एक्सप्लोरर

24 अकबर रोड वाले कांग्रेस मुख्यालय में कितने कमरे, किसने किया था इसे डिजाइन?

दिल्ली का 24 अकबर रोड बंगला, जो 48 वर्षों से कांग्रेस का मुख्यालय रहा, अब 28 मार्च तक खाली होने वाला है. आइए जानें किन इसको किसने डिजाइन किया था और इसमें कितने कमरे हैं.

24 Akbar Road Congress HQ: दिल्ली के लुटियंस जोन का वह मशहूर पता 24 अकबर रोड, जो पिछले 48 सालों से भारतीय राजनीति का शक्ति केंद्र रहा है, अब खाली होने की कगार पर है. इस बंगले की पहचान इतनी गहरी है कि दिल्ली के किसी भी टैक्सी वाले को इसका रास्ता बताने की जरूरत नहीं पड़ती. देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस को अब सरकार की ओर से अंतिम नोटिस मिल चुका है, जिसके तहत 28 मार्च तक इस ऐतिहासिक परिसर को खाली करना होगा. सत्ता के उतार-चढ़ाव का गवाह रहा यह बंगला अपनी वास्तुकला और कमरों की संख्या को लेकर भी काफी दिलचस्प इतिहास समेटे हुए है.

24 अकबर रोड वाले कांग्रेस मुख्यालय को किसने किया डिजाइन?

इस ऐतिहासिक इमारत की नींव और इसका मूल ढांचा औपनिवेशिक काल के दौरान तैयार किया गया था. दिल्ली को सजाने और संवारने वाले मशहूर ब्रिटिश वास्तुकार एडविन लुटियंस ने ही इस बंगले को डिजाइन किया था. लुटियंस की शैली की छाप इस इमारत के ऊंचे खंभों और बरामदों में साफ दिखाई देती है. शुरुआत में जब इसे बनाया गया था, तब इसमें केवल आठ कमरे हुआ करते थे. सादगी और भव्यता का मिश्रण यह बंगला उस समय के प्रभावशाली अधिकारियों के लिए बनाया गया था, लेकिन आजादी के बाद यह भारतीय राजनीति की धड़कन बन गया. 

कांग्रेस मुख्यालय में कितने कमरे हैं?

वक्त के साथ जैसे-जैसे कांग्रेस पार्टी की गतिविधियां बढ़ीं और यह मुख्यालय के रूप में स्थापित हुआ, इस इमारत का विस्तार भी होता गया. जिस बंगले में कभी सिर्फ 8 कमरे थे, वह धीरे-धीरे 34 कमरों वाले एक विशाल परिसर में तब्दील हो गया. पार्टी के बढ़ते कामकाज को संभालने के लिए इसमें समय-समय पर नए निर्माण और बदलाव किए गए. इन कमरों में पार्टी अध्यक्ष से लेकर महासचिवों के दफ्तर, मीडिया सेल और कॉन्फ्रेंस रूम शामिल हैं. हर कमरे की दीवारें किसी न किसी बड़े राजनीतिक फैसले या ऐतिहासिक चर्चा की गवाह रही हैं. 

यह भी पढ़ें: कांग्रेस को जिस 24 अकबर रोड मुख्यालय को खाली करने का मिला नोटिस, वहां जमीन की कीमत कितनी?

खाली करने का अंतिम अल्टीमेटम

24 अकबर रोड को खाली करने के लिए सरकार ने कांग्रेस को 28 मार्च तक का समय दिया है. यह एक अंतिम नोटिस है, जिससे साफ है कि अब इस पते से पार्टी का नाता टूटने वाला है. दिलचस्प बात यह है कि केवल अकबर रोड ही नहीं, बल्कि 5 रायसीना रोड स्थित यूथ कांग्रेस के दफ्तर को भी इसी समय सीमा के भीतर खाली करने के निर्देश दिए गए हैं. सरकारी नियमों और आवंटन की समय सीमा समाप्त होने के कारण यह कार्रवाई की जा रही है, जो पार्टी के लिए एक भावनात्मक और संगठनात्मक बदलाव का समय है. 

अब कांग्रेस का नया पता क्या?

कांग्रेस ने अपने इस पुराने पते को छोड़ते हुए 14 जनवरी 2025 को ही अपनी गतिविधियों को नए दफ्तर इंदिरा भवन में शिफ्ट करना शुरू कर दिया था. लगभग 46 साल बाद पार्टी अपना पता बदल रही है. इस नए मुख्यालय यानी इंदिरा भवन की आधारशिला साल 2009 में तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और सोनिया गांधी ने रखी थी. इस आधुनिक दफ्तर को बनाने में करीब 252 करोड़ रुपए की लागत आई है. अकबर रोड के लुटियंस वाले बंगले से निकलकर अब कांग्रेस एक हाई-टेक और आधुनिक इमारत से अपनी आगे की राजनीति तय करेगी. 

यह भी पढ़ें: Congress Headquarters: देश की आजादी के बाद कहां था कांग्रेस का मुख्यालय, 24 अकबर रोड वाले बंगले में पार्टी कब हुई थी शिफ्ट?

About the author निधि पाल

निधि पाल को पत्रकारिता में छह साल का तजुर्बा है. लखनऊ से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत भी नवाबों के शहर से की थी. लखनऊ में करीब एक साल तक लिखने की कला सीखने के बाद ये हैदराबाद के ईटीवी भारत संस्थान में पहुंचीं, जहां पर दो साल से ज्यादा वक्त तक काम करने के बाद नोएडा के अमर उजाला संस्थान में आ गईं. यहां पर मनोरंजन बीट पर खबरों की खिलाड़ी बनीं. खुद भी फिल्मों की शौकीन होने की वजह से ये अपने पाठकों को नई कहानियों से रूबरू कराती थीं.

अमर उजाला के साथ जुड़े होने के दौरान इनको एक्सचेंज फॉर मीडिया द्वारा 40 अंडर 40 अवॉर्ड भी मिल चुका है. अमर उजाला के बाद इन्होंने ज्वाइन किया न्यूज 24. न्यूज 24 में अपना दमखम दिखाने के बाद अब ये एबीपी न्यूज से जुड़ी हुई हैं. यहां पर वे जीके के सेक्शन में नित नई और हैरान करने वाली जानकारी देते हुए खबरें लिखती हैं. इनको न्यूज, मनोरंजन और जीके की खबरें लिखने का अनुभव है. न्यूज में डेली अपडेट रहने की वजह से ये जीके के लिए अगल एंगल्स की खोज करती हैं और अपने पाठकों को उससे रूबरू कराती हैं.

खबरों में रंग भरने के साथ-साथ निधि को किताबें पढ़ना, घूमना, पेंटिंग और अलग-अलग तरह का खाना बनाना बहुत पसंद है. जब ये कीबोर्ड पर उंगलियां नहीं चला रही होती हैं, तब ज्यादातर समय अपने शौक पूरे करने में ही बिताती हैं. निधि सोशल मीडिया पर भी अपडेट रहती हैं और हर दिन कुछ नया सीखने, जानने की कोशिश में लगी रहती हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Bengal Rajya Sabha Bypolls 2026: TMC के बागी लोकसभा सांसदों ने बदली पार्टी, लेकिन राज्यसभा सांसदों ने पहले दिया इस्तीफा; क्या है कानूनी पेंच?
TMC के बागी लोकसभा सांसदों ने बदली पार्टी, लेकिन राज्यसभा सांसदों ने पहले दिया इस्तीफा; क्या है कानूनी पेंच?
Satellite Computer: क्या सैटेलाइट फोन की तरह‌ सैटेलाइट कंप्यूटर भी होते हैं, जानें कौन करता है इनका इस्तेमाल?
क्या सैटेलाइट फोन की तरह‌ सैटेलाइट कंप्यूटर भी होते हैं, जानें कौन करता है इनका इस्तेमाल?
Space Effects On Brain: स्पेस में शरीर ही नहीं दिमाग पर भी पड़ता है असर, जानें क्या आता है बदलाव?
स्पेस में शरीर ही नहीं दिमाग पर भी पड़ता है असर, जानें क्या आता है बदलाव?
Iran US War: ईरान में अब कौन चला रहा सरकार, जो अमेरिका के सामने झुकने को नहीं तैयार? जान लें एक-एक नाम
ईरान में अब कौन चला रहा सरकार, जो अमेरिका के सामने झुकने को नहीं तैयार? जान लें एक-एक नाम

वीडियोज

Bollywood News: कियारा-यश के गाने ‘तबाही’ पर मचा बवाल, ट्रोलर्स ने क्यों घसीटा सिद्धार्थ मल्होत्रा का नाम? (10-07-2026)
DR. Aarambhi: Aarambhi का बड़ा खेल, Avantika को घर से निकाला बाहर; तंडन परिवार ने भी मोड़ा मुंह
'Lock Upp 2' में Akanksha Chamola का बड़ा खुलासा, बोलीं- शो से बाहर आते ही शुरू होगी Divorce Process
हर कोई SUV ही क्यों खरीद रहा है? Womens की पहली पसंद SUV? #autolive
'Lock Upp 2' में Akanksha Chaudhary का गुस्सा बेकाबू, Shreya Kalra पर की तीखी टिप्पणी

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
PoK में 32वें दिन भी जारी विद्रोह: मुजफ्फराबाद मार्च से पहले 1 लाख प्रदर्शनकारियों की तैयारी, पाक में हड़कंप
PoK में 32वें दिन भी जारी विद्रोह: मुजफ्फराबाद मार्च से पहले 1 लाख प्रदर्शनकारियों की तैयारी, पाक में हड़कंप
बांकीपुर उपचुनाव: BJP के कैंडिडेट बदलने से प्रशांत किशोर को फायदा या नुकसान? चौंकाने वाला दावा
बांकीपुर उपचुनाव: BJP के कैंडिडेट बदलने से प्रशांत किशोर को फायदा या नुकसान? चौंकाने वाला दावा
ट्रंप की जान को खतरा या नेतन्याहू का मास्टरस्ट्रोक? जानें क्यों ईरान पर US फाइटर जेट्स बरसाने लगे बारूद
ट्रंप की जान को खतरा या नेतन्याहू का मास्टरस्ट्रोक? जानें क्यों ईरान पर US फाइटर जेट्स बरसाने लगे बारूद
FIFA वर्ल्ड कप में किलियन एम्बाप्पे का मैच देखने पहुंचे विराट कोहली और शुभमन गिल! जानें वायरल तस्वीर की हकीकत
FIFA वर्ल्ड कप में किलियन एम्बाप्पे का मैच देखने पहुंचे विराट कोहली और शुभमन गिल! तस्वीर वायरल
Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: राजपाल यादव को अभी नहीं जाना होगा जेल, चेक बाउंस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत
राजपाल यादव को अभी नहीं जाना होगा जेल, चेक बाउंस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत
Explained: पूरे भारत पर छाया मानसून! लेकिन मौसम विभाग ने बादल छंटने की दी चेतावनी, बारिश की आंख मिचौली क्यों?
पूरे भारत पर छाया मानसून! मौसम विभाग ने बादल छंटने की चेतावनी, बारिश की आंख मिचौली क्यों?
‘मैं ममता बनर्जी की तरह नहीं कमजोर CM...’, बहरामपुर में गरजे शुभेंदु, हुमायूं कबीर को दी ये वॉर्निंग
‘मैं ममता बनर्जी की तरह नहीं कमजोर CM...’, बहरामपुर में गरजे शुभेंदु, हुमायूं कबीर को दी वॉर्निंग
अयोध्या राम मंदिर चंदा चोरी को लेकर कांग्रेस ने क्यों किया अटल बिहारी वाजपेयी को याद?
अयोध्या राम मंदिर चंदा चोरी को लेकर कांग्रेस ने क्यों किया अटल बिहारी वाजपेयी को याद?
Embed widget