व्हाइट हाउस डिनर प्रोग्राम में जिस सीक्रेट सर्विस ने बचाई ट्रंप की जान, वो कैसे करती है काम? जानें एक-एक डिटेल
United States Secret Service: सीक्रेट सर्विस की स्थापना साल 1865 में हुई थी. शुरुआत में इसका काम नकली करेंसी पर रोक लगाना था, लेकिन साल 1901 में राष्ट्रपति की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी इसे सौंप दी गई.

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सुरक्षा दुनिया की सबसे सख्त और हाई-टेक सुरक्षा व्यवस्थाओं में गिनी जाती है, और इसकी जिम्मेदारी संभालती है अमेरिकी सीक्रेट सर्विस. हाल के सुरक्षा घटनाक्रमों के बाद यह एजेंसी फिर चर्चा में आ गई है.
1865 में हुई स्थापना, बाद में मिली राष्ट्रपति सुरक्षा की जिम्मेदारी
सीक्रेट सर्विस की स्थापना साल 1865 में हुई थी. शुरुआत में इसका मुख्य काम नकली करेंसी (जाली नोट) पर रोक लगाना था, लेकिन साल 1901 में अमेरिकी राष्ट्रपति की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी इसी एजेंसी को सौंप दी गई. तब से लेकर आज तक यह एजेंसी देश के शीर्ष नेताओं की सुरक्षा का अहम स्तंभ बनी हुई है.
किन-किन लोगों की सुरक्षा करती है सीक्रेट सर्विस
सीक्रेट सर्विस सिर्फ मौजूदा राष्ट्रपति ही नहीं, बल्कि उनके परिवार की सुरक्षा भी सुनिश्चित करती है. इसके अलावा उपराष्ट्रपति और उनके परिवार की सुरक्षा भी इसी एजेंसी के पास होती है. पूर्व राष्ट्रपति और उनके परिवार की सुरक्षा का जिम्मा भी सीक्रेट सर्विस ही संभालती है.
करीब 8,000 लोगों की बड़ी टीम
सीक्रेट सर्विस के पास एक विशाल और प्रशिक्षित टीम होती है. इसमें लगभग 3,200 स्पेशल एजेंट, 1,300 वर्दीधारी डिवीजन अधिकारी और 2,000 से ज्यादा तकनीकी व प्रशासनिक स्टाफ शामिल हैं. कुल मिलाकर इस एजेंसी में करीब 8,000 लोग काम करते हैं, जो हर समय सुरक्षा और खुफिया निगरानी में लगे रहते हैं.
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तीन लेयर की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था
अमेरिकी राष्ट्रपति की सुरक्षा के लिए सीक्रेट सर्विस तीन स्तर (लेयर) का सिक्योरिटी प्लान तैयार करती है. पहली लेयर में राष्ट्रपति के सबसे नजदीक रहने वाले प्रोटेक्टिव डिविजन के एजेंट होते हैं. दूसरी लेयर में सीक्रेट सर्विस के अन्य एजेंट तैनात रहते हैं, जबकि तीसरी लेयर में स्थानीय पुलिस और अन्य सुरक्षा बल शामिल होते हैं.
ट्रंप की सुरक्षा में तैनात सैकड़ों एजेंट
बताया जाता है कि राष्ट्रपति ट्रंप की सुरक्षा में लगभग 300 सीक्रेट सर्विस एजेंट तैनात रहते हैं. ये एजेंट 24 घंटे उनकी हर गतिविधि पर नजर रखते हैं और किसी भी संभावित खतरे को पहले ही भांपकर उसे नाकाम करने की क्षमता रखते हैं.






















