एक्सप्लोरर

दशहरे की इस अनोखी रस्म में उमड़ा जनसैलाब, बस्तरवासियों ने किया मावली देवी की डोली का स्वागत

Bastar News: बस्तर में नवमी के दिन मनाई जाने वाली मावली परघाव की रस्म को देखने के लिए बड़ी संख्या लोग पहुंचे. इस दिन दंतेवाड़ा से मावली देवी की डोली को जगदलपुर के दंतेश्वरी मंदिर लाया जाता है.

Bastar News: बस्तर में नवमी के दिन मनाई जाने वाली मावली परघाव की रस्म को देखने के लिए बड़ी संख्या लोग पहुंचे. इस दिन दंतेवाड़ा से मावली देवी की डोली को जगदलपुर के दंतेश्वरी मंदिर लाया जाता है.

मावली देवी परघाव की रस्म निभाते बस्तरवासी.

1/7
छत्तीसगढ़ के 'बस्तर दशहरा' पर्व की महत्वपूर्ण मावली परघाव की रस्म नवरात्रि के नवमी के दिन शिनवार (12 अक्तूबर) को की गई. दो देवियों के मिलन की ये रस्म जगदलपुर दंतेश्वरी मंदिर के परिसर में की गई. परंपरा के अनुसार, इस रस्म में शक्तिपीठ दंतेवाड़ा से मावली देवी की क्षत्र और डोली को जगदलपुर के दंतेश्वरी मंदिर लाया जाता है, जिसका स्वागत बस्तर के राजकुमार और बस्तरवासियों द्वारा किया जाता है.
छत्तीसगढ़ के 'बस्तर दशहरा' पर्व की महत्वपूर्ण मावली परघाव की रस्म नवरात्रि के नवमी के दिन शिनवार (12 अक्तूबर) को की गई. दो देवियों के मिलन की ये रस्म जगदलपुर दंतेश्वरी मंदिर के परिसर में की गई. परंपरा के अनुसार, इस रस्म में शक्तिपीठ दंतेवाड़ा से मावली देवी की क्षत्र और डोली को जगदलपुर के दंतेश्वरी मंदिर लाया जाता है, जिसका स्वागत बस्तर के राजकुमार और बस्तरवासियों द्वारा किया जाता है.
2/7
हर साल की तरह इस साल भी यह रस्म धूमधाम से मनाई गई. नवरात्रि के नवमी के दिन मनाई जाने वाली इस रस्म को देखने के लिए बड़ी संख्या लोग पहुंचे. मान्यता के अनुसार बीते 600 सालों से इस रस्म को धूमधाम से मनाया जा रहा है. बस्तर के तत्कलीन महाराजा रूद्र प्रताप सिंह द्वारा माई के डोली का भव्य स्वागत किया जाता था, वो परंपरा आज भी वैसे ही निभाई जाती है.
हर साल की तरह इस साल भी यह रस्म धूमधाम से मनाई गई. नवरात्रि के नवमी के दिन मनाई जाने वाली इस रस्म को देखने के लिए बड़ी संख्या लोग पहुंचे. मान्यता के अनुसार बीते 600 सालों से इस रस्म को धूमधाम से मनाया जा रहा है. बस्तर के तत्कलीन महाराजा रूद्र प्रताप सिंह द्वारा माई के डोली का भव्य स्वागत किया जाता था, वो परंपरा आज भी वैसे ही निभाई जाती है.
3/7
परंपरा के अनुसार देवी मावली कनार्टक राज्य के मलवल्य गांव की देवी हैं, जो छिंदक नागवंशीय राजाओं द्वारा उनके बस्तर के शासन काल में आई थीं. छिंदक नागवंशी राजाओं ने नौंवी से चौदंहवी शताब्दी तक बस्तर में शासन किया. इसके बाद चालुक्य राजा अन्नम देव ने जब बस्तर में अपना नया राज्य स्थापित किया, तब उन्होंने देवी मावली को अपनी कुलदेवी माना.
परंपरा के अनुसार देवी मावली कनार्टक राज्य के मलवल्य गांव की देवी हैं, जो छिंदक नागवंशीय राजाओं द्वारा उनके बस्तर के शासन काल में आई थीं. छिंदक नागवंशी राजाओं ने नौंवी से चौदंहवी शताब्दी तक बस्तर में शासन किया. इसके बाद चालुक्य राजा अन्नम देव ने जब बस्तर में अपना नया राज्य स्थापित किया, तब उन्होंने देवी मावली को अपनी कुलदेवी माना.
4/7
मावली देवी का यथोचित सम्मान और स्वागत करने के लिए मावली परघाव रस्म शुरू की गई. इतिहासकारों के मुताबिक, नवमी  के दिन दंतेवाड़ा से आई मावली देवी की डोली का स्वागत करने राजा, राजगुरू और पुजारी नंगे पांव राजमहल से मंदिर के प्रांगण तक आते हैं.
मावली देवी का यथोचित सम्मान और स्वागत करने के लिए मावली परघाव रस्म शुरू की गई. इतिहासकारों के मुताबिक, नवमी के दिन दंतेवाड़ा से आई मावली देवी की डोली का स्वागत करने राजा, राजगुरू और पुजारी नंगे पांव राजमहल से मंदिर के प्रांगण तक आते हैं.
5/7
इसके बाद उनकी अगुवाई और पूजा अर्चना के बाद देवी की डोली को कंधे पर उठाकर राजमहल में स्थित देवी दंतेश्वरी के मंदिर में लाया जाता है. दशहरे के समापन पर इनकी ससम्मान विदाई होती है.
इसके बाद उनकी अगुवाई और पूजा अर्चना के बाद देवी की डोली को कंधे पर उठाकर राजमहल में स्थित देवी दंतेश्वरी के मंदिर में लाया जाता है. दशहरे के समापन पर इनकी ससम्मान विदाई होती है.
6/7
दंतेवाड़ा में विराजमान मावली माता का जगदलपुर में विराजमान दंतेश्वरी देवी से मिलन कराने वाली इस परंपरा को कई सदियों से बस्तर के राजाओं द्वारा निभाया जाता रहा है. दोनों देवियों के मिलन के बाद यह रस्म पूरी होती है. इस रस्म की खास बात यह होती है कि स्थानीय लोग अपने हाथों में दीये रख मावली माता कि डोली का स्वागत करते हैं.
दंतेवाड़ा में विराजमान मावली माता का जगदलपुर में विराजमान दंतेश्वरी देवी से मिलन कराने वाली इस परंपरा को कई सदियों से बस्तर के राजाओं द्वारा निभाया जाता रहा है. दोनों देवियों के मिलन के बाद यह रस्म पूरी होती है. इस रस्म की खास बात यह होती है कि स्थानीय लोग अपने हाथों में दीये रख मावली माता कि डोली का स्वागत करते हैं.
7/7
इस रस्म का मुख्य सार दंतेश्वरी देवी द्वारा मावली माता को दशहरा पर्व के लिए जगदलपुर बुलाना होता है. सदियों से चली आ रही इस रस्म में दोनों देवियों के मिलन के बाद प्रसिद्ध दशहरा पर्व रस्म की शुरूआत की जाती है.
इस रस्म का मुख्य सार दंतेश्वरी देवी द्वारा मावली माता को दशहरा पर्व के लिए जगदलपुर बुलाना होता है. सदियों से चली आ रही इस रस्म में दोनों देवियों के मिलन के बाद प्रसिद्ध दशहरा पर्व रस्म की शुरूआत की जाती है.

छत्तीसगढ़ फोटो गैलरी

Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

विभाजन पर अखिलेश यादव के बयान पर केशव मौर्य का पलटवार, बोले- 'गंदी सोच...'
विभाजन पर अखिलेश यादव के बयान पर केशव मौर्य का पलटवार, बोले- 'गंदी सोच...'
रांची प्रोटेस्ट: JPSC JSSC अभ्यर्थियों का बड़ा ऐलान, सभी जिलों में होगा पुतला दहन
रांची प्रोटेस्ट: JPSC JSSC अभ्यर्थियों का बड़ा ऐलान, सभी जिलों में होगा पुतला दहन
'चुनाव आ रहे हैं, अब कोई भी...', अखिलेश यादव ने नेताओं को दी खास हिदायत
'चुनाव आ रहे हैं, अब कोई भी...', अखिलेश यादव ने नेताओं को दी खास हिदायत
स्वतंत्रता दिवस पर चंद्रशेखर आजाद का 10 सूत्रीय युवा संकल्प पत्र, 2 करोड़ रोजगार का वादा
स्वतंत्रता दिवस पर चंद्रशेखर आजाद का 10 सूत्रीय युवा संकल्प पत्र, 2 करोड़ रोजगार का वादा

वीडियोज

Bollywood News: विजय के Independence Day मंच पर तृषा की मौजूदगी, एक पल ने खींचा ध्यान (15.08.26)
Jagadhatri: 😯Janvi ने Jagadhatri को किया टीम से बाहर, फिर भी कॉलेज पहुंची Jagadhatri #sbs
Independence Day 2026: Rang De Basanti से Border तक, ये Patriotic Films जरूर देखें
Rhea Chakraborty ने Sushant Singh Rajput Case पर कहा, ‘Kaafi Saal Kar Liya Maine’
Rajasthan Patties Case | Sansani: 'मौत वाली पैटीज' से बच्चों को बचाओ ! | Crime News

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'मां से पूछो ...',  BJP प्रदेश अध्यक्ष के CM विजय पर दिए बयान पर विवाद
'मां से पूछो ...', BJP प्रदेश अध्यक्ष के CM विजय पर दिए बयान पर विवाद
स्वतंत्रता दिवस पर चंद्रशेखर आजाद का 10 सूत्रीय युवा संकल्प पत्र, 2 करोड़ रोजगार का वादा
स्वतंत्रता दिवस पर चंद्रशेखर आजाद का 10 सूत्रीय युवा संकल्प पत्र, 2 करोड़ रोजगार का वादा
'आप हद में रहिए...', सुनीता आहूजा को 'शुगर डैडी' वाले बयान पर गोविंदा का करारा जवाब
'आप हद में रहिए...', सुनीता आहूजा को 'शुगर डैडी' वाले बयान पर गोविंदा का करारा जवाब
21वीं सदी में शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय, देवदत्त पडिक्कल का पहले टेस्ट में कमाल
21वीं सदी में शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय, देवदत्त पडिक्कल का पहले टेस्ट में कमाल
मक्का में बारिश के बाद बढ़ जाते हैं ये कीट, ऐसे करें बचाव
मक्का में बारिश के बाद बढ़ जाते हैं ये कीट, ऐसे करें बचाव
हिंदुओं को बर्दाश्त..., जरदारी के जहरीले बयान ने खोली पाकिस्तान की पोल
हिंदुओं को बर्दाश्त..., जरदारी के जहरीले बयान ने खोली पाकिस्तान की पोल
Video: 5 घंटे से पानी में पड़े शख्स को पुलिस ने समझा शव, निकालने गए तो उठकर बैठा
5 घंटे से पानी में पड़े शख्स को पुलिस ने समझा शव, निकालने गए तो उठकर बैठा
Pickle Storage Tips: अचार में पड़ने लगी है फफूंदी, इसे ऐसे बचाएं
अचार में पड़ने लगी है फफूंदी, इसे ऐसे बचाएं
Embed widget