BRICS Summit के लिए तैयार भारत, विदेश मंत्रालय ने बताया क्या है थीम?
ब्रिक्स समिट थीम को लेकर विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह प्रधानमंत्री मोदी के उस दृष्टिकोण को प्रतिबिंबित करता है, जिसमें मानवता सर्वोपरि की भावना पर आधारित जन-केंद्रित दृष्टिकोण पर जोर दिया गया है.

ब्रिक्स समिट 2026 के लिए विदेश मंत्रालय ने आधिकारिक ऐलान किया है. विदेश मंत्रालय ने कहा कि अध्यक्ष के रूप में भारत 12–13 सितंबर 2026 को नई दिल्ली के भारत मंडपम में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा. इस शिखर सम्मेलन में ब्रिक्स के सदस्य और साझेदार देशों के नेताओं के साथ-साथ आउटरीच के लिए आमंत्रित देशों के नेता भी शामिल होंगे.
विदेश मंत्रालय ने कहा कि इस साल भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता का थीम “Resillence, इनोवेशन, सहयोग और स्थिरता के लिए निर्माण” है. यह प्रधानमंत्री मोदी के उस दृष्टिकोण को प्रतिबिंबित करता है, जिसमें “मानवता सर्वोपरि” की भावना पर आधारित जन-केंद्रित दृष्टिकोण पर जोर दिया गया है.
मंत्रालय ने कहा, ''ब्रिक्स के नेता साझा प्राथमिकताओं पर ब्रिक्स के भीतर सहयोग को मजबूत करने तथा पारस्परिक महत्व के वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर अपने दृष्टिकोण साझा करने के लिए विचार-विमर्श करेंगे.''
350 से अधिक बैठकें आयोजित
इस वर्ष भारत की अध्यक्षता में ब्रिक्स की रणनीतिक साझेदारी को 3 मूलभूत स्तंभों- राजनीतिक एवं सुरक्षा, आर्थिक एवं वित्तीय तथा सांस्कृतिक एवं जन-से-जन आदान-प्रदान के तहत और मजबूत करने के लिए पूरे भारत के 25 से अधिक शहरों में 350 से अधिक बैठकें और उच्चस्तरीय कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं.
इन बैठकों के माध्यम से भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता ने व्यावहारिक और विकासोन्मुखी परिणामों के जरिए ब्रिक्स सहयोग को आगे बढ़ाने में योगदान दिया है.
भारत ब्रिक्स का संस्थापक सदस्य है और इससे पहले 2012, 2016 और 2021 में 3 बार ब्रिक्स की अध्यक्षता कर चुका है. भारत ने 1 जनवरी 2026 को चौथी बार ब्रिक्स की अध्यक्षता संभाली. वर्ष 2026 एक महत्वपूर्ण पड़ाव भी है, क्योंकि इसी वर्ष ब्रिक्स की स्थापना के 20 वर्ष पूरे हो रहे हैं.
दिग्गजों का लगेगा जमावड़ा
BRICS समिट में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीन के प्रेसिडेंट शी जिनपिंग और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान के आने की उम्मीद है. UAE के प्रेसिडेंट शेख मोहम्मद बिन ज़ायद अल नाहयान की जगह अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान समिट में आ सकते हैं. मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव के बीच ये समिट काफी खास रहने वाला है.
BRICS में भारत, ब्राजील, चीन, मिस्र, इथियोपिया, भारत, इंडोनेशिया, ईरान, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका और संयुक्त अरब अमीरात शामिल है. समिट में फोकस ग्लोबल और रीजनल महत्व वाले मुद्दों और ग्लोबल पॉलिटिकल और इकोनॉमिक गवर्नेंस के मुद्दों पर सलाह-मशविरा करना रहता है.




















