कार के टायर में कील घुस गई, तुरंत निकालें या छोड़ दें? जानें क्या कहते हैं एक्सपर्ट
अगर आपकी कार के टायर में कील फंस जाए तो उसे तुरंत निकालना सही नहीं है. जानें टायर में लगी कील को कब तक लगा रहने दें, कब गाड़ी रोकें और टायर की मरम्मत कैसे होनी चाहिए.

सड़क पर गाड़ी चलाते समय टायर में कील या कोई नुकीली चीज घुस जाना आम बात है. कई बार कील टायर में फंसी दिखाई देती है, लेकिन हवा तुरंत बाहर नहीं निकलती. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल होता है कि कील को तुरंत निकाल दें या वैसे ही छोड़ दें? टायर एक्सपर्ट्स की सलाह है कि अगर कील टायर में फंसी है तो उसे खुद से निकालने की जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए. कील निकालते ही हवा तेजी से निकल सकती है और टायर अचानक पंचर हो सकता है. इसे खुद रिपेयर ना करे किसी भी टायर सही करने वाले को जरूर दिखाएं.
कील घुसते ही उसे निकालने की गलती न करें
अगर टायर के ट्रेड यानी सड़क के पास वाले हिस्से में कील फंसी हुई दिखाई दे रही है, तो उसे वहीं छोड़ना बेहतर है और जल्द से जल्द टायर वाले के पास दिखाना चाहिए. बाहर से देखकर यह पता नहीं चलता कि कील टायर के अंदर कितनी गहराई तक गई है. कील निकालने पर अगर छेद पूरा खुल गया तो टायर की हवा तेजी से कम होती है.
अगर हवा तेजी से निकल रही है तो गाड़ी न चलाएं
कील लगी होने के बाद अगर टायर की हवा तेजी से कम हो रही है या टायर लगभग बैठ गया है, तो गाड़ी चलाकर पंचर की दुकान तक जाना खतरनाक हो सकता है. ऐसे में स्पेयर टायर का इस्तेमाल करना या रोडसाइड असिस्टेंस बुलाना बेहतर विकल्प है. फ्लैट टायर पर गाड़ी चलाने से टायर के अंदर का हिस्सा भी खराब हो सकता है और बाद में उसे रिपेयर करना भी आसान नहीं रहता.
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हर कील वाला टायर बदलना जरूरी नहीं
टायर में कील लगने का मतलब यह नहीं कि पूरा टायर खराब हो गया. अगर पंचर टायर के ट्रेड वाले हिस्से में है, छेद छोटा है और टायर की अंदर की बॉडी को नुकसान नहीं हुआ है, तो उसे सही तरीके से रिपेयर किया जा सकता है. 6 मिमी तक के कुछ ट्रेड पंचर ठीक करने वाले के जरिए रिपेयर किए जा सकते हैं. लेकिन साइडवॉल यानी टायर की साइड में हुआ पंचर सुरक्षित तरीके से रिपेयर नहीं किया जा सकता. इसलिए अगर साइडवाल में पंक्चर हो तो टायर को बदल लेना चाहिएं.
सिर्फ बाहर से पंचर लगवाना सही तरीका नहीं
कई जगहों पर टायर में बाहर से प्लग डालकर तुरंत पंचर ठीक कर दिया जाता है, लेकिन इसे हर स्थिति में सही और स्थायी रिपेयर नहीं माना जाता. टायर को खोलकर अंदर से जांचना जरूरी है, क्योंकि बाहर से दिखाई न देने वाला नुकसान भी हो सकता है. सही रिपेयर में टायर को व्हील से उतारकर अंदर की स्थिति देखी जाती है और तकनीशियन जरूरत के हिसाब से पैच और प्लग से टायर को सही करता है.
कील साइडवॉल में लगी है तो मामला गंभीर
अगर कील या कोई दूसरी नुकीली चीज टायर के बीच वाले ट्रेड की जगह साइडवॉल में लगी है तो इसे सामान्य पंचर समझकर रिपेयर कराने की कोशिश नहीं करनी चाहिए. साइडवॉल टायर का महत्वपूर्ण हिस्सा होता है और यहां हुए नुकसान को सुरक्षित तरीके से ठीक करना सुरक्षित नहीं माना जाता. ऐसे मामले में टायर बदलने की जरूरत पड़ सकती है. इसलिए कील दिखाई देने पर सबसे पहले उसकी जगह देखें और अगर हवा कम हो रही है तो गाड़ी चलाने के बजाय टायर एक्सपर्ट से जांच करवाएं.
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