पाकिस्तान का झूठ दुनियाभर में होगा बेनकाब, विदेशों में सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल भेजेगी भारत सरकार
Pakistan Fake Narrative On Operation Sindoor: ऑपरेशन सिंदूर को लेकर पाकिस्तान ने जमकर फेक नेरेटिव चलाया. विदेशों में इस झूठ को बेनकाब करने के लिए मोदी सरकार ने मल्टी पार्टी डेलिकेशन तैयार किया है.

Multi Party Delegation: पिछले महीने पहलगाम आतंकी हमले और पिछले सप्ताह पाकिस्तान के साथ सैन्य संघर्ष के बाद आतंकवाद पर भारत के रुख को बताने के लिए केंद्र सरकार ने मल्टी-पार्टी डेलिगेशन विदेशों में भेजने का फैसला किया है. एक कूटनीतिक कार्यक्रम के तहत सरकार ने देश के अलग-अलग राजनीतिक दलों से बात करके ये निर्णय लिया.
मिडिल ईस्ट के देशों में जाने वाले प्रतिनिधिमंडल में बीजेपी सांसद समिक भट्टाचार्य भी शामिल होंगे. शशि थरूर के नेतृत्व में सांसदों का प्रतिनिधिमंडल ब्रिटेन और अमेरिका जाएगा. सरकार अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के सामने पाकिस्तानी फेक नैरेटिव को उजागर करने के लिए कई देशों के सांसदों के संपर्क में है. सूत्रों के मुताबिक, ये नेता अलग-अलग डेलीगेशन में विदेश जाएंगे.
किस दल के कौन से नेता को चुना गया?
सरकार ने कांग्रेस से शशि थरूर और मनीष तिवारी, बीजेपी से अनुराग ठाकुर, समिक भट्टाचार्य और डी पुरंदेश्वरी शिंदे वाली शिवसेना से श्रीकांत शिंदे, शरद पवार वाली एनसीपी से सुप्रिया सुले, बीजेडी से सस्मित पात्रा और उद्धव ठाकरे वाली शिवसेना से प्रियंका चतुर्वेदी को इस डेलिगेशन के लिए चुना है.
इसके अलावा सरकार ने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी), द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सहित कई अन्य विपक्षी दलों को केंद्र सरकार ने इस प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा बनने के लिए कहा है. इनको कई ग्रुप में बांटा जाएगा और अगले हफ्ते से ये दौरा शुरू होगा.
कांग्रेस ने की पुष्टि
कांग्रेस ने एक बयान में पुष्टि की है कि उसे केंद्र सरकार से निमंत्रण मिला है और कहा है कि पार्टी हमेशा सर्वोच्च राष्ट्रीय हित में रुख अपनाती है और कभी भी राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों का राजनीतिकरण नहीं करती है और वह इन प्रतिनिधिमंडलों का हिस्सा होगी.
यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार दावा कर रहे हैं कि उन्होंने भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध विराम में मध्यस्थता की थी, जिससे ऑपरेशन सिंदूर के बाद चार दिनों से चल रहा सैन्य गतिरोध खत्म हो गया, जिस पर विपक्षी दलों ने सवाल उठाए हैं.
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL























