राजस्थान में बारिश ने तोड़े रिकॉर्ड, सीएम भजनलाल शर्मा ने रातों-रात उठाया बड़ा कदम! जारी किए ये निर्देश
Rajasthan News: राजस्थान में भारी बारिश से प्रभावित इलाकों में बचाव कार्य तेज किए गए हैं. सीएम भजनलाल शर्मा ने राहत, स्वास्थ्य सेवाओं और फसल नुकसान मुआवजे पर सख्त निर्देश दिए.

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बारिश से प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य प्रभावी ढंग से संचालित हों, इसके लिए निर्देश जारी किया है. उन्होंने ये निर्देश अधिकारियों को शुक्रवार (5 सितंबर) को दिया है.
उन्होंने आवश्यक सेवाओं जैसे भोजन, स्वास्थ्य और नागरिक सुरक्षा की आपूर्ति सुचारू बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। राज्यभर में बचाव अभियान युद्धस्तर पर चलाए जा रहे हैं और संवेदनशील स्थानों पर चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं.
लगातार काम कर रही बचाव और राहत कार्य की टीमें
राज्य सरकार की ओर से जारी बयान के अनुसार, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और सिविल डिफेंस की टीमें लगातार काम कर रही हैं. अब तक 1,155 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है. राज्य में 62 एसडीआरएफ और 7 एनडीआरएफ की टीमें तैनात हैं. वायुसेना के हेलीकॉप्टर भी फंसे लोगों को निकालने में लगे हुए हैं. बारिश से डूबे इलाकों में राहत शिविर बनाए गए हैं, जहां भोजन, शुद्ध पेयजल और दवाओं की व्यवस्था की गई है.
फसलों का नुकसान और राहत पैकेज
भारी बारिश से खरीफ की फसलों को नुकसान पहुंचा है, जिसके लिए सरकार ने ‘गिर्दावरी’ प्रक्रिया शुरू कर दी है. जिन किसानों को 33% या उससे अधिक फसल हानि हुई है, उन्हें मुआवजा दिया जाएगा. जिला प्रशासन को स्कूल और आंगनवाड़ी भवनों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं.
12 जिलों में मरम्मत कार्यों के लिए 180.67 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं. इसमें 4,183 स्कूलों के लिए 83.66 करोड़, 930 आंगनवाड़ी केंद्रों के लिए 21.89 करोड़ और 3,128 सड़कों के लिए 64.34 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं.
बारिश का रिकॉर्ड और सीएम की अपील
राज्य में अब तक 608.65 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से 62.5% अधिक है. अजमेर, बूंदी, कोटा, टोंक, नागौर, सवाई माधोपुर, सीकर, धौलपुर, श्रीगंगानगर, जयपुर, जोधपुर और करौली सहित 22 जिलों में अत्यधिक बारिश दर्ज की गई है. मुख्यमंत्री ने जनता से अपील की कि वे मौसम विभाग और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें, जलाशयों के पास जाने से बचें और किसी भी आपात स्थिति में नियंत्रण कक्ष से तुरंत संपर्क करें.
Source: IOCL






















