अब्दुल बासित की गीदड़भभकी पर प्रियंका चतुर्वेदी की दो टूक, कहा- अगर थोड़े भी संकेत लगे तो...
शिवेसना यूबीटी सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने भारत में पाकिस्तान के पूर्व राजदूत रहे अब्दुल बासित की गीदड़भभकी पर तीखी टिप्पणी की है. उन्होंने कहा है कि भारत, हाथ पर हाथ रखकर बैठा नहीं रहेगा.

पाकिस्तान के पूर्व राजनयिक अब्दुल बासित ने एक टीवी शो में अपनी शर्मिंदगी को बचाने के लिए भारत पर हमले की बात कही है. भारत में पाकिस्तान के उच्चायुक्त रह चुके बासित ने एक टेलीविजन डिबेट में अमेरिका के हमले के जवाब में भारत पर हमले को लेकर शेखी बघारी. पाकिस्तान में टीवी चैनल पर सवालों का जवाब देते हुए गीदड़भभकी दी.
उनके इस बयान पर शिवेसना (उद्धव बाला साहब ठाकरे) की नेता और राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने प्रतिक्रिया दी है. शिवसेना (UBT) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने पाकिस्तान के पूर्व उच्चायुक्त अब्दुल बासित द्वारा भारते को लेकर दिए गए बयान पर कहा, 'जो ये बोल रहे हैं इतना हास्यास्पद है. इनको लगता है भारत हाथ पर हाथ रखकर बैठा रहेगा और सबसे पहले तो ये जो अब्दुल बासित हैं, उनको बताएं कि भारत पर इतना फोकस डाल-डाल कर अपना मानसिक संतुलन सारे पाकिस्तानी खो बैठे हैं, खासकर वो जो पाकिस्तानी सत्ता में हैं और इस तरीके की बयानबाजी कर रहे हैं.'
इंडिया खुद सक्षम- प्रियंका चतुर्वेदी
उन्होंने कहा कि इंडिया खुद सक्षम है. अगर हमें थोड़े भी संकेत लगे तो पाकिस्तान और अमेरिका से पहले इंडिया ही उनको जवाब देगा.
अब्दुल बासित ने टीवी डिबेट में कहा, 'मान लीजिए, ईरान में हालात खराब हो जाते हैं. इजरायल हमारे पड़ोस में आकर बैठ जाता है. ऐसे हालात बन जाते हैं कि जहां अमेरिका भी हमारे न्यूक्लियर प्रोग्राम को बुरी नजर से देखता है, या फिर हमारे परमाणु क्षमता को तबाह करने की कोशिश करता है, जो नामुमकिन.'
बासित आगे बोले, 'लेकिन, मैं सबसे बुरे हालात की बात कर रहा हूं, जो कि नामुमकिन है, क्योंकि पाकिस्तान की इतनी क्षमता है कि वह अपनी रक्षा कर सके. लेकिन, अगर कोई ऐसे हालात बन जाते हैं कि अगर अमेरिका ने पाकिस्तान पर हमला कर दिया… हमारे न्यूक्लियर रेंज में अमेरिका नहीं है, हम क्षेत्रीय इलाकों में उनके अड्डों पर भी नहीं पहुंच सकते या हम इजरायल पर भी हमला नहीं कर सकते, तो हमारे लिए क्या रास्ता होगा.'
'बिना सोचे समझे भारत पर हमला कर देना...'
फिर अटपटा सा बयान दिया. बासित बोले, 'हमने तो देखिए, और कुछ नहीं करना. अगर हमारी रेंज अमेरिका तक न भी हुई और हम पर तो किसी ने बुरी नजर डाली, तो हमें तो बिना सोचे समझे भारत पर हमला कर देना है. मुंबई पर कर देना है, नई दिल्ली पर कर देना है. हमें तो छोड़ना नहीं है. देखी जाएगी, जो कुछ बाद में होता है. हमारे पास और कोई रास्ता नहीं होगा, अगर अमेरिका हम पर हमला करता है, जो कि नामुमकिन है. तो ये बात जान लेनी चाहिए दुनिया को कि अगर हम पर किसी ने बुनी निगाह डाली, तो हम जवाब दिए बिना पीछे नहीं हटेंगे.'
अपनी बात को विराम देते हुए बासित ने कहा कि हालांकि भारत भी ऐसा नहीं चाहेगा और न हम ऐसी कोई स्थिति चाहते हैं. हम चाहेंगे कि वे हमें मैली आंखों से न देखें.
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Source: IOCL



























