एक्सप्लोरर

Keir Starmer Resignation: ब्रिटेन में राजा ज्यादा ताकतवर है या प्रधानमंत्री, जानें किसके इशारे पर चलता है देश

Keir Starmer Resignation: ब्रिटेन के प्रधानमंत्री के इस्तीफे के बाद ब्रिटेन की राजनीतिक व्यवस्था को लेकर चर्चाएं बढ़ चुकी हैं. आइए जानते हैं कि प्रधानमंत्री और राजा में से किसकी ताकत ज्यादा है.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • ब्रिटेन संवैधानिक राजतंत्र है, राजा राष्ट्र का प्रतीकात्मक प्रमुख होता है।
  • प्रधानमंत्री सरकार का नेता होता है, देश वही चलाता है।
  • सभी बड़े फैसले प्रधानमंत्री और मंत्रिमंडल द्वारा ही लिए जाते हैं।
  • राजा के पास नाममात्र की शक्तियाँ हैं, लोकतांत्रिक परंपराएँ प्रभावी हैं।

Keir Starmer Resignation: ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने लेबर पार्टी के अंदर बढ़ते असंतोष का हवाला देते हुए 22 जून को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. उनके इस्तीफे के बाद ब्रिटेन की राजनीतिक व्यवस्था और सम्राट और प्रधानमंत्री के बीच शक्ति संतुलन पर चर्चा तेज हो गई है. आइए जानते हैं कि ब्रिटेन में राजा ज्यादा ताकतवर होता है या फिर प्रधानमंत्री.

संवैधानिक राजतंत्र क्या है? 

ब्रिटेन की राजनीतिक व्यवस्था को संवैधानिक राजतंत्र के रूप में पहचाना जाता है. इस व्यवस्था के तहत सम्राट यानी राजा राष्ट्र का एक सिंबॉलिक हेड बना रहता है. इसी के साथ निर्वाचित प्रतिनिधि सरकारी मामलों को देखते हैं. संविधान और लंबे समय से स्थापित परंपराएं राजा की शक्तियों को सीमित कर देती हैं. यही वजह है कि सम्राट आजादी से कानून नहीं बनाता, नीतियों को निर्धारित नहीं करता और साथ ही देश पर राज नहीं करता. 

राजा की भूमिका 

ब्रिटिश राजा कई जरूरी संवैधानिक और औपचारिक कर्तव्यों का पालन करता है. लेकिन दिन प्रतिदिन के शासन को कंट्रोल नहीं करता. राजा राष्ट्रीय एकता, परंपरा और निरंतर को लीड करता है. वह राजकीय समारोहों में भाग लेता है, विदेशी नेताओं का स्वागत करता है और राष्ट्र की तरफ से प्रतीकात्मक संवैधानिक काम करता है. 

सरकारी सलाह पर काम 

हालांकि कई आधिकारिक शक्तियों को औपचारिक रूप से इस्तेमाल राजा के नाम पर ही किया जाता है, लेकिन ये काम सिर्फ प्रधानमंत्री और मंत्रिमंडल की सलाह पर ही किए जाते हैं. राजा आजादी से राजनीतिक फैसले नहीं ले सकता.

कानून को शाही मंजूरी 

संसद द्वारा पारित हर विधेयक को कानून बनाने से पहले शाही सहमति की जरूरत होती है. हालांकि आधुनिक संवैधानिक परंपराएं सम्राट को निर्वाचित सांसदों द्वारा पारित कानून को मंजूरी देने से इनकार करने से रोकते हैं. 

क्या हैं प्रधानमंत्री की शक्तियां? 

प्रधानमंत्री सरकार का नेता और देश चलाने के लिए जिम्मेदार व्यक्ति होता है. ब्रिटेन को प्रभावित करने वाले ज्यादातर बड़े फैसले प्रधानमंत्री और मंत्रिमंडल द्वारा ही लिए जाते हैं.

प्रधानमंत्री सरकार के विधायी एजेंडा को लीड करते हैं, नीतियों का प्रस्ताव करते हैं और संसद द्वारा पारित कानून के कार्यान्वयन की निगरानी करते हैं. 

यह भी पढ़ेंः सूरत कोचिंग कांड से अलीगंज के कोचिंग सेंटर तक, देश के इन कोचिंग सेंटरों में जान गंवा चुके बच्चे

राष्ट्रीय प्रशासन पर कंट्रोल 

टैक्स से संबंधित, सार्वजनिक व्यय, कल्याण कार्यक्रम, आर्थिक नीति, स्वास्थ्य देखभाल, शिक्षा और राष्ट्रीय बुनियादी ढांचे से जुड़े फैसले प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली निर्वाचित सरकार द्वारा किए जाते हैं. 

इसी के साथ प्रधानमंत्री ब्रिटेन की विदेश नीति को भी निर्देशित करते हैं. साथ ही अंतरराष्ट्रीय समझौता पर बातचीत करते हैं और बड़े वैश्विक मंच और राजनयिक चर्चाओं में देश को लीड करते हैं.

सैन्य शक्ति 

तकनीकी रूप से ब्रिटेन की सेना राजा के नाम पर काम करती है. लेकिन व्यावहारिक अधिकार निर्वाचित सरकार के पास होता है. सैन्य अभियान, रक्षा व्यय, सेवा की तैनाती और राष्ट्रीय सुरक्षा नीति के संबंध में फैसले राजा के बजाय प्रधानमंत्री और मंत्रिमंडल द्वारा ही किए जाते हैं. 

क्या राजा प्रधानमंत्री को बर्खास्त कर सकता है? 

सिद्धांत रूप से कुछ संवैधानिक शक्तियां राजा के पास रहती हैं. हालांकि व्यवहार में ये शक्तियां लोकतांत्रिक परंपराओं द्वारा शासित होती हैं. राजा से यह उम्मीद की जाती है कि वह उस व्यक्ति को प्रधानमंत्री के रूप में नियुक्त करेगा जिसके पास हाउस ऑफ कॉमन्स में बहुमत है.

यह भी पढ़ेंः इस्तीफा देने के बाद ब्रिटेन के पीएम को कितनी मिलती है पेंशन, जानें क्या हैं नियम?

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

F35 Fighter Jet: आसमान का सिकंदर F-35, इसके तीनों वेरिएंट्स में क्या अंतर और यह क्यों है इतना घातक?
आसमान का सिकंदर F-35, इसके तीनों वेरिएंट्स में क्या अंतर और यह क्यों है इतना घातक?
Salary Word Origin: कभी पैसों की जगह सैलरी में मिलता था 'नमक'! जानिए कैसे पड़ा आपकी तनख्वाह का नाम 'सैलरी'?
कभी पैसों की जगह सैलरी में मिलता था 'नमक'! जानिए कैसे पड़ा आपकी तनख्वाह का नाम 'सैलरी'?
इंडोनेशिया और मोनाको के एक जैसे क्यों हैं झंडे, क्या है दोनों देशों के बीच विवाद की जड़?
इंडोनेशिया और मोनाको के एक जैसे क्यों हैं झंडे, क्या है दोनों देशों के बीच विवाद की जड़?
Monsoon Word Origin: कहां से आया मानसून शब्द? जानिए किसने पहली बार इसे कहा था, क्या है इसका इतिहास?
कहां से आया मानसून शब्द? जानिए किसने पहली बार इसे कहा था, क्या है इसका इतिहास?
Advertisement

वीडियोज

Mumbai Rains: हर तरफ से 'कटा', मुंबई बना टापू! |ABPLIVE
Sansani: ट्रेन के आरक्षित डिब्बे में चलता-फिरता जंगल? | Nagpur
Breaking | Wayanad Landslide | Kerala: वायनाड में पहाड़ से उतरी तबाही! | Rain Alert | ABP News
Ram Mandir Chori Update | Janhit: चंपत ने बताया..चढ़ावा किसने चुराया? | UP News | Ayodhya | SIT
Rain Fury : मानसून की मार,सैलाब ही सैलाब!| Mumbai Weather Red Alert | Flood News | Delhi | China
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
E20 पेट्रोल पर abp न्यूज़ की पड़ताल, सरकार की खुद की रिपोर्ट में गाड़ियों के पुर्जे बदलने की सलाह
E20 पेट्रोल पर abp न्यूज़ की पड़ताल, सरकार की खुद की रिपोर्ट में गाड़ियों के पुर्जे बदलने की सलाह
Gurugram Rains: भारी बारिश के बीच गुरुग्राम पानी-पानी, लोगों को WFH की सलाह, कहीं धंसी सड़कें तो कहीं फंसीं गाड़ियां
भारी बारिश के बीच गुरुग्राम पानी-पानी, लोगों को WFH की सलाह, कहीं धंसी सड़कें तो कहीं फंसीं गाड़ियां
मेलोनी पर डोनाल्ड ट्रंप के बदले सुर, तुर्किए पहुंचकर की इटली PM की तारीफ, कहा- 'वो मुझे बहुत पसंद, लेकिन...'  
मेलोनी को लेकर ट्रंप के बदले सुर, तुर्किए पहुंचकर की इटली PM की तारीफ, कहा- 'वो मुझे बहुत पसंद, लेकिन...'  
Vaibhav Sooryavanshi: इंग्लैंड के खिलाफ लगातार दो मैच में फेल, क्या टीम से बाहर होंगे वैभव सूर्यवंशी?
Vaibhav Sooryavanshi: लगातार दो मैच में फेल, क्या टीम से बाहर होंगे वैभव सूर्यवंशी?
'भाग सकते हैं, छिप नहीं सकते', जम्मू कश्मीर के शोपियां में मारा गया लश्कर कमांडर जाकिर गनी, सुरक्षाबलों को मिली बड़ी कामयाबी
'भाग सकते हैं, छिप नहीं सकते', जम्मू कश्मीर के शोपियां में मारा गया लश्कर कमांडर जाकिर गनी
अंशुला-रोहन के वेडिंग रिसेप्शन में उमड़े बॉलीवुड सितारे, गोल्डन कलर की कांजीवरम साड़ी और मांग टीका लगाए रेखा ने लूटी महफिल
अंशुला-रोहन के वेडिंग रिसेप्शन में उमड़े बॉलीवुड सितारे, गोल्डन कलर की कांजीवरम साड़ी में रेखा ने लूटी महफिल
Explained: अब गैर-मुस्लिम से शादी के लिए वक्फ की इजाजत जरूरी! क्या बोर्ड में 2 हिंदुओं को शामिल करने की यही वजह?
गैर-मुस्लिम से शादी के लिए वक्फ की इजाजत जरूरी! क्या बोर्ड में 2 हिंदुओं को जोड़ने की यही वजह?
अपने खेत में ऐसे शुरू करें काले गेहूं की खेती, जमकर होगी पैसों की बारिश
अपने खेत में ऐसे शुरू करें काले गेहूं की खेती, जमकर होगी पैसों की बारिश
Embed widget