एक्सप्लोरर

MP News: मध्य प्रदेश में 10% तक महंगी हो जाएगी बिजली? जानिए- कितना पड़ेगा जेब पर भार

MP News: मध्य प्रदेश की तीन सरकारी बिजली कंपनियों (public power companies) के द्वारा बिजली के दाम बढ़ाने प्रस्तुत टैरिफ याचिका का विभिन्न संगठनों ने विरोध (Oppose) जताया है.

MP News: मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की तीन सरकारी बिजली कंपनियों (public power companies) के द्वारा बिजली (Lightning) के दाम बढ़ाने प्रस्तुत टैरिफ याचिका का विभिन्न संगठनों ने विरोध (Oppose) जताया है. टैरिफ याचिका पर मंगलवार से सुनवाई शुरू हो गई है. मध्य प्रदेश विद्युत नियामक आयोग (Electricity Regulatory Commission) वर्चुअल तरीके से सभी आपत्तिकर्ताओं की आपत्तियों को सुन रहा है. पहले दिन 16 आपत्तिकर्ताओं ने अपनी बात रखी.

जबलपुर के क्षेत्र से हो रही शुरुआत
सुनवाई की शुरुआत पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी,  जबलपुर के क्षेत्र वाले जिलों से की गई है. जबलपुर में महाकौशल चेंबर ऑफ कॉमर्स,जबलपुर चेम्बर ऑफ कॉमर्स महाकौशल उद्योग संघ,नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच,लघु व्यापारी संघ समेत कई सामाजिक संगठनों और बिजली के जानकारों द्वारा टैरिफ याचिका पर आपत्तियां दायर की गई है. इन आपत्तियों में प्रस्तावित बिजली बढ़ोतरी दर का विरोध तो किया ही गया है साथ ही बिजली कंपनियों की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए गए हैं.

MP Corona Update: मध्य प्रदेश में मंगलवार को मिले 82 नए कोरोना मामले, नहीं हुई किसी मरीज की मौत

खरीदी जा रही है महंगी बिजली
महाकोशल चेम्बर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष रवि गुप्ता का कहना है कि मध्य प्रदेश में उद्योग जगत गुजरात और छत्तीसगढ़ की तुलना में 35 फीसदी महंगी बिजली खरीद रहा है. प्रस्तावित याचिकाओं में विद्युत कंपनियों के द्वारा 39 सौ करोड़ रुपए का जो घाटा दर्शाया गया है, उसके लिए जिम्मेदार खुद विद्युत कंपनियां ही है. लघु व्यापारी संघ के अध्यक्ष अखिल मिश्रा ने सुनवाई के दौरान मध्य प्रदेश में लघु और मध्यम उद्योगों एवं दुकानदारों के लिए 50 यूनिट से 100 यूनिट तक रियायत देने की मांग की. इसके साथ ही घरेलू उपभोक्ताओं पर लगने वाले फिक्स चार्ज को भी कम करने की मांग की गई है. जबलपुर चेंबर ऑफ कॉमर्स की ओर उपाध्यक्ष हिमांशु खरे से कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों में लगातार बिजली ट्रैपिंग की वजह से औद्योगिक इकाइयों को खासा नुकसान झेलना पड़ रहा है, क्योंकि विद्युत ट्रैपिंग की वजह से मशीनें खराब हो जाती है. साथ ही उत्पादन भी प्रभावित होता है. बिजली कंपनियों की लापरवाही की वजह से विद्युत ट्रिपिंग होती है. कुल मिलाकर कहा जाए तो सभी आपत्तिकर्ताओं ने प्रस्तावित बिजली दर बढ़ोतरी का विरोध किया है और विद्युत नियामक आयोग से मांग की है कि बिजली कंपनियां मध्य प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं पर और अधिक भार ना डालें.

नुकसान का किया जा रहा भरपाई
गौरतलब है कि बिजली कंपनी ने साल 2020-21 में हुए नुकसान की भरपाई के लिए मध्य प्रदेश विद्युत नियामक आयोग के पास 4981 करोड़ रुपये की राशि वसूलने के लिए याचिका दायर की है. बिजली सम्बंधी मामलों के जानकार एडवोकेट राजेंद्र अग्रवाल ने इस पर आपत्ति लगाते हुए कई गंभीर आरोप भी लगाए हैं. अग्रवाल ने आपत्ति में कहा है कि प्रदेश में सरप्लस बिजली के बावजूद सालाना 3324 करोड़ रुपये ऐसे पावर प्लांटों को दिए जाते हैं,जिनसे बिजली ली ही नहीं जाती है. पॉवर मैनेजमेंट कंपनी की तरफ से कई ऐसे पॉवर परचेस एग्रीमेंट हुए हैं, जिस वजह से बिना बिजली लिए ही उन्हें फिक्स राशि भुगतान करने का प्रावधान है.

कितने बढ़ेंगे दाम
राज्य की तीनों सरकारी बिजली कंपनियों की टैरिफ याचिका में घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 9.97% की वृद्धि और कृषि क्षेत्र के लिए 10.6% बिजली दाम में बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया गया है. इसके साथ साथ विभिन्न श्रेणी के उपभोक्ताओं के लिए भी अलग-अलग दरों से बिजली के दाम बढ़ाने का प्रस्ताव रखा गया है.

यह भी पढ़ें-

MP Budget Today: मध्य प्रदेश में आज पेश होगा शिवराज सरकार का बजट, बच्चों के लिए की गई है खास तैयारी

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

पूरे उत्तर भारत में 5 डिग्री पहुंचेगा पारा, यूपी-दिल्ली से बिहार तक हालत खराब, मौसम विभाग की नई चेतावनी
पूरे उत्तर भारत में 5 डिग्री पहुंचेगा पारा, यूपी-दिल्ली से बिहार तक हालत खराब, मौसम विभाग की नई चेतावनी
UP Weather: लखनऊ से अयोध्या तक सर्दी का सितम, 25 जिलों में कोल्ड-डे! जानें आपके शहर का हाल
यूपी का मौसम: लखनऊ से अयोध्या तक सर्दी का सितम, 25 जिलों में कोल्ड-डे! जानें आपके शहर का हाल
Bangladesh Diesel Import: भारत के बिना बांग्लादेश का नहीं चल रहा काम, यूनुस ने पहले चावल मांगे और अब 1.8 लाख टन डीजल चाहिए
भारत के बिना बांग्लादेश का नहीं चल रहा काम, यूनुस ने पहले चावल मांगे और अब 1.8 लाख टन डीजल चाहिए
मुस्तफिजुर रहमान को IPL से निकाला गया तो क्या बांग्लादेश ने रिद्धिमा पाठक को BPL से निकाल कर लिया बदला? जानिए सच्चाई
मुस्तफिजुर रहमान को IPL से निकाला गया तो क्या बांग्लादेश ने रिद्धिमा पाठक को BPL से निकाल कर लिया बदला? जानिए सच्चाई

वीडियोज

Air Fare Hike: किराए अचानक क्यों और कैसे बढ़ गए, DGCA ने एयरलाइंस से मांगा जवाब | Breaking
Janhit with Chitra Tripathi: Turkman Gate Violence में ‘अफवाह गैंग’ का पर्दाफाश, Viral Video में कैद
Turkman Gate Row: अवैध अतिक्रमण के खिलाफ बुलडोजर एक्शन के दौरान बवाल क्यों? | Delhi
Sandeep Chaudhary ने आंकड़ों से दिखायाSourabh Malviya को आईना! | UP SIR Draft List | BJP | SP
Turkman Gate Row: मस्जिद को तोड़ने की थी साजिश..तुर्कमान गेट बवाल का असली सच क्या? | Delhi

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.72 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.62 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
पूरे उत्तर भारत में 5 डिग्री पहुंचेगा पारा, यूपी-दिल्ली से बिहार तक हालत खराब, मौसम विभाग की नई चेतावनी
पूरे उत्तर भारत में 5 डिग्री पहुंचेगा पारा, यूपी-दिल्ली से बिहार तक हालत खराब, मौसम विभाग की नई चेतावनी
UP Weather: लखनऊ से अयोध्या तक सर्दी का सितम, 25 जिलों में कोल्ड-डे! जानें आपके शहर का हाल
यूपी का मौसम: लखनऊ से अयोध्या तक सर्दी का सितम, 25 जिलों में कोल्ड-डे! जानें आपके शहर का हाल
Bangladesh Diesel Import: भारत के बिना बांग्लादेश का नहीं चल रहा काम, यूनुस ने पहले चावल मांगे और अब 1.8 लाख टन डीजल चाहिए
भारत के बिना बांग्लादेश का नहीं चल रहा काम, यूनुस ने पहले चावल मांगे और अब 1.8 लाख टन डीजल चाहिए
मुस्तफिजुर रहमान को IPL से निकाला गया तो क्या बांग्लादेश ने रिद्धिमा पाठक को BPL से निकाल कर लिया बदला? जानिए सच्चाई
मुस्तफिजुर रहमान को IPL से निकाला गया तो क्या बांग्लादेश ने रिद्धिमा पाठक को BPL से निकाल कर लिया बदला? जानिए सच्चाई
Ikkis BO Day 7: अगस्तय नंदा की 'इक्कीस' का बॉक्स ऑफिस पर कैसा रहा हाल? जानें 7 दिनों की पूरी रिपोर्ट
अगस्तय नंदा की 'इक्कीस' का बॉक्स ऑफिस पर कैसा रहा हाल? जानें एक हफ्ते की पूरी रिपोर्ट
रोज 100 किमी स्कूल पढ़ाने जाता है ये शिक्षक, फिर भी नहीं चाहता ट्रांसफर- भावुक कर देगी वजह, वीडियो वायरल
रोज 100 किमी स्कूल पढ़ाने जाता है ये शिक्षक, फिर भी नहीं चाहता ट्रांसफर- भावुक कर देगी वजह
पिंपल्स के बाद रह गए गड्ढे? बिना महंगे ट्रीटमेंट के इन तरीकों से पाएं स्मूद स्किन
पिंपल्स के बाद रह गए गड्ढे? बिना महंगे ट्रीटमेंट के इन तरीकों से पाएं स्मूद स्किन
इंजीनियरिंग की पढ़ाई करनी है? पहले समझ लें BE और B Tech का अंतर
इंजीनियरिंग की पढ़ाई करनी है? पहले समझ लें BE और B Tech का अंतर
Embed widget