राजस्थान के इन 3 जिलों में अब भी है ब्लैकआउट, जानें- सीजफायर के बाद भी क्यों लिया गया ये फैसला?
Blackout in Jaisalmer: राजस्थान के सीमावर्ती जैसलमेर जिले में सुरक्षा कारणों से लगातार चौथे दिन भी पूर्ण ब्लैकआउट जारी है. शाम 7:30 बजे से शुरू हुआ अंधेरा कल सुबह 6 बजे तक लागू रहेगा.

Blackout in Jaisalmer: राजस्थान (Rajasthan) के सीमावर्ती जिले जैसलमेर में चौथे दिन भी पूरी तरह से ब्लैकआउट जारी है. पाकिस्तान सीमा (Pakistan Border) से सटे इस संवेदनशील इलाके में सुरक्षा कारणों से लगातार चौथे दिन भी अंधेरा रखा गया है. आज (11 मई) शाम 7:30 बजे से शुरू हुआ ब्लैकआउट कल (12 मई) सुबह 6:00 बजे तक जारी रहेगा.
सीजफायर के दूसरे दिन भी जैसलमेर में यह ब्लैकआउट पूरी सख्ती से लागू किया गया है. चारों ओर घना अंधेरा और सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है. पुलिस और प्रशासन की गाड़ियां लगातार अनाउंसमेंट कर लोगों से घरों में रहने और लाइट बंद रखने की अपील कर रही हैं.
जैसलमेर समेत इन जगहों पर भी ब्लैकआउट लागू
जैसलमेर के अलावा बाड़मेर (Barmer) में ब्लैकआउट रात 8:00 बजे से शुरू हुआ. वहीं फतेहगढ़ (Fatehgarh) (झिंझिन्याली), बुरटिया, अनूपगढ़ (Anupgarh) और गंगानगर (Ganganagar) जैसे सीमावर्ती क्षेत्रों में भी ड्रोन गतिविधियों के चलते एहतियातन ब्लैकआउट लागू किया गया है.
जैसलमेर में शाम से ही बंद होने लगे बाजार
जैसलमेर में शाम होते ही बाजारों में दुकानें बंद होनी शुरू हो गई थीं, जबकि दिनभर बाजारों में सामान्य चहल-पहल देखी गई थी. प्रशासन का कहना है कि मौजूदा हालात के मद्देनजर ब्लैक आउट जारी रखना जरूरी है, जिससे किसी भी संभावित खतरे से निपटा जा सके.
#WATCH | Rajasthan: A precautionary blackout has been enforced in Jaisalmer.
— ANI (@ANI) May 11, 2025
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कई जिलों से ब्लैकआउट की पाबंदी हटी
जैसलमेर के अलावा राजस्थान के कुछ अन्य सीमावर्ती जिलों में भी आज ब्लैक आउट लागू किया गया है. हालांकि जोधपुर सहित कई जिलों में अब ब्लैक आउट की पाबंदी हटा ली गई है. जैसलमेर में ब्लैकआउट का व्यापक असर देखने को मिल रहा है, जहां जनजीवन पूरी तरह से थमा हुआ प्रतीत होता है. पुलिस और प्रशासन की गाड़ियां भी लगातार अनाउंसमेंट कर रही हैं
सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता और प्रशासन की मुस्तैदी के बीच आम जनता भी सहयोग करती नजर आ रही है. विशेषज्ञों का मानना है कि सीमावर्ती इलाकों में ऐसा ब्लैकआउट सुरक्षा रणनीति का अहम हिस्सा होता है, जिससे दुश्मन को किसी भी प्रकार की दृश्य सहायता न मिल सके. वहीं राजस्थान से सटे पंजाब जो पाकिस्तान से करीब 500 KM लंबी सीमा साझा करता है, वहां ब्लैकआउट हटा लिया गया है.
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Source: IOCL






















