बांग्लादेश में फिर से तख्तापलट की साजिश! वकर-उज-जमान को लगी भनक तो पाकिस्तान के करीबी के खिलाफ उठाया ये कदम
Bangladesh Tension: जमात समर्थक लेफ्टिनेंट जनरल फैजुर रहमान ने बांग्लादेश के सेना प्रमुख की जानकारी के बिना कई बैठकें बुलाईं. मामले में सख्त कदम उठाए गए हैं.

Bangladesh Politics: बांग्लादेश में शेख हसीना का तख्तापलट होने के बाद उथल-पुथल जारी है. पड़ोसी देश में एक बार फिर तख्तापलट की तैयारी चल रही थी और इसी के चलते पाकिस्तान से करीबी संबंध रखने वाले एक सीनियर सैन्य अधिकारी को निगरानी में रखा गया है. उन पर तख्तापलट की कोशिश करने का आरोप लगा है.
इंडिया टुडे ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि सेना प्रमुख वकर-उज-जमान को उनके पद से हटाने की कोशिश की जा रही थी और इस बात की भनक उन्हें लग गई, जिसके बाद उन्होंने ये आदेश दिया. इस साजिश का आरोप क्वार्टर मास्टर जनरल (क्यूएमजी) लेफ्टिनेंट जनरल फैजुर रहमान पर लगा है. यह कदम तब उठाया गया है जब सेना प्रमुख के सचिवालय को इस बात की जानकारी दी गई थी कि जमात समर्थक लेफ्टिनेंट जनरल फैजुर रहमान की ओर से बिना बताए बैठकें बुलाई जा रही हैं.
कब और क्यों बुलाई गई बैठकें?
सूत्रों ने बताया कि डिवीजनल कमांडरों के साथ ये बैठकें बांग्लादेश सेना के कार्यवाहक प्रमुख के खिलाफ समर्थन जुटाने के लिए बुलाई गई थीं. हालांकि, उन्हें पर्याप्त समर्थन नहीं मिल पाया. लेफ्टिनेंट जनरल फैजुर रहमान ने मार्च के पहले सप्ताह में प्रमुख डिवीजनल कमांडरों (जीओसी) की बैठक बुलाई थी. सेना प्रमुख के सचिवालय को इस बैठक के बारे में पता चल गया और शीर्ष अधिकारियों को चेतावनी जारी कर दी गई. इसके बाद, शीर्ष अधिकारियों ने इस महत्वपूर्ण बैठक से खुद को अलग कर लिया. 2025 के पहले दो महीनों में लेफ्टिनेंट जनरल फैजुर रहमान ने जमात नेताओं और पाकिस्तानी राजनयिकों के साथ कई बैठकें कीं. बांग्लादेश के सेना प्रमुख को इन बैठकों के बारे में पता चला, जिसके बाद वे सतर्क हो गए और इसके बाद उनको निगरानी में रखा गया.
बांग्लादेश में बेकाबू होते हालात
यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब बांग्लादेश में पिछले कुछ महीनों में हिंसा, बर्बरता और दंगों की घटनाएं लगातार देखी गई और देश में फिर से अशांति देखी जा रही है. विरोध प्रदर्शनों के दौरान शेख हसीना के परिवार से जुड़ी संपत्तियों की तोड़-फोड़ की गई, जिसमें उनके पिता शेख मुजीबुर रहमान का ढाका स्थित घर भी शामिल है. पिछले महीने सेना प्रमुख जनरल वकर-उज-जमान ने कहा था कि देश में तेजी से बिगड़ती कानून व्यवस्था के पीछे राजनीतिक उथल-पुथल है.
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Source: IOCL






















