IND vs ENG 5th Test: गंभीर के सामने अग्निपरीक्षा! इंग्लैंड से सीरीज हारे तो सब्र खो देंगे भारतीय फैंस, पूर्व कप्तान का बड़ा बयान
गौतम गंभीर के कोच रहते भारत पहले ही दो टेस्ट सीरीज हार चुका है. ऐसे में टीम अगर इंग्लैंड के खिलाफ अंतिम मुकाबले में भी हार जाती है, तो तीसरी हार के साथ गंभीर के कोचिंग भविष्य पर संकट गहरा सकता है.

IND vs ENG 5th Test: इंग्लैंड के खिलाफ चल रही टेस्ट सीरीज का अंतिम मुकाबला टीम इंडिया के लिए करो या मरो जैसा बन गया है. ओवल के मैदान पर खेला जाने वाला ये आखिरी टेस्ट न सिर्फ सीरीज का फैसला करेगा, बल्कि टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर के भविष्य पर भी बड़ा असर डाल सकता है. अगर भारत यह टेस्ट हारता है तो इंग्लैंड 3-1 से सीरीज जीत जाएगा और भारत को लगातार तीसरी टेस्ट सीरीज में हार का सामना करना पड़ेगा.
इंग्लैंड के पूर्व कप्तान ने कही ये बात
इस बीच, इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल एथरटन ने भी भारतीय टीम पर बढ़ते दबाव को लेकर अपनी राय रखी है. स्काय स्पोर्ट्स क्रिकेट (Sky Sports Cricket) से बात करते हुए एथरटन ने कहा, "भारत इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ 3-0 से घरेलू सीरीज हार गया था और फिर बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में भी 3-1 से हार का सामना करना पड़ा था. अगर वे इंग्लैंड से यह भी सीरीज हार जाते हैं तो कोच के तौर पर गंभीर पर सवाल उठना तय हैं."
सब्र खो देंगे भारतीय फैंस
एथरटन ने यह भी कहा कि भारत जैसी शानदार क्रिकेट टीम से हर मुकाबले में जीत की उम्मीद की जाती है. उन्होंने बातचीत के दौरान आगे कहा, "भारत एक ऐसा देश है जहां लोगों का सब्र जल्दी जवाब दे देता है. इतनी बड़ी जनसंख्या और सुविधाओं के होने से भारतीय टीम से हर बार जीत की उम्मीद होती है. ऐसे में अगर टीम अगर लगातार तीसरी टेस्ट सीरीज गंवा देती है, तो गंभीर के बतौर कोच हालात काफी मुश्किल हो सकते हैं."
कैसा रहा गंभीर का कार्यकाल
गौतम गंभीर ने जब बतौर कोच भारतीय टीम की कमान संभाली थी, तो इसे एक आक्रामक और बेहतर रणनीतिक फैसला माना जा रहा था. उनके अभी तक के कार्यकाल में भारत ने सीमित ओवरों के फॉर्मेट में शानदार प्रदर्शन किया है, जिसमें इस साल की चैम्पियंस ट्रॉफी जीत भी शामिल है, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में टीम का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा है.
पिच विवाद ने बढ़ाई टेंशन
हाल ही में ओवल टेस्ट से पहले मैदान के बाहर भी विवाद देखने को मिला था. रिपोर्ट्स के मुताबिक, गंभीर और ओवल के क्यूरेटर ली फोर्टिस के बीच पिच को लेकर तीखी बहस हुई थी. दरअसल, गंभीर को पिच के पास जाकर मुआयना करने की इजाजत नहीं दी गई थी, जिससे नाराज होकर उन्होंने विरोध जताया था. इस विवाद ने मैच से पहले माहौल को और गरमा दिया है.
सीरीज का दबाव और गंभीर की अग्नि परीक्षा
भारत के पास सीरीज को 2-2 से बराबर करने का आखिरी मौका है. कप्तान शुभमन गिल की अगुवाई वाली टीम से भारतीय फैंस को इस निर्णायक मुकाबले में एक मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद है. अगर टीम जीतती है, तो गंभीर को राहत मिल सकती है, लेकिन अगर टीम ये मुकाबला हार जाती है तो टीम मैनेजमेंट और कोचिंग स्टाफ पर बवाल होना तय है.
Source: IOCL

















