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अगर इंटरनेशनल फ्लाइट के अंदर हो जाए बच्चे का जन्म तो कौन सा देश देगा नागरिकता, क्या है नियम?

Citizenship For Child Born In Flight: हर देश अपने हिसाब से नागरिकता तय करता है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि प्लेन में जन्म लेने वाले बच्चे की नागरिकता कैसे तय होती है और इसको लेकर क्या नियम हैं.

नागरिकता के लिए हर देश में अपने अलग कानून होते हैं. भारत में इसके लिए अलग कानून है, तो वहीं अमेरिका का अपना कानून है. भारत में किसी बच्चे की नागरिकता का नियम उसके मां-बाप पर निर्भर करता है. अगर मां-बाप भारतीय हैं तो बच्चा कहीं भी पैदा हुआ हो, वह भारतीय ही माना जाएगा. हालांकि कुछ ऐसे देश भी हैं, जहां अगर उनकी धरती पर किसी बच्चे का जन्म हुआ है तो वह उस देश का नागरिक कहलाता है. 

फ्लाइट में कैसे तय होगी नागरिकता

अगर आप सोचें कि आप भारतीय हैं और आपका बच्चा अमेरिका या कनाडा में पैदा हो गया हो तो उसे बगैर किसी शर्त के वहां की ही नागरिकता मिलती है. लेकिन इजराइल ऐसा देश है जो कि धर्म के आधार पर नागरिकता देता है. इजराइल का नियम है कि अगर आप कहीं भी पैदा हुए हैं, लेकिन आप यहूदी हैं तो आपको इजराइल का नागरिक ही माना जाएगा. दुनिया में सिर्फ इजराइल की इस तरीके से नागरिकता देता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आप विदेश जा रहे हों और फ्लाइट में हों और आपके बच्चे का जन्म हो जाए तो उसे कहां की नागरिकता मिलेगी. आइए आज इसी सवाल का जवाब खोजते हैं. 

नागरिकता के नियम

अगर किसी बच्चे का जन्म इंटरनेशनल फ्लाइट में हुआ हो तो उसकी नागरिकता कुछ बातों पर निर्भर करती है, जैसे कि प्लेन उस वक्त कहां पर था. प्लेन किस देश में रजिस्टर्ड है और उस बच्चे के माता पिता किस देश के नागरिक हैं. दरअसल दुनिया में नागरिकता तय करने के दो प्रमुख नियम हैं. पहला है जन्म के आधार पर नागरिकता. यानि कि किसी बच्चे का जन्म जिस देश में हुआ है, उसे वहां की नागरिकता मिल जाएगी, भले ही उसके मां-बाप किसी और देश के नागरिक होंं.

कैसे तय होती है नागरिकता

दूसरा नियम होता है माता-पिता की नागरिकता के आधार पर सिटीजनशिप मिलना. इस नियम के अनुसार बच्चे का जन्म कहीं पर भी हुआ हो, उसके माता-पिता जहां के नागरिक हैं, उसे उसी देश का माना जाएगा. अब फ्लाइट में जन्मे बच्चे की बात करें तो अगर बच्चा किसी देश के एयरस्पेस में जन्म लेता है तो वह देश उसको अपने कानून के आधार पर नागरिकता दे सकता है. जैसे अमेरिका में यह नियम है कि वह अपने देश के हवाई क्षेत्र में जन्मे बच्चे को वहां की नागरिकता देता है. 

कैसे तय होता है बर्थ प्लेस

अगर प्लेन किसी देश के एयरस्पेस में न होकर समुद्र या फिर खुले आकाश में है तो यहां नागरिकता तय करने में थोड़ी मुश्किल आती है. ऐसी परिस्थिति में आमतौर पर यह देखा जाता है कि फ्लाइट किस देश में रजिस्टर्ड है. ऐसे में बर्थ प्लेस तय करना मुश्किल होता है. ऐसी परिस्थिति में अमेरिका का फॉरेन डिपार्टमेंट बच्चों के पासपोर्ट या फिर बर्थ सर्टिफिकेट में जन्म स्थान हवा में या समुद्र में जैसी चीजें दर्ज करता है. 

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