UCC का JDU ने किया 'विरोध', अब चिराग पासवान ने भी साफ कर दिया रुख
चिराग पासवान ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि भारत में हर वर्ग के अपने रीति-रिवाज हैं. उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी विविधता और समानता दोनों की पक्षधर है.

यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर सियासी संग्राम शुरू हो गया है. बिहार एनडीए में विरोध के स्वर सुनाई दिए. जेडीयू नेता श्याम रजक ने कहा कि किसी भी कीमत पर यह कानून बिहार में लागू नहीं होगा. जेडीयू के बाद अब बीजेपी के सहयोगी चिराग पासवान ने भी रुख साफ कर दिया है.
चिराग पासवान ने कहा कि उनकी पार्टी समानता और विविधता दोनों को लेकर प्रतिबद्ध है. उन्होंने कहा कि यूसीसी का प्रारूप सार्वजनिक होने के बाद उनकी पार्टी अपना पक्ष रखेगी.
भारत का सामाजिक ताना-बाना विविधतापूर्ण- चिराग
अपने एक्स पोस्ट में चिराग पासवान ने कहा, "भारत का सामाजिक ताना-बाना विविधतापूर्ण है. हर वर्ग की अपनी नागरिक परंपराएं और रीति-रिवाज हैं. संविधान ने स्वयं इसे स्वीकार किया है- पांचवीं-छठी अनुसूची, अनुच्छेद 371A व 371G, और अब तक की हर संहिता में अनुसूचित जनजातियों को दी गई छूट इसका प्रमाण है. मेरी पार्टी लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) समानता और विविधता - दोनों के प्रति प्रतिबद्ध है. प्रारूप सार्वजनिक हो, सभी हितधारकों के हितों का अवलोकन हो, व्यापक विचार-विमर्श हो."
भारत का सामाजिक ताना-बाना विविधतापूर्ण है। हर वर्ग की अपनी नागरिक परंपराएँ और रीति-रिवाज हैं।
— युवा बिहारी चिराग पासवान (@iChiragPaswan) September 14, 2026
संविधान ने स्वयं इसे स्वीकार किया है - पाँचवीं-छठी अनुसूची, अनुच्छेद 371A व 371G, और अब तक की हर संहिता में अनुसूचित जनजातियों को दी गई छूट इसका प्रमाण है।
मेरी पार्टी लोक जनशक्ति…
गृह मंत्री अमित शाह ने क्या कहा था?
गृहमंत्री अमित शाह ने मुंबई में रविवार (13 सितंबर) को कहा कि 21 राज्यों की बीजेपी-नीत एनडीए की सरकारें 2029 से पहले समान यूसीसी लागू करेंगी. उन्होंने कहा, ‘‘तीन तलाक को समाप्त करके मुस्लिम महिलाओं को समान अधिकार दिए गए हैं. हमने कई राज्यों में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू की है और मुझे विश्वास है कि बीजेपी-एनडीए शासित 21 राज्यों में 2029 से पहले यूसीसी लागू कर दिया जाएगा.’’
हमारी पार्टी बिहार में UCC लागू करने के पक्ष में नहीं- रजक
जेडीयू नेता श्याम रजक ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘‘इस मुद्दे पर हमारे नेता (नीतीश कुमार) ने बहुत पहले ही पार्टी का रुख स्पष्ट कर दिया है. उन्होंने कहा था कि हमारी पार्टी संसद में यूसीसी विधेयक का समर्थन कर रही है, लेकिन बिहार में इसे लागू किए जाने के पक्ष में नहीं है.’’
यूसीसी बीजेपी की 'नफरत की राजनीति' का संकेत- आरजेडी
इस बीच, प्रमुख विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल आरजेडी ने आरोप लगाया कि यूसीसी बीजेपी की 'नफरत की राजनीति' का संकेत है और इससे मुस्लिम समुदाय प्रभावित होगा. आरजेडी राजद प्रवक्ता शक्ति यादव ने एक बयान में कहा, ‘‘हाल के दिनों में बीजेपी को कई राजनीतिक झटके लगे हैं, इसलिए वह एक बार फिर अपनी पुरानी नफरत की राजनीति पर लौट आई है.’’
हम बिहार में यूसीसी लागू नहीं- आरजेडी
आरजेडी नेता ने कहा, ‘‘लेकिन बीजेपी को याद रखना चाहिए कि यह बिहार है, जहां धर्मनिरपेक्षता लोगों की रगों में बहती है. मुसलमानों को नुकसान पहुंचाने वाला कोई भी कदम उठाया गया तो राजद चुप नहीं बैठेगा. हम बिहार में यूसीसी लागू नहीं होने देंगे.
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