एक्सप्लोरर

CBSE Three Language Policy: थर्ड लैंग्वेज में हुए फेल तो नहीं मिलेगा 10th का सर्टिफिकेट, Cbse ने लागू किया नियम

CBSE के 10 जुलाई को जारी सर्कुलर के अनुसार कक्षा 10 में थर्ड लैंग्वेज की बोर्ड परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी. इसके बावजूद छात्रों को स्कूल की ओर से कराए जाने वाले इंटरनल असेसमेंट में सफल होना होगा.

CBSE Three Language Policy: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने कक्षा 9 और 10वीं के लिए थर्ड लैंग्वेज को लेकर बड़ा बदलाव किया है. राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP) के तहत लागू किए गए नए नियमों के अनुसार अब केवल बोर्ड परीक्षा पास करना ही पर्याप्त नहीं होगा. अगर छात्र स्कूल स्तर पर होने वाले थर्ड लैंग्वेज के स्कूल बेस्ड असेसमेंट में सफल नहीं होते हैं, तो उन्हें कक्षा 10 का सर्टिफिकेट जारी नहीं किया जाएगा. हालांकि इस विषय की बोर्ड परीक्षा नहीं होगी, लेकिन इंटरनल असेसमेंट पास करना अनिवार्य हो होगा. यह नियम उन छात्रों पर लागू होगा जो शैक्षणिक सत्र 2026-27 में कक्षा 9 में प्रवेश लेंगे और 2027-28 में कक्षा 10 की परीक्षा देंगे. वर्तमान स्तर में कक्षा 10वीं में पढ़ रहे छात्रों पर इसका कोई असर नहीं पड़ेगा. 

थर्ड लैंग्वेज की बोर्ड परीक्षा नहीं, लेकिन पास होना जरूरी 

सीबीएसई के 10 जुलाई को जारी गाइडलाइन के अनुसार कक्षा 10 में थर्ड लैंग्वेज की बोर्ड परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी. इसके बावजूद छात्रों को स्कूल की ओर से कराए जाने वाले इंटरनल असेसमेंट में सफल होना अनिवार्य होगा. इसी के आधार पर उन्हें सेकेंडरी स्कूल एग्जामिनेशन पास सर्टिफिकेट मिलेगा. अगर कोई छात्र कक्षा 10 में इस इंटरनल असेसमेंट में असफल हो जाता है, तो संबंधित स्कूल को बोर्ड रिजल्ट घोषित होने से पहले उसका दोबारा री-असेसमेंट करना होगा. 

कक्षा 9 में फेल होने पर भी मिलेगा प्रमोशन 

सीबीएसई ने यह भी स्पष्ट किया है कि अगर कोई छात्र कक्षा 9 में थर्ड लैंग्वेज के स्कूल आधारित मूल्यांकन में सफल नहीं हो पाता है, तो उसे कक्षा 10 में प्रमोट कर दिया जाएगा. हालांकि उसे कक्षा 10 के दौरान ही कक्षा 9 की लंबित थर्ड लैंग्वेज परीक्षा भी पास करनी होगी. इस व्यवस्था का उद्देश्य छात्रों का एक साल खराब होने से बचाना है, लेकिन पास सर्टिफिकेट के लिए भाषा संबंधी शर्तें पूरी करना जरूरी होगा. 

एनईपी 2020 के तहत लागू होगा तीन भाषा फार्मूला 

नई व्यवस्था राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत लागू की जा रही है. इसके अनुसार 2026-27 से कक्षा 9 के सभी छात्रों को तीन भाषा पढ़नी होगी, जिनमें कम से कम दो भारतीय भाषाएं होना अनिवार्य हैं. जिन छात्रों ने पहले से अंग्रेजी के साथ फ्रेंच, जर्मन या किसी अन्य विदेशी भाषा का चयन किया हुआ है, उन्हें एक बार की राहत दी गई है. ऐसे छात्र अपनी विदेशी भाषा जारी रख सकेंगे, लेकिन इसके साथ उन्हें एक भारतीय भाषा भी तीसरी भाषा के रूप में पढ़नी होगी. वहीं 2026-27 से कक्षा 6 में प्रवेश लेने वाले छात्रों के लिए भविष्य में यही तीसरी भाषा कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा का भी हिस्सा बनेगी, क्योंकि उनके लिए नया पाठ्यक्रम और किताबें चरणबद्ध तरीके से लागू की जा रही है. 

स्कूलों को भी दिए गए निर्देश 

सीबीएसई ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि थर्ड लैंग्वेज का मूल्यांकन निर्धारित स्कूल आधारित प्रणाली के तहत किया जाए. इसके लिए मूल्यांकन ढांचा पहले ही जारी किया जा चुका है. वहीं भाषा सीखने से जुड़े संसाधन एनसीईआरटी की ओर से उपलब्ध कराए जा रहे हैं, ताकि स्कूलों को नई व्यवस्था लागू करने में सुविधा हो. 

ये भी पढ़ें-Career Options After 12th Arts: आर्ट्स वाले छात्रों की खुलेगी किस्मत! इन 3 नए सेक्टर्स में नौकरियों की भरमार, आज ही करें अप्लाई

सुप्रीम कोर्ट पहुंचा मामला 

तीन भाषा नीति को लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी याचिका दायर की गई है. याचिकाकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि नई व्यवस्था को सत्र शुरू होने के बाद लागू किया गया, जबकि कई स्कूलों में अभी पर्याप्त शिक्षक, पाठ्यपुस्तकें और जरूरी संसाधन उपलब्ध नहीं है. साथ ही छात्रों पर अतिरिक्त शैक्षणिक बोझ बढ़ाने की भी चिंता जताई गई है. इस याचिका के जवाब में सीबीएसई और केंद्र सरकार ने अदालत में कहा कि बोर्ड से संबंधित लगभग आधे स्कूल पहले से ही कक्षा 9 में दो या दो से अधिक भारतीय भाषाएं पढ़ा रहे हैं. वहीं 99 प्रतिशत से ज्यादा स्कूलों में कम से कम एक भारतीय भाषा का शिक्षक उपलब्ध है. बोर्ड ने यह भी कहा है कि उसके 29 और 30 जुलाई को जारी सर्कुलर में याचिकाकर्ताओं की ओर से उठाए गए कई आरोप का समाधान किया गया है. 

ये भी पढ़ें-स्कूलों में जल्द शुरू हो सकती है कॉम्प्रिहेंसिव सेक्स एजुकेशन, जानिए क्या है CSE और बच्चों को क्या पढ़ाया जाएगा

Education Loan Information:
Calculate Education Loan EMI

कविता गाडरी बीते कुछ साल से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता की दुनिया से जुड़ी हुई है. राजस्थान के जयपुर से ताल्लुक रखने वाली कविता ने अपनी पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय भोपाल से न्यू मीडिया टेक्नोलॉजी में मास्टर्स और अपेक्स यूनिवर्सिटी जयपुर से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में की है. 
पत्रकारिता में अपना सफर उन्होंने राजस्थान पत्रिका से शुरू किया जहां उन्होंने नेशनल एडिशन और सप्लीमेंट्स जैसे करियर की उड़ान और शी न्यूज के लिए बाय लाइन स्टोरी लिखी. इसी दौरान उन्हें हेलो डॉक्टर शो पर काम करने का मौका मिला. जिसने उन्हें न्यूज़ प्रोडक्शन के लिए नए अनुभव दिए. 

इसके बाद उन्होंने एबीपी नेटवर्क नोएडा का रुख किया. यहां बतौर कंटेंट राइटर उन्होंने लाइफस्टाइल, करंट अफेयर्स और ट्रेडिंग विषयों पर स्टोरीज लिखी. साथ ही वह कंटेंट मैनेजमेंट सिस्टम और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी लगातार सक्रिय रही. कविता गाडरी हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में दक्ष हैं. न्यूज़ राइटिंग रिसर्च बेस्ड स्टोरीटेलिंग और मल्टीमीडिया कंटेंट क्रिएशन उनकी खासियत है. वर्तमान में वह एबीपी लाइव से जुड़ी है जहां विभिन्न विषयों पर ऐसी स्‍टोरीज लिखती है जो पाठकों को नई जानकारी देती है और उनके रोजमर्रा के जीवन से सीधे जुड़ती है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

CTET परीक्षा की नई तारीख पर बड़ा अपडेट, जल्द जारी होगा रिवाइज्ड शेड्यूल
CTET परीक्षा की नई तारीख पर बड़ा अपडेट, जल्द जारी होगा रिवाइज्ड शेड्यूल
इस राज्य में निकली 45000 शिक्षक भर्ती, जानें डिटेल्स
इस राज्य में निकली 45000 शिक्षक भर्ती, जानें डिटेल्स
अब हिंदी मीडियम से करें बीटेक, MP में शुरू हुआ इंजीनियरिंग कोर्स
अब हिंदी मीडियम से करें बीटेक, MP में शुरू हुआ इंजीनियरिंग कोर्स
बिहार में MBBS की 100 सीटें बढ़ीं, इन 2 मेडिकल कॉलेजों को मिली मंजूरी
बिहार में MBBS की 100 सीटें बढ़ीं, इन 2 मेडिकल कॉलेजों को मिली मंजूरी
Advertisement

वीडियोज

Breaking News | Moti Bagh Building Collapse: लगातार 5 घंटे से रेस्क्यू ऑपरेशन जारी | ABP News
Moti Bagh Building Collapse | Breaking News: 5 मंजिला इमारत ढही, 50 जिंदगियों पर संकट !
Moti Bagh Building Collapse | Breaking News: मोती बाग इलाके में गिरी इमारत...मलबे में दबे 50 लोग!
CM Yogi in Chitrakoot: CM yogi ने चित्रकूट में बाढ़ प्रभावित इलाकों का लिया जायजा। CM Yogi Speech
PM Modi के SRCC में दिए विपक्ष पर 'फूफा' वाले बयान पर कांग्रेस का पलटवार। Congress on PM Modi
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे पर आया अभिजीत दीपके का बड़ा बयान, 'प्रशासन का कोई...'
सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे पर आया अभिजीत दीपके का बड़ा बयान, 'प्रशासन का कोई...'
'दर्दनाक और चिंताजनक...', सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे पर राहुल गांधी का रिएक्शन
'दर्दनाक और चिंताजनक...', सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे पर राहुल गांधी का रिएक्शन
'उनके लिए दरवाजे बंद...', शमी की टीम इंडिया में वापसी पर पूर्व कोच का बड़ा बयान
'उनके लिए दरवाजे बंद...', शमी की टीम इंडिया में वापसी पर पूर्व कोच का बड़ा बयान
कब आएगा 'पंचायत सीजन 5'? डायरेक्टर दीपक कुमार ने किया बड़ा खुलासा
कब आएगा 'पंचायत सीजन 5'? डायरेक्टर ने किया बड़ा खुलासा
राघव चड्ढा ने की भारत के डिजिटल मॉडल की तारीफ, बोले - 'देश ने साबित किया...'
राघव चड्ढा ने की भारत के डिजिटल मॉडल की तारीफ, बोले - 'देश ने साबित किया...'
PM मोदी के ‘नाराज फूफा’ वाले बयान पर खरगे का रिएक्शन, कहा - 'अफसोस है कि...'
PM मोदी के ‘नाराज फूफा’ वाले बयान पर खरगे का रिएक्शन, कहा - 'अफसोस है कि...'
Maruti Ertiga से लेकर Fronx तक, कंपनी इन मॉडल्स के ला रही फेसलिफ्ट
Maruti Ertiga से लेकर Fronx तक, कंपनी इन मॉडल्स के ला रही फेसलिफ्ट
एक एकड़ में अनार से कितना कमा सकते हैं किसान, जान लें हिसाब-किताब
एक एकड़ में अनार से कितना कमा सकते हैं किसान, जान लें हिसाब-किताब
Embed widget