इलेक्ट्रॉनिक सामान पर बने X वाले डस्टबिन का क्या मतलब? ज्यादातर लोग नहीं जानते इसका असली कारण
Tech Tips: ये चिन्ह WEEE (Waste Electrical and Electronic Equipment) नियम का हिस्सा माना जाता है जिसे यूरोपीय संघ (EU) ने लागू किया है.

- पुराने इलेक्ट्रॉनिक्स को पुनर्चक्रण कंपनियों या निर्माताओं को सौंपना चाहिए।
Tech Tips: इलेक्ट्रॉनिक्स सामान खरीदते समय कई बार लोग उसपे छपे हुए चीजों को नजरअंदाज कर देते हैं. साथ ही ज्यादातर लोगों को उसका मतलब भी नहीं पता होता है. दरअसल, स्मार्टफोन, लैपटॉप और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक्स सामान पर डस्टबिन पर एक्स का साइन बना होता है जिसके बारे में ज्यादातर लोगों को नहीं पता होता है. आइए जानते हैं कि आखिर क्यों बना होता है ये साइन.
क्या होता है इस साइन का मतलब?
आपको बता दें कि ये चिन्ह WEEE (Waste Electrical and Electronic Equipment) नियम का हिस्सा माना जाता है जिसे यूरोपीय संघ (EU) ने लागू किया है. इसका सीधा मतलब है कि इस इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट को नॉर्मल घरेलू कूड़े के साथ नहीं फेंकना चाहिए. ऐसे डिवाइसों को अलग से इकट्ठा करके सुरक्षित तरीके से रीसाइक्लिंग के लिए भेजा जाना चाहिए.
हालांकि ये नियम यूरोप में लागू है लेकिन आज कई ग्लोबल कंपनियां अपने सभी प्रोडक्ट्स पर यही निशान प्रिंट करती हैं. इसलिए ये आपको भारत समेत दुनिया के कई देशों में बिकने वाले गैजेट्स पर भी देखने को मिल जाता है.
क्या अमेरिका में भी लागू है ये नियम?
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि अमेरिका में पूरे देश के लिए ऐसा कोई एक केंद्रीय कानून नहीं है जो इस निशान को जरूरी बनाता हो. फिर भी कई अंतरराष्ट्रीय कंपनियां एक ही डिजाइन के प्रोडक्ट दुनिया भर में बेचती हैं, इसलिए वहां भी ये निशान अक्सर दिखाई देता है. इसके अलावा अमेरिका के कई राज्यों ने ई-वेस्ट रीसाइक्लिंग से जुड़े अपने अलग नियम बनाए हुए हैं.
किन-किन डिवाइस पर मिलता है ये निशान?
दरअसल, ये सिंबल केवल मोबाइल फोन तक सीमित नहीं हैं. ये निशान आपको फ्रिज, वॉशिंग मशीन, लैपटॉप, टैबलेट, स्मार्टवॉच, टीवी, मॉनिटर, हेयर ड्रायर, टोस्टर और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट्स पर भी देखने को मिल जाएगा.
क्यों जरूरी होता है रिसाइक्लिंग?
आपको बता दें कि इलेक्ट्रॉनिक्स प्रोडक्ट्स में कई सारे कैमिकल होते हैं जो कूड़े में जाने के बाद कई तरह के रिएक्शन दे सकते हैं जो पर्यावरण के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है. इतना ही नहीं, ये मिट्टी तक में जाने के बाद उस जगह को भी प्रदूषित कर सकता है. इसीलिए हमेशा कहा जाता है कि किसी भी इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट जिस पर ये निशान बना हो उसे नॉर्मल कूड़ेदान में नहीं फेंकना चाहिए.
एक्सपर्ट्स सलाह देते हैं कि अगर आपका इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट खराब हो गया है तो उसे रिसाइक्लिंग कंपनियों में दे देना चाहिए. अब ज्यादातर स्मार्टफोन कंपनियां भी अपना रिसाइक्लिंग स्टोर खोल चुकी हैं जो आपके पुराने डिवाइस को ले लेती हैं.
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