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Tomato Price: 3 रुपये किलो हुआ टमाटर... भाड़ा भी नहीं निकल पा रहा, अब किसान सड़क पर फेंक रहे

हरियाणा में टमाटर की हालत खराब हो गई है. यहां टमाटर महज 3 से 4 रुपये किलो के भाव से बिक रहा है. भाड़़ा भी निकलने से किसान गुस्से में टमाटर को सड़क पर फेंक रहे हैं.

Tomato Price In Haryana: रबी का सीजन भी किसानों के लिए संकट बन रहा है. मार्च में बारिश, ओलावृष्टि ने गेहूं, सरसों को खासा नुकसान पहुंचाया. किसानों के नुकसान की भरपाई तक नहीं हो पा रही है. कई राज्य में मिर्च, सेब की फसल भी बर्बाद होने की स्थिति में है. अब ताजा खबर टमाटर को लेकर सामने आ रही है. टमाटर की ये हालत हो गई है कि मंडी में 3 से 4 रुपये प्रति किलो ही बिक रहा है. इतने कम दामों में भाड़ा न निकलने से किसान परेशान है. 

सड़कों पर फेंक रहे टमाटर

टमाटर की ये दुर्दशा हरियाणा से सामने आई है. हरियाणा के चरखी दादरी क्षेत्र में टमाटर 3 से 4 रुपये किलो ही बिक रहा है. दरअसल, किसान टमाटर लेकर चरखी मंडी में बेचने के लिए पहुंचे. उन्हें कारोबारियों ने दाम महज 3 से 4 रुपये प्रति किलो ही बताए. इतने कम दाम सुनकर किसान भड़क गए. ट्रांसपोर्ट न निकलता देख उन्होंने सड़कों पर ही टमाटर फेंक दिया. 

डबल मार से किसान परेशान

हरियाणा के चरखी दादरी में बड़ी संख्या में किसान खेती बाड़ी से जुड़े हैं. मार्च में बारिश, ओलावृष्टि से गेहूं, सरसों समेत अन्य फसलों को नुकसान हुआ था. अब टमाटर की गति कीमतों ने किसान को परेशान कर दिया है. किसान इस समय दोहरी मार झेलने की स्थिति में नहीं है. 

क्यों हुई इतनी बुरी स्थिति

हरियाणा के कई जिलों में टमाटर की दुर्गति हो गई है. बताया गया है कि टमाटर की उपज इस बार बहुत अधिक हो गई है. जबकि इतनी खपत नहीं है. टमाटर न तोड़ पाने के कारण टमाटर खेत में ही सड़ने लगा है. किसान मंडी में टमाटर बेचने जा रहे हैं तो उन्हें मनमाफिक भाव ही नहीं मिल रहा है. ऐसी स्थिति में किसान क्या करें? सड़कों पर टमाटर फेंकना मजबूरी बन गई है. 

सरकारी सिस्टम का ये है कहना

हरियाणा के सरकारी तंत्र का कहना है कि कुछ क्षेत्रों में ओलावृष्टि, बारिश से टमाटर खराब हुआ है. कीट का प्रभाव भी टमाटर पर देखा जा रहा है. किसानों की मदद की हर सम्भव कोशिश की जा रही है. राज्य सरकार की कोशिश है कि टमाटर का उचित दाम किसानों को मिलना चाहिए

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