एक्सप्लोरर

Significance of Copper Utensils: पूजा-पाठ या अन्य मांगलिक कार्यों में होता है तांबे के बर्तन का उपयोग, जानिए इसकी वजह

Puja me Tambe ka Mahatva: क्या कभी आपने सोचा कि आखिर पूजा-पाठ में सिर्फ तांबे के बर्तनों का ही प्रयोग ही क्यों होता है? किसी अन्य धातुओं के बने बर्तनों का क्यों नहीं? चलिए जानते हैं क्या है वजह.

Significance of Copper Utensils: हिंदू धर्म में पूजा-पाठ के समय अक्सर तांबे के बर्तन का प्रयोग किया जाता है. कहा जाता है कि तांबे के बर्तन पूरी तरह से शुद्ध होते हैं. इन बर्तनों को बनाने में किसी प्रकार की अन्य धातु का इस्तेमाल नहीं किया जाता है. इसलिए यह पूरी तरह से शुद्ध होते हैं. तांबे (Copper) के बर्तनों का इस्तेमाल क्यों किया जाता हैं इसके पीछे दो कारण बताए गए हैं. इसमें से एक तो पौराणिक कारण है, जिसका वर्णन शास्त्रों में किया गया है. वहीं दूसरा कारण वैज्ञानिक पक्ष से जुड़ा हुआ है. विज्ञान भी इस बात को मानता है कि तांबे के बर्तन के उपयोग से कई प्रकार की बीमारियां ठीक होती हैं.

पौराणिक कारण ( Mythological Reasons)
वराह पुराण के मुताबिक प्राचीन समय में गुडाकेश नाम का एक राक्षस हुआ करता था. राक्षस होने के बावजूद वह भगवान श्री विष्णु का अनन्य भक्त था. भगवान को प्रसन्न करने के लिए वह घोर तपस्या भी करता था. एक बार राक्षस की कठिन तपस्या से प्रसन्न होकर श्री नारायण ने प्रकट होकर उसे वरदान मांगने को कहा, तब राक्षस गुडाकेश ने वरदान में मांगा कि हे प्रभु मेरी मृत्यु आपके सुदर्शन चक्र से ही हो. मृत्यु के बाद मेरा पूरा शरीर तांबे का हो जाये और वह तांबा अत्यंत पवित्र धातु बन जाए. फिर उसी तांबे के कुछ पात्र बन जाए जिनका उपयोग आपकी पूजा में हमेशा होता रहे एवं जो भी इन पात्रों का उपयोग आपकी पूजा में करें, उनके ऊपर आपकी कृपा बनी रहे.राक्षस गुडाकेश के द्वारा मांगे गये वरदान से भगवान विष्णु बहुत प्रसन्न हो  सुदर्शन चक्र से राक्षक के शरीर के कई टुकड़े कर दिए, जिसके बाद गुडाकेश के मांस से तांबा, रक्त से सोना, हड्डियों से चांदी आदि पवित्र धातुओं का निर्माण हुआ, यही वजह है कि भगवान की पूजा के लिए हमेशा तांबे के बर्तनों का ही प्रयोग किया जाता है.

वैज्ञानिक मान्यता
वैज्ञानिक शोधों में भी तांबे के स्वास्थ्य गुणों को प्रमाणित किया जा चुका है। तांबे में रोगाणुरोधी, एंटीऑक्सीडेंट, एंटी-कार्सिनोजेनिक जैसे कई आवश्यक खनिज मौजूद होते है जो सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होते हैं।

पूजा में क्यों नहीं होता अन्य बर्तनों का इस्तेमाल
पूजा में स्टील, लोहा या फिर एल्युमिनियम के बर्तनों का इस्तेमाल इसलिए नहीं होता क्योंकि ये काफी अशुभ माने जाते हैं. तांबे के अलावा सोने, चांदी, या पीतल के बर्तन से जलाभिषेक करना शुद्ध माना जाता है. 

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

ये भी पढ़ें:

Ganesh Puja And Mantra on Wednesday : बुधवार के द‍िन इन मंत्रों से करें गणपति बप्‍पा को प्रसन्न, कभी नहीं आएगी परेशानियां

Jyeshta Month 2022 : ज्येष्ठ मास का शुक्ल पक्ष आज से शुरू, इन 5 कामों को भूलकर भी न करें, नाराज हो सकती हैं लक्ष्मी जी

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Meen Weekly Rashifal 26 Jul-1 Aug: प्रमोशन, रचनात्मक सफलता और रिश्तों में बढ़ेगा प्यार
प्रमोशन, रचनात्मक सफलता और रिश्तों में बढ़ेगा प्यार
Makar Weekly Rashifal 26 Jul-1 Aug: करियर में स्थिरता, जिम्मेदारियां बनेंगी सफलता की राह
करियर में स्थिरता, जिम्मेदारियां बनेंगी सफलता की राह
Kumbh Weekly Rashifal 26 Jul-1 Aug: टेक्नोलॉजी और करियर में खुलेंगे सफलता के नए द्वार
टेक्नोलॉजी और करियर में खुलेंगे सफलता के नए द्वार
Dhanu Weekly Rashifal 26 Jul-1 Aug: नई नौकरी और विदेश से जुड़े सुनहरे अवसर मिलेंगे
नई नौकरी और विदेश से जुड़े सुनहरे अवसर मिलेंगे

वीडियोज

Sansani|Strange Marriage Video:एक दूल्हा और 3 सगी बहनें! रील बनाने वाली बहनों ने कैमरामैन से रचाई शादी!
Salman Khan का नया पोस्ट बना चर्चा का विषय,
Saanvie Tallwar ने Karan Kundrra पर लगाया थप्पड़ और बिना सहमति Kiss का आरोप, सालों बाद बड़ा खुलासा
Ishqnama Review: Shehnaaz Gill और Jai Randhhawa की दिल छू लेने वाली लव स्टोरी
The India Story Review: खाने और सेहत पर बड़ा सवाल उठाती Shreyas Talpade की फिल्म

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
Exclusive: पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की क्यों हुई हार? प्रशांत का बड़ा बयान, कहा- 'क्योंकि दीदी को...'
पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की क्यों हुई हार? प्रशांत का बड़ा बयान, कहा- 'क्योंकि दीदी को...'
'नौल' का कहर: चीन में रेड अलर्ट, तूफान से पहले थमी रफ्तार; 410 उड़ानें और 150 ट्रेनें रद्द
'नौल' का कहर: चीन में रेड अलर्ट, तूफान से पहले थमी रफ्तार; 410 उड़ानें और 150 ट्रेनें रद्द
IND vs ZIM 3rd T20 Playing 11: बदल जाएगी भारत की प्लेइंग 11, तीसरे T20 में ये बदलाव संभव
बदल जाएगी भारत की प्लेइंग 11, ZIM के खिलाफ तीसरे T20 में ये बदलाव संभव
काम हाथ से न चला जाए इस डर से छुपा कर रखा स्टेज 3 कैंसर, झेली पैसे की तंगी, एक्ट्रेस शगुफ्ता अली ने सुनाई आपबीती
काम हाथ से न चला जाए इस डर से छुपा कर रखा स्टेज 3 कैंसर, झेली पैसे की तंगी, एक्ट्रेस शगुफ्ता अली ने सुनाई आपबीती
'अगर अखिलेश यादव कुर्सी पर बैठेगा तो...', मुरादाबाद की जनसभा में सपा पर बरसे AIMIM चीफ ओवैसी
'अगर अखिलेश यादव कुर्सी पर बैठेगा तो...', मुरादाबाद की जनसभा में सपा पर बरसे AIMIM चीफ ओवैसी
लाल सागर में तनाव बरकरार, हूतियों ने सऊदी तेल टैंकर को बनाया निशाना, जहाजों पर भी मंडरा रहा खतरा
लाल सागर में तनाव बरकरार, हूतियों ने सऊदी तेल टैंकर को बनाया निशाना, जहाजों पर भी मंडरा रहा खतरा
देश में बढ़ीं MBBS सीटें, लेकिन 778 लोगों पर एक ही डॉक्टर
देश में बढ़ीं MBBS सीटें, लेकिन 778 लोगों पर एक ही डॉक्टर
सेकेंड हैंड कार खरीदने से पहले ये चीजें चेक करना बेहद जरूरी
सेकेंड हैंड कार खरीदने से पहले ये चीजें चेक करना बेहद जरूरी
Embed widget