. इस मिशन के लिए चुने गए चार एस्ट्रोनॉट क्वॉरेंटाइन में जा चुके हैं. इसी बीच आइए जानते हैं कि इस मिशन से मंगल मिशन की तैयारी कैसे होगी और नासा का पूरा प्लान क्या है.

मंगल मिशन के लिए आर्टिमिस II क्यों जरूरी है 

आर्टिमिस II नासा के ओरियन स्पेसक्राफ्ट और स्पेस लॉन्च सिस्टम की धरती की कक्षा से बाहर पहली क्रू वाली उड़न है. इसका मकसद सिर्फ खोज करना नहीं है बल्कि जांच करना भी है. इससे पहले की इंसान मंगल ग्रह की महिनों लंबी यात्रा में जिंदा रह सकें , नासा यह पक्का करना चाहता है कि स्पेसक्राफ्ट सिस्टम, इंसानी सहनशक्ति और ऑपरेशनल तरीके गहरे अंतरिक्ष में भरोसेमंद तरीके से काम करें. आर्टिमिस II को इन्हीं सभी कठोर वातावरण में टेस्ट करने के लिए डिजाइन किया गया है. 

गहरे अंतरिक्ष में लाइफ सपोर्ट की टेस्टिंग 

यह मिशन ओरियन के लाइफ सपोर्ट सिस्टम को पहली बार गहरे अंतरिक्ष में एस्ट्रोनॉट के साथ टेस्ट करने जा रहा है. धरती की निचली कक्षा के मिशनों के उलट धरती से मदद सीमित होगी और सिस्टम को अपने आप काम करना होगा. ऑक्सीजन बनाना, कार्बन डाइऑक्साइड हटाना, तापमान कंट्रोल करना, पानी की रीसाइकलिंग करना और कचरा मैनेजमेंट जैसी चीजों पर लगातार नजर रखी जाएगी. मंगल ग्रह के लिए इन सिस्टम की सफलता काफी ज्यादा जरूरी है. 

रेडिएशन और इंसानी सेहत को समझना 

अंतरिक्ष एस्ट्रोनॉट को खतरनाक स्तर पर कॉस्मिक और सोलर रेडिएशन के संपर्क में लाता है. इस बारे में आर्टिमिस II रियल वर्ल्ड डेटा देगा कि रेडिएशन धरती के सुरक्षात्मक मैग्नेटिक फील्ड के बाहर इंसानी शरीर को कैसे प्रभावित करता है. स्पेसक्राफ्ट पर लगे सेंसर और एस्ट्रोनॉट के पहनने वाले डिवाइस एक्स्पोजर लेवल को मापेंगे. इस डेटा से नासा को भविष्य के मंगल अभियानों में बेहतर शिल्डिंग, मेडिकल प्रोटोकॉल और मिशन की अवधि डिजाइन करने में मदद मिलेगी.

चांद से मंगल तक नासा की स्टेप बाय स्टेप योजना 

नासा का रोड मैप सावधानी से तैयार किया गया है. फरवरी 2026 के लिए निर्धारित यह मिशन अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा की दूसरी तरफ ले जाएगा और वापस लाएगा. इससे ओरियन और एसएलएस को मानव उड़ाने के लिए सर्टिफाइड किया जाएगा. 2026 के बाद नियोजित आर्टिमिस III 5 दशकों से ज्यादा समय में पहली बार अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा की सतह पर उतारेगा. इसके बाद नासा का लक्ष्य चंद्रमा पर एक स्थायी मानव उपस्थिति को स्थापित करना है जिसका इस्तेमाल गहरे अंतरिक्ष मिशनों के लिए लॉन्च प्लेटफार्म के रूप में किया जाएगा. अंतिम लक्ष्य 2030 के दशक के अंत तक पहले इंसानों को मंगल पर भेजना है.

ये भी पढ़ें:  कहां बनाए जाते हैं पद्मश्री, पद्मभूषण और पद्मविभूषण जैसे मेडल, इमनें कितना खर्चा करती है सरकार?

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

McMahon Line से Map War तक, भारत-चीन सीमा विवाद के 10 बड़े सवाल और जवाब
McMahon Line से Map War तक, भारत-चीन सीमा विवाद के 10 बड़े सवाल और जवाब
हर सेकंड कितना पानी फेंकती है वॉटर कैनन, जानें ये कितने खतरनाक
हर सेकंड कितना पानी फेंकती है वॉटर कैनन, जानें ये कितने खतरनाक
Head Shaving and Hair Growth: क्या सिर मुंडवाने से सच में घने आते हैं बाल? जान लीजिए सच
क्या सिर मुंडवाने से सच में घने आते हैं बाल? जान लीजिए सच
जब भारत आजाद हुआ तब दुनिया में कितने देश थे, तब से कितने बढ़ गए?
जब भारत आजाद हुआ तब दुनिया में कितने देश थे, तब से कितने बढ़ गए?

वीडियोज

Amruta Khanvilkar ने Divorce Rumours पर जताई नाराजगी, Legal Action की दी चेतावनी
Govinda ने मां Nirmala Devi को खोने का दर्द किया बयां, बोले- लगा सब कुछ खत्म हो गया
Salman Khan की Superhero Film को Greenlight, Raj & DK करेंगे Direct, नवंबर में शुरू होगी Shooting
Ravi Kishan के वायरल Memes पर बोले- Gen Z ने मुझे अपनाया, कहा- यह तो पागलपन है
Govinda ने Sunita Ahuja के Affair आरोपों पर तोड़ी चुप्पी, बोले- क्या अपनों की बुराई जरूरी है?

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
लोकसभा में कल छात्रों पर बयान दे सकते हैं अमित शाह, राहुल-खरगे की संसद में बैठक
लोकसभा में कल छात्रों पर बयान दे सकते हैं अमित शाह, राहुल-खरगे की संसद में बैठक
आप रांची कब जाएंगे? अभिजीत दीपके का जवाब, 'हम नहीं चाहते कि...'
आप रांची कब जाएंगे? अभिजीत दीपके का जवाब, 'हम नहीं चाहते कि...'
दक्षिण अफ्रीका का बदला कप्तान, पहली बार इस खिलाड़ी को मिली कमान 
दक्षिण अफ्रीका का बदला कप्तान, पहली बार इस खिलाड़ी को मिली कमान 
गोवा में पेंट हाउस, मुंबई में करोड़ों का बंगला, 100 करोड़ से ज्यादा का है इमरान हाशमी का साम्राज्य, नेटवर्थ जान उड़ जाएंगे होश
100 करोड़ से ज्यादा का है इमरान हाशमी का साम्राज्य, नेटवर्थ जान उड़ जाएंगे होश
EXPLAINER: इलाज के नाम पर अस्पतालों का बड़ा धोखा? संसद की रिपोर्ट में खुलासा
EXPLAINER: इलाज के नाम पर अस्पतालों का बड़ा धोखा? संसद की रिपोर्ट में खुलासा
NEET के खिलाफ विजय सरकार का बड़ा कदम, विपक्षी DMK ने भी दिया साथ, क्या है प्रावधान?
NEET के खिलाफ विजय सरकार का बड़ा कदम, विपक्षी DMK ने भी दिया साथ
आरोप से बेदाग बरी होने तक: कैसे अडानी शेयर्स और मार्केट कैप ने की वापसी?
आरोप से बेदाग बरी होने तक: कैसे अडानी शेयर्स और मार्केट कैप ने की वापसी?
Inverter Fridge vs Normal Fridge: रेगुलर फ्रिज से इनवर्टर वाले फ्रिज पर हों शिफ्ट, कितना बचेगा बिल?
रेगुलर फ्रिज से इनवर्टर वाले फ्रिज पर हों शिफ्ट, कितना बचेगा बिल?
Embed widget